व्हाट्सएप्प ने लगाया 14 लाख से अधिक खातों पर प्रतिबंध

नई दिल्ली (एजेंसी)। मेटा के स्वामित्व वाले व्हाट्सएप ने मार्च के महीने में भारत में 18 लाख से अधिक खातों पर प्रतिबंध लगाया है। सोमवार को कंपनी ने कहा कि नए आईटी नियम 2021 का अनुपालन करते हुए प्लेटफॉर्म ने फरवरी में देश में ऐसे 14 लाख से अधिक खातों पर प्रतिबंध लगाया था। उसे देश से उसी महीने में 597 शिकायत रिपोर्ट भी मिलीं, और ‘कार्रवाई’ वाले 74 खाते थे।

Big blow to WhatsApp users, company banned more than 30 lakh accounts

व्हाट्सएप के प्रवक्ता ने एक बयान में कहा, आईटी नियम 2021 के अनुसार, हमने मार्च 2022 महीने के लिए अपनी रिपोर्ट प्रकाशित की है। इस उपयोगकर्ता-सुरक्षा रिपोर्ट में उपयोगकर्ता की शिकायतों का विवरण और व्हाट्सएप द्वारा की गई संबंधित कार्रवाई के साथ-साथ व्हाट्सएप की स्वयं की निवारक कार्रवाइयां शामिल हैं। प्रवक्ता ने कहा, व्हाट्सएप ने मार्च महीने में 1.8 मिलियन (1,805,000) से अधिक खातों पर प्रतिबंध लगा दिया। 

अब नहीं कर सकेंगे Truecaller से कॉल रिकॉर्डिंग

नई दिल्ली (एजेंसी)। मोबाइल नंबरों की पहचान कराने वाले पॉपुलर ऐप Truecaller ने कॉल रिकॉर्डिंग सर्विस बंद करने का ऐलान किया है। अब आप 11 मई से ट्रूकॉलर ऐप के माध्यम से कॉल की रिकॉर्डिंग नहीं कर पाएंगे। Truecaller ने गूगल की नई पॉलिसी के तहत यह फैसला किया है। गूगल ने 11 मई से API का एक्सेस बंद करने की बात कही है और तमाम कॉल रिकॉर्डिंग ऐप्स रिकॉर्डिंग के लिए API का ही इस्तेमाल करते रहे हैं।

गूगल के एक्शन के बाद Truecaller कॉल रिकॉर्डिंग फीचर को अपने ऐप से हटाने की बात कही है.

गूगल के इस एक्शन के बाद Truecaller कॉल रिकॉर्डिंग फीचर को अपने ऐप से हटाने की बात कही है। ट्रूकॉलर की ओर से कहा गया है कि Google की नई डेवलपर प्रोग्राम पॉलिसी के मुताबिक, अब कॉल रिकॉर्डिंग की सुविधा नहीं दे पाएंगे। ट्रूकॉलर का कहना है कि उसने यूजर्स की मांग के आधार पर सभी एंड्रॉयड स्मार्टफोन के लिए कॉल रिकॉर्डिंग की शुरुआत की थी। ट्रूकॉलर पर कॉल रिकॉर्डिंग सभी के लिए फ्री थी।

Whatsapp ने लगाया लाखों खातों पर प्रतिबंध

नई दिल्ली (एजेंसी)। व्हाट्सएप ने फरवरी महीने में भारत के 1,426,000 अनैतिक एवं हानिकारक अकाउंट्स पर प्रतिबंध लगा दिया है। ऐसा 2021 के नए आईटी नियमों के  अनुपालन में किया गया है।

कंपनी ने कहा कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ने जनवरी में 1,858,000 अकाउंट्स या खातों पर प्रतिबंध लगा दिया था। उसे देश से एक ही महीने में 335 शिकायतें मिलीं और उनमें से 21 पर जनवरी में कार्रवाई की गई। व्हाट्सएप के प्रवक्ता ने एक बयान में कहा, आईटी नियम 2021 के अनुसार, हमने फरवरी 2022 महीने के लिए अपनी नौवीं मासिक रिपोर्ट प्रकाशित की है।

प्रवक्ता ने कहा, जैसा कि नवीनतम मासिक रिपोर्ट में दर्ज किया गया है, व्हाट्सएप ने फरवरी के महीने में 14 लाख से अधिक खातों पर प्रतिबंध लगा दिया है। कंपनी ने कहा कि साझा किए गए डेटा में व्हाट्सएप द्वारा 1 फरवरी से 28 फरवरी के बीच दुरुपयोग का पता लगाने के दृष्टिकोण का उपयोग करके प्रतिबंधित भारतीय खातों की संख्या पर प्रकाश डाला गया है, जिसमें इसके रिपोर्ट फीचर के माध्यम से यूजर्स से प्राप्त नकारात्मक प्रतिक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए की गई कार्रवाई भी शामिल है।

WhatsApp Tricks – इस सेटिंग को कर दें On ! नहीं होंगी सेंड की हुई फोटो की क्वालिटी कम !

साभार- In Hindi Hub

WhatsApp Tricks, WhatsApp Tips, WhatsApp, Tips, Setting, Photo,

WhatsApp Tricks

WhatsApp Tricks – WhatsApp का यूज आज के समय में ज्यादातर लोग करते हैं। इस लोकप्रिय इंस्टेंट मैसेजिंग ऐप में कई सारे फीचर्स मिलते हैं। इनकी मदद से चैटिंग करने के अलावा यूजर्स अपने दोस्तों के साथ वॉइस और वीडियो कॉल भी कर सकते हैं। इतना ही नहीं, यहां से लोगों को फोटो, डॉक्यूमेंट भी भेज सकते हैं।

फोटो भेजने पर क्वालिटी कम हो जाती है –

WhatsApp से फोटो भेजने पर फोटो की क्वालिटी कम हो जाती है। पर अगर आप चाहे तो लोगो को WhatsApp के जरिये ही हाई क्वालिटी में भी फोटो सेंड कर सकते है। WhatsApp से हाई क्वालिटी में फोटो शेयर करने के 2 तरीके हैं। पहला तरीका है, यूजर सेटिंग में बदलाव करके और दूसरा तरीका है, फोटो को डॉक्यूमेंट के तौर पर भेजकर। तो चलिए आइये जानते है, कैसे आप WhatsApp के जरिये हाई क्वालिटी में फोटो सेंड कर सकते है।

Whatsapp की इस सेटिंग में बदलाव करें –

  • पहला तरीका सेटिंग में बदलाव करना है। इसके लिए सबसे पहले अपने डिवाइस पर WhatsApp ओपन करें।
  • उसके बाद होम पेज पर राइट साइड में सबसे ऊपर बने तीन डॉट आइकन पर क्लिक कर दें।
  • फिर सेटिंग के ऑप्शन को सिलेक्ट करें।
  • अब Storage and Data पर क्लिक करें।
  • यहां पर आपको सबसे नीचे Photo Upload Quality का ऑप्शन दिखाई देगा। उस पर क्लिक करें।
  • फिर स्क्रीन पर आ रहे 3 ऑप्शन Auto, Best Quality और Data Saver में से Best Quality को सिलेक्ट कर लें।

WhatsApp में फोटो को डॉक्यूमेंट में भेजें –

  • WhatsApp में डॉक्यूमेंट के जरिये फोटो भेजना। यह हाई क्वालिटी फोटो सेंड करने का यह सबसे आसान और अच्छा तरीका है।
  • इसके लिए WhatsApp ओपन करें और फिर कोई भी चैट ओपन कर लें।
  • अब नीचे मैसेज बार में दिए गए पेपर क्लिप आइकन पर क्लिक करें।
  • यहां आपको Document पर क्लिक करना होगा।
  • अब आप जो फोटो भेजना चाहते हैं, उसे सिलेक्ट करके डॉक्यूमेंट के तौर पर भेज दें।

इन दो तरीके से आप WhatsApp के जरिये High Quality में फोटो भेज सकते हैं।

BSNL के नए प्लान ने अन्य कंपनियों के उड़ाए होश

नई दिल्ली (एजेंसी)। इस वक्त मार्केट में टेलिकॉम कंपनियों में जबरदस्त टक्कर है। जियो से लेकर एयरटेल, वीआई और एयरटेल कई अन्य कंपनियों के बीच लगातार प्रतिस्पर्था देखने को मिल रही है। कभी जियो अपने नए प्लान के जरिए टक्कर देती है तो कभी एयरटेल, लेकिन अब इन दोनों को सरकारी टेलीकॉम कंपनी बीएसएनएल ने कड़ी टक्कर देते हुए एक ऐसा प्लान लॉन्च किया है कि दोनों ही कंपनियों के होश उड़ गए हैं।

BSNL Rs.666 Plan

अपने ग्राहकों के लिए BSNL ने बेहद ही कम कीमत में एक नया अर्फोडेबल प्लान उतारा है, यह BSNL 666 Plan है। इस नए BSNL Prepaid Plan के साथ हर रोज 2 जीबी डेटा के साथ प्रतिदिन 100 एसएमएस की सुविधा मिलेगी। ये प्लान यूजर्स को 110 दिनों की वैलिडिटी ऑफर करेगा। इस प्लान के साथ मिलने वाला डेटा हर रात 12 बजे रिसेट हो जाएगा। साथ ही किसी भी नेटवर्क पर अनलिमिटेड वॉइस कॉलिंग की सुविधा दी जाती है। इसके अलावा इस प्लान में कई और बेनिफिट्स हैं, जैसे- फ्री PRBT, फ्री जिंग म्यूजिक मेंबरशिप और फ्री हार्डी गेम सब्सक्रिप्शन मिलेगा। इस नए प्लान से रीचार्ज के लिए यूजर्स या तो कंपनी के ऑफिशियल रीचार्ज पोर्टल या फिर BSNL सेल्फ केयर ऐप्लिकेशन को डाउनलोड कर सकते हैं।

रिलायंस Jio 666 प्लान

रिलायंस के 666 प्लान की बात करें तो कंपनी इस प्लान के तहत प्रतिदिन 1.5 जीबी डेटा के साथ 84 दिनों की वैलिडिटी दे रही है। इस प्लान के तहत किसी भी नेटवर्क पर अनलिमिटेड वॉइस कॉलिंग और हर रोज 100 एसएमएस दिए जाते हैं। इसके अलावा इसमें कई और बेनिफिट्स हैं जैसे- जियो टीवी, जियो सिनेमा के अलावा जियो सिक्योरिटी और जियो क्लाउड का फ्री एक्सेस देता है।

एयटेल 666 प्लान

वहीं एयरटेल के 666 वाले प्लान में ग्राहकों को रोज 1.5 जीबी डेटा के साथ 77 दिनों की वैधता मिलती है। इसके साथ ही किसी भी नेटवर्क पर अनलिमिडेट वॉइस कॉलिंग और प्रतिदिन 100 एसएमएस की सुविधा मिलती है। हालांकि, इस प्लान के तहत 30 दिनों का Amazon Prime Video मोबाइल एडिशन, 3 महीने के लिए अपोलो 24/7 सर्कल, Shaw Academy का फ्री ऑनलाइन कोर्स और FasTag पर 100 रुपये का कैशबैक और फ्री हेलो ट्यून और विंक म्यूजिक का एक्सेस दिया जाता है।

whatsapp रिलीज करेगा ग्लोबल ऑडियो प्लेयर

नई दिल्ली। अब WhatsApp अपने यूजर्स के लिए ग्लोबल ऑडियो प्लेयर रिलीज करने जा रहा है। इससे पहले WhatsApp Desktop यूजर्स वॉइस प्लेयर को पॉज और रिज्यूम कर सकते थे, लेकिन इसके लिए उन्हें चैट विंडो में ही रहना होता था। नए अपडेट के बाद यूजर्स को ऐसा नहीं करना होगा। वह चैट विंडोज में शफल करते हुए वॉइस मैसेज को सुन सकेंगे।

इस फीचर की मदद से यूजर्स चैट विंडो में स्विच करते हुए ऑडियो नोट्स को सुन भी करेंगे। WABetaInfo के मुताबिक, ‘जब हम वॉइस नोट प्ले करते हैं और दूसरे चैट में स्विच करते हैं, तो WhatsApp ऑडियो बंद नहीं होता है और एक नया ऑडियो प्लेयर बार चैट लिस्ट के नीचे नजर आने लगता है। इस Audio Player Bar की मदद से यूजर्स वॉइस नोट को आसानी से कंट्रोल कर सकेंगे। इस पर प्लेबैक बटन और प्रोग्रेस बार मिलता है, जो वॉइस नोट के खत्म होने की जानकारी देता है। यह फीचर फिलहाल बीटा यूजर्स के लिए जारी हुआ है। जल्द ही हम इसे अपने डेस्कटॉप पर भी देख सकेंगे।

इस फीचर की मदद से यूजर्स चैट और वॉइस प्लेयर दोनों को एक साथ मैनेज कर सकेंगे। हाल में आई रिपोर्ट्स के मुताबिक, WhatsApp जल्द ही Delete For Everyone फीचर की टाइम लिमिट बढ़ा सकता है। ऐप इसकी टाइम लिमिट को बढ़ाकर दो दिन कर सकता है। 

28 नहीं, अब आएंगे 30 दिन वाले मोबाइल रिचार्ज प्लान

TRAI ने टेलीकॉम कंपनियों को दिए निर्देश। अब आएंगे 30 दिन वाले रिचार्ज प्लान।

TRAI ने टेलिकॉम कंपनियों को कम से कम एक ऐसा टैरिफ प्लान ऑफर करने का आदेश दिया है, जिसकी वैधता 30 दिन की हो.

30 दिन की वैधता का हो कम एक ऐसा टैरिफ प्लान।  TRAI का टेलिकॉम कंपनियों को आदेश। ऐसा हो ऑफर जिन्हें हर महीने एक ही तारीख को कराया जा सके रिन्यू

नई दिल्ली। मोबाइल यूजर्स के लिए बड़ी राहत वाली खबर  है। जल्द ही वे 30 दिन की वैलिडिटी वाले प्रीपेड प्लान से रिचार्ज करा सकेंगे। टेलीकॉम रेग्युलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (TRAI) ने सभी टेलीकॉम कंपनियों के लिए कुछ नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इसमें पूरे महीने का टैरिफ प्लान सहित कई बड़े फैसले हैं। Telecom Tariff (66th Amendment) Order, 2022 के तहत TRAI ने कई महत्वपूर्ण फैसले सुनाए हैं। इनके बारे में जानकर यूजर्स बेहद खुश हो जाएंगे।

TRAI ने टेलिकॉम कंपनियों को कम से कम एक ऐसा टैरिफ प्लान ऑफर करने का आदेश दिया है, जिसकी वैधता 30 दिन की हो। गुरुवार को एक आदेश में ट्राई ने कहा कि सभी टेलीकॉम कंपनियों को 30 दिन की वैलिडिटी वाला एक प्लान वाउचर, एक स्पेशल टैरिफ वाउचर और एक कॉम्बो वाउचर ऑफर करना चाहिए. ट्राई ने कहा कि कंपनियों को कम से कम एक ऐसा एक प्लान वाउचर, एक स्पेशल टैरिफ वाउचर और एक कॉम्बो वाउचर जरूर ऑफर करना चाहिए जिन्हें हर महीने एक ही तारीख को रिन्यू कराया जा सके।

Telecom Tariff (66th Amendment) Order, 2022 के जारी होने के बाद से मोबाइल फोन यूजर्स को रिचार्ज प्लान के कई ऑप्शन्स मिलेंगे। यूजर्स को प्लान में पूरी 30 दिन की वैलिडिटी का भी ऑप्शन मिलेगा।

अभी तक टेलीकॉम कंपनियां 28 और 24 दिन का रिचार्ज प्लान देती हैं। यूजर्स की यह शिकायत थी कि टेलीकॉम कंपनियां महीने भर का पूरा रिचार्ज नहीं देती हैं। इससे यूजर्स को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। साथ ही पैसा भी ज्यादा खर्च होता है। ट्राई ने कहा कि उसे यूजर्स से ऐसी शिकायतें मिल चुकी हैं कि उन्हें मंथली प्लान के लिए साल में 13 बार रिचार्ज कराना पड़ता है और इससे उन्हें ठगा हुआ महसूस होता है।

ट्राई के अनुसार नए बदलाव से यूजर्स को काफी फायदा पहुंचेगा और उन्हें अपनी सहूलियत के हिसाब से सही वैलिडिटी वाले प्लान्स के ज्यादा ऑप्शन भी मिलेंगे। इस नोटिफिकेशन के चलते अब मोबाइल फोन में नेटवर्क सेवा मुहैया कराने वाली कंपनियों को ऐसे प्लान देने होंगे, जो महीने की उसी तारीख पर रिन्यू कराए जा सकेंगे। इसके अलावा टेलिकॉम कंपनियों को निर्देश दिया गया है कि वे इस आदेश के जारी होने के 60 दिन के अंदर इस पर जरूरी कार्यवाही करेंगे।

टेलीकॉम कंपनियों का विरोध
ट्राई के इस आदेश का टेलीकॉम कंपनियों ने विरोध किया है। टेलीकॉम कंपनियों कहना है कि 28 दिन, 54 दिन या 84 दिन की वैलिडिटी वाले किसी भी प्लान में बदलाव करने से बिल साइकिल में काफी गड़बड़ी आ जाएगी। कंपनियों का कहना है कि हर महीने एक ही तारीख और एक ही अमाउंट के रिचार्ज रिन्यू को ऑफर करना तकनीकी रूप से संभव नहीं है, क्योंकि ऐसा पोस्टपेड प्लान्स के लिए होता है।

कॉल कनेक्ट न हो तो उक्त मोबाइल नंबर पर whatsapp करें।

दूसरी कंपनियों का खेल बिगाड़ रहा BSNL

BSNL ने डेली 3GB डेटा और अनलिमिटेड कॉलिंग के साथ निकाला एक्स्ट्रा वैलिडिटी का प्लान। बिगाड़ा दूसरी कंपनियों का खेल।

BSNL ने बिगाड़ा दूसरी कंपनियों का खेल, डेली 3GB डेटा और अनलिमिटेड कॉलिंग के साथ निकाला एक्स्ट्रा वैलिडिटी का प्लान  

नई दिल्ली (एजेंसी)। सरकारी टेलिकॉम कंपनी BSNL अपने प्रीपेड प्लान्स और ऑफर्स से प्राइवेट कंपनियों को कड़ी टक्कर दे रही है। इसी कड़ी में बीएसएनएल अपने 2399 रुपये वाले ऐनुअल प्लान में 90 दिन की एक्स्ट्रा वैलिडिटी ऑफर कर रहा है। कंपनी ने इस ऑफर घोषणा पिछले महीने की थी और यह 15 जनवरी को खत्म होने वाला था। हालांकि, ऐसा नहीं हुआ और यूजर्स की डिमांड को देखते हुए बीएसएनएल का यह ऑफर अभी भी लाइव है। 2399 रुपये वाले प्लान में कंपनी 365 दिन की वैलिडिटी देती है, लेकिन इस ऑफर के साथ प्लान की वैलिडिटी बढ़कर 455 दिन की हो जाती है।  

इसी तरह बीएसएनएल अपने तीन महीने की वैलिडिटी वाले प्लान में भी दूसरी कंपनियों के मुकाबले बेहतर बेनिफिट दे रहा है। जियो से तुलना करें तो जियो अपने यूजर्स 666 की कीमत में 84 दिन की वैलिडिटी वाला प्लान ऑफर करता है, जिसमें डेली 1.5जीबी डेटा मिलता है। वहीं, बीएसएनएल का क्वॉटर्ली प्लान 485 रुपये का है और इसमें आपको 90 दिन की वैलिडिटी और डेली 1.5जीबी डेटा मिलेगा। 

जियो के 2999 रुपये वाले प्लान में 365 दिन की वैलिडिटी
जियो के इस प्लान में एक साल की वैलिडिटी मिलती है। इंटरनेट यूज करने के लिए कंपनी इस प्लान में हर दिन 2.5 जीबी डेटा देती है। अनलिमिटेड वॉइस कॉलिंग के साथ आने वाले इस प्लान आपको डेली 100 फ्री एसएमएस का भी फायदा होगा। वहीं, बीएसएनएल के 2399 रुपये वाले प्लान में आपको हर दिन 3जीबी डेटा और अनलिमिटेड वॉइस कॉलिंग जैसे बेनिफिट मिलेंगे। 

एक घंटे तक डाउन रहा UPI का सर्वर, अटके लोगों के पेमेंट

एक घंटे तक डाउन रहने के बाद UPI का सर्वर फिर से शुरु, गूगल पे, फोन पे और पेटीएम पर अटक गया था लोगों का पेमेंट

एक घंटे तक डाउन रहने के बाद UPI का सर्वर फिर से शुरु, गूगल पे, फोन पे और पेटीएम पर अटक गया था लोगों का पेमेंट 

नई दिल्ली (एजेंसी)। नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया यानी एनपीसीआई (NPCI) द्वारा विकसित यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस यानी यूपीआई का सर्वर रविवार को डाउन होने से यूजर्स को कुछ समय के लिए डिजिटल ट्रांजैक्शन में कठिनाई का सामना करना पड़ा। हालांकि अब यूपीआई सर्विस ऑपरेशनल हो चुकी है।

इससे पहले ट्विटर पर कई लोगों के ट्वीट कर यूपीआई सर्वर करीब एक घंटे डाउन होने की शिकायत की। कई यूजर्स ने सर्वर डाउन होने की वजह से पेटीएम, फोनपे और गूगल पे जैसे यूपीआई ऐप से लेनदेन में दिक्कत होने की बात कही। यूपीआई को डेवलप करने वाली एनपीसीआई ने ट्वीट कर कहा, ”तकनीकी दिक्कत की वजह से यूपीआई यूजर्स को हुई असुविधा के लिए खेद है। यूपीआई सर्विस अब काम कर रही है और हम सिस्टम पर बारीकी से नजर रखे हुए हैं।”

यूपीआई का सिस्टम
यूपीआई एक रियल टाइम पेमेंट सिस्टम है, जो मोबाइल ऐप के माध्यम से बैंक अकाउंट में पैसे तुरंत ट्रांसफर कर सकता है। डिजिटल पेमेंट के लिए यूपीआई जैसी सुविधा आपको घर बैठे आसानी से मनी ट्रांसफर की सुविधा देती है। इसके लिए आपको केवल यूपीआई सपोर्ट करने वाले ऐप जैसे पेटीएम, फोनपे, भीम, गूगलपे आदि की जरूरत होती है। यूपीआई के माध्यम से आप एक बैंक अकाउंट को कई यूपीआई ऐप से लिंक कर सकते हैं।

WhatsApp ने बैन किए 20 लाख से ज्यादा भारतीयों के अकाउंट

WhatsApp का बड़ा एक्शन, 20 लाख से ज्यादा भारतीयों के अकाउंट किए बैन

नई दिल्ली। व्हाट्सएप ने अब तक देश में 20 लाख से ज्यादा अकाउंट को बैन कर दिया है। आईटी रुल्स के तहत ये कार्रवाई की गई है। आपको बता दें कि ‘बैन अपील’ के तहत ये कार्रवाई की गई है।

कंपनी ने अक्टूबर कंप्लायंस रिपोर्ट में बताया कि इसे अक्टूबर महीने में 500 ग्रीवांस रिपोर्ट्स मिलें, जिनमें 18 अकाउंट पर प्रतिबंध लगा दिया गया। लेटेस्ट रिपोर्ट के अनुसार व्हाट्सएप ने 2,069,000 भारतीय अकाउंट्स को इस टाइम पीरियड के दौरान बैन किया। 

WhatsApp 91 से शुरू होने वाले फोन नंबर को भारतीय अकाउंट कहता है। व्हाट्सएप के एक स्पोक्सपर्सन ने बताया कि एंड-टू-एंड एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग सर्विस में व्हाट्सएप एब्यूज रोकने में इंडस्ट्री लीडर है। इसके लिए वॉट्सऐप लगातार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और दूसरे आर्ट टेक्नोलॉजी के स्टेट में इनवेस्ट कर रहा है। इसके अलावा कंपनी डेटा साइंटिस्ट और एक्सपर्ट्स पर भी इनवेस्ट करता है ताकि इस प्लेटफॉर्म पर यूजर्स सेफ रहें। व्हाट्सएप स्पोक्सपर्सन ने आगे बताया कि IT Rules 2021 के तहत कंपनी ने पांचवीं बार मंथली रिपोर्ट को पब्लिश किया है। ये रिपोर्ट अक्टूबर महीने का है। व्हाट्सएप ने पहले बताया था कि 95 फीसदी बैन ऑटोमैटेड या बल्क मैसेजिंग (स्पैम) का अनऑथोराइज्ड यूज करना है। व्हाट्सएप ग्लोबल एवरेज में 80 लाख से ज्यादा अकाउंट्स हर महीने बैन करता है। 

सितंबर में भी वॉट्सऐप ने 20 लाख से ज्यादा अकाउंट्स को बैन किया था। इस दौरान इसे 560 ग्रीवांस रिपोर्ट्स मिले। आपको बता दें कि नए IT रूल के अनुसार 5 मिलियन से ज्यादा यूजर्स वाले डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को हर महीने कंप्लायंस रिपोर्ट जारी करना है।

Google यूजर्स परेशान, स्क्रीन पर दिख रहा error मैसेज

नई दिल्ली। प्रमुख सर्च इंजन साइट गूगल की सर्विस में आज यानी 1 दिसंबर को काफी दिक्कत आ रही है। कई देशों के यूजर्स गूगल पर सर्च नहीं कर पा रहे हैं और कईयों के गूगल न्यूज की फीड अपडेट नहीं हो रही है।

Google की सर्विस ठप, यूजर्स को स्क्रीन पर मिल रहा error मैसेज

आउटेज को ट्रैक करने वाली साइट डाउन डिटेक्टर ने भी गूगल के ठप होने की पुष्टि की है। डाउन डिटेक्टर के मुताबिक गूगल की सर्विस में दिक्कत 1 दिसंबर को सुबह 7 बजे से हो रही है। डाउन डिटेक्टर पर अभी तक 250 से अधिक लोगों ने शिकायत की है। यूजर्स को सर्च, लॉगिन और साइट में दिक्कत हो रही है।

क्रोम या किसी अन्य ब्राउजर में गूगल ओपन करने पर लंबे समय तक लोडिंग हो रही है और उसके बाद यूजर्स को एरर का मैसेज मिल रहा है। इस आउटेज पर गूगल ने कहा है कि उसके इंजीनियर्स इसे ठीक करने की कोशिश में लगे हैं। यह इंटर्नल सर्वर की दिक्कत है। 

WhatsApp ने 22 लाख अकाउंट्स कर दिये बैन

WhatsApp ने 22 लाख अकाउंट्स पर चलाई कैंची, यूजर्स भूलकर भी न करें ये गलतियां

WhatsApp ने 22 लाख अकाउंट्स पर चलाई कैंची, यूजर्स भूलकर भी न करें ये गलतियां

नई दिल्ली (एजेंसी)। इंस्टेंट मैसेजिंग ऐप व्हाट्सएप ने अपने एक फैसले के चलते 22 लाख से ज्यादा अकाउंट्स को बैन कर दिया है। इस बात का खुलासा कंपनी की मासिक रिपोर्ट में हुआ है। कहा जा है कि जिन व्हाट्सएप अकाउंट्स को बैन किया गया है, उन्होंने नियमों को तोड़ा था।

WhatsApp banned 20 lakh accounts within a month between May to June 2021  know reason behind it - Tech news hindi - बड़ा झटका! WhatsApp ने 20 लाख से  ज्यादा भारतीय यूजर्स

जानकारी के अनुसार व्हाट्सएप ने अपने यूजर्स की सेफ्टी और सिक्यॉरिटी को ध्यान में रखते हुए उन यूजर्स को बैन कर दिया है, जिन्होंने नियमों का उल्लंघन किया था। व्हाट्सएप की यूजर सेफ्टी रिपोर्ट से पता लगा है कि कुल बैन किए गए अकाउंट्स की संख्या 22 लाख 9 हजार है। व्हाट्सएप ने कहा कि इस यूजर सेफ्टी रिपोर्ट में यूजर्स की तरफ से मिली शिकायतें और उसपर की गई कार्रवाई के साथ-साथ प्लेटफॉर्म का दुरुपयोग रोकने के लिए व्हाट्सएप द्वारा की कार्रवाई भी शामिल है।

व्हाट्सएप ने सरकार को बताया कि सितंबर में उन्हें अकाउंट सपोर्ट, बैन अपील, अन्य सपोर्ट व प्रोडक्ट सपोर्ट और सेफ्टी कैटेगरी में 560 यूजर जनरेटेड शिकायत रिपोर्ट मिली थी। अकाउंट सपोर्ट (121), बैन अपील (309), अन्य सपोर्ट व प्रोडक्ट सपोर्ट (49 प्रत्येक) और सेफ्टी (32)। कंपनी के प्रवक्ता ने कहा कि व्हाट्सएप एंड-टू-एंड एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग सर्विस देने वाला और मैसेजिंग दुरुपयोग को रोकने में लीडिंग ऐप है। पिछले कुछ साल में, हमने अपने प्लेटफॉर्म पर अपने यूजर्स को सुरक्षित रखने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और दूसरी टेक्नोलॉजी, डेटा वैज्ञानिकों और विशेषज्ञों में लगातार निवेश किया है।

कंपनी के मुताबिक, अगर कोई गैर-कानूनी, अश्लील, मानहानि से जुड़ा, धमकाने, डराने, परेशान और नफरत फैलाने वाला या नस्लीय या जातीय भेदभाव फैलाने वाले या फिर किसी को गैर-कानूनी या गलत व्यवहार करने के लिए उकसाने वाले कंटेंट को शेयर करता है तो उसका अकाउंट बैन कर दिया जाता है। इसके अलावा अगर कोई यूजर WhtasApp की टर्म्स एंड कंडीशन का उल्लंघन करता है तो भी उसका अकाउंट बंद हो जाता है। इसलिए ऐसे कंटेंट को किसी के साथ शेयर जो किसी को परेशान करें, इसी तरह आप अपने अकाउंट को सेफ रख पाएंगे। 

अब meta नाम से जाना जाएगा फ़ेसबुक

सैन फ्रांसिस्को (एजेंसी)। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक ने अपना नाम बदल दिया है। फेसबुक ने कंपनी का नाम बदलकर ‘मेटा’ करने की घोषणा कर दी है। पिछले कुछ दिनों से फेसबुक के नाम बदलने जाने की अटलकें लगाई जा रही थीं। कंपनी के फाउंडर और सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने नए नाम का ऐलान कर दिया है।

मार्क जुकेरबर्ग

जुकरबर्ग ने एक वार्षिक डेवलपर्स सम्मेलन के दौरान कहा, ‘हमने सामाजिक मुद्दों से संघर्ष करके और बंद प्लेटफार्मों के नीचे रहकर बहुत कुछ सीखा है, और हमने जो कुछ भी सीखा है उसे लागू करने और उसकी मदद से अगले अध्याय को बनाने का समय आ गया है।’ उन्होंने आगे कहा कि “हमारे एप्स और उनके ब्रांड, वे नहीं बदल रहे हैं।

यानी यह परिवर्तन फेसबुक, इंस्टाग्राम और व्हाट्सएप जैसे व्यक्तिगत प्लेटफॉर्म पर लागू नहीं होता है, केवल मूल कंपनी का नाम बदलकर ‘मेटा’ किया गया है, जिसके अंतर्गत ये सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स आते हैं।

मार्क जुकरबर्ग लंबे समय से अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म की दोबारा ब्रान्डिंग करना चाह रहे थे। वे इसे एकदम अलग पहचान देना चाहते हैं, एक ऐसी पहचान जहां फेसबुक को सिर्फ एक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के तौर पर ना देखा जाए। अब उसी दिशा में आगे बढ़ते हुए फेसबुक का नाम बदलकर ‘मेटा’ किया गया है।

फेसबुक का नाम बदलकर अब 'मेटा' हुआ, CEO मार्क जुकरबर्ग ने किया ऐलान

कंपनी का फोकस अब एक मेटावर्स बनाने पर है जिसके जरिए एक ऐसी वर्चुअल दुनिया का आगाज होगा जहां पर ट्रांसफर और कम्यूनिकेशन के लिए अलग-अलग टूल का इस्तेमाल किया जा सकेगा। 

WhatsApp यूजर्स के लिए पैसे कमाने का मौका

WhatsApp यूजर्स के लिए पैसे कमाने का मौका, जानिए क्या है ऑफर

WhatsApp to stop working on these smartphones from January 1

नई दिल्ली (एजेंसी)। WhatsApp पेमेंट सर्विस भारत में कुछ समय से चल रही है। WhatsApp के जरिए एक दूसरे को पैसे भेज सकते हैं। ये दरअसल UPI पर ही काम करता है। पहले आपको व्हाट्सएप पे सेटअप करना होता है फिर आप पेमेंट कर सकते हैं।  WhatsApp अब अपने प्लैटफॉर्म पर ज्यादा से ज्यादा लोगों को पेमेंट सर्विस यूज करने के लिए एनकरेज करने की तैयारी में है। इसके लिए अब यूजर्स को कैशबैक मिलने शुरू हो गए हैं।

WhatsApp ने यूजर्स को पैसे सेंड करने पर 51 रुपये का कैशबैक देना शुरू कर दिया है। पिछले महीने ही कंपनी ने भारत में UPI बेस्ड पेमेंट शुरू किया था। आने वाले समय में Paytm और PhonePe को टक्कर मिलने वाली है।

WhatsApp ने फिलहाल एंड्रॉयड ऐप के लिए बैनर डिस्प्ले किया है। यहां चैट के टॉप में Give Cash, Get 51 back’ लिखा है। कंपनी के मुताबिक अलग अलग कॉन्टैक्ट को पैसे भेज कर पांच बार 51 रुपये का कैशबैक जीत सकते हैं। 

अच्छी बात ये है कि इस ऑफर के तहत कोई मिनिमम अमाउंट नहीं रखा गया है। यानी आप 10 रुपये किसी को भेज कर भी 51 रुपये का कैशबैक व्हाट्सएप से पा सकते हैं। इसकी लिमिट पांच बार ही है। 

नोट करने वाली बात ये है कि अभी ये कैशबैक ऑफर एंड्रॉयड के बीटा वर्जन व्हाट्सएप यूजर्स के लिए ही है। जल्द ही कंपनी इसे सभी यूजर्स के लिए रोल आउट कर सकती है, क्योंकि कंपनी ज्यादा से ज्यादा यूजर्स को अपने प्लेटफॉर्म पर UPI बेस्ड ट्रांजैक्शन कराना चाहती है। 

Paytm, PhonePe और Google Pay भारत में पॉपुलर UPI बेस्ड मनी ट्रांसफर प्लेटफॉर्म माने जाते हैं। Google Pay में भी कैशबैक दिए जाते रहे हैं। अब व्हाट्सएप भी उन्हीं के तर्ज पर चल रहा है। 

कैशबैक के लिए वॉट्सऐप ने गूगल Pay की तरह ही कार्ड्स की भी शुरुआत की है। ये दरअसल पर्सनलाइज्ड एक्स्पीरिएंस के लिए है। ये फीचर भी एंड्रॉयड बीटा यूजर्स के लिए ही उपलब्ध होगा। (UHN)

आज मधुप जी व रघुवंशी जी का सम्मान

भारत के शुरुआती हिंदी समाचार पोर्टल प्रभासाक्षी.कॉम की 20वीं वर्षगाँठ 26 अक्टूबर 2021 को ‘विचार संगम’ नामक कार्यक्रम में वरिष्ठ पत्रकार और स्तम्भ लेखक अशोक मधुप सहित देश के 25 सम्पादक पत्रकार, लेखकों को प्रतिवर्ष की भांति सम्मानित किया जाएगा।
ऑनलाइन होने वाले इस आयोजन में विभिन्न परिचर्चाओं के माध्यम से विभिन्न मंत्री गण, सांसद, राजनीतिक दलों के प्रवक्ता, धर्म, समाज तथा मीडिया से जुड़े प्रतिष्ठित व्यक्ति अपने विचार रखेंगे।

25 लोगों को ‘हिंदी सेवा सम्मान’
इस अवसर पर प्रतिवर्ष की भाँति 25 लोगों को ‘हिंदी सेवा सम्मान’ से सम्मानित किया जायेगा। चयन मंडल ने ‘हिंदी सेवा सम्मान’ के लिए जिन नामों को अपनी स्वीकृति प्रदान की हैं वह इस प्रकार हैं-
-श्री अक्षत शर्मा
प्रबंध संपादक- स्वदेश, भोपाल।
-डॉ. राकेश शर्मा
संपादक- वीणा, इंदौर।
-प्रो. गोविंद सिंह
आईआईएमसी, नयी दिल्ली।
-डॉ. सौरभ मालवीय
विशेषज्ञ- राज्य परियोजना कार्यालय, सर्व शिक्षा अभियान- उत्तर प्रदेश।

-श्री धनंजय चोपड़ा
मीडिया शिक्षक- इलाहाबाद विश्वविद्यालय।
-डॉ. सी. जयशंकर बाबू
विभागाध्यक्ष- हिंदी, पांडिचेरी विश्वविद्यालय।
-श्री वीर विक्रम बहादुर मिश्रा, पूर्व संपादक, स्वतंत्र भारत
-श्री भगवंत प्रसाद पाण्डेय
संपादक, चरित्र विकास
-श्री सुरेंद्र दुबे
पूर्व ब्यूरो प्रमुख- यूएनआई
-श्री के. बक्स सिंह
सलाहकार संपादक, के न्यूज चैनल
-श्री प्रमोद गोस्वामी
पूर्व ब्यूरो प्रमुख, पीटीआई/भाषा
-श्रीमती गीता शुक्ला
संपादक, स्पूतनिक
-श्री सूर्य मणि रघुवंशी
संपादक, चिंगारी बिजनौर उत्तर प्रदेश।
-श्री निशीथ जोशी
स्थानीय संपादक- पंजाब केसरी, उत्तराखण्ड
-डॉ. ऋतु दुबे
प्रधानाचार्य- निस्कोर्ट, गाजियाबाद
-श्रीमती ऋचा सिंह
अध्यापिका एवं सामाजिक कार्यकर्ता
-श्रीमती वर्षा मेहर
प्रख्यात कवयित्री
-श्री राजेन्द्र श्रीवास्तव
शिक्षाविद् एवं बाल साहित्यकार
-डॉ. कायनात काज़ी
लेखिका व पयर्टनविद्
-श्री प्रभात कुमार ‘उत्सुक’
प्रख्यात लेखक
-डॉ. इंदिरा दांगी
साहित्यकार
-श्री दीपक गिरकर
लेखक
-श्री अशोक मधुप
वरिष्ठ पत्रकार
-डॉ. शंकर सुवन सिंह
प्राध्यापक

डॉ. सूर्यमणि रघुवंशी
संपादक, चिंगारी बिजनौर उत्तर प्रदेश।

भाजपा UP, पंजाब कांग्रेस को भी पुरस्कार-
इसके अलावा सर्वाधिक तीव्र गति से मीडिया को अपडेट्स मुहैया कराने के लिए भाजपा की उत्तर प्रदेश इकाई और कांग्रेस की पंजाब इकाई को इस वर्ष का पुरस्कार प्रदान किया जायेगा। दिल्ली स्थित राज्य सूचना भवनों में इस वर्ष सर्वाधिक तीव्र गति से मीडिया को अपडेट्स मुहैया कराने के लिए बिहार को पुरस्कार किया जायेगा।

अधिकारियों कर्मचारियों का हर मूवमेंट ट्रैक करने को Smart Watch अनिवार्य!

सरकार का नया फरमान- सभी कर्मचारी पहनेंगे Smart Watch, ट्रैक की जाएगी हर मूवमेंट  

चंडीगढ़ (एजेंसी)। हरियाणा में सभी सरकारी अधिकारियों, कर्मचारियों को स्मार्ट वॉच पहनना जरूरी होगा, जिससे ड्यूटी के दौरान उनकी लोकेशन को ट्रैक किया जा सके। इसके अलावा वह इस वॉच से ही अपनी हाजिरी लगाएंगे।

इससे पहले सरकारी कर्मचारियों के ड्यूटी टाइम और आवाजाही की निगरानी के लिए पहले बायोमेट्रिक मशीनें लगाई गई थीं, लेकिन कोरोना काल में बीमारी के संक्रमण के डर से इसे बंद कर दिया गया। अब स्मार्ट वॉच को दूसरे विकल्प के रूप में देखा जा रहा है।

Haryana: CM खट्टर का फरमान- सभी सरकारी कर्मचारी पहनेंगे स्मार्ट वॉच, उसी से लगेगी अटेंडेंस और रखी जाएगी नजर

हरियाणा के सोहना के सर्माथला गांव में एक विकास रैली को संबोधित करते हुए राज्य के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने उक्त जानकारी दी। साथ ही उन्होंने विकास घोषणाओं का पिटारा भी खोल दिया। उन्होंने लगभग 50 विकास योजनाओं की मंजूरी दे दी। इन सभी योजनाओं के ऊपर 125 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में सोहना में किसी भी लेवल पर विकास की कमी नहीं दिखाई देगी।

गौरतलब है कि इसी महीने सरकारी कर्मचारियों के लिए ही एक ऐलान में खट्टर सरकार ने 1967 और 1980 के दो आदेश वापस ले लिए थे। इन आदेशों में कर्मचारियों को आरएसएस (RSS) की गतिविधियों में भाग लेने पर रोक लगाई गई थी। हालांकि खट्टर के इस फैसले पर कांग्रेस भड़क गई थी। इसको लेकर कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने एक ट्वीट किया था और इसमें लिखा था- ‘अब हरियाणा के कर्मचारीयों को “संघ” की शाखाओं में भाग लेने की छूट। सरकार चला रहे हैं या भाजपा- आरएसएस की पाठशाला!’

गलती होने पर आएगा काम WhatsApp स्टेटस का नया फीचर

WhatsApp स्टेटस के लिए नया फीचर, गलती होने पर आएगा काम

नई दिल्ली (एजेंसी)। फेसबुक के स्वामित्व वाला मैसेजिंग ऐप व्हाट्सएप तस्वीरें एडिट करने के लिए Undo और Redo बटन पर काम कर रहा है। ताजा रिपोर्ट के अनुसार कंपनी WhatsApp Status के लिए भी एक नया Undo बटन लाने जा रही है। यह Undo बटन स्टेटस लगाते समय आपसे हुई गलती को चुटकियों में सुधार देगा।

Whatsapp big feature how to share whatsapp status to facebook stories know  the full process in steps in hindi | WhatsApp का बड़ा अपडेट! बदल गया Status  लगाने का तरीका, यहां जानें

WABetaInfo की रिपोर्ट के अनुसार पॉपुलर मैसेजिंग ऐप एक ऐसे फीचर पर काम कर रहा है, जो इसके यूजर्स को गलती से पोस्ट किए गए स्टेटस अपडेट को तुरंत डिलीट करने में मदद करेगा। इसके लिए ऐप में एक Undo बटन दिया जाएगा। यह बटन Status Sent मैसेज के ठीक बगल में लिखा होगा। यानी स्टेटस लगते ही आप तुरंत एक्शन ले सकते हैं। ऐसा अक्सर देखा गया है कि कई बार गलती से स्टेटस पर तस्वीरें या वीडियो अपलोड हो जाती हैं।

गौरतलब है कि व्हाट्सएप पर पहले से ही यूजर्स को स्टेटस डिलीट करने का ऑप्शन मिलता है। हालांकि इसके लिए आपको पहले Status सेक्शन में जाकर स्टेटस सिलेक्ट करना होगा और तब डिलीट कर पाएंगे। इतनी देर में हो सकता है आपके कई कॉन्टैक्ट उस स्टेटस को देख भी लें। ऐसे में नया बटन तस्वीर/वीडियो हटाने का काम तेजी से कर पाता है। 

रिपोर्ट के मुताबिक जब आप किसी स्टेटस अपडेट को अनडू करते हैं, तो आप अब डिलीट करने की प्रक्रिया को भी फॉलो कर सकते हैं। पूरा होने पर व्हाट्सएप आपको सूचित करेगा कि आपने स्टेटस डिलीट कर दिया है। स्टेटस अपडेट के लिए Undo बटन फिलहाल व्हाट्सएप बीटा के एंड्रॉइड वर्जन 2.21.22.6 पर टेस्ट किया जा रहा है। टेस्टिंग पूरी होने के बाद इसे सभी यूजर्स के लिए जारी कर दिया जाएगा। 

उत्तर प्रदेश के युवाओं को सरकार देगी स्मार्ट फोन या टैबलेट

लखनऊ। राज्य के 60 लाख से लेकर एक करोड़ तक युवाओं को स्मार्ट फोन या टैबलेट देने की योजना उत्तर प्रदेश सरकार ने बनाई है। यह निर्णय मंगलवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में लिया गया। इस योजना पर करीब तीन हजार करोड़ रुपए की लागत आएगी।

कैबिनेट की बैठक में कुल 25 प्रस्तावों पर स्वीकृति की मुहर लगी। प्रदेश के खादी ग्रामोद्योग मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने मीडिया को प्रेसवार्ता में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि युवाओं के तकनीकी सशक्तीकरण के लिए यह स्मार्ट फोन या टैबलेट स्नातक / परास्नातक, बीटेक, पालीटेक्निक, चिकित्सा शिक्षा, पैरा मेडिकल और कौशल विकास मिशन के प्रशिक्षुओं को दिए जाएंगे।

हर जिले में चयन के लिए कमेटी

युवाओं को स्मार्ट फोन और टैबलेट उपलब्ध करवाने के लिए हर जिले में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में छह सदस्यों की एक कमेटी बनेगी। उक्त कमेटी चिन्हित शिक्षण संस्थानों की सूची तैयार करेगी। स्मार्ट फोन या टैबलेट जेम पोर्टल के जरिये ही खरीदे जाएंगे। जेम पोर्टल ही नोडल एजेंसी होगी। टैबलेट या स्मार्ट फोन देने के लिए युवाओं की पात्रता भी तय की जाएगी। खादी ग्रामोद्योग मंत्री ने कहा कि अब अधिकांशत: पढ़ाई ऑनलाइन होने लगी है। कई परीक्षाएं भी ऑनलाइन हो रही हैं। ऐसे में युवाओं को अब सूचना प्रौद्योगिकी के इन माध्यमों से जोड़ना जरूरी हो गया है। 

नर्स, बढ़ई, प्लंबर को भी सुविधा

सेवा मित्र पोर्टल कौशल विकास विभाग की एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसके माध्यम से विभिन्न कुशल कारीगरों को पंजीकृत कराकर चिन्ह्ति एजेन्सियों के माध्यम से विभिन्न नागरिक सेवाएं जैसे प्लम्बर, कारपेंटर, नर्स, इलेक्ट्रीशियन, ए.सी. मैकेनिक आदि जनसामान्य को दी जा रही हैं। उन्हें भी टैबलेट/स्मार्ट फोन दिए जाएंगे, जिससे वे नागरिकों को बेहतर सेवाएं प्रदान करते हुए अपनी जीविका भी चला सकें।

अन्य वर्ग के युवा भी होंगे शामिल

योजना के तहत प्रस्तावित लाभार्थी वर्ग में अन्य वर्ग के युवाओं को भी समय-समय पर मुख्यमंत्री के अनुमोदन से सम्मिलित किया जाएगा। टैबलेट या स्मार्ट फोन किस लाभार्थी वर्ग को दिए जाने हैं, इसका निर्णय मुख्यमंत्री  के स्तर से लिया जाएगा। इनके वितरण के लिए लाभार्थी वर्ग की प्राथमिकता का निर्धारण और चरणबद्ध क्रय के संबंध में भी निर्णय मुख्यमंत्री के स्तर से लिया जाएगा। भविष्य में आने वाली व्यावहारिक कठिनाइयों के निराकरण के लिए योजना के तहत किसी भी संशोधन के लिए मुख्यमंत्री को अधिकृत किया गया है। 

उत्तराखंड में भूकम्प से पहले मिल जाएगा एलर्ट

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया भूकम्प एलर्ट एप्प का शुभारम्भ। ऐसा एप्प बनाने वाला उत्तराखण्ड बना पहला राज्य।

 मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया भूकम्प एलर्ट एप्प का शुभारम्भ, ऐसा एप्प बनाने वाला उत्तराखण्ड बना पहला राज्य

उत्तराखण्ड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, आपदा प्रबंधन विभाग और भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, रूड़की द्वारा विकसित किया गया भूकम्प एलर्ट एप्प

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सचिवालय में मोबाइल एप्प्लीकेशन ‘‘ उत्तराखण्ड भूकम्प अलर्ट’’ एप्प का शुभारम्भ किया। उत्तराखण्ड राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, आपदा प्रबंधन विभाग एवं भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, रूड़की के सौजन्य से बनाये गये इस एप्प के माध्यम से भूकम्प से पूर्व चेतावनी मिल जायेगी। उत्तराखण्ड यह एप्प बनाने  वाला पहला राज्य है। इससे जन सुरक्षा में मदद मिलेगी। इस एप्प के माध्यम से भूकम्प के दौरान लोगों की लोकेशन भी प्राप्त की जा सकती है। भूकम्प अलर्ट के माध्यम से भूकम्प से क्षतिग्रस्त संरचनाओं में फँसे होने पर सूचना दी जा सकती है। उत्तराखण्ड भूकम्प अलर्ट एप्प को गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड कर सकते हैं। 

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखण्ड भूकम्प की दृष्टि से संवेदनशील राज्य है। इस एप्प के माध्यम से लोगों को भूकम्प पूर्व चेतावनी मिल सके, इसके लिए इस एप्प की लोगों को जानकारी दी जाए। विभिन्न माध्यमों से व्यापक स्तर पर इसका प्रचार प्रसार किया जाय। आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा इसकी लघु फिल्म बनाकर जन-जन तक पहुंचाया जाए। स्कूलों में भी बच्चों को लघु फिल्म के माध्यम से इस एप्प के बारे में जानकारी दी जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन लोगों के पास एंड्राइड फोन नहीं है, उनको भी भूकम्प से पूर्व चेतावनी मैसेज पहुंच जाए, इस एप्प के माध्यम से यह सुविधा भी प्रदान की जाए। भूकम्प पूर्व चेतावनी में सायरन एवं वायस दोनों माध्यमों से अलर्ट की व्यवस्था की जाए। भूकम्प  पूर्व चेतावनी के लिए सायरन टोन अलग से हो। मुख्यमंत्री ने कहा कि भूकम्प पूर्व चेतावनी के लिए यह एक अच्छी पहल है। इस अवसर पर आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, मुख्य सचिव डॉ. एस.एस.संधु, अपर मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन, सचिव आपदा प्रबंधन एस.ए. मुरूगेशन, आई.आई.टी. रूड़की के प्रो. कमल एवं आपदा प्रबंधन विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।

फोटो-वीडियो देखते ही खुद हो जाएगा Delete

WhatsApp लाया कमाल का फीचर, फोटो-वीडियो देखते ही अपने आप हो जाएगा Delete

WhatsApp में आया कमाल का फीचर, फोटो-वीडियो देखते ही अपने आप हो जाएगा Delete- जानें कैसे करें यूज

नई दिल्ली। यूजर्स को उनकी प्राइवेसी पर ज्यादा कंट्रोल देने के लिए व्हाट्सएप ने ‘व्यू वन्स’ नाम से एक नया फीचर लांच किया है। यह फीचर अगले एक सप्ताह में सबको उपलब्ध हो जाएगा। इस फीचर के तहत टेक्स्ट, फोटो या वीडियो भेजने के बाद पाने वाले के देखने के बाद यूजर के चैट बाॅक्स से कंटेंट अपने आप डिलीट हो जाएगा। पाने वाले के देख लेने के बाद उसके चैट बाॅक्स से भी वह कंटेंट डिलीट हो जाएगा। वह उस कंटेंट को सेव, फारवर्ड या शेयर नहीं कर सकेगा।


 
कंपनी ने अपने एक बयान में कहा कि ‘व्यू वन्स’ फीचर के तहत कंटेंट एंड टू एंड एन्क्रिप्टेड होगा, जिससे वह पूरी तरह सुरक्षित होगा। उसे बीच मेंं कोई देख नहीं सकेगा। इस फीचर के तहत भेजे जाने वाले मैसेज में वन टाइम आइकन का मार्क दिखेगा। यह फीचर तुरंत फीडबैक पाने के लिए बड़े काम का होगा। उदाहरण के लिए यदि आप कोई नया कपड़ा ट्राइ कर रहे हैं और तुरंत किसी जानने वाले से कंमेंट चाहते हैं तो इस फीचर का यूज कर सकते हैं। वाईफाई पासवर्ड इस फीचर से दे सकते हैं ताकि काम होते ही वह डिलीट हो जाए।

217 शहरों के लोगों को मिलेगी फ्री वाईफाई सुविधा

योगी सरकार लोगों को देने जा रही फ्री वाईफाई सुविधा

217 शहरों में चिह्नित हो रहे सार्वजनिक स्थान

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार 17 नगर निगम वाले शहरों सहित कुल 217 शहरों में मुफ्त वाईफाई की सुविधा उपलब्ध कराने जा रही है। बड़े शहरों में दो स्थानों पर और छोटे शहरों में एक स्थान पर मुफ्त वाईफाई की सुविधा मिलेगी। कुछ शहरों में फ्री वाईफाई की सुविधा पहले से दी जा रही है, लेकिन इसमें जो भी खामियां हैं, उसे भी तत्काल ठीक कराया जाएगा।

उत्तर प्रदेश सरकार लखनऊ, कानपुर, आगरा, अलीगढ़, वाराणसी, प्रयागराज, झांसी, बरेली, सहारनपुर, मुरादाबाद, गोरखपुर, अयोध्या, मेरठ, शाहजहांपुर, गाजियाबाद, मथुरा-वृंदावन और फीरोजाबाद नगर निगम वाले शहरों के अलावा 200 नगर पालिका परिषद वाले शहरों में यह सुविधा प्रदान करेगी। फ्री वाईफाई की सुविधा खासकर बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, तहसील, कचहरी, ब्लाक व रजिस्ट्रार कार्यालय के आसपास दी जाएगी। इसके लिए स्थान चिह्नित करने के लिए कहा गया है।

नगरीय निकाय इस सुविधा के लिए इंटरनेट कंपनियों से करार करेंगे। वाईफाई में इंटरनेट की स्पीड पर विशेष ध्यान रखा जाएगा। अपर मुख्य सचिव नगर विकास डा. रजनीश दुबे ने नगर आयुक्तों व अधिशासी अधिकारियों को निर्देश दिया है कि स्मार्ट सिटी परियोजना या फिर नगरीय निकाय अपने स्रोत से इसका खर्च उठाएंगे। निकायों से कहा गया है कि सुविधा देने की जानकारी अनिवार्य रूप से उपलब्ध करानी होगी।

किसानों के लिये डिजिटल प्लेटफार्म किसान सारथी लॉन्च

किसानों को उनकी भाषा में ‘सही समय पर सही जानकारी’ प्राप्त करने की सुविधा के लिए डिजिटल प्लेटफार्म किसान सारथी लॉन्च किया गया


किसान डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से वैज्ञानिकों से सीधे कृषि और संबद्ध क्षेत्रों पर व्यक्तिगत परामर्श का लाभ उठा सकते हैं: सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव

नई दिल्ली (PIB)। इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव और कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर द्वारा संयुक्त रूप से आज वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) के 93वें स्थापना दिवस के अवसर पर किसानों को उनकी वांछित भाषा में सही समय पर सही जानकारी प्राप्त करने के लिए एक डिजिटल प्लेटफार्म ‘किसान सारथी’ लॉन्च किया गया।

कार्यक्रम की अध्यक्षता मत्स्य, पशुपालन एवं डेयरी मंत्री पुरुषोत्तम रूपाला, कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री कैलाश चौधरी और कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री सुश्री शोभा करंडलाजे ने की।

इस अवसर पर इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के सचिव अजय साहनी, सचिव (डीएआरई) एवं महानिदेशक (आईसीएआर) डॉ. त्रिलोचन महापात्र, डिजिटल इंडिया कारपोरेशन के एमडी एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी अभिषेक सिंह एवं आईसीएआर एवं डीएआरई के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। इस कार्यक्रम को देश भर में किसानों, हितधारकों और आईसीएआर, डीएआरई, सूचना और प्रौद्योगिकी मंत्रालय तथा केवीके भागीदारों ने देखा।

सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री श्री वैष्णव ने दूरदराज के क्षेत्रों में किसानों तक पहुंचने के लिए तकनीकी हस्तक्षेप के साथ किसानों को सशक्त बनाने की दिशा में किसान सारथी की इस पहल के लिए कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय और इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय को बधाई दी। उन्होंने कहा कि डिजिटल प्लेटफार्म से किसान सीधे तौर पर कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके) के संबंधित वैज्ञानिकों कृषि और संबद्ध क्षेत्रों पर व्यक्तिगत सलाह प्राप्त कर सकते हैं।

श्री वैष्णव ने आईसीएआर के वैज्ञानिकों से कहा कि वे किसान की फसल को उनके खेत के गेट से गोदामों, बाजारों और उन जगहों पर ले जाने के क्षेत्र में नए तकनीकी हस्तक्षेपों पर अनुसंधान करें जहां वह कम से कम नुकसान के साथ बेचना चाहते हैं। केंद्रीय सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री ने आश्वासन दिया कि इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय, संचार मंत्रालय, कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय, मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय किसानों को सशक्त बनाने में आवश्यक सहायता प्रदान करने के लिए हमेशा तैयार रहेंगे। उन्होंने यह भी बताया कि रेल मंत्रालय फसलों के परिवहन के लिए लगने वाले समय को कम से कम करने की योजना बना रहा है।

श्री वैष्णव ने भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद को 93वें स्थापना दिवस पर बधाई देते हुए कहा कि कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर के सक्षम नेतृत्व और मार्गदर्शन में किसान सारथी पहल न केवल किसानों की विशिष्ट सूचना आवश्यकताओं को पूरा करने में बल्कि आईसीएआर की कृषि विस्तार, शिक्षा और अनुसंधान गतिविधियों में भी अत्यधिक मूल्यवान होगी।

एकलव्य बाण समाचार

अब Phone बंद होने पर भी कर सकेंगे चैटिंग, WhatsApp में आया ये जबरदस्त फीचर

अब Phone बंद होने पर भी आप कर सकेंगे चैटिंग, WhatsApp में आया ये जबरदस्त फीचर

नई दिल्ली (एकलव्य बाण समाचार) WhatsApp यूजर्स के लिए बड़ी खुशखबरी है जिस फीचर का यूजर्स को बेसब्री से इंतजार था, वह आखिरकार रोलआउट होना शुरू हो गया है। व्हाट्सएप का यह नया फीचर Multi-Device सपोर्ट है। इस फीचर की मदद से यूजर फोन के अलावा चार अलग-अलग डिवाइसेज पर एक साथ व्हाट्सएप चला सकेंगे। खास बात है कि अलग-अलग डिवाइसेज से व्हाट्सएप अकाउंट लिंक होने के बावजूद यूजर्स की प्रिवेसी पर कोई असर नहीं पड़ेगा क्योंकि कंपनी इस फीचर को एंड-टू-एंड एनक्रिप्शन के साथ ऑफर कर रही है।

WhatsApp multi-device hero

मल्टी-डिवाइस सपोर्ट की खासियत है कि फोन ऐक्टिव न रहने या इंटरनेट से कनेक्टेड न होने पर भी यूजर दूसरे डिवाइस जैसे लैपटॉप या डेस्कटॉप पर व्हाट्सएप चैटिंग का लुत्फ उठा सकेंगे।

हालांकि, दूसरे डिवाइस पर व्हाट्सएप ऐक्सेस करने के लिए इंटरनेट कनेक्शन जरूरी होगा। कंपनी इस फीचर को अभी बीटा वर्जन में रोलआउट कर रही है। अगर फोन बंद भी है तभी आप चैटिंग कर सकते हैं। वॉट्सऐप के हेड विल कैथकार्ट ने बीटा वर्जन के लिए रोलआउट किए जा रहे मल्टी-डिवाइस सपोर्ट फीचर की जानकारी अपने ऑफिशल ट्विटर हैंडल से ट्वीट करके दी। उन्होंने ट्वीट में कहा कि अब यूजर फोन ऐक्टिव न रहने पर भी वॉट्सऐप का डेस्कटॉप या वेब एक्सपीरियंस ले सकते हैं। नए फीचर को कंपनी ने बुधवार से रोलआउट करना शुरू किया है। 

whatsapp new feature for android users send high resolution videos |  WhatsApp का ये फीचर है जबरदस्त, हाई क्वालिटी Photo भेजने पर नहीं होगी खराब

कंपनी शुरुआत में इस फीचर को उन यूजर्स को उपलब्ध करा रही है, जो वॉट्सऐप की बीटा प्रोग्राम का हिस्सा हैं। कंपनी की प्लानिंग है कि आने वाले समय में वह स्टेबल वर्जन यूजर्स को बीटा वर्जन में स्विच करने का ऑप्शन भी देगी। आने वाले दिनों में यह ऑप्शन Linked Devices स्क्रीन में ऑफर किया जा सकता है।

Whatsapp View Once Feature: ये फीचर तो गजब है! WhatsApp में देखते ही मेसेज  अपने आप गायब हो जाएगा, जानें नुकसान या लाभ? - what is the benefit of  whatsapp view once

जिन यूजर्स को व्हाट्सएप मल्टी-डिवाइस फीचर मिल रहा है, उन्हें फोन के अलावा दूसरे डिवाइस पर व्हाट्सएप ऐक्सेस करने के लिए एक QR Code को स्कैन करना होगा। यह वैसा ही जैसा अभी हम लोग फोन के साथ लैपटॉप या डेस्कटॉप पर वॉट्सऐप चलाने के लिए लिंक डिवाइस QR Code को स्कैन करते हैं। दूसरे डिवाइस पर वॉट्सऐप लिंक करने के लिए बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन की भी जरूरत पड़ेगी। खास बात है कि यूजर कभी भी लिंक्ड डिवाइस से लॉगआउट कर सकते हैं और यह भी देख सकते हैं कि लिंक्ड डिवाइस पर उनका व्हाट्सएप अकाउंट आखिरी बार कब ऐक्टिव था।

एकलव्य बाण समाचार

अब पुलिस अपराधी को जल्द दिला सकेगी सजा

अहमदाबाद (PIB)। केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अहमदाबाद में राष्ट्रीय फोरेंसिक विज्ञान विश्वविद्यालय के नवनिर्मित Centre of Excellence for Research & Analysis of Narcotics and Psychotropic Substances का उद्घाटन किया। श्री शाह ने महिलाओं के ख़िलाफ़ अपराधों की जाँच पर एक वर्चुअल ट्रेनिंग का भी उद्घाटन किया।

केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह के उद्बोधन के मुख्य बिंदु 👇

दुनियाभर में नेशनल फोरेंसिक विज्ञान विश्वविद्यालय की उत्कृष्टता और प्रतिष्ठा को देखते हुए इस सेंटर को स्थापित करने का निर्णय लिया गया।

देश के क्रिमिनल जस्टिस को और ताकतवर और परिणामलक्षी बनाने के लिए इस विश्वविद्यालय को देश के फलक पर ले जाना बहुत ज़रूरी।

अब थर्ड डिग्री का जमाना नहीं है और कठोर से कठोर व्यक्ति को वैज्ञानिक जाँच के आधार पर सजा दिलवाई जा सकती है।

हमारी नई शिक्षा नीति में वैज्ञानिक शिक्षा पर बहुत ज़ोर दिया गया है, प्रधानमंत्री का आग्रह है कि हमारी शिक्षा नीति और व्यवस्था ऐसी होनी चाहिए कि विद्यार्थी हर क्षेत्र में सर्वोच्च प्राप्त करें।

इस सेंटर में बनाए गए साइबर डिफ़ेंस सेंटर और बेलेस्टीक रिसर्च सेंटर पूरे एशिया में अपने प्रकार के अनूठे सेंटर हैं और देश इस क्षेत्र में आत्मनिर्भर बन रहा है।

साइबर वॉर और साइबर क्राइम के ख़िलाफ़ लड़ाई हमारे लिए बहुत महत्वपूर्ण, भारत की सुरक्षा और प्रधानमंत्री के पाँच ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था के लक्ष्य को पूरा करने के लिए साइबर सुरक्षा बहुत ज़रूरी।

21वीं सदी में भारत के आगे ढेर सारी चुनौतियाँ हैं, इनसे सफलतापूर्वक निपटने के लिए हमें क्रिमिनल जस्टिस को मज़बूत करना होगा, इसके लिए फ़ोरेंसिक साइंस एक महत्वपूर्ण अंग।

सरकार, देशभर के पुलिस अधिकारियों, न्यायाधीशों, वकीलों और क़ानून विश्वविद्यालयों के साथ CrPC, IPC और Evidence Act तीनों में आमूल चूल परिवर्तन करने के लिए एक बहुत बड़ा संवाद कर रही है ताकि इन्हे आज की आवश्यकताओं के हिसाब से आधुनिक बना सकें।

हमारी पुलिस पर नो एक्शन और एक्स्ट्रीम एक्शन का आरोप लगता है, हमें जस्ट एक्शन चाहिए और यह तभी हो सकता है जब वैज्ञानिक साक्ष्य के आधार पर जाँच को आगे बढ़ाएँ।


हमारे समाज, सुरक्षा और अर्थव्यवस्था पर मादक पदार्थों का जो बुरा प्रभाव पड़ रहा है इससे पूरा देश चिंतित है।

सरकार ने तय किया है कि हम भारत में नारकोटिक्स पदार्थों को आने भी नहीं देंगे और भारत को उसका रास्ता भी नहीं बनने देंगे।

अपने संबोधन में श्री शाह ने कहा कि कहा कि देश में जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में दूसरी बार सरकार बनी तब दुनियाभर में नेशनल फोरेंसिक विज्ञान विश्वविद्यालय की उत्कृष्टता और प्रतिष्ठा को देखते हुए इस सेंटर को स्थापित करने का निर्णय लिया गया और यह बिल्कुल उचित फैसला था। केन्द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि जब गुजरात फ़ोरेंसिक साइंस यूनिवर्सिटी बनी, तब मोदी जी गुजरात के मुख्यमंत्री थे और वे राज्य के गृह मंत्री थे और जब नेशनल फ़ोरेंसिक सांइस यूनिवर्सिटी बनी तो श्री मोदी देश के प्रधानमंत्री हैं और वे गृह मंत्री हैं। वर्ष 2009 में श्री मोदी ने यहाँ जो एक छोटा सा बीज बोया था, वह आज क्रिमिनल जस्टिस को मज़बूत बनाने के लिए एक विशाल बट वृक्ष बन गया है।

इस अवसर पर गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी, प्रदेश के गृह मंत्री प्रदीप सिंह जडेजा, केन्द्रीय गृह सचिव और केन्द्र तथा राज्य सरकार के अनेक वरिष्ठ अधिकारी भी मौजद थे।

दुनिया की कई वेबसाइट्स क्रैश!

दुनिया की कई वेबसाइट्स क्रैश हो चुकी हैं. एक मशहूर CDN प्रोवाइडर Fastly के कारण ऐसा हुआ है.

दुनिया की बड़ी बड़ी वेबसाइट्स के क्रैश होने की खबर आ रही है. लिस्ट में जो वेबसाइट्स क्रैश हुई हैं उसमें फिलहाल Reddit, Spotify, Twitch, Stack Overflow, GitHub, gov.uk और न्यूज आउटलेट द गार्जियन, न्यूयॉर्क टाइम्स, बीबीसी, फाइनेंशियल टाइम्स सहित अनगिनत लोकप्रिय वेबसाइटें वर्तमान में एक आउटेज का सामना कर रही हैं. आमतौर पर एक अहम इंटरनेट इंफ्रास्ट्रक्चर सर्विस प्रोवाइडर के कारण इस तरह का आउटेज देखने को मिलता है.

बता दें कि इसमें मशहूर मीडिया कंपनी न्यूयॉर्क टाइम्स और यूके गवर्नमेंट की वेबसाइट भी शामिल है. ये वेबसाइट्स लोड नहीं हो रही हैं और यूजर्स को लगातार एरर दिखाई दे रहा है. मीडिया वेबसाइट इंडिपेंडेंट भी इस इश्यू से प्रभावित हैं. ऐसा माना जा रहा है कि यह परेशानी क्लाउड कम्प्यूटिंग कंपनी Fastly के कारण आई है जो इन वेबसाइट्स को सर्विस देती है.

Fastly, the CDN provider, is having a massive outage, resulting in Twitch, Pinterest, Reddit, The Guardian, and the FT returning 503 errors.https://t.co/parKGKwrSU

— Matt ‘TK’ Taylor (@MattieTK) June 8, 2021

कंटेंट डिलीवरी नेटवर्क यानी की (सीडीएन) इंटरनेट के बुनियादी ढांचे का एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं. ये कंपनियां वेब सेवाओं के प्रदर्शन और उपलब्धता में सुधार के लिए सर्वर के वैश्विक नेटवर्क चलाती हैं. इस बात की पुष्टि फाइनेंशियल टाइम्स के एक कर्मचारी ने भी की है. Tech Crunch ने फाइनेंशियल टाइम्स के एक कर्मचारी का हवाला देते हुए कहा कि यह परेशानी CDN (कंटेंट डिलिवरी नेटवर्क) प्रोवाइडर Fastly के कारण आई है.

सीडीएन प्रॉक्सी सर्वर के रूप में काम करते हैं और कुछ डेटा को अंतिम यूजर्स के जितना संभव हो सके Cache करते हैं. उदाहरण के लिए, मीडिया कंटेंट को अक्सर आपके पास के एक सीडीएन सर्वर पर Cached किया जाता है ताकि जब भी कोई यूजर वेब पेज लोड करे तो उसे ओरिजिनल सर्वर पर लाने की आवश्यकता न हो.

समय के साथ, सीडीएन ने अधिक फीचर्स को जोड़ना शुरू कर दिया है, जैसे लोड बैलेंसिंग, DDoS प्रोटेक्शन, वेब ऐप्लिकेशन, फायरवॉल्स और कई सारे सिक्योरिटी फीचर्स. लोकप्रिय सीडीएन में फास्टली, क्लाउडफ्लेयर, Amazon वेब सर्विसेज पर क्लाउडफ्रंट और Akamai शामिल हैं. मीडिया वेबसाइट्स के साथ Fastly काफी मशहूर है. कंपनी साल 2019 में पब्लिक हुई थी. (साभार)

WhatsApp पिंक के चक्कर में उठा न लें नुकसान

Fact Check Viral Message on WhatsApp claiming to change into pink color साइबर विशेषज्ञों ने लिंक के जरिये फोन पर भेजे जा रहे वायरस को लेकर आगाह किया है। इस लिंक में दावा किया जाता है कि वॉट्सऐप गुलाबी रंग (Pink WhatsApp) का हो जाएगा और उसमें नई विशेषताएं (WhatsApp New Features) जुड़ जाएंगी। साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार लिंक में दावा किया जाता है कि यह वॉट्सऐप (WhatsApp Updates) की तरह से आधिकारिक अद्यतन के लिये है, लेकिन लिंक पर क्लिक करते ही संबंधित यूजर्स का फोन हैक हो जाएगा और हो सकता है कि वे वॉट्सऐप का इस्तेमाल नहीं कर पाएंगे।

साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ राजशेखर राजहरिया ने सोशल मीडिया पर लिखा है, ‘‘व्हाट्एसऐप पिंक को लेकर सावधान! एपीके डाउनलोड लिंक के साथ व्हाट्सऐप ग्रुप वायरस फैलाने का प्रयास किया जा रहा है। व्हाट्सऐप पिंक के नाम से किसी भी लिंक पर क्लिक नहीं करें। लिंक को क्लिक करने पर फोन का उपयोग करना मुश्किल हो जाएगा।’’

साइबर सुरक्षा से जुड़ी कंपनी वोयागेर इनफोसेक के निदेशक जितेन जैन ने कहा कि उपयोगकर्ताओं को यह सलाह दी जाती है कि वे गूगल या एप्पल के ऑधिकारिक ऐप स्टोर के अलावा एपीके या अन्य मोबाइल ऐप को इंस्टॉल नहीं करें। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के ऐप से आपके फोन में सेंध लग सकते हैं और फोटो, एसएमएस, संपर्क आदि जैसी सूचनाएं चुरायी जा सकती हैं।

इस बारे में संपर्क किये जाने पर व्हाट्स ऐप के अधिकारी ने कहा, ‘‘अगर किसी को संदिग्ध संदेश या ई-मेल समेत कोई संदेश आते हैं, उसका जवाब देने से पहले पूरी जांच कर लें और सतर्क रुख अपनाएं। व्हाट्सऐप पर हम लोगों को सुझाव देते हैं कि हमने जो सुविधाएं दी हैं, उसका उपयाग करें और हमें रिपोर्ट भेजे, संपर्क के बारे में जानकारी दें या उसे ब्लॉक करें।’’ 

दुनिया को PDF का तोहफा देने वाले चार्ल्स गेश्की का निधन

लॉस आल्टोस। सॉफ्टवेयर निर्माता कंपनी एडोब (Adobe) के सह-संस्थापक और ‘पोर्टेबल डॉक्यूमेंट फॉर्मट’ (PDF) तकनीक का विकास करने वाले चार्ल्स चक गेश्की का निधन हो गया। वह 81 वर्ष के थे। एडोब कंपनी के अनुसार गेश्की का शुक्रवार को निधन हो गया। वह सैन फ्रांसिस्को बे एरिया के लॉस आल्टोस उपनगर में रहते थे।

एडोब के सीईओ शांतनु नारायण ने कंपनी के कर्मचारियों को भेजे एक ईमेल में लिखा कि यह पूरे एडोब समुदाय और प्रौद्योगिकी जगत के लिए बड़ी क्षति है जिनके लिए वह (गेश्की) दशकों तक मार्गदर्शक और नायक रहे। नारायण ने लिखा कि एडोब के सह-संस्थापक के रूप में चक और जॉन वार्नोक ने एक परिवर्तनकारी सॉफ्टवेयर बनाया था जिसने लोगों के सृजन और संचार के तरीके को बदल दिया।

उन्होंने कहा कि चक ने कंपनी में नवोन्मेष के लिए अथक प्रयास किए और उसके परिणामस्वरूप ही पीडीएफ, एक्रोबेट, इलस्ट्रेटर, प्रीमियर प्रो और फोटोशॉप जैसे बड़े बदलावकारी सॉफ्टवेयर विकसित हुए। गेश्की की पत्नी नैन्सी ने कहा कि उनके पति को अपने परिवार पर गर्व था। साल 2009 में तत्कालीन अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने गेश्की और वरनॉक को नेशनल मेडल ऑफ टेक्नोलॉजी से नवाजा था।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, साल 1992 में गेश्की के अपहरण का प्रयास किया गया था। हालांकि, इसमें वे सुरक्षित रहे थे। दरअसल, काम पर आने के दौरान गेश्की पर दो लोगों ने बंदूक की नोक पर गेश्की को रोका और उन्हें लेकर हॉलिस्टर ले गए। यहां उन्हें 4 दिनों तक रखा। इस मामले में एक संदिग्ध को 6 लाख 50 हजार डॉलर की फिरौती की रकम के साथ पकड़ा था।

टेलीमेडिसिन सेवा-ईसंजीवनी के प्रति बढ़ रहा रुझान

भारत सरकार की टेलीमेडिसिन सेवा ने 30 लाख परामर्श प्रदान किए रोजाना 35,000 से अधिक मरीज डिजिटल रूप से स्वास्थ्य सेवाएं प्राप्‍त करने के लिए ईसंजीवनी का उपयोग कर रहे हैं।

नई दिल्ली। भारत सरकार की राष्ट्रीय टेलीमेडिसिन सेवा-ईसंजीवनी ने 30 लाख परामर्श उपलब्‍ध कराकर एक महत्‍वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। वर्तमान में, राष्ट्रीय टेलीमेडिसिन सेवा 31 राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों में संचालित है और प्रतिदिन देश के 35,000 से अधिक मरीज स्वास्थ्य सेवाएं प्राप्‍त करने के लिए इस नवाचारी डिजिटल माध्यम – ईसंजीवनी का उपयोग कर रहे हैं। राष्ट्रीय टेलीमेडिसिन सेवा, स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा स्थापित की गई है। दो प्रकार की ईसंजीवनी सेवाएं शामिल हैं। पहली सेवा, डॉक्टर से डॉक्टर (ईसंजीवनी एबी-एचडब्‍ल्‍यूसी) टेलीमेडिसिन प्लेटफ़ॉर्म जो हब और स्पोक मॉडल पर आधारित है, जबकि दूसरी सेवा, मरीज से डॉक्टर टेलीमेडिसिन प्लेटफ़ॉर्म (ईसंजीवनी ओपीडी) है, जो मरीजों को उनके घरों पर ही ओपीडी सेवाएं प्रदान करती है। ईसंजीवनी एबी-एचडब्‍ल्‍यूसी आयुष्मान भारत योजना के तहत स्वास्थ्य और कल्याण केंद्रों में लागू की जा रही है। दिसंबर 2022 तक इस सेवा को पूरे भारत में 1,55,000 स्वास्थ्य और कल्याण केंद्रों में संचालित कर दिया जाएगा। यह योजना नवंबर 2019 में शुरू की गई थी और आंध्र प्रदेश ईसंजीवनी एबी-एचडब्‍ल्‍यूसी शुरू करने वाला पहला राज्य था।

इसकी शुरूआत से लेकर अभी तक विभिन्न राज्यों में 1,000 से अधिक केन्‍द्र और लगभग 15,000 स्‍पोक्‍स स्थापित किए गए हैं। ईसंजीवनी एबी-एचडब्‍ल्‍यूसी ने लगभग 9 लाख परामर्श पूरे कर लिए हैं। ईसंजीवनी ओपीडी में स्थापित 250 से अधिक ऑनलाइन ओपीडी के माध्यम से नागरिकों को डिजिटल स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्‍ध कराई जा रही हैं। इन ऑनलाइन ओपीडी में 220 से अधिक विशेषज्ञ ओपीडी हैं और शेष सामान्य ओपीडी हैं। ईसंजीवनी ओपीडी देश में पहले लॉकडाउन के दौरान 13 अप्रैल 2020 को शुरू की गई थी, अन्‍य सभी ओपीडी बंद कर दी गई थीं। अभी तक ईसंजीवनी ओपीडी के माध्‍यम से 21 लाख से अधिक रोगियों को सेवा प्रदान की गई है।

सबसे बड़ी संख्या में परामर्श प्राप्‍त करने वाले शीर्ष पांच जिलों के नाम इस प्रकार हैं – सलेम, तमिलनाडु (1,23,658), मदुरै, तमिलनाडु (60,547), हासन, कर्नाटक (43,995), मेरठ, उत्‍तर प्रदेश (35,297) और रायबरेली, उत्‍तर प्रदेश (34,227) । ये आंकड़े दर्शाते है कि थ्री टिअर और 4 टिअर शहरों में नागरिकों ने ईसंजीवनी को अधिक‍ उपयोगी पाया है।

स्पेक्ट्रम नीलामी संपन्न, उम्मीद से बेहतर रही नीलामी

स्पेक्ट्रम नीलामी संपन्न, उम्मीद से बेहतर रही नीलामी

स्पेक्ट्रम के लिए कुल 77,814.80 करोड़ रुपये की बोली प्राप्त हुई

अधिग्रहित किए गए कुल 855.60 मेगाहर्ट्ज स्पेक्ट्रम के उपयोग का अधिकार दिया गया

दूरसंचार सेवा प्रदाताओं के नेटवर्क में अधिग्रहित किए गए अतिरिक्त स्पेक्ट्रम के शामिल होने से सेवा गुणवत्ता और ग्राहक अनुभव में सुधार की उम्मीद

नई दिल्ली। स्पेक्ट्रम नीलामी 2021 के दूसरे और समापन दिवस के अवसर पर संचार मंत्रालय में दूरसंचार विभाग के सचिव श्री अंशु प्रकाश ने कहा कि, “जिस स्पेक्ट्रम को हासिल करने के लिए बोली लगाई जा रही है, उसका मूल्य 77,814.80 करोड़ रुपये है। इसलिए आज 668.20करोड़ रुपये की बढ़ोत्तरी के साथ बोली लगाई गई।” 01 मार्च 2021 को शुरू हुई नीलामी 6 राउंड की बोली के बाद आज दोपहर 12.45 बजे संपन्न हुई। यह ई-नीलामी साइमल्टेनियस मल्टीपल राउंड एसेंडिंग ऑक्शन (एसएमआरए) पद्धति पर आधारित थी।

श्री अंशु प्रकाश ने बताया कि स्पेक्ट्रम के लिए 800 मेगाहर्ट्ज, 900मेगाहर्ट्ज, 1800मेगाहर्ट्ज, 2100 मेगाहर्ट्ज और 2300 मेगाहर्ट्ज बैंड श्रेणी में बोली लगाई गई। स्पेक्ट्रम की कुल मात्रा 855.60 मेगाहर्ट्ज है, जिसके लिए इन बैंड श्रेणी में उपयोग के अधिकार दिए जाने हैं। 700 मेगाहर्ट्ज और 2500 मेगाहर्ट्ज बैंड श्रेणी में किसी भी प्रतिभागी ने बोली नहीं लगाई। 01 मार्च 2021 को 4 राउंड की नीलामी (80% और 90% की निर्धारित गतिविधि के साथ प्रत्येक स्तर में 2 बोली) संपन्न हुई। 100% की निर्धारित गतिविधि स्तर के साथ 2 राउंड की नीलामी आज संपन्न हुई।

तीन बोलीदाता – भारती एयरटेल लिमिटेड, वोडाफोन आइडिया लिमिटेड और रिलाइंस जियोइंफोकॉम लिमिटेड ने नीलामी में भाग लिया।

बोलीदाता के अनुसार अधिग्रहित किए गए स्पेक्ट्रम की मात्रा और देय राशि का विवरण-
बोलीदाता, कुल मात्रा (मेगाहर्ट्ज़), कुल राशि (करोड़ में)

भारती एयरटेल लिमिडेट, 355.45, 18,698.75

वोडाफोन आइडिया लिमिटेड, 11.80, 1,993.40

रिलाइंस जियोइंफोकॉम लिमिटेड, 488.35, 57,122.65

स्पेक्ट्रम की कुल 2308.80 मेगाहर्ट्ज़ मात्रा की नीलामी की गई, इसमें वो स्पेक्ट्रम भी शामिल है, जिसकी मियाद दिसंबर 2021 में समाप्त हो रही है। नीलामी में शामिल स्पेक्ट्रम की कुल मात्रा में से 855.60 मेगाहर्ट्ज़ स्पेक्ट्रम के लिए बोलियाँ प्राप्त हुईं। जिन स्पेक्ट्रम के लिए बोली प्राप्त हुईं, वे 700 मेगाहर्ट्ज़ और 2500 मेगाहर्ट्ज़ को छोड़कर नीलामी में शामिल कुल स्पेक्ट्रम का करीब 60 प्रतिशत है। वर्ष 2016 में स्पेक्ट्रम की नीलामी के दौरान कुल 7 बोलीदाताओं ने बोली लगाई थी। इस दौरान मात्रा के हिसाब से नीलामी में शामिल कुल स्पेक्ट्रम के 41 प्रतिशत और कीमत के हिसाब से 12 प्रतिशत की बिक्री हुई थी। वहीं 2021 के स्पेक्ट्रम नीलामी के दौरान यह आंकड़ा मात्रा के हिसाब से 37 प्रतिशत और कीमत के हिसाब से 19 प्रतिशत है। साथ ही इस बार कुल 3 बोलीदाताओं ने नीलामी के दौरान बोली लगाई।
इस नीलामी में अधिग्रहित किए गए स्पेक्ट्रम के लिए लाइसेंसधारी को अपने समायोजित सकल राजस्व (एजीआर) के 3% की दर से स्पेक्ट्रम उपयोग शुल्क (एसयूसी) देना होगा। हालाँकि इसमें वायरलाइन सेवाओं से प्राप्त राजस्व शामिल नहीं है।

नीलामी की प्रक्रिया संपन्न हो गई है। नीलामी के प्रोविज़नल परिणाम सरकार द्वारा जांच और अनुमोदन के अधीन हैं।

नीलामी के दौरान दूरसंचार सेवा प्रदाताओं के नेटवर्क में अधिग्रहित किए गए अतिरिक्त स्पेक्ट्रम के शामिल होने से देशभर में सेवा गुणवत्ता और ग्राहक अनुभव में सुधार की उम्मीदहै।

****

Reliance Jio: 749 रुपए में अनलिमिटेड कॉल और डेटा साल भर

Reliance Jio का नया धमाका, 749 रुपये में साल भर तक अनलिमिटेड कॉल और डेटा

रिलायंस जियो ने Jio Phone ग्राहकों के लिए NEW JioPhone 2021 ऑफर लॉन्च किया है। इस प्लान की शुरुआती कीमत 749 रुपये है।

जियोफोन ग्राहक 1,999 रुपये में 2 साल तक अनलिमिटेड सर्विस का फायदा ले सकेंगे
1,499 रुपये में नए जियो फोन ग्राहक 1 साल तक अनलिमिटेड सर्विस ले पाएंगे
मौजूद जियोफोन ग्राहकों को 1 साल की अनलिमिटेड सर्विस के लिए 749 रुपये देने होंगे

नई दिल्ली। रिलायंस जियो ने एक बार फिर अपने फीचर फोन ग्राहकों के लिए नए ऑफर का ऐलान कर दिया है। मुकेश अंबानी के नेतृत्व वाली Jio अब THE NEW JIOPHONE 2021 OFFER लेकर आई है। कंपनी ने एक रिलीज भेजकर यह जानकारी साझा की। द न्यू जियोफोन 2021 ऑफर का फायदा देशभर में 1 मार्च से लिया जा सकेगा। यह ऑफर देशभर के रिलायंस रिटेल और जियो रिटेलर्स के पास उपलब्ध होगा। आइये आपको बताते हैं JioPhone यूजर्स के लिए खासतौर पर पेश किए गए इस किफायती प्लान के बारे में सबकुछ…

जियो का कहना है कि कंपनी ने ‘2G मुक्त भारत’ अभियान में तेजी लाने के इरादे से नया किफायती ऑफर पेश किया है। गौर करने वाली बात है कि देशभर में 10 करोड़ से ज्यादा लोग जियोफोन का इस्तेमाल करते हैं। इस लिहाज से देखें तो जियो के इस नए ऑफर का फायदा करोड़ों जियो ग्राहकों को मिलेगा।


1. नए यूजर्स 1,999 रुपये की कीमत अदा करने पर जियोफोन डिवाइस के साथ ही 24 महीनों यानी 2 साल के लिए अनलिमिटेड सर्विस का मजा ले सकेंगे। इस ऑफर के तहत ग्राहक अनलिमिटेड वॉइस कॉल, अनलिमिटेड डेटा (हर महीने 2GB हाई-स्पीड डेटा) इस्तेमाल कर पाएंगे। कंपनी का कहना है कि इस ऑफर के साथ ग्राहकों को 2 साल तक रिचार्ज करने की जरूरत नहीं होगी।


2. इसके अलावा अगर 1,499 रुपये खर्च करना चाहते हैं तो आपको जियोफोन डिवाइस और 12 महीने के लिए अनलिमिटेड सर्विसेज़ मिलेंगी। 1,499 रुपये खर्च कर यूजर्स अनलिमिटेड वॉइस कॉल, अनलिमिटेड डेटा (2GB हाई स्पीड डेटा हर महीने) का फायदा ले सकेंगे। यानी आपको 1 साल तक रिचार्ज नहीं करना होगा और आप फोन इस्तेमाल कर पाएंगे।


जियो ने नए जियोफोन यूजर्स के अलावा मौजूदा जियोफोन यूजर्स के लिए भी नया ऑफर पेश किया है। इस ऑफर की कीमत 749 रुपये है। अगर आपके जियोफोन के मौजूदा ग्राहक हैं तो आप 749 रुपये खर्च करके 1 साल यानी 12 महीनों तक अनलिमिटेड सर्विस का फायदा ले सकते हैं। इस ऑफर के तहत ग्राहक अनलिमिटेड वॉइस कॉल, अनलिमिटेड डेटा (2GB हाई-स्पीड डेटा हर महीने) का फायदा ले सकेंगे। यानी 1 साल तक रिचार्ज की छुट्टी। इस ऑफर का फायदा 1 मार्च से लिया जा सकता है।

जियो ने जुलाई,2017 में अपना पहला 4G फीचर फोन लॉन्च किया था। यह फोन KaiOS पर चलता है। हैंडसेट में 2.4 इंच डिस्प्ले, 2 मेगापिक्सल रियर और 0.3 मेगापिक्सल सेल्फी कैमरा दिया गया है। इसके अलावा जियो के इस फोन में वॉट्सऐप और यूट्यूब जैसे ऐप्स भी सपॉर्ट करते हैं।

भारत सरकार का डिजिटल कैलेंडर और डायरी लॉन्‍च

भारत सरकार का डिजिटल कैलेंडर और डायरी लॉन्‍च

नई दिल्ली। केन्‍द्रीय सूचना और प्रसारण मंत्री  प्रकाश जावडेकर ने आज भारत सरकार के डिजिटल कैलेंडर और डायरी को लॉन्‍च किया। नेशनल मीडिया सेंटर में आयोजित समारोह में श्री जावडेकर ने एक बटन दबाने के साथ ही कैलेंडर और डायरी के एंड्रॉयड और आईओएस मोबाइल एप्लीकेशन की शुरुआत की।

इस अवसर पर सूचना और प्रसारण मंत्री ने प्रसन्नता व्यक्त की कि अतीत में दीवारों पर सुशोभित होने वाला सरकारी कैलेंडर अब मोबाइल फोन को सुशोभित करेगा। ऐप की विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए श्री जावडेकर ने कहा कि “ऐप मुफ्त है और 15 जनवरी, 2021 से 11 भाषाओं में उपलब्ध होगा। ऐप हर साल एक नए कैलेंडर की आवश्यकता को खत्म  कर देगा”। उन्होंने आगे कहा “हर महीना एक विषय-वस्तु और एक संदेश लिए हुए होगा और एक प्रसिद्ध भारतीय हस्ती की जानकारी देगा। ऐप लोगों को विभिन्न सरकारी कार्यक्रमों के शुरू होने का घटनाक्रम भी बताएगा”।

ऐप के डायरी फीचर के बारे में सूचना और प्रसारण मंत्री ने कहा कि “डायरी फीचर की वजह से कैलेंडर अन्य डिजिटल कैलेंडर ऐप की तुलना में अधिक आधुनिक, अधिक विशेषताओं वाला और आसान है”।

हिंदी, English के अलावा 11 अन्य भारतीय क्षेत्रीय भाषाओं में भी होगा उपलब्ध:

भारत सरकार का डिजिटल कैलेंडर प्रधानमंत्री की “डिजिटल इंडिया” की परिकल्पना के अनुरूप है और इस तक किसी भी स्मार्ट फोन पर एक बटन क्लिक कर पहुंचा जा सकता है। ऐप गूगल प्ले स्टोर और आईओएस ऐप स्टोर दोनों पर डाउनलोड के लिए उपलब्ध है। ऐप को ब्यूरो ऑफ आउटरीच एंड कम्युनिकेशन, सूचना और प्रसारण मंत्रालय द्वारा डिजाइन और विकसित किया गया है। यह एप्लिकेशन वर्तमान में हिंदी और अंग्रेजी भाषा में उपलब्ध है, और इसे जल्द ही 11 अन्य भारतीय क्षेत्रीय भाषाओं में भी उपलब्ध कराया जाएगा।

अब दीवार पर नहीं, रखिये मोबाइल फोन में:

इससे पहले भारत सरकार के दीवार पर टांगने वाले कैलेंडर की देश में पंचायत स्तर तक पहुंच थी, इस ऐप के रूप में कैलेंडर का डिजिटल अवतार दुनिया भर में किसी के लिए भी उपलब्ध होगा।

भारत सरकार के कैलेंडर एप्लिकेशन में विशेषताएं:

i.          भारत सरकार की विभिन्न योजनाओं, कार्यक्रमों और प्रकाशनों की नवीनतम जानकारी

ii.         आधिकारिक छुट्टियां और विभिन्न महत्वपूर्ण तिथियां।

iii.        हमारे देश की महान हस्तियों के प्रेरणादायक और प्रेरक संदेश।

iv.        नोट्स डिजिटल रूप से लेने का प्रावधान जिन्हें अत्याधुनिक सुरक्षा और गोपनीयता उपायों के साथ संग्रहित किया जाएगा

v.         महत्वपूर्ण कार्यों और कार्यक्रमों के लिए बैठक का निर्धारण और याद दिलाने की प्रक्रिया का प्रावधान।

vi.        आने वाले दिनों में दृष्टि बाधित दिव्यांगजनों के लिए प्रधानमंत्री के “सुगम्य भारत अभियान” के लक्ष्य को पूरा करने के लिए सुगम्यदता विशेषताएं।

एप्लिकेशन गूगल प्ले स्टोर के लिंक से एंड्रॉयड उपकरणों पर डाउनलोड की जा सकती है।

https://play.google.com/store/apps/details?id=in.gov.calendar

आईओएस उपकरणों पर ऐप को निम्न से डाउनलोड किया जा सकता है-

https://apps.apple.com/in/app/goi-calendar


****

बिना Delete किए भी कर सकते हैं WhatsApp चैट Hide

Delete किये बिना ही कीजिए WhatsApp चैट Hide

नई दिल्ली। (धारा न्यूज़) WhatsApp यूजर्स यदि अपनी चैट किसी को नहीं दिखाना चाहते तो उसे तुरंत डिलीट करे बिना उसको hide कर के रख सकते हैं। WhatsApp में मैसेज को हाइड करने की सुविधा उपलब्ध है।

मैसेज डिलीट किए बिना उसे हाइड करने का आसान तरीका-

– सबसे पहले WhatsApp ओपन करें और इसके बाद जिसकी भी चैट आपको हाइड करनी है उस पर क्लिक करें।
– अब उस चैट पर टैप कर होल्ड करें। इसके बाद ऊपर की तरफ कुछ विकल्प सामने आएंगे। इसमें से एक एरो का विकल्प होगा। जो कि तीन डाट्स के बिल्कुल बराबर में मौजूद है और यह Archive बटन है।
– Archive बटन पर टैप करें। इस पर टैप करने से आपकी चैट Archive हो जाएगी। और किसी को