रेलवे स्टेशन पर जैविक उत्पादों के विक्रय हेतु कैनोपी की स्थापना

जैविक उत्पादों के विक्रय हेतु रेलवे स्टेशन पर कैनोपी की स्थापना। पहले दिन बिका ₹1200 का गुड, आटा, चावल व सरसों के तेल। शीघ्र ही नजीबाबाद रेलवे स्टेशन पर भी लगेगा स्टाल। उतराखण्ड, पंजाब, जम्मू व कश्मीर, पश्चिम बंगाल, बिहार व हरियाणा आदि में हो सकेगा प्रचार प्रसार। जिला कृषि अधिकारी डॉ अवधेश मिश्रा ने दी जानकारी।

बिजनौर। कृषि विभाग द्वारा स्थानीय रेलवे स्टेशन पर जैविक उत्पादों के विक्रय हेतु कैनोपी की स्थापना कराई गई है।

जिला कृषि अधिकारी डॉ अवधेश मिश्रा ने उक्त जानकारी देते हुए बताया कि सीएमआई मुरादाबाद से अनुमति प्राप्त करने के उपरान्त एवं जिलाधिकारी द्वारा दिए गए निर्देशों के क्रम में रेलवे स्टेशन बिजनौर पर कैनोपी के माध्यम से जैविक स्टाल का शुभारम्भ किया गया है। जनपद सहित आसपास के जनपदों के साथ-साथ प्रदेश में व प्रदेश के बाहर अन्य जनपदों में जनपद बिजनौर के जैविक उत्पादों का प्रचार प्रसार हो सके। जैविक स्टॉल पर शुक्रवार को लगभग 1200 रुपए के विभिन्न उत्पाद, जिसमें गुड, आटा, चावल व सरसों के तेल का विक्रय किया गया।

जिला कृषि अधिकारी डॉ अवधेश मिश्रा ने बताया कि नजीबाबाद रेलवे स्टेशन पर भी कैनोपी के माध्यम से जैविक उत्पाद विक्रय हेतु जैविक स्टाल लगाने के लिए सीएमआई मुरादाबाद से अनुमति प्राप्त करने की कार्यवाही चल रही है। शीघ्र ही नजीबाबाद रेलवे स्टेशन पर भी जनपद के कृषकों द्वारा उत्पादित जैविक उत्पादों का कैनोपी के माध्यम से विक्रय कराया जाएगा। इसका उद्देश्य है कि जनपद के जैविक उत्पादों का प्रदेश के बाहर यथा उतराखण्ड, पंजाब, जम्मू व कश्मीर, पश्चिम बंगाल, बिहार व हरियाणा आदि में प्रचार प्रसार हो सके।

उत्पादों की प्रोसेसिंग, पैकेजिंग, ब्रांडिंग एवं विपणन पर ध्यान दें किसान- डीएम

डीएम ने की किसानों से उत्पादों की प्रोसेसिंग, पैकेजिंग, ब्रांडिंग एवं विपणन पर चर्चा। किसानों ने भी दिये महत्वपूर्ण सुझाव। कृषि विकास में पीएनबी अपनी भागीदारी अवश्य सुनिश्चित करेगासर्किल हेड संजीव मक्कड़

बिजनौर। जनपद के अग्रणी/प्रगतिशील एवं नवोन्मेशी कार्य कर रहे कृषकों एवं कृषक उत्पादक संगठनों के साथ परिचर्चा कार्यक्रम का आयोजन जिलाधकारी उमेश मिश्रा की अध्यक्षता में किया गया। परिचर्चा कार्यक्रम में विभिन्न किसानों द्वारा किए जा रहे नवोन्मेशी कार्य के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई, साथ ही यह भी अवगत कराया गया कि हमारे द्वारा तैयार उत्पादों के विपणन में समस्याएं आ रही है और व्यक्तिगत रूप से उत्पादक किसान उत्पादों की प्रोसेसिंग, पैकेजिंग, ब्रांडिंग एवं विपणन करने में सक्षम नहीं है।

कार्यक्रम के दौरान किसानों द्वारा सुझाव दिया गया कि सभी नवोन्मेशी कार्य किसान एक प्लेटफार्म पर आकर आपसी सहयोग एवं समन्वय से तैयार उत्पादों की वैल्यू एडिशन प्रोसेसिंग ग्रेडिंग पैकेजिंग ब्रांडिंग आदि तकनीक को अपनाकर एक दूसरे के उत्पादों का प्रचार प्रसार करते हुए मांग जनरेट करें तथा आपूर्ति एवं विपणन में भी एक दूसरे का सहयोग करें। जिलाधिकारी ने समस्त उपस्थित किसान भाइयों से आह्वान किया कि उपरोक्त समस्या का समाधान क्लस्टर अथवा सामूहिक खेती है और जब हमारे पास कोई भी उत्पाद अधिक मात्रा में होगा तो खरीददार स्वयं हमारे पास आएंगे और दर निर्धारण की हमारी शक्ति भी बढ़ेगी। आप यदि अपने उत्पादों को सीधे ना भेज कर उसकी प्रोसेसिंग व वैल्यू एडिशन करें और साथ ही उसकी अच्छी पैकेजिंग व ब्रांडिंग विपणन करेंगे तो निश्चित रूप से हमें अच्छी व लाभकारी कीमत प्राप्त होगी, परंतु इसके लिए आवश्यक है कि किसानों को एकत्रित होकर क्लस्टर अप्रोच के माध्यम से बड़े क्षेत्र में उत्पाद विशेष का उत्पादन करते हुए इसकी प्रोसेसिंग एवं वैल्यू एडिशन की आधारभूत सुविधाओं को विकसित करने की आवश्यकता है। इसके लिए जो भी आर्थिक मदद अथवा ऋण उपलब्ध कराने की आवश्यकता होगी उसके लिए जिला प्रशासन संबंधित विभाग हमेशा तैयार एवं तत्पर है।

परिचर्चा के दौरान यह भी निर्णय लिया गया कि जनपद में यहां की जलवायु मृदा एवं भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए कृषि विकास हेतु क्लस्टर एवं फार्मिंग सिस्टम अप्रोच के आधार पर मॉडल तैयार करने हेतु नवोंमेशी कार्य कर रहे कृषकों की एक कोर कमेटी बनाई जाए, जिनके द्वारा नवोंमेशी कार्य कर रहे कृषकों का डाटा एकत्रित कर तदनुसार जनपद के लिए उपयुक्त मॉडल एवं आवश्यक सुविधाओं की रूपरेखा तैयार कर प्रस्तुत करेंगे।

परिचर्चा कार्यक्रम में पंजाब नेशनल बैंक के सर्किल हेड संजीव मक्कड़ द्वारा भी प्रतिभाग किया गया और आश्वस्त किया गया कि जनपद के कृषि विकास में बैंक अपनी भागीदारी अवश्य सुनिश्चित करेगा और किसानों की हर संभव मदद करने की कोशिश करेगा। कार्यक्रम में जिलाधिकारी द्वारा 30 किसानों को तोरिया बीज के मिनीकिट का नि:शुल्क वितरण भी किया गया।

कार्यक्रम में उप कृषि निदेशक गिरीश चंद, जिला कृषि अधिकारी डॉ अवधेश मिश्र, जिला उद्यान अधिकारी जितेंद्र कुमार, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ विजेंद्र सिंह, जिला गन्ना अधिकारी पीएन सिंह, जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक वीके बंसल, जिला विकास प्रबंधक नाबार्ड, जिला परियोजना समन्वयक डास्प डॉ. कर्मवीर सिंह, कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ पिंटू कुमार, विषय वस्तु विशेषज्ञ योगेंद्र पाल सिंह योगी सहित जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से लगभग 200 प्रगतिशील कृषक व कृषक उत्पादक संगठनों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

महिला स्वयं सहायता समूह को दिया ट्राईको कार्ड बनाने का वृहद प्रशिक्षण

ट्राईको कार्ड बनाने के लिए महिला स्वयं सहायता समूह को वृहद प्रशिक्षण। स्योहारा शुगर मिल के कुरी फार्म पर हुआ आयोजन। गन्ना शोध परिषद शाहजहांपुर के वैज्ञानिक रहे उपस्थित।

