बैंक मैनेजर के बहनोई ने की थी शिखा व बच्चे की हत्या

हत्यारोपी को गिरफ्तार कर पुलिस ने किया दोहरे हत्याकांड का खुलासा। पकड़े जाने के डर से साथी ने की गोली मारकर आत्महत्या।

बिजनौर/मेरठ। जनपद बिजनौर के जलीलपुर ब्लॉक स्थित पंजाब नेशनल बैंक के मैनेजर संदीप कुमार के बहनोई ने अपने साथी के साथ मिलकर गर्भवती शिखा व उसके 5 वर्षीय बेटे की हत्या की थी। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसके साथी रिश्तेदार ने पकड़े जाने के डर से गोली मारकर आत्महत्या कर ली।

एसएसपी रोहित सिंह सजवाण, एसपी क्राइम अनित कुमार और एसपी देहात केशव कुमार ने पुलिस लाइन में प्रेस वार्ता कर दोहरे हत्याकांड का खुलासा किया। एसएसपी ने बताया कि हस्तिनापुर में बैंक मैनेजर संदीप के बहनोई हरीश ने अपने रिश्तेदार के साथ मिलकर उसकी गर्भवती पत्नी शिखा और 5 साल के बेटे रूकांश की हत्या को अंजाम दिया था। हरीश नोएडा के सेक्टर-51 में होशियारपुर की गली नंबर दो में रहता है और कैब चलाता है। पूछताछ में खुलासा हुआ कि संदीप के भाई की शादी समारोह के दौरान चोरी की घटना हुई थी। चोरी का आरोप हरीश पर लगाया गया था। संदीप द्वारा हरीश को चोर कहने को लेकर वह रंजिश रखता था। इसी के चलते उसने अपने साले समेत पूरे परिवार की हत्या की साजिश रची। वारदात को अंजाम देने के लिए हरीश ने पिलखुवा के अहमदपुर नया गांव निवासी अपने रिश्तेदार रवि को साथ मिलाया था। इसके बाद दोनों ने हत्या को अंजाम दिया और घर से नगदी जेवर लूटकर फरार हो गए थे। पुलिस ने हरीश को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों ने शिखा की स्कूटी को गाजियाबाद में निवाड़ी के पास नहर में फेंक दिया था, जो बरामद कर ली गई है।

फाइल फोटो।

दूसरे आरोपी ने की गोली मारकर आत्महत्या- हत्याकांड में शामिल रहे रवि ने पकड़े जाने के डर से अपने ही गांव के जंगल में खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। गुरुवार की सुबह रवि का गोली लगा शव पिलखुवा के जंगल में ट्यूबवेल के पास मिला। पुलिस के अनुसार, रवि ने आत्महत्या करने से पहले अपने भाई कहर सिंह को बताया कि उसने बड़ा अपराध कर दिया है, अब उसे आत्मग्लानि हो रही है। रवि के शव के पास से तमंचा बरामद हुआ है।

फाइल फोटो।

घटना कब हुई- सोमवार दोपहर 12:30 बजे बैंक मैनेजर संदीप की पत्नी शिखा अपने बेटे रूकांश को स्कूल से लेकर घर पर आईं थी। इसी दौरान हरीश पिलखुवा के अहमदपुर नया गांव निवासी बहनोई शेर सिंह के चचेरे भाई रवि के साथ संदीप के घर पहुंच गया। वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों शिखा की स्कूटी से नोएडा भाग गए। शिखा के पिता श्रीपाल व पति संदीप ने हरीश पर हत्या का शक जताया था। पुलिस ने हरीश को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उसने सब कुछ उगल दिया। वहीं पोस्टमार्टम में शिखा के गर्भ से बच्चा पूरा निकला है। डाक्टरों का कहना है कि बच्चा पूरा हो चुका था, जल्द ही डिलीवरी होने वाली थी। उससे साफ है कि आरोपियों ने तीन हत्याएं कीं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद पुलिस ने अपने रिकार्ड में भी तीन हत्याएं दर्ज की हैं।

शिखा को मैसेज भेजने वाला KS है कौन?

मेरठ/बिजनौर। चांदपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत जलीलपुर में बैंक मैनेजर संदीप के हस्तिनापुर स्थित घर में उनकी गर्भवती पत्नी शिखा और पांच साल के पुत्र रुपांश की हत्या के मामले में एक महत्वपूर्ण सुराग पुलिस के हाथ लगा है। मृतका शिखा के मोबाइल पर रात 11 बज कर 02 मिनट पर किसी केएस के नाम से एक मैसेज आया। मैसेज में लिखा था कि तुम नहीं मिलोगी न? इसके अलावा दो मैसेज और थे। एसपी देहात का कहना है कि इस नंबर की सीडीआर निकाल कर पता लगाया जाएगा कि “केएस” कौन है ? और उसका इन घटना से क्या संबंध है? यह भी पता चलेगा कि इस नंबर का महिला से क्या नाता था।

छह साल पहले हुई थी शादी- मैनेजर संदीप कुमार की सुबह 9:30 बजे शिखा से फोन पर बात हुई थी। वह सुबह 8:00 बजे घर से चले थे। बैंक में पहुंचने के बाद ही बात हुई। उसके बाद कोई बात नहीं हुई। छह साल पहले उनकी शादी हुई थी। शाम 4:00 बजे संदीप की मां घर पर गई थी, उस समय भी ताला लगा हुआ था। पड़ोसी ने बताया कि दोपहर बाद शिखा को घर के बाहर देखा था। हत्या की जानकारी लगने पर शिखा के मायके वाले भी हस्तिनापुर पहुंच गए।

मेरठ में डबल मर्डर

परिवार की महिलाओं का हाल बुरा- शिखा के पेट में पल रहा गर्भ दुनिया देखने से पहले ही मां के साथ दुनिया से विदा हो गया। यह देख सुनकर परिवार की महिलाओं का रो रोकर बुरा हाल हो गया। वहीं पति संदीप। भी बदहवास हालत में था। उसे उम्मीद नहीं थी कि उसका पूरा परिवार ही खत्म हो जाएगा। उसकी आंख के आंसू रुकने का नाम नहीं ले रहे थे।

मेरठ में डबल मर्डर

कई एंगिल पर हो रही है जांच- शिखा के दोनों मोबाइल घर में टेबल पर रखे थे, जबकि स्कूटी गायब थी। परिजनों का कहना है कि शिखा गर्भवती थी और वह घर से बाहर नहीं जाती थी। किसी करीबी पर ही डकैती व हत्या करने का शक जताया जा रहा है। पुलिस ने कई लोगों से पूछताछ की है। यह भी बताया गया कि घर में बाहर के लोगों की आवाजाही बहुत कम थी। सिर्फ परिचित ही आते थे। इस कारण अंदेशा लगाया जा रहा है कि शिखा से दरवाजा खुलवाया गया।