एसडीएम नजीबाबाद ने सीज किया खनन सामग्री से भरा ओवरलोड डंपर

फाइल फोटो

एसडीएम नजीबाबाद ने सीज किया खनन सामग्री से भरा ओवरलोड डंपर

एसडीएम, सीओ की संयुक्त कार्रवाई से डंपर चालकों में मचा हड़कंप

बिजनौर। एसडीएम नजीबाबाद ने हरिद्वार रोड पर खनन सामग्री से भरे ओवरलोड डंपर को सीज कर दिया। कार्रवाई से डंपर चालकों में हड़कंप मच गया। एसडीएम नजीबाबाद विजय वर्धन तोमर व क्षेत्राधिकारी गजेंद्र पाल ने बीती रात्रि संयुक्त रूप से खनन सामग्री से भरे वाहनों के खिलाफ चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान एसडीएम ने खनन सामग्री से भरा एक ओवरलोड डंपर को कागज न दिखाने पर सीज कर दिया। एसडीएम विजय वर्धन तोमर व सीओ गजेंद्र पाल सिंह हरिद्वार रोड पर पहुंचे, जहां उन्होंने हरिद्वार की ओर से आ रहे खनन सामग्री से भरे ओवरलोड डंपर को रोक लिया। कागजात न दिखाने व ओवरलोडिंग पर उक्त डंपर को सीज कर मंडी समिति में खड़ा करा दिया गया। एसडीएम की इस कार्यवाही से डंपर चालको में हड़कंप मच गया। एसडीएम विजय वर्धन तोमर ने बताया कि उत्तराखंड में खनन चालू है, वहां की खनन सामग्री को उत्तराखंड में ही ले जाया सकता है। उन्होंने कहा कि अवैध खनन व ओवरलोडिंग के खिलाफ समय- समय अभियान चलाकर कार्यवाही की जा रही है।

बिजनौर के पूर्व सीजीएसटी कमिश्नर ढ़ाई करोड़ के गबन में गिरफ्तार

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में आर्थिक अपराध अनुसंधान शाखा (EOW) ने सीजीएसटी के उपायुक्त मुन्नीलाल को गबन के आरोप में गिरफ्तार किया है। मुन्नीलाल पर बिजनौर में तैनाती के दौरान 2.44 करोड़ रुपए के गबन का आरोप है।

ईओडब्लयू के मुताबिक, मुन्नीलाल बिजनौर जिले के भागुवाला चेक पोस्ट पर सीजीएसटी के उपायुक्त के पद पर तैनात थे। उन पर आरोप था कि वह पश्चिम बंगाल, उड़ीसा व झारखंड से आने वाला लौह अयस्क नौबतपुर चेक पोस्ट से गलत तरीके से बहती (सीमा से गुजरने का पास) तैयार करते थे। आरोप है कि मुन्नीलाल ने भागूवाला चेकपोस्ट के रास्ते से उत्तराखंड के लिए जाने वाले माल को नौबतपुर चेकपोस्ट द्वारा बहती जारी कर दिया, जिसमें दिखाया गया कि समस्त लौह धातु का उपयोग उत्तर प्रदेश सीमा में किया गया। इसके एवज में मुन्नीलाल ने करीब ढाई करोड़ रुपये को आपस में बांटा था। मुन्नीलाल सुल्तानपुर जिले के कोतवाली देहात थाने भर्तीपुर गांव के निवासी हैं। मामला तूल पकड़ने पर आर्थिक अपराध अनुसंधान शाखा (ईओडब्ल्यू) डीजीपी डॉ. आरके विश्वकर्मा द्वारा एसपी हबीबुलहसन के नेतृत्व में गठित टीम ने मुन्नीलाल को गिरफ्तार किया। टीम में इंस्पेक्टर अफसाना खान व अशोक सिंह, सब इंस्पेक्टर सुखदेव सिंह व कांस्टेबल आशीष मिश्रा शामिल रहे।

अवैध खनन करते पकड़े गए 10 डंपर, एक पोकलैंड

अवैध खनन करते पकड़े गए 10 डंपर, एक पोकलैंड डीआइजी मुरादाबाद से शिकायत करने पर पुलिस ने की कार्रवाई। मामला सैट करने की तैयारी?