बिजनौर। उप गन्ना आयुक्त मुरादाबाद एवं जिला गन्ना अधिकारी की उपस्थिति में ट्राईको कार्ड बनाने के सम्बन्ध में महिला स्वयं सहायता समूह का एक वृहद प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया गया। आयोजन जनपद बिजनौर के स्योहारा शुगर मिल के कुरी फार्म पर गन्ना शोध परिषद शाहजहांपुर के वैज्ञानिक डा.संजीव पाठक, डा.सुजीत कुमार एवं डा. अरविन्द कुमार की उपस्थिति में हुआ।

इस दौरान जनपद की 22 महिला स्वयं सहायता समूह की लगभग 50 महिला सदस्यों ने प्रतिभाग किया। प्रशिक्षण सत्र में वैज्ञानिकों द्वारा ट्राईको कार्ड में प्रयुक्त होने वाली समस्त सामग्री के माध्यम से महिला समूह के सदस्यों को प्रयोगिक रूप से प्रशिक्षित किया गया। इस दौरान उप गन्ना आयुक्त व जिला गन्ना अधिकारी पीएन सिंह द्वारा सभी महिला स्वयं सहायता समूह के सदस्यों को ट्राईकोकार्ड को बनाने के लिए प्रोत्साहित किया गया। कार्यक्रम में सहायक निदेशक गन्ना किसान संस्थान मुरादाबाद ने भी महिला स्वयं सहायता समूहों को ट्राईको कार्ड तैयार करने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम का विभाग के फेसबुक पेज के माध्यम से सजीव प्रसारण भी किया गया। कार्यक्रम के दौरान समस्त ज्येष्ठ गन्ना विकास निरीक्षक एवं सचिव उपस्थित रहे।

संयुक्त गन्ना आयुक्त ने किया सर्वे सट्टा प्रदर्शन कार्य का निरीक्षण

बिजनौर पहुंचे संयुक्त गन्ना आयुक्त ने किया सर्वे सट्टा प्रदर्शन कार्य का निरीक्षण
बिजनौर। संयुक्त गन्ना आयुक्त (समितियां) उत्तर प्रदेश/नोडल अधिकारी मंडल मुरादाबाद के द्वारा गन्ना विकास परिषद धामपुर/शुगर मिल धामपुर के अन्तर्गत ग्राम हैजरी में चल रहे सर्वे सट्टा प्रदर्शन कार्य का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान आयोजित कार्यक्रम में उपस्थित सैकड़ों कृषक बंधुओं को ऑनलाइन घोषणा पत्र भरने सम्बंधी प्रोजेक्टर के माध्यम से गन्ना पर्यवेक्षक के माध्यम से ट्रेनिंग दी गई।

कार्यक्रम में जनपद के गन्ना विकास परिषद धामपुर, चांदपुर एवं स्योहारा से आई हुई 10 महिला स्वयं सहायता समूह के पदाधिकारियों ने योजना के सम्बन्ध अपने अनुभव शेयर किए। नोडल अधिकारी ने शुगर मिल द्वारा उपलब्ध कराए गए। सभी समूह को आरओ, सेनेटरी पैड बनाने की मशीन, चश्मे व अन्य उपहार आदि प्रोत्साहन स्वरूप वितरित किए गए। कार्यक्रम में शेयर प्रमाण पत्र प्राप्त करने वाले कृषक उसे प्रदर्शित करते हुए खुशहाल दिखे। कार्यक्रम में उपस्थित कृषकों के समूह को संबोधित करते हुए नोडल अधिकारी ने 63 कालम पर सर्वे सट्टा प्रदर्शन, स्मार्ट गन्ना किसान, ईआरपी, गाटा वार विवरण आदि के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए कृषकों को संबोधित किया। साथ में उप गन्ना आयुक्त, जिला गन्ना अधिकारी बिजनौर, ज्येष्ठ गन्ना विकास निरीक्षक धामपुर, सचिव गन्ना समिति धामपुर उपस्थित रहे।

तमाम बैरिकेटिंग पार कर किसानों ने घेर ही लिया कलक्ट्रेट

चौधरी दिगंबर सिंह का एलान, मांगें नहीं मानी तो अफसरों को चैन से नहीं बैठने देंगे।

बिजनौर। कलक्ट्रेट जाने की कोशिश कर रहे भाकियू कार्यकर्ताओं की पुलिस से तीखी नोकझोंक हो गई। पुलिस ने बेरिकेटिंग लगाकर किसानों को रोकने की कोशिश की। इसके बावजूद कलक्ट्रेट पहुंचे भाकियू कार्यकर्ताओं ने अपना दमखम दिखा ही डाला।

भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के युवा प्रदेश अध्यक्ष चौधरी दिगंबर सिंह ने चेतावनी दी है कि यदि  किसानों की मांगे नहीं मानी गई तो जिले के अंदर अफसरों को चैन से नहीं बैठने दिया जाएगा। किसानों की समस्याओं का समाधान न होने पर भाकियू ने मंगलवार दोपहर कलक्ट्रेट का घेराव किया। युवा प्रदेश अध्यक्ष चौधरी दिगंबर सिंह ने कहा कि जनपद की चीनी मिलें नहीं चाहती कि कोई नई मिल बने। इसी के चलते नूरपुर में प्रस्तावित चीनी मिल का विरोध किया जा रहा है। किसानों के 24:00 पर मीटर लगा दिए गए और अधिकारियों के आश्वासन के बावजूद मनमाना बिजली का बिल वसूला जा रहा है। विद्युत विभाग के अधिकारी किसानों के ट्रायल पर जाते हैं और वीडियो बनाकर किसानों को डराते और धमकाते हैं। नमामि गंगे अभियान की शुरुआत बिजनौर से की गई इसके बावजूद गंगा वे एक्सप्रेस मेरठ से निकाला जा रहा है और बिजनौर को इससे अछूता रखा जा रहा है। जब अभियानों की शुरुआत बिजनौर से की जाती है तो जिन योजनाओं से जनपद वासियों को लाभ मिले उन योजनाओं को भी बिजनौर से अछूता नहीं रखना चाहिए। बिलाई शुगर मिल के बारे में हर किसी को पता है लेकिन तीन अन्य और भी मिले हैं, जो किसानों का भुगतान नहीं कर रही हैं।  किसानों का लगातार शोषण किया जा रहा है और बार-बार फरियाद लगाने के बावजूद अधिकारी सुनने को तैयार नहीं है। सभा में कई अन्य वक्ताओं ने भी किसानों की समस्याओं को उठाया और समस्याओं का समाधान ना करने पर अफसरों को चेतावनी दी। इस मौके पर धर्मेंद्र मलिक, दीपक कुमार, राकेश प्रधान, जितेंद्र सिंह, अंकित, तेजवीर, धर्मेंद्र,  राजवीर सिंह, मांगेराम त्यागी, राजेश सिंह मलिक संरक्षक, अरविंद राजपूत, वीर सिंह, तेजवीर सिंह, अंकित ग्रेवाल, कुलबीर सिंह, समर पाल सिंह, सरदार इकबाल सिंह
आदि मौजूद रहे।

इससे पहले कलक्ट्रेट जाने की कोशिश कर रहे भाकियू कार्यकर्ताओं की पुलिस से तीखी नोकझोंक हो गई। पुलिस ने बेरिकेटिंग लगाकर किसानों को पुलिस ने रोकने की कोशिश की। इसके बावजूद किसानों ने कलेक्ट्रेट पहुंच कर ही दम लिया।

बताया गया है कि सीओ सिटी अनिल चौधरी ने विद्युत विभाग के अधिकारियों से इस संबंध में वार्ता की। अधीक्षण अभियंता विद्युत निरंजन कुमार सिंह ने दावा किया कि नलकूपों की बिलिंग अनमीटर्ड निजी नलकूप संयोजनों के लिए निर्धारित दर पर ही की जायेगी, बिल द्वारा जमा की गई धनराशि समायोजित की जायेगी।

नकली खाद, कीटनाशक फैक्ट्री पकड़ी, भारी मात्रा में माल बरामद

नकली खाद, कीटनाशक फैक्ट्री पकड़ी, भारी मात्रा में बना अधबना माल बरामद। मलिक समेत 3 गिरफ्तार। मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू। भारतीय किसान यूनियन का हंगामा।

बिजनौर। एसडीएम धामपुर व कृषि विभाग के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से नहटौर कस्बे के रहमत नगर में हाथी वाला मंदिर के पास अवैध/अनाधिकृत फैक्ट्री/गोदाम पर संयुक्त रूप से छापा डाला। इस दौरान भारी मात्रा में नकली/मिलावटी उर्वरक व कीटनाशक रसायन बरामद हुए हैं। दो लोगों को गिरफ्तार करने के साथ ही उक्त स्थान को सील कर संबंधित मालिक के भाई की सुपुर्दगी में दे दिया गया है। गोदाम में पाए गए उर्वरकों एवं कीटनाशक रसायनों के गुणवत्ता परीक्षण हेतु नियमानुसार नमूने ग्रहित किए गए हैं। थाना नहटौर में मुकदमा दर्ज कराया गया है।

गोपनीय सूचना पर हुई छापामार कार्रवाई- उप जिलाधिकारी धामपुर मनोज कुमार सिंह ने गोपनीय सूचना के आधार पर जिला कृषि अधिकारी, डॉ अवधेश मिश्र, जिला कृषि रक्षा अधिकारी मनोज रावत एवं कृषि विभाग के कार्मिकों, सहायक विकास अधिकारी कृषि रक्षा सत्य प्रकाश, प्रभारी राजकीय कृषि बीज भंडार सुभाष सिंह, कनिष्ठ सहायक रजत चौधरी एवं रचित सिंह, वाहन चालक भोपाल सिंह तथा पुलिस फोर्स के साथ नहतौर कस्बे के रहमत नगर में हाथी वाला मंदिर के पास अवैध/अनाधिकृत फैक्ट्री/गोदाम पर संयुक्त रूप से छापा डाला। छापे के दौरान गोदाम में दो श्रमिक फेरस सल्फेट की पैकिंग करते हुए पाए गए। गोदाम के निरीक्षण के समय गोदाम में एनपीके, एसएसपी, जिंक सल्फेट मोनोहाइड्रेट, सूक्ष्म पोषक तत्व मिश्रित उर्वरक, फेरस सल्फेट, म्यूरेट आफ पोटाश के 269 भरे हुए कट्टे, कारटॉप हाइड्रोक्लोराइड एवं फटेरा के 23 भरे हुए कट्टों के साथ-साथ नकली/मिलावटी उर्वरक तैयार करने हेतु कच्चे माल के रूप में जिप्सम, बायो ग्रेन्यूल्स, सागरिका, रेता, नमक, जिप्सम की काली व भूरी गोलियां के 1195 भरे हुए कट्टे, उर्वरक और कीटनाशक दवाइयों के प्रतिष्ठित विनिर्माता कंपनियों के 3995 खाली बैग्स, प्लास्टिक की 2500 बोतलें, कीटनाशक रसायनों के पैकिंग हेतु 500 गत्ते, वजन तोलने की इलेक्ट्रॉनिक मशीन, सिलाई मशीन, जनरेटर, धागे आदि पाए गए। गोदाम में पाए गए उर्वरकों एवं कीटनाशक रसायनों के गुणवत्ता परीक्षण हेतु नियमानुसार नमूने ग्रहित किए गए। छापे के दौरान गोदाम में उपस्थित दो श्रमिकों से पूछताछ करने पर अवगत कराया गया कि इस गोदाम के मालिक अनुराग जैन पुत्र अरुण कुमार जैन निवासी मोहल्ला गुली तालाब,नहटौर हैं और उन्हीं के द्वारा यह कार्य लंबे समय से किया जा रहा है। साथ ही गोदाम के निरीक्षण के समय उर्वरक व कीटनाशक रसायनों के विनिर्माण एवं भंडारण तथा व्यवसाय से संबंधित वैध लाइसेंस अथवा आवश्यक अभिलेख दिखाया अथवा प्रस्तुत नहीं किया जा सका।

नामी गिरामी कंपनियों का पैकिंग मैटीरियल बरामद- जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि निरीक्षण के दौरान गोदाम में पाए गए विभिन्न प्रकार के उर्वरक व कीटनाशक रसायनों तथा कच्चे माल व खाली बैग एवं पैकिंग हेतु आवश्यक सामग्रियों से स्पष्ट होता है कि इस अवैध/ अनाधिकृत रूप से संचालित गोदाम/फैक्टरी में नकली/मिलावटी उर्वरक व कीटनाशक रसायनों की पैकिंग की जाती है। छापे के दौरान फैक्ट्री में फेरस सल्फेट की पैकिंग करते हुए पकड़ा गया है। इस प्रकार उर्वरक नियंत्रण आदेश, कीटनाशक अधिनियम व कीटनाशक नियमावली की सुसंगत धाराओं के उल्लंघन करने एवं आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3/7 के अंतर्गत दंडनीय अपराध किए जाने तथा विभिन्न प्रतिष्ठित निर्माता कंपनियों के कूट रचित बैग तैयार करने पर अवैध/अनाधिकृत गोदाम/फैक्ट्री के मालिक अनुराग जैन पुत्र अरुण कुमार जैन तथा गोदाम में पकड़े गए श्रमिकों क़ालीम पुत्र मुन्ने शाह एवं सरफराज पुत्र कॉलिंम के विरुद्ध थाना नहटौर में प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। पकड़ी गई अवैध/अनाधिकृत गोदाम/ फैक्ट्री तथा अनुराग जैन द्वारा संचालित उर्वरक व कीटनाशक रसायन की दुकान को भी सील कर सील्ड गोदाम एवं प्रतिष्ठान को अनुराग जैन के सगे छोटे भाई अंकुर जैन की सुपुर्दगी एवं अभिरक्षा में दिया गया है। वहीं जिला कृषि अधिकारी अवधेश मिश्र ने बताया कि नकली खाद फैक्ट्री के संचालक अनुराग जैन सहित तीन लोगों को मौके से पकड़ा है। मौके से बरामद हुए सामान की सूची बनाकर पुलिस को तहरीर गई है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर कार्यवाही शुरू कर दी है। छापेमारी के दौरान कोतवाल राधेश्याम, शहर इंचार्ज बब्लू सिंह सहित बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स मौजूद रही।

भाकियू ने किया हंगामा- उधर नकली खाद की फैक्ट्री पकड़े जाने की भनक लगने पर भारतीय किसान यूनियन के ब्लॉक अध्यक्ष संजीव कुमार, विक्रम सिंह, कुलदीप राठी, युवा ब्लॉक अध्यक्ष रोहित राणा सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी मौके पर पहुँच गये तथा कुछ अधिकारियों की मिलिभगत से अवैध फैक्ट्री संचालित होने का आरोप लगाते जमकर नारेबाजी की। उन्होंने मामले की विस्तृत जांच कराने की मांग की।

अब बिजलीघर को बिजली बेचेंगे किसान

कृषकों की आय में बढा़ेत्तरी के उद्देश्य से चयनित ग्रामों में होगी ग्रिड संयोजित सौर पावर प्लान्ट की स्थापना। यूपी नेडा-बिजनौर एवं प्रधानमंत्री कुसुम (कम्पोनेन्ट-ए) योजना के तहत होगा कार्य। चयनित ग्रामों में अनुपजाऊ व बंजर भूमि के कृषकों की आय में होगी बढा़ेत्तरी।

प्रतीकात्मक फोटो

बिजनौर। यूपी नेडा-बिजनौर एवं प्रधानमंत्री कुसुम (कम्पोनेन्ट-ए) योजना के अन्तर्गत ग्रिड संयोजित सौर पावर प्लान्ट की स्थापना चयनित ग्रामों में अनुपजाऊ व बंजर भूमि के कृषकों की आय में बढा़ेत्तरी के उद्देश्य से कृषकों / भूमिधरों को प्रात्साहित कराकर ई-निविदा राज्य के ई-प्रोक्योरमेंट की वेबसाइट पर दिनांक 27 जूलाई 2022 तक निविदा आमंत्रित की गयी है। खास बात यह है कि संबंधित किसान सौर ऊर्जा प्लांट से उत्पादित बिजली को ग्रिड में बेच सकेंगे। इस व्यवस्था से किसानों की आय में बढ़ोत्तरी होगी।

प्रतीकात्मक फोटो

उप कृषि निदेशक बिजनौर गिरीश चन्द्र ने जानकारी देते हुए बताया कि 33/11 केवी सबस्टेशन मंण्डावर के अन्तर्गत चयनित ग्राम लालपुर, लैगपुरी, मण्डावर, मोहड़िया व 33/11 केवी सबस्टेशन अफजलगढ के अन्तर्गत चयनित ग्राम झाड़पुर भागीजोत, मौ0 अलीपुर, मेघपुर, गड़वावाला, जीकरवाला हैं।

प्रतीकात्मक फोटो

उप कृषि निदेशक ने उप सम्भागीय कृषि प्रसार अधिकारी सदर, बिजनौर एवं नगीना को पत्र प्रेषित कर निर्देशित किया है कि वह चयनित ग्रामों में अनुपजाऊ व बंजर भूमि के कृषकों की आय में बढा़ेत्तरी के उद्देश्य से कृषकों / भूमिधरों को प्रात्साहित कराकर ई-निविदा राज्य के ई-प्रोक्योरमेंट की वेबसाइट पर आमंत्रित निविदा में प्रतिभाग कराना सुनिश्चित करें।

ऐसा करें, वरना नहीं मिलेगी पीएम किसान सम्मान निधि


31 जुलाई तक पीएम किसान सम्मान निधि के लाभार्थी कृषक प्रत्येक दशा में कराएं ई-केवाईसी, अन्यथा अगली किस्त का नहीं होगा भुगतान

114904 कृषक ई-केवाईसी कराने से शेष, 31 जुलाई अंतिम तिथि निर्धारित

बिजनौर। उप कृषि निदेशक गिरीश चन्द्र ने बताया कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना अन्तर्गत जनपद में आधार प्रमाणित कृषकों की संख्या 3,69,221 के सापेक्ष अब तक 2,54,317 कृषकों की ई-के0वाई०सी० हो चुकी है, जो लक्ष्य का 69 प्रतिशत है। अभी भी जनपद के 1,14,904 कृषक ई-के0वाई०सी० कराने से शेष हैं। शासन द्वारा शेष सभी कृषकों को 31 जुलाई, 2022 तक ई-के0वाई०सी० कराने की अन्तिम तिथि निर्धारित की गयी है।

उप कृषि निदेशक गिरीश चन्द्र ने बताया कि कृषि विभाग के क्षेत्रीय कर्मचारियों ने जन जन तक यह संदेश पहुंचा दिया था कि ई-के0वाई०सी० कराये बिना प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ नहीं मिल सकेगा। 31 मई को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की 11 वीं किश्त आने के बाद ऐसे लाभार्थी कृषक निश्चित हो गए कि जिन्होंने ई-के0वाई० सी० नहीं करायी थी और अब वह ई- के0वाई०सी० कराने हेतु गम्भीर भी नहीं हैं।
उप कृषि निदेशक श्री गिरीश चन्द्र ने जनपद के कृषकों को पुनः जागरूक करते हुए सलाह दी है कि 31 जुलाई, 2022 तक प्रत्येक दशा में ई-के0वाई०सी० आवश्यक रूप से करा ली जाए , अन्यथा की स्थिति में निश्चित रूप से पी०एम० किसान सम्मान निधि की अगली किश्त भारत सरकार द्वारा रोक दी जाएगी।

कमिश्नर व डीएम ने देखी केले की विशेष फसल

बिजनौर। मंडल आयुक्त आंजनेय कुमार सिंह एवं जिलाधिकारी उमेश मिश्रा द्वारा किसान पाठशाला के फाउंडर मेंबर एवं प्रगतिशील किसान राहुल चौधरी के केला प्रक्षेत्र का भ्रमण किया गया।

इस अवसर पर राहुल चौधरी द्वारा अवगत कराया गया कि वह रेजिडू फ्री केला का उत्पादन करते हैं। इस प्रकार के केला उत्पादन के लिए सर्वप्रथम आवश्यक पोषक तत्वों की आपूर्ति हेतु रासायनिक उर्वरकों को गोबर की खाद में मिलाकर 8 से 10 दिन ढक कर रखना पड़ता है, जिससे रासायनिक उर्वरकों की बॉन्डिंग टूट जाए और उपलब्ध पोषक तत्व पौधों के लिए सुलभ एवं उपयोगी हो सके। इस प्रक्रिया से रासायनिक उर्वरकों में हानिकारक तत्वों का प्रभाव कम हो जाता है तथा उर्वरकों की आधी मात्रा ही देनी पड़ती है। साथ ही मिट्टी के घोल का छिड़काव फसल पर करने से कीट और रोग का प्रकोप नहीं होता है और इससे पौधों को पोषक तत्व भी उपलब्ध होता है।

गुणवत्ता व अधिक उत्पादन के लिए बंच प्रबंधन जरूरी- आयुक्त एवं जिलाधिकारी द्वारा खेत में जाकर केले की फसल देखी गई और प्रत्येक पौधे पर स्वस्थ एवं पर्याप्त फलियों वाली घेर पाई गई। कृषक राहुल चौधरी द्वारा अवगत कराया गया कि केले की गुणवत्ता एवं अधिक उत्पादन सुनिश्चित करने हेतु बंच प्रबंधन बहुत ही आवश्यक है, इस प्रक्रिया में केले के नीचे के तने की गोलाई के एक चौथाई के बराबर केले के पंजे को रखना चाहिए और शेष को नीचे के फूल सहित तोड़ देना चाहिए।

इस प्रक्रिया से नीचे से ऊपर तक की फलियां एक समान लंबाई और मोटाई की होंगी और हमें गुणवत्ता के साथ-साथ केले का अधिक उत्पादन भी प्राप्त होगा। आयुक्त द्वारा केले के उत्पादन से संबंधित संपूर्ण प्रक्रिया की विस्तार से जानकारी प्राप्त की गई और सड़क के किनारे प्रक्षेत्र चयन को सराहा गया और अवगत कराया गया कि सड़क के किनारे स्थित खेतों में हमें नगदी फसलों का उत्पादन करना चाहिए क्योंकि इससे परिवहन में काफी सुविधा होती है साथ ही ड्रिप और स्प्रिंकलर इरिगेशन को भी प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए गए।

अच्छे कार्य के लिए किसानों का सम्मान- आयुक्त एवं जिलाधिकारी द्वारा केले के प्रक्षेत्र पर ही लखनऊ में आयोजित उत्तर प्रदेश आम महोत्सव 2022 में प्रदेश स्तर पर प्रथम पुरस्कार प्राप्त करने वाले डीके शर्मा बिजनौर, मौन पालन एवं शहद उत्पादन में उल्लेखनीय कार्य करने पर उदित प्रकाश ग्राम पीपला जागीर, नूरपुर तथा जैविक कृषि एवं मृदा परीक्षण प्रयोगशाला की स्थापना करने वाले ब्रह्मपाल सिंह ग्राम अगरी हल्दौर को शाल ओढ़ाकर एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। केला उत्पादन एवं प्रदेश स्तर पर केले के उत्पादन को प्रोत्साहित करने वाले राहुल चौधरी को भी शाल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया।

आयुक्त द्वारा यह भी अवगत कराया गया कि क़ृषि क्षेत्र में नवोन्मेशी एवं विशिष्ट कार्य कर रहे किसानों को सम्मानित करने से किसानों को और अच्छा कार्य करने का प्रोत्साहन मिलता है। अच्छे कार्य करने वाले किसानों का सम्मान होना ही चाहिए। जिलाधिकारी द्वारा इस अवसर पर जनपद में उल्लेखनीय एवं विशिष्ट कार्य करने वाले किसानों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई तथा अवगत कराया गया कि विगत 3 माह से जनपद में नवोन्मेशी व विशिष्ट कार्य करने वाले कृषकों व उद्यमियों को सम्मानित करने की एक श्रृंखला चलाई जा रही है, जिससे जनपद में अच्छे कार्य करने वाले कृषक स्वतः आगे आ रहे हैं और नवीन कृषि पद्धतियों को अपनाने हेतु कृषकों को प्रोत्साहित किया जा रहा है।

इस अवसर पर गिरीश चंद उप कृषि निदेशक, डॉ अवधेश मिश्रा जिला कृषि अधिकारी, जितेंद्र कुमार जिला उद्यान अधिकारी, मनोज कुमार उप संभागीय कृषि प्रसार अधिकारी बिजनौर, उप जिलाधिकारी मोहित कुमार, खंड विकास अधिकारी वीरेंद्र सिंह यादव, सुनील कुमार व सचिन कुमार विषय वस्तु विशेषज्ञ तथा ग्राम प्रधान श्रीमती सहित 65 दर्शक उपस्थित रहे।

उर्वरक विक्रेताओं के प्रतिष्ठानों व गोदामों में आकस्मिक छापों से हड़कंप

बिजनौर। शासन के निर्देश एवं जिलाधिकारी के आदेश के क्रम में उर्वरक विक्रेताओं के प्रतिष्ठानों व गोदामों में आकस्मिक छापामार कार्यवाही से हड़कंप मच गया।

छापामार कार्यवाही उप क़ृषि निदेशक गिरीश चन्द्र, जिला गन्ना अधिकारी प्रभू नाथ सिंह, जिला क़ृषि अधिकारी डॉ. अवधेश मिश्र, सहायक आयुक्त/सहायक निबंधक (सहकारिता) प्रदीप कुमार सिंह, उप संभागीय क़ृषि प्रसार अधिकारी सदर मनोज रावत, जिला उद्यान अधिकारी जितेंद्र कुमार की संयुक्त टीमों द्वारा की गयी। इस दौरान बिक्री केंद्रों के अभिलेखों एवं स्टॉक की जाँच की गई और सभी उर्वरकों, विशेषकर यूरिया उर्वरक की पॉस मशीन में उपलब्ध स्टॉक का मिलान गोदाम में रखे गए भौतिक स्टॉक से किया गया। इस छापामार कार्यवाही के दौरान कुल 59 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया और 29 उर्वरक के नमूने लिए गए।

दुकानें बंद कर भागे; 10 को नोटिस- इस दौरान 10 प्रतिष्ठानों यथा मै. खान खाद भंडार, किरतपुर, मै. शिव किसान सेवा केंद्र से स्याऊ रोड मुकरपुर गुर्जर, मै. कृषि केंद्र (एग्री जक्शन) वन स्टॉप शॉप छाछरी मोड़, मै. दीप इंटरप्राइजेज हीमपुर दीपा, मै.महावीर इंटरप्राइजेज रावटी, मै. चौधरी फर्टिलाइजर रावटी, मै. किसान सेवा केंद्र रावटी, मै. महलके कृषि सेवा केंद्र रौनिया, मै. कृषि सेवा केंद्र रौनिया एवं मै. बालाजी बीज भंडार चांदपुर के द्वारा प्रतिष्ठान बंद कर भाग जाने पर कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए उर्वरक प्राधिकार पत्र को निलंबित किया गया है।

नहीं मिली कोई गड़बड़ी- छापामार कार्यवाही के समय ओवर रेटिंग, कालाबाज़ारी, टैगिंग आदि का कोई प्रकरण प्रकाश में नहीं आया। छापामार कार्रवाई के दौरान समस्त विक्रेताओं को सचेत करते हुए निर्देशित किया गया कि उर्वरकों का वितरण किसानों की कृषि योग्य भूमि और बोई गई फसल के सापेक्ष तत्कालीन आवश्यकता के अनुसार पॉस मशीन से ही किया जाए तथा स्टॉक एवं वितरण पंजिका के साथ-साथ कृषकों द्वारा क्रय किए गए उर्वरकों का विवरण एक पृथक पंजिका में भी अनिवार्य रूप से रखा जाए, जिसमें कृषक का नाम, पिता का नाम और पूर्ण पता, आधार नंबर, मोबाइल नंबर एवं क्रय किए गए उर्वरक का प्रकार व मात्रा, कृषि योग्य भूमि और बोई गई फसल आदि का विवरण अनिवार्य रूप से अंकित किया जाए। किसी भी दशा में यूरिया एवं अन्य मुख्य उर्वरकों की बिक्री बल्क में ना किए जाने के निर्देश दिए गए। उक्त कार्रवाई के दौरान पॉस मशीन के स्टॉक एवं गोदाम में भंडारित स्टाक में कोई अंतर नहीं पाया गया।

मुख्य उर्वरक के साथ कोई अन्य उर्वरक अथवा कीटनाशी रसायन नहीं- निरीक्षण के दौरान सभी उर्वरक विक्रेताओं को हिदायत दी गयी कि सभी उर्वरक की बिक्री निर्धारित मूल्य पर ही की जाए तथा मुख्य उर्वरक के साथ किसी अन्य उर्वरक अथवा कीटनाशी रसायन आदि की टैगिंग किसी भी दशा में न की जाए, अन्यथा की दशा में उर्वरक नियंत्रण आदेश 1985 तथा आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के अंतर्गत दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। साथ ही यह भी निर्देशित किया गया कि क्रेता किसानों को क्रय किए गए उर्वरक एवं कीटनाशक रसायनों की कैश मेमो रसीद अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराई जाए।

कृभको की सभा में किसानों को मिले बेहतरीन टिप्स

बिजनौर। कृषि विज्ञान केंद्र नगीना में कृभको द्वारा एक किसान सभा का आयोजन किया गया। अध्यक्षता कृषि विज्ञान केंद्र इंचार्ज डॉ शकुंतला गुप्ता द्वारा की गई।

सभा को संबोधित करते हुए उप प्रबंधक (विपणन) जबर सिंह ने कृभको के उत्पादों, मृदा परीक्षण, वृक्षारोपण का महत्व एवं कार्बनिक पदार्थ की उपयोगिता के बारे में विस्तार से किसानों को बताया। तकनीकी सत्र के दौरान डॉ केके सिंह ने प्राकृतिक खेती, मृदा स्वास्थ्य कार्ड, बासमती की खेती एवं सब्जियों की खेती,  दलहनी कृषकों की खेती, हरी खाद की मृदा उर्वरता के लिए  उपयोगिता के बारे में बोलते हुए गेहूं की उन्नतिशील प्रजातियों के विषय में जानकारी दी। इसके अलावा डॉ प्रतिभा गुप्ता ने खेती के बारे में विस्तार पूर्वक जानकारी दी। कार्यक्रम में डॉक्टर भूपेंद्र सिंह, डॉ शकुंतला गुप्ता डॉक्टर, शिवांगी सिंह वीके सिंह के अलावा कई किसान मौजूद रहे।

अनुदान पर सोलर पंप ले सकेंगे किसान

जनपद को मिला कुल 283 सोलर पम्प वितरण का लक्ष्य

कृषक अनुदान पर सोलर पम्प पाने हेतु करें ऑनलाइन आवेदन- उप कृषि निदेशक

बिजनौर। प्रधानमंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं उत्थान महाभियान योजना (पी0एम0-कुसुम) अन्तर्गत जनपद बिजनौर को वर्ष 2022-23 में कुल 283 सोलर पम्प वितरण का लक्ष्य प्राप्त हुआ है। उप कृषि निदेशक गिरीश चन्द्र ने जनपद के कृषक भाइयों को सूचित करते हुए बताया कि पीएम-कुसुम योजना के तहत जनपद में 2 एचपी के 120, 3 एचपी के 120, 5 एचपी के 35, 7.5 एचपी के 06 एवं 10 एचपी के 02 कुल 283 सोलर पम्प वितरण का लक्ष्य प्राप्त हुआ है। सोलर पम्प लेने वाले इच्छुक किसान भाइयों को विभागीय बेवसाइट http://www.upagriculture.com पर ऑनलाइन टोकन जनरेट/बुकिंग करनी होगी। सोलर पम्प की बुकिंग पहले आओ पहले पाओ के सिद्धान्त पर की जायेगी।

इस तरह है व्यवस्था- उप कृषि निदेशक गिरीश चन्द्र ने बताया कि 10 एचपी, 7.5 एचपी, 5 एचपी एवं 3 एचपी सोलर पम्प स्थापित करने हेतु शक्ति पम्प इण्डिया लिमिटेड संस्था तथा 2 एचपी सोलर पम्प स्थापित करने हेतु टाटा पॉवर सोलर सिस्टम लि0 संस्था नामित है। सभी प्रकार के सोलर पम्प पर 60 प्रतिशत अनुदान तथा 40 प्रतिशत कृषक अंश निर्धारित है। सोलर पम्प लेने वाले कृषक को कृषक अंश की धनराशि टोकन निर्गत होने की दिनांक से 07 दिन के अन्दर इण्डियन बैंक की किसी भी शाखा में निर्धारित बैंक खाता सं० में जमा करनी होगी। उप कृषि निदेशक ने बताया कि सोलर पम्प का लाभ लेने हेतु कृषकों का विभागीय बेवसाइट http://www.upagriculture.com पर किसान पंजीकरण होना अनिवार्य है।

पहले आओ, पहले आओ- सोलर पम्प की बुकिंग जनपद के लक्ष्य की सीमा से 200 प्रतिशत तक पहले आओ पहले पाओ के सिद्धान्त पर की जायेगी। 2 एचपी सरफेस सोलर पम्प अधिकतम 22 फिट गहराई जल स्तर 2 एचपी सबमर्सिबल अधिकतम 50 फिट गहराई जल स्तर, 3 एचपी अधिकतम 150 फिट गहराई जल स्तर, 5 एचपी अधिकतम 200 फिट गहराई जल स्तर, 7.5 एचपी एवं 10 एचपी सोलर पम्प अधिकतम 300 फिट गहराई जल स्तर हेतु उपयुक्त होंगे। 2 एचपी सोलर पम्प हेतु 4 इंच, 3 एचपी एवं 5 एचपी सोलर पम्प हेतु 6 इंच एवं 7.5 एचपी, 10 एचपी सोलर पम्प हेतु 8 इंच का क्रियाशील बोरिंग कृषक के पास होना अनिवार्य है।

करें संपर्क- उप कृषि निदेशक ने बताया कि इच्छुक कृषक भाई जो अपने प्रक्षेत्र पर सोलर पम्प स्थापित कराना चाहते हैं वह अपने विकास खण्ड स्तर पर राजकीय कृषि निवेश बीज भण्डार से अथवा जनपद स्तर पर उप कृषि निदेशक बिजनौर के कार्यालय से सम्पर्क स्थापित कर विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

बेहतरीन उपलब्धि पर डीएम एसपी ने किया किसानों को सम्मानित

बेहतरीन उपलब्धि पर डीएम एसपी ने किया किसानों को सम्मानित

बिजनौर। विभिन्न प्रकार के फल, फूल व जड़ी बूटियों की खेती संबंधित कई क्षेत्र में जिले के किसानों ने बेहतरीन प्रदर्शन किया है। उनकी इस उपलब्धि पर डीएम व एसपी ने प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। 

जानकारी के अनुसार नाहर सिंह ग्राम तिसोतरा, राहुल जवान ग्राम चौकपुरी, अखिलेश कुमार सिंह ग्राम अगरी एवं विपिन कुमार ग्राम मुबारक पुर तालन द्वारा क्रमशः हल्दी, केला, विभिन्न प्रकार के फूलों की खेती के अलावा शतावर व अन्य जड़ी बूटी की खेती करने के साथ ही उत्पादन, प्रसंस्करण, ग्रेडिंग, पैकेजिंग, ब्रांडिंग व मार्केटिंग करते हुए अपने को एक सफल उद्यमी के रूप मे स्थापित किया गया है। उनकी इस उपलब्धि पर जिलाधिकारी उमेश मिश्रा व पुलिस अधीक्षक डा धर्मवीर द्वारा सम्मानित करते हुए प्रशस्ति पत्र देकर पुरस्कृत किया गया। यह जानकारी जिला कृषि अधिकारी अवधेश कुमार मिश्रा ने दी।

टीएमयू कृषि की टीम ने किया शुगर मिल अफजलगढ़ का भ्रमण

बिजनौर/अफजलगढ़। शुगर मिल अफजलगढ़ में तीर्थांकर महावीर विश्वविद्यालय मुरादाबाद के कृषि विज्ञान के छात्रों ने डॉ अरविन्द प्रताप सिंह, प्रवीण सिंह, मैडम कुसुम, विजय कुमार के नेतृत्व में निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान छात्र छात्राओं ने शुगर मिल अफजलगढ़ में लैंडस्केपिंग, फ्लावरिंग, वर्मी कल्चर के बारे में जानकारी दी।

शनिवार को शुगर मिल अफजलगढ़ में तीर्थांकर महावीर विश्वविद्यालय मुरादाबाद के कृषि विज्ञान के 50 छात्र छात्राओं ने शुगर मिल अफजलगढ़ के गन्ना महाप्रबंधक अजय कुमार ढाका, प्रबंधक प्रशासन कुमेर सिंह शेखावत तथा उद्यान विज्ञान अधिकारी विजय कुमार के साथ निरीक्षण कर विस्तृत चर्चा कर जानकारी ली। निरीक्षण के दौरान तीर्थांकर महावीर विश्वविद्यालय मुरादाबाद के कृषि विज्ञान के छात्रों व डॉ अरविन्द प्रताप सिंह, प्रवीण सिंह, मैडम कुसुम सहित पूरी टीम शुगर मिल प्लांट परिसर में साफ सफाई, ग्रीन बेल्ट, फ्लावरिंग कल्चर आदि को देखकर बहुत प्रभावित हुई तथा प्रसन्नता व्यक्त की। इस अवसर पर सोनू कुमार, रमन रावत, हर्षित सिंह,मनीष कुमार,आलोक झा,प्रमोद यादव,मनीषा, प्रियंका सिंह, भारती, अनुष्का, वेद प्रकाश, अरविंद प्रताप सिंह, नूर मोहम्मद, मुस्कान, दीपांशु शर्मा, शेरा यादव, प्राची, प्रिया राय, सौरभ, भारती तथा महेश आदि उपस्थित रहे।

निगम की भंडारण क्षमता का शत प्रतिशत उपयोग किया जाए: जेपीएस राठौर

निगम की भंडारण क्षमता का शत प्रतिशत उपयोग किया जाए: जेपीएस राठौर
मंत्री जेपीएस राठौर ने की भंडारण निगम के अधिकारियों संग बैठक


लखनऊ। सहकारिता मंत्री जेपीएस राठौर ने शुक्रवार को यूपी राज्य भंडारण निगम के क्षेत्रीय प्रबंधकों व वरिष्ठ अधिकारियों संग बैठक कर निगम की मासिक प्रगति की समीक्षा की। बैठक में मौजूद अधिकारियों को निगम को सुचारू रूप से चलाने के दिशा निर्देश दिए गए।

राठौर ने क्षेत्रीय प्रबंधकों को अपने अधीनस्थ सभी केंद्रों का माह में एक बार विधिवत निरक्षण करने का आदेश दिया। साथ ही निगम की भंडारण क्षमता का शत-प्रतिशत उपयोग करने को कहा। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि गेहूँ के सुरक्षित भंडारण के दृष्टिगत साइलों व पीईजी के गोदामों का निर्माण निर्धारित समयावधि में पूर्ण किया जाए।

उन्होंने कहा कि निगम द्वारा अपने कार्यों का आगामी 5 वर्षों के लिए तैयार किये गए रोड मैप का क्रियान्वयन निर्धारित समय पर किया जाए। निगम कार्यों को पारदर्शी प्रक्रिया के अंतर्गत समस्त केंद्रों का ऑनलाइन डिपो सिस्टम से इस प्रकार जोड़ा जाए कि उसकी सेंट्रलाइज मॉनिटरिंग प्रधान कार्यालय पर की जाए। समस्त भण्डार गृहों को सोलर पैनल से संचालित किए जाने की व्यवस्था जल्द से जल्द की जाए। बैठक में भंडारण एमडी श्रीकांत गोस्वामी, विशेष कार्याधिकारी धीरज चंद्रा, महाप्रबंधक संजीव कुमार आदि अधिकारीगण मौजूद रहे।

केले, बांस व फूलों की खेती संवारेंगी कृषकों की किस्मत


बिजनौर। हल्दौर फेड फारमर्स प्रोड्यूसर कम्पनी लिमिटेड, ग्राम अगरी विकास खंड हलदौर के कार्यालय परिसर में एक कृषक गोष्ठी का आयोजन आत्मा योजना प्रभारी योगेन्द्र पाल सिंह योगी के संचालन में किया गया। इस अवसर पर किसान पाठशाला के संचालक राहुल चौधरी ने केले एवं बांस की व्यावसायिक खेती के संबंध में विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि जनपद की भूमि दोनों फसलों की खेती के लिए अनकूल है, जिसे अपनाकर कम लागत में भी कृषक गन्ना से दोगुना आय प्राप्त कर सकते हैं। साथ ही फसलों पर मिट्टी के घोल का छिड़काव के महत्व से अवगत कराते हुए फसलों के पोषण प्रबंधन एवं कीट रोग नियंत्रण के बारे में बताया गया।


जिला कृषि अधिकारी डा अवधेश मिश्रा द्वारा कृषकों के विकास में एफपीओ की भूमिका की जानकारी देते हुए उपस्थित कृषकों से आवाहन किया गया कि अपने विकास खण्ड में गठित एफपीओ से जुड़े और सामूहिक रूप से इस प्रकार कृषि गतिविधियों का समावेश करें, जिससे प्रत्येक माह आय प्राप्त होती रहे। प्रदेश सरकार एवं भारत सरकार द्वारा गठित व्यक्तियों को दी जाने वाली सुविधाओं के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी ग।


इससे पूर्व उप कृषि निदेशक गिरीश चन्द्र द्वारा हल्दौर फेड फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी लिमिटेड द्वारा स्थापित आधुनिक डिजिटल भूमि परीक्षण प्रयोगशाला का फीता काट कर शुभारम्भ किया गया। उदघाटन के अवसर पर उप कृषि निदेशक द्वारा अपने उदबोधन के माध्यम से अवगत कराया गया कि यह प्रयोगशाला किसानों के लिए बहुत उपयोगी सिद्ध होगी। भूमि स्वास्थ्य के वर्तमान परिवेश के दृष्टिगत सभी किसानों के लिए यह आवश्यक है कि वे अपने अपने खेत की मिट्टी का भूमि परीक्षण अवश्य करा लें, जिससे उनको यह पता लग सके कि उनके भूमि में किन किन पोषक तत्वों की कमी है और तदनुसार उन तत्वों की पूर्ति करते हुए ना केवल वे अच्छा उत्पादन प्राप्त कर सकते हैं बल्कि अनावश्यक उर्वरकों के प्रयोग से भी बच सकते हैं। इससे परोक्ष रूप से जहां कृषि लागत में कमी होगी, वहीं अपरोक्ष रूप से कृषि उत्पाद, भूमि और जल की गुणवत्ता में वृद्धि भी होगी।


जिला उद्यान अधिकारी जीतेंद्र कुमार के द्वारा पॉलीहाउस के माध्यम से फूलों की खेती के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। ग्राम अगरी के अग्रणी कृषक अखिलेश कुमार के द्वारा पाली हाउस के माध्यम से की जा रही फूलों की खेती की जानकारी दी गई।


हल्दौर फेड फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी लिमिटेड अगरी के संरक्षक ब्रह्म पाल सिंह ने बताया कि उनके यहां जैविक जामुन व गन्ना का जैविक सिरका, गुड़, शक्कर, खाण्ड, हल्दी, गेहूं व चावल बिक्री के लिए उपलब्ध हैं। कृषक उत्पादक संगठन के निदेशक मंडल एवं सदस्यों तथा उपस्थित कृषकों के साथ श्री अखिलेश कुमार के प्रक्षेत्र पर पाली हाउस में उत्पादित किए जा रहे फूलों की खेती का भ्रमण भी किया गया।
इस अवसर पर पूर्व ब्लाक प्रमुख डॉ धर्मवीर सिंह, समर पाल सिंह, शूरवीर सिंह, डा धर्मवीर सिंह, विकास कुमार, धीर सिंह, ओम प्रकाश आदि ने भी अपने विचार व्यक्त किये। इस कार्यक्रम में उप संभागीय कृषि प्रसार अधिकारी सदर मनोज रावत, विषय वस्तु विशेषज्ञ मुकेश पाराशर एवं कुलदीप, सहायक विकास अधिकारी कृषि कमल सिंह आदि उपस्थित रहे।

शेखपुरा आलम में पशुपालन विभाग ने लगाया निःशुल्क पशु आरोग्य शिविर


पशुपालन विभाग ने किया किसान गोष्ठी एवं नि:शुल्क पशु स्वास्थ्य शिविर का आयोजन। गौ पूजन के साथ हुआ शुभारंभ

बिजनौर। नजीबाबाद विधानसभा क्षेत्र के ग्राम पंचायत शेखपुरा आलम में पशुपालन विभाग द्वारा पंडित दीनदयाल उपाध्याय पशु आरोग्य शिविर लगाया गया। शुभारंभ नजीबाबाद के ब्लाक प्रमुख तपराज सिंह देशवाल, वरिष्ठ भाजपा नेता चौधरी ईशम सिंह, मंडल अध्यक्ष भाजपा जुगनेश कुमार ने संयुक्त रुप से गौ पूजन तथा मुख्य द्वार पर बंधा फीता काटकर किया।

इस अवसर पर उप जिला मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ विनोद कुमार ने विस्तार से पशुपालन विभाग की योजनाओं के बारे में शिविर में उपस्थित किसानों एवं पशुपालकों को बताया। उन्होंने कहा कि सरकार अनेक योजनाएं चलाकर किसानों के जीवन स्तर को ऊंचा उठाने के लिए कार्य कर रही है जिसमें पशुपालन विभाग पशुओं के लिए नि:शुल्क दवाइयां नि:शुल्क उपचार टीकाकरण आदि की व्यवस्था कर रहा है। अपने संबोधन में पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ कर्मवीर सिंह एवं डा अंकित चौधरी ने कहा कि पशुओं की किसी भी समस्या के लिए हम सब तत्पर हैं। हर समय जो भी समस्या किसी को होती है, वह किसान भाई संपर्क कर सकते हैं।

ब्लाक प्रमुख तपराज सिंह देशवाल ने कहा कि पशुपालन विभाग द्वारा दी जा रही योजनाओं का समुचित प्रचार-प्रसार ना होने के कारण क्षेत्र के किसान भाई सरकारी योजनाओं से अनभिज्ञ रह जाते हैं। उन्होंने अधिकारियों से अधिक से अधिक प्रचार प्रसार का आह्वान करते हुए सभी किसान भाइयों से आग्रह किया कि सरकार की योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।

अपने संबोधन में वरिष्ठ भाजपा नेता चौधरी ईशम सिंह ने कहा कि सरकार सबका साथ सबका विकास सबका विश्वास के आधार पर विकास योजनाएं चलाकर जनता के विकास का कार्य कर रही है। इसमें पशुपालन विभाग पंडित दीन दयाल उपाध्याय पशु आरोग्य शिविर लगाकर घर-घर तक विभागीय योजनाओं का लाभ किसान भाइयों, पशुपालकों तक पहुंचने का कार्य कर रही है। यह विभाग का सराहनीय कार्य है। उन्होंने सभी से उन सरकारी योजनाओं का लाभ लेने की अपील की। इस अवसर पर ग्राम प्रधान भागीरथ सिंह की अध्यक्षता एवं अनुज कुमार के संचालन में किसान गोष्ठी एवं पशु आरोग्य शिविर का आयोजन किया गया। इसमें मुख्य रूप से ब्लाक प्रमुख तपराज सिंह देशवाल, चौधरी ईशम सिंह, गजेंद्र सिंह, अनुज कुमार, चमन सिंह सैनी, राम कुमार सिंह, पूर्व प्रधानाचार्य अतर सिंह चौहान, ओमप्रकाश सिंह, पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ अंकित कुमार, पैरावेट जुगनेश कुमार, युवा मोर्चा के मंडल अध्यक्ष अभय रघुवंशी, सुधीर चौधरी चंदोक सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। इस अवसर पर पशु आरोग्य शिविर में 406 पशुओं का पंजीकरण हुआ, जिसमें 404 बड़े पशु एवं दो छोटे पशु शामिल हैं। शिविर में 104 पशुओं की सामान्य चिकित्सा की गई। कृमि नाशक दवाइयों का वितरण 404 पशुओं के लिए किया गया, बांझपन चिकित्सा 32, पशुओं की गर्भधान 12, बधियाकरण दो, टीकाकरण 300, पशुओं का किया गया, उक्त सभी कार्य नि:शुल्क किए गए।

गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य योजना के अंतर्गत भरपूर लाभ कर सकेंगे अर्जित: डीएम उमेश मिश्रा

बिजनौर। जिलाधिकारी उमेश मिश्रा ने जानकारी देते हुए बताया कि रबी विपणन वर्ष 2022-23 में न्यूनतम मूल्य समर्थन योजना के अंतर्गत कृषक बंधुओं को भरपूर लाभ दिलाए जाने के उद्देश्य से जिला बिजनौर में गेहूं ख़रीद के लिए कुल 34 क्रय केंद्र अनुमोदित किए गए हैं।

उन्होंने बताया कि अनुमोदित क्रय केंद्रों में खाद्य विभाग के 09 एवं पीसीएस के 25 क्रय केंद्र शामिल हैं। उन्होंने यह भी बताया कि शासन की महत्वपूर्ण गेहूं खरीद योजना आगामी 1 अप्रैल 2022 से शुरू होगी, जिसके तहत गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य ₹ 2015 प्रति कुंतल निर्धारित किया गया है। गेहूं खरीद के लिए किसानों का पंजीयन खाद्य विभाग की वेबसाइट http://www.fcs.up.gov.in पर (बैंक खाता संख्या खतौनी आधार कार्ड एवं मोबाइल नंबर के आधार पर) कृषक द्वारा स्वयं, जन सूचना केंद्र अथवा इंटरनेट कैफे के द्वारा कराया जा सकता है। उन्होंने और अधिक जानकारी देते हुए बताया कि कृषक बंधु ख़रीफ़ विपणन वर्ष 2021-22 में धान खरीद के लिए पंजीकरण करा चुके हैं, उन्हें गेहूं विक्रय के लिए पंजीयन कराने की आवश्यकता नहीं है, लेकिन उन्हें पंजीयन प्रपत्र में यथा आवश्यक संशोधन करते हुए पंजीयन में दर्ज कुल रकबे में अपने हिस्से में बोए गए गेहूं के रकबे की घोषणा करते हुए पंजीयन प्रपत्र को पुनः लाक करना अनिवार्य होगा। उन्होंने बताया कि उक्त संबंध में आवश्यक जानकारी प्राप्त करने के लिए अपर जिलाधिकारी प्रशासन/ जिला ख़रीद अधिकारी (गेहूं ख़रीद) बिजनौर के मोबाइल नंबर 9454416895 तथा जिला खाद्य विपणन अधिकारी, बिजनौर के मोबाइल नंबर 9794032966 पर संपर्क स्थापित किया जा सकता है।

पंडित दीनदयाल उपाध्याय आरोग्य पशु मेले में हुआ 433 पशुओं का पंजीकरण

ग्राम धौलागढ में हुआ पंडित दीनदयाल उपाध्याय आरोग्य पशु मेले का आयोजन। मेले में हुआ 433 पशुओं का हुआ पंजीकरण।

बिजनौर। नूरपुर क्षेत्र की ग्राम पंचायत धौलागढ में पशुपालन विभाग द्वारा एक दिवसीय पंडित दीनदयाल उपाध्याय पशु आरोग्य शिविर व मेला का आयोजन किया गया।
बुधवार को आयोजित मेले का उद्घाटन मुख्य अतिथि ग्राम प्रधान चंद्रप्रभा ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय के चित्र पर माल्यार्पण कर किया। इसके बाद गोपूजन किया। इस अवसर पर नूरपुर के पशु चिकित्सा अधिकारी डा. मोहम्मद अहमद ने पशुपालन विभाग द्वारा संचालित विभिन्न प्रकार की योजनाओं की जानकारी पशुपालकों को दी। उन्होंने पशु टीकाकरण, बांझपन, संतुलित आहार आदि के प्रति पशु पालकों को जागरूक किया। मेले में वैक्सीनेटर मुनेश कुमार, मोहम्मद दानिश, अमन कुमार आदि उपस्थित रहे। मेले में कुल 433 पशुओं का पंजीकरण हुआ। विभाग की ओर से पशु पालकों को निःशुल्क मिनरल मिक्सचर का वितरण किया गया।

फसलों के बीच में उगे खरपतवार पहचाना हुआ बेहद आसान

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से पहचाने जाएंगे फसलों के बीच में उगे खरपतवार

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से पहचाने जाएंगे फसलों के बीच में उगे खरपतवार, जानें प्रोजेक्ट के बारे में पूरी जानकारी

नई दिल्ली (एजेंसी)। छत्तीसगढ़ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का हर क्षेत्र में तेजी से इस्तेमाल बढ़ता जा रहा है। यह इंसानी जिंदगी का एक तरह से पहिया बनता जा रहा है। यही वजह है कि AI का कारोबार तेजी से विस्तार ले रहा है। भारत में भी इसकी उपयोगिता बढ़ती जा रही है। भारत सरकार का इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय भी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को बढ़ावा दे रहा है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से छत्तीसगढ़ के दो युवा वैभव देवांगन और धीरज यादव ने एक प्रोजेक्ट तैयार किया है, जिससे फसलों के बीच में उगे खरपतवारों को पहचानने में मदद मिलेगी। 

इस बारे में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म कू पर डिजिटल इंडिया ने एक वीडियो के साथ पोस्ट शेयर किया है। डिजिटल इंडिया ने लिखा है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस- द फ्यूचर ऑफ द नेशन, दो युवाओं ने एआई संचालित तकनीक की मदद से एक प्रोजेक्ट तैयार किया है। ‘एआई के लिए वीड डिटेक्टर सिस्टम’, जो आसानी से खेतों में विभिन्न प्रकार के खरपतवारों की पहचान करता है और उन्हें हटाने में सहायता करता है।

बता दें कि छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले के शासकीय कुलदीप निगम उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, नर्रा के छात्र वैभव देवांगन और धीरज यादव द्वारा एआई तकनीक से तैयार किया गया यह प्रोजेक्ट किसानों के लिए मददगार साबित हो सकता है। 

कृषि विभाग: प्राविधिक सहायकों को नियुक्ति पत्र वितरित

बिजनौर। कृषि विभाग में नव चयनित निशांत कुमार व सागर तोमर को प्राविधिक सहायक ग्रुप सी के पद पर नियुक्ति पत्र का वितरण जिला पंचायत अध्यक्ष साकेन्द्र प्रताप सिंह व जिलाधिकारी उमेश मिश्रा द्वारा किया गया।

लोक भवन लखनऊ में हुआ मुख्य कार्यक्रम-
कृषि विभाग में 1863 प्राविधिक सहायक ग्रुप सी में उत्तीर्ण अभ्यर्थियों का विवरण व अभिलेख का सत्यापन ऑनलाइन किये जाने के उपरांत पूरे प्रदेश में आज शुक्रवार सायं चार बजे चयनित समस्त अभ्यर्थियों को नियुक्ति वितरण किए गए जाने के निर्देश शासन द्वारा दिए गए थे। नियुक्ति पत्र वितरित करने का मुख्य कार्यक्रम लोकभवन लखनऊ में आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा सात जनपदों के चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र वितरित किए गए।

उज्जवल भविष्य की कामना-
जिला पंचायत अध्यक्ष व जिलाधिकारी ने चयनित प्राविधिक सहायकों के उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए लगन से काम करने करने के लिए कहा।
बिजनौर में नियुक्ति पत्र वितरण के समय उप कृषि निदेशक गिरीश चंद्र, आत्मा प्रभारी योगेंद्र पाल सिंह योगी व अरविंद कुमार उपस्थित रहे।