बिजनौर। तहसील नजीबाबाद अंतर्गत अलावलपुर मौजा खेड़ा में 10 डंपर, एक पोकलैंड अवैध खनन करते पकड़े गए हैं। डीआइजी मुरादाबाद शलभ माथुर से शिकायत करने पर पुलिस ने की कार्रवाई। आरोप है कि सीज करने में कोताही बरती जा रही है!

तहसील नजीबाबाद अंतर्गत अलावलपुर मौजा खेड़ा में अवैध खनन की शिकायत डीआइजी मुरादाबाद शलभ माथुर से की गई थी। इस पर थाना कोतवाली पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 10 डंपर, एक पोकलैंड अवैध खनन करते पकड़ लिए। बताया जा रहा है कि वाहनों को सीज करने और चालकों को गिरफ्तार करने में कोताही बरती जा रही है! दूसरी तरफ खनन माफिया को बचाने के भी प्रयास किए जा रहे हैं?

जानकारी के अनुसार भाकियू भानू गुट के सुखवेंद्र सिंह, जितेंद्र हुड्डा, रामोद ने डीआईजी शलभ माथुर को ग्राम पंचायत अलावलपुर क्षेत्र में बिना अनुमति मिट्टी का बड़े पैमाने पर डंपरों और पोर्कलेन मशीन द्वारा अवैध खनन की शिकायत की थी। इस पर अपराध निरीक्षक अर्जुन सिंह, क्षेत्रीय उपनिरीक्षक सर्वेज खां के नेतृत्व में पहुंची टीम ने मिट्टी खनन कर रहे वाहनों को कब्जे में ले लिया। मिट्टी ढुलान से संबंधित कंपनी प्रबंधक अभय प्रताप ने एनएच 119 के लिए मिट्टी ढुलान की कार्रवाई जारी होने की बात कही। उधर पीएनसी कंपनी के सर्वेयर ओमप्रकाश ने मिट्टी दुलान के लिए अनुमति प्रक्रिया ऑनलाइन किए जाने की बात पुलिस को बताई।

गौरतलब है कि रायल्टी जमा करने के बावजूद जेसीबी से खनन करने की मंजूरी न देते हुए प्रशासन सिर्फ फावड़े से ही मिट्टी उठाने की अनुमति देता है। इसके बावजूद खुलेआम जेसीबी से खनन किया जा रहा है। सैकड़ों डंपर और ट्रैक्टर ट्रालियों को दिन रात इस काम में लगाया गया है। तमाम शिकायतों के बावजूद जिला प्रशासन का एक भी अधिकारी आंख उठा कर देखने की हिम्मत नहीं जुटा पाता। खनन माफिया की जड़े गहरी होने का यह पुख्ता सबूत है कि खुलेआम रात दिन जेसीबी से खनन जारी है।

नेशनल हाईवे चौड़ीकरण के लिए मिट्टी ढुलान की ऑनलाइन प्रक्रिया शुरू की गई है। जिला मुख्यालय से अनुमति होना बाकी है। प्रक्रिया पूरी होने से पूर्व कार्य शुरू करने की रिपोर्ट जिला मुख्यालय को भेजी जा रही है।

– विजय वर्धन तोमर, एसडीएम नजीबाबाद ।

राजनीतिक वरदहस्त इतना भारी, अवैध खनन बदस्तूर जारी

राजनीतिक वरदहस्त इतना भारी, अवैध खनन बदस्तूर जारी। कार्रवाई का दावा करने वाले प्रशासनिक अधिकारी बैकफुट पर।

बिजनौर। अवैध खनन के धंधे में राजनीतिक वरदहस्त इतना भारी है कि एक दिन पहले कार्रवाई का दावा करने वाले प्रशासनिक अधिकारी बैकफुट पर हैं और अवैध खनन बदस्तूर जारी है।

दरअसल नूरपुर रोड पर चारु पेपर मिल एवं नगला गांव में भाई बहन के मंदिर के पास के क्षेत्र में बड़े पैमाने पर मिट्टी का अवैध खनन किया जा रहा है। इतना ही नहीं अनुमति से दोगुना स्थानों पर अवैध खनन जेसीबी से किया जा रहा है। यही नहीं, जितनी गहराई तक खुदाई की अनुमति मिली है, उससे दोगुना से ज्यादा खुदाई करने के कारण बहुत स्थानों पर खाई बन गई हैं। जिले के आला अधिकारियों तक को इस बात की सूचना होने के बावजूद अभी तक किसी प्रकार की कार्रवाई खनन माफियाओं के खिलाफ नहीं की गई। गौरतलब है कि मिट्टी खनन के लिए जेसीबी से खनन करने की मंजूरी नहीं दी जाती है। प्रशासन सिर्फ फावड़े से ही मिट्टी उठाने की अनुमति देता है। इसके बावजूद खुलेआम जेसीबी से खनन किया जा रहा है।

यहां उल्लेखनीय है कि शुक्रवार को कई समाचार पत्रों ने अवैध खनन की खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया, लेकिन इसके बावजूद जिला प्रशासन का एक भी अधिकारी आंख उठा कर देखने की हिम्मत, नहीं जुटा पाया। इससे स्पष्ट होता है कि खनन माफिया की जड़े कितनी गहरी हैं कि खुलेआम रात दिन जेसीबी से खनन जारी रखे हुए हैं।आमजन के मुंह से तरह-तरह की बातें जहाँ जिला प्रशासन के संबंध में सुनी जा सकती हैं वहीं कुछ लोग सीधा राज्य सरकार को दोषी ठहरा रहे हैं। प्रशासनिक अमला ही सरकार की नीतियों का मखौल उड़ाने में लगा है। सब जानकर भी अनजान मूक दर्शक बने हुए हैं।

पुलिस प्रशासन की मिलीभगत से चल रहा मिट्टी के अवैध खनन का खेल

पुलिस प्रशासन की मिलीभगत से चल रहा मिट्टी के अवैध खनन का खेल

धरती का सीना छलनी कर रहे हैं खनन माफिया

बिजनौर। पुलिस प्रशासन की सरपरस्ती में इन दिनों मिट्टी के अवैध खनन का धंधा परवान पर है। खनन माफिया धरती का सीना छलनी कर अवैध कालोनियों में भराव कर रहे हैं। खनन फावड़े के बजाय जेसीबी से हो रहा है, अनुमति से अधिक स्थानों पर हो रहा है, जितने गहराई तक खुदाई की अनुमति है, उसके दोगुना खोदा जा रहा है। …और यह सब राजनीतिक और कुछ प्रभावशाली लोगों की मिलीभगत से चल रहा है। जिले के आला अधिकारियों तक को इस बात की सूचना होने के बावजूद अभी तक किसी प्रकार की कार्रवाई खनन माफियाओं के खिलाफ नहीं की गई।

एनजीटी के आदेशों को पूरी तरह हवा में उड़ाते हुए खनन माफिया; पुलिस, प्रशासन और खनन विभाग तीनों से सेटिंग कर धड़ल्ले से अपना काम कर रहे हैं। क्षेत्र में बन रही कालोनियों में भराव के नाम पर रातों-रात खनन कर सैकड़ों ट्रालियां डंपर सड़कों पर दौड़ रहे हैं। मिट्टी खनन की शिकायतें लोगों ने कई बार जिम्मेदार अधिकारियों से कीं, लेकिन खनन माफिया पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। इस कारण खनन माफिया भराव के नाम पर ठेका ले रहे हैं। देहात क्षेत्रों में मिट्टी के अवैध खनन का कारोबार बड़े स्तर पर चल रहा है। रात भर सड़कों पर मिट्टी से भरे डंपर दौड़ते रहते हैं। नूरपुर रोड पर चारु पेपर मिल एवं नगला गांव में भाई बहन के मंदिर के पास के क्षेत्र में बड़े पैमाने पर मिट्टी का अवैध खनन किया जा रहा है। इतना ही नहीं अनुमति से दोगुना स्थानों पर अवैध खनन और वो भी जेसीबी से किया जा रहा है। यही नहीं जितनी गहराई तक खुदाई की अनुमति मिली है, उससे दोगुना से ज्यादा खुदाई करने के कारण बहुत स्थानों पर खाई बन गई हैं।

…तो भूमि हो जाएगी बंजर~ जानकारों का कहना है कि अवैध मिट्टी खनन के कारण खेतों से उर्वरा मिट्टी समाप्त होती जा रही है। यही हाल रहा तो अधिकतर भूमि बंजर हो जाएगी।

जेसीबी नहीं, फावड़े से है अनुमति

मिट्टी खनन के लिए जेसीबी से खनन करने की मंजूरी नहीं दी जाती है। रायल्टी जमा करने के बाद भी जेसीबी से खनन करने की मंजूरी न देते हुए प्रशासन सिर्फ फावड़े से ही मिट्टी उठाने की अनुमति देता है। इसके बावजूद खुलेआम जेसीबी से खनन किया जा रहा है। खनन माफिया प्लाटिंग करने वालों से हर ट्राली के हिसाब से ठेका कर लेते हैं। खनन माफिया से हर ट्राली और डंपर के हिसाब से पुलिस और खनन विभाग पैसा लेता है, जिस वजह से उन पर कोई कार्रवाई नहीं की जाती है। शिकायत पर अगर कोई अधिकारी कार्रवाई करने की रणनीति तैयार करते हैं तो सबसे पहले सूचना खनन माफिया तक पहुंच जाती है। सरकारी मानकों को दरकिनार कर मनमर्जी खुदाई से सरकार  को भी करोड़ों का नुकसान हो रहा है। जिले के आला अधिकारियों तक को इस बात की सूचना होने के बावजूद अभी तक किसी प्रकार की कार्रवाई खनन माफियाओं के खिलाफ नहीं की गई।


ये हैं नियम


मिट्टी के खनन के लिए खनन विभाग की अनुमति जरूरी है। इसके लिए निर्धारित प्रारूप पर डीएम, एडीएम, खनन अधिकारी और बीडीओ के नाम पर एप्लीकेशन देनी होती है। आवेदक को जिस स्थान से मिट्टी लाई जा रही है, उसकी खतौनी के अनुसार भू स्वामी का भी पूरा ब्योरा देना होता है। यह भी सूचना देनी होती है कि कितनी मिट्टी का खनन हो रहा है, जहां मिट्टी खोदी जा रही है, वहां से निर्माण स्थल कितनी दूर है। मिट्टी ढोने वाले वाहन का नंबर, चालक का नाम और उसका मोबाइल नंबर भी बताना होता है।

अधिकारियों के फोन स्विच ऑफ: अवैध मिट्टी के खनन की वीडियो फुटेज एडीएम प्रशासन अरविंद सिंह और एसडीएम मोहित कुमार को एक खबरनवीस ने गुरुवार दिन में भेजी! बताया गया है कि एडीएम ने तुरंत ही मौके पर दबिश करने का दावा किया। देर शाम तक भी खनन जारी रहने पर मोबाइल फोन पर उनके पक्ष जानने की कोशिश की गई, दोनों अधिकारियों के फोन स्विच ऑफ रहे।

खनन सामग्री से लदे ओवरलोड दो वाहन सीज

खनन सामग्री से लदे ओवरलोड वाहनों पर चला प्रशासन का चाबुक

बिजनौर। चेकिंग अभियान के तहत स्योहारा पुलिस प्रशासन ने संयुक्त कार्रवाई कर खनन सामग्री लदे ओवरलोड दो वाहन सीज किए हैं। प्रशासन द्वारा की गई कार्रवाई से खनन कारोबारियों में हडकंप मचा हुआ है।

प्रभारी निरीक्षक राजीव चौधरी ने बताया कि आला अधिकारियों के निर्देश पर अवैध खनन तथा ओवरलोड वाहनों के विरुद्ध अभियान चल रहा है। ओवरलोड व डग्गामार वाहनों के चेकिंग अभियान के तहत मंगलवार को एसडीएम मनोज कुमार, सीओ इंदु सिद्धार्थ नगर के थाना चौराहे पर मौजूद थे। इस दौरान उन्होंने उत्तराखंड की ओर से आ रहे खनन सामग्री लदे ओवरलोड एक डंपर व एक ट्रक को रोककर कागजात दिखाने को कहा। दोनों वाहनों के चालक उपखनिज संबंधित कागजात नहीं दिखा सके, जिसके चलते अधिकारियों ने मौके पर ही दोनों को सीज कर दिया। प्रशासन की कार्रवाई से खनन कारोबारियों व डग्गामार वाहनों में हड़कंप मच गया है। एसडीएम मनोज कुमार सिंह का कहना है कि खनन कारोबारियों तथा ओवरलोड वाहनों के विरुद्ध अभियान जारी रहेगा। प्रभारी निरीक्षक राजीव चौधरी ने बताया कि एक डंपर व एक ट्रक को चेकिंग के दौरान सीज किया गया है। खनन सामग्री के संबंध में खनन अधिकारी सहित संबंधित अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है।

मिट्टी से भरे दो ओवरलोड डंपर एसडीएम व सीओ धामपुर ने पकड़े

एसडीएम व सीओ धामपुर ने पकड़े मिट्टी से भरे दो ओवरलोड डंपर

बिजनौर। नहटौर के मुस्लिम फंड गर्ल्स इंटर कॉलेज के पास एसडीएम व सीओ ने मिट्टी से भरे दो ओवरलोड डंपर को पकड़कर थाने भिजवा दिया। दोनों ओवरलोड डंपरों का चालान काटकर भेज दिया गया है।


एसडीएम धामपुर मनोज कुमार सिंह व सीओ धामपुर इंदु सिद्धार्थ ने मिट्टी से भरे दो ओवरलोड डंपरों को धामपुर मार्ग पर मुस्लिम फंड गर्ल्स इंटर कॉलेज के सामने रोककर पूछताछ की। इसके बाद दोनों डंपरों को पुलिस बुला कर थाने भिजवा दिया। डंपर पकड़े जाने के बाद कई लोग थाने पहुंच गए। आनन-फानन में दोनों डंपरों को धर्मकांटे पर वजन कराने के बाद चालान काटते हुए छोड़ दिया गया।

लगातार दौड़ रहे हैं मिट्टी से भरे ओवरलोड डंपर: लोगों का कहना है कि करीब एक माह से नगर की सड़कों पर मिट्टी से भरे ओवरलोड डंपर दौड़ रहें हैं। ओवरलोड डंपरों से सड़कों पर बिखर रही मिट्टी धूल बनकर उड़ रही है।रोजना दर्जनों की संख्या में बेखौफ होकर ओवरलोड डंपर दौड़ रहे हैं। चालान होने के बाद दोबारा से ओवरलोड डंपर फिर से दौड़ने लगे।

धामपुर प्रशासन ने किए अवैध खनन में 6 डंपर सीज

धामपुर पुलिस प्रशासन ने अवैध खनन में 6 डंपर सीज किए। अफजलगढ़ में तीन, शेरकोट में 2 और एक डंपर को धामपुर क्षेत्र में पकड़ा।

बिजनौर। धामपुर क्षेत्र में शासन के निर्देश पर अवैध खनन और ओवरलोड वाहनों के खिलाफ पुलिस प्रशासन की संयुक्त टीम ने चेकिंग अभियान चलाया। तहसील क्षेत्र में अवैध रूप से ओवरलोड खनन सामग्री ले जा रहे 6 डंपरों को सीज किया गया। जिले में अवैध ओवरलोड खनन सामग्री लाने और ले जाने की शिकायत लगातार जिला प्रशासन को मिल रही थी। अभियान के तहत 6 ओवरलोड अवैध रूप से खनन ले जा रहे डंपर को टीम ने पकड़कर सीज कर दिया। उनके खिलाफ विधिक कार्रवाई की जा रही है।

एसडीएम धामपुर मनोज कुमार सिंह ने बताया कि डीएम और एसपी के निर्देश पर यह अभियान चलाया गया है। इस अभियान में अवैध रूप से खनन सामग्री ले जा रहे तीन डंपरों को अफजलगढ़ में पकड़ा गया है, जबकि दो डंपरों को शेरकोट और एक डंपर को धामपुर क्षेत्र में पकड़ा गया है। कुल 6 डंपरों को अभी तक पकड़ा गया है। अभियान लगातार जारी है।

अवैध खनन: थानेदार समेत छह पुलिस कर्मी लाइनहाजिर

अवैध खनन में नप गए थानेदार, पांच अन्य पर भी गिरी गाजडीआईजी मुरादाबाद की स्पेशल टीम ने पकड़ा था अवैध खनन। मौके से पकड़े गए थे आठ आरोपी। बरामद की गई थीं दो जेसीबी और सात डंपर।

बिजनौर। अवैध खनन को लेकर पुलिस अधीक्षक ने बड़ी कार्रवाई की है। तीन दिन पहले डीआईजी मुरादाबाद की स्पेशल टीम द्वारा स्योहारा थाना क्षेत्र के सहसपुर में जारी अवैध खनन को रंगे हाथों पकड़ने के बाद मामले की जांच चल रही थी। मंगलवार को एसपी डॉ धर्मवीर सिंह ने स्योहारा थानाध्यक्ष आशीष कुमार, सब इंस्पेक्टर ओमकार सिंह व सब इंस्पेक्टर धर्मेन्द्र पंवार के अलावा कांस्टेबल अमित कुमार, कांस्टेबल यशवीर राठी, कांस्टेबल सतेन्द्र सिंह व कांस्टेबल अंकित शर्मा को लाइनहाजिर कर दिया।  नजीबाबाद कोतवाली में तैनात वरिष्ठ उप निरीक्षक राजीव चौधरी को स्योहारा थाने की कमान सौंपी गई है।

गौरतलब है कि मुरादाबाद पुलिस की स्पेशल टीम ने बिजनौर के स्योहारा थाना क्षेत्र में चल रहे अवैध खनन के धंधे पर शुक्रवार रात छापा मारा था। गोपनीय ढंग से की गई कार्रवाई में टीम ने मौके से आठ लोगों को हिरासत में लेने के साथ ही दो जेसीबी और सात डंपर कब्जे में ले लिए थे। डीआईजी शलभ माथुर ने इस स्पेशल टीम का गठन बिजनौर पुलिस के अवैध खनन के खिलाफ कार्रवाई नहीं किए जाने की शिकायत पर किया था। डीआईजी का कहना था कि रिपोर्ट आने पर संबंधित अधिकारी व कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

मुरादाबाद रेंज के बिजनौर जनपद के स्योहारा थाना क्षेत्र के सहसपुर में रात में अवैध खनन किया जा रहा था। जेसीबी और डंपर के जरिये इस धंधे को अंजाम दिया जा रहा था। इससे क्षेत्र के लोग काफी परेशान थे। उन्होंने इस मामले की शिकायत स्योहारा थाने से लेकर बिजनौर में पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों तक की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद पीड़ितों ने मुरादाबाद पहुंचकर डीआईजी शलभ माथुर से शिकायत की। डीआईजी ने बिजनौर पुलिस को अवैध खनन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए। आरोप है कि बावजूद इसके बिजनौर पुलिस ने कुछ नहीं किया। लोगों ने दोबारा डीआईजी कार्यालय में प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग की।

इस पर डीआईजी ने एएसपी सागर जैन के नेतृत्व में एक टीम का गठन कर स्योहारा क्षेत्र में कार्रवाई के लिए भेज दिया। एएसपी स्थानीय पुलिस को सूचना दिए बिना ही शुक्रवार रात अपनी टीम लेकर स्योहारा में अवैध खनन किए जाने वाली साइट पर पहुंच गए। टीम ने छापा मार कर अवैध खनन कर रहे गोलू, रईस, नीशू पाल, फैजान, रवींद्र, महबूब और सलीम को पकड़ा जबकि दो लोग मौके से भाग निकले। टीम ने मौके से दो जेसीबी, सात डंपर और एक बाइक जब्त की। कार्रवाई के बाद बिजनौर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को जानकारी दी गई। सूचना मिलने पर स्योहारा थाने की पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। टीम ने पकड़े गए आरोपी और वाहनों को पुलिस की सुपुर्दगी में दे दिया। टीम ने एक रिपोर्ट बना कर डीआईजी शलभ माथुर को सौंपी। विभागीय सूत्रों का कहना है कि इस रिपोर्ट के आधार पर संबंधित अधिकारी व कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है।

धड़ल्ले से हो रहा अवैध खनन, प्रशासन मौन

बिजनौर। अफजलगढ़ थाना क्षेत्र में मिट्टी का खनन जोरों पर है। खनन माफिया दिन-रात जेसीबी मशीन से धरती का सीना फाड़कर भराव का कारोबार कर रहे हैं और अपनी जेबे भरने में लगे इन खनन माफियाओं की ओर से शासन प्रशासन अपनी आंखें मूंदे हुए हैं जिससे इन खनन माफियाओं के हौसले बुलंद हैं। सूचना देने पर भी उच्च अधिकारियों द्वारा कोई कार्यवाही नहीं होती है। 

राष्ट्रीय राजमार्ग 74 पर स्थित गांव जिक्रीवाला के समीप व भूतपुरी क्षेत्र में खनन माफिया पुलिस व प्रशासन की मदद से खनन के कारोबार में लगे हैं। इन स्थानों पर इन खनन माफियाओं द्वारा प्लाटों को भरने का कार्य बेरोकटोक किया जा रहा है। यह खनन माफिया स्थानीय पुलिस से सांठगांठ कर शाम होते ही बड़ा हाइवे,डम्फर व टैक्टर ट्रालियों सहित मैदान में आ जाते हैं और रात के दस बजते ही यह लोग जेसीबी मशीन से धरती का सीना चीरते हुए रात भर खनन का कार्य करते हैं।

थाना क्षेत्र के गांव जिक्रीवाला,  कासमपुरगढ़ी, आसफाबाद चमन, भूतपुरी, सुआवाला, कादराबाद सहित अनेक स्थानों पर देखा जा सकता है कि मिट्टी का भराव का कार्य चल रहा है। यह खनन माफिया प्लाटों में भराव कर अपनी जेबें भरने में लग रहे हैं। खनन माफिया ओवर लोड वाहनों से मिट्टी ढ़ोते हैं जिसके कारण मार्ग तक क्षतिग्रस्त हो जाते हैं। वहीं कहीं न कहीं इन लोगों के सिर पर कुछ सफेदपोश लोगों का हाथ है।

क्षेत्र में अवैध रूप से मिट्टी भराव कारोबार में दूसरे विधानसभा के लोगों की बढ़ती संख्या को देखते हुए क्षेत्र के खनन माफियाओं के एक गुट ने इन लोगों का विरोध किया तो दोनों गुटों में अपना अपना वर्चस्व बनाने को लेकर कभी भी बड़ी घटना घट सकती है।

अगर पुलिस प्रशासन ने कोई ध्यान नहीं दिया तो खनन माफियाओं के दोनों गुटों में खूनी संघर्ष की संभावना दिखाई दे रही है। यदि इन खनन माफियाओं की शिकायत कोई करता भी है तो पहले तो पुलिस या विभागीय अधिकारियों द्वारा शिकायत कर्ता का नाम बताकर खनन माफियाओं को सूचना दी जाती है और खनन माफियाओं द्वारा शिकायत कर्ता को ही हड़काया जाता है। यदि फिर भी कार्रवाई करने की जिद होती है तो एक दूसरे विभाग के जिम्मे बताकर अपना पल्ला झाड़ लेते हैं। इतना ही नहीं उल्टे इन खनन माफियाओं तक शिकायत किये जाने की बात कहते हुए इन्हें सावधान कर अवैध रूप से चल रही मिट्टी खनन को बन्द करा दिया जाता है । कुछ घंटों बाद फिर से रात भर मिट्टी का खनन शुरू कर दिया जाता है। ग्रामीणों ने डीएम से अवैध रूप से प्लाटों में भराव कर रहे खनन माफियाओं पर अंकुश लगाने की मांग करते हुए कारवाई किये जाने की मांग की है।

एसडीएम ने किया खनन क्षेत्रों का निरीक्षण


जिलाधिकारी उमेश मिश्रा के निर्देशों के अनुपालन में अपर जिलाधिकारी वि/रा अरविंद कुमार सिंह द्वारा तहसील नगीना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम अबुलफजल पहाड़ा तथा ग्राम शाह अलीपुर कोटरा स्थित खनन क्षेत्रों का किया गया निरीक्षण, खनन कार्य पाया गया नियमानुसार, उप जिलाधिकारी नगीना एवं खनन निरीक्षक को अवैध खनन रोकने के लिए खनन कार्याें पर कड़ी निगाह रखने के दिए निर्देश

बिजनौर। जिलाधिकारी उमेश मिश्रा के निर्देशों के अनुपालन में अपर जिलाधिकारी वि/रा अरविंद कुमार सिंह द्वारा तहसील नगीना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम अबुलफजल पहाड़ा तथा ग्राम शाह अलीपुर कोटरा स्थित बालू, बजरी, बोल्डर/आरबीएम खनन क्षेत्र का औचक रूप से निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान ई-निविदा प्रणाली के माध्यम से व्यवस्थापन के लिए निर्धारित मानकों के अनुरूप खनन कार्य पाया गया।

इस अवसर पर उप जिलाधिकारी नगीना शैलेन्द्र कुमार, खनन निरीक्षक ब्रिजेश कुमार गौतम, एसएचओ थाना बढ़ापुर के अलावा अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद थे।
अपर जिलाधिकारी वि/रा अरविंद कुमार सिंह बताया कि उ0प्र0 उप खनिज नियामावली-2021 के नियम-23ड के अधीन जिला बिजनौर की 26544 घनमीटर बालू, बजरी, बोल्डर (मिश्रित अवस्था में)/आरबीएम खनन क्षेत्र का ई निविदा प्रणाली के माध्यम से व्यवस्थापन के लिए तहसील नगीना के ग्राम अबुलफजल पहाड़ा के गाटा सं0-70मि कुल रकबा 1.264 है0 पर अधिकतम रू0 1528 प्रति घनमीटर मैसर्स जयन्ती एन्टरप्रीनियूर प्रा0 लि0 के स्वामी दिलीप कुमार ओझा पुत्र हनुमान प्रसाद ओझा, निवासी 184 एन ब्लॉक, किद्वई नगर, कानपुर नगर को खनन अनुज्ञापत्र (एम0एम0-10) अनुमति प्राप्त हुई। उन्होंने बताया कि ग्राम शाह अलीपुर कोटरा स्थित खनन क्षेत्र के खनन के लिए गाटा सं0-2/102 कुल रकबा 1.012 है0 पर अधिकतम रू0 1525 प्रति घनमीटर पर यशपाल सिंह पुत्र रामस्वरूप सिंह, निवासी ग्राम मठेरा चौहान, तहसील नगीना, जिला बिजनौर तथा ग्राम शाह अलीपुर कोटरा स्थित खनन क्षेत्र के ही अंतर्गत गाटा सं0-2/102 कुल रकबा 1.215 है0 पर अधिकतम रू0 1552 प्रति घनमीटर पर मैसर्स ब्रजबाला इन्फ्रा सोल्यूशन प्रा0 लि0, ए-7 मंगल विहार कॉलोनी, निकट नंगला मौलवी, अलीगढ़ शहर को खनन अनुज्ञापत्र प्राप्त हुआ।

रास्ता न मिलने से रुका हुआ है खनन कार्य
उन्होंने बताया कि निरीक्षण के दौरान एक स्थान पर खनन कार्य नियमानुसार होता पाया गया, जहां पर निर्धारित किए गए क्षेत्र में चिन्हित स्थानों के अन्दर ही खनन कार्य किया जाना प्रकाश में आया, जबकि दो स्थानों पर अभी तक खनन कार्य नहीं किया जाना प्रकाश में आया। जानकारी करने पर बताया कि किसानों द्वारा रास्ता न दिए जाने के कारण उक्त स्थानों पर अभी खनन कार्य शुरू नहीं किया जा सका है, किसानों से वार्ता और उनकी संतुष्टि प्राप्त होते ही कार्य शुरू किया जाएगा। निरीक्षण के दौरान अनुज्ञापियों द्वारा नियमित रूप से रॉयल्टी जमा किया जाना भी प्रकाश में आया। इस अवसर पर उन्होंने उप जिलाधिकारी नगीना एवं खनन निरीक्षक को निर्देश दिए कि खनन कार्याें पर कड़ी निगाह रखें ताकि जिले में किसी स्थान पर भी अवैध खनन का कार्य न होने पाए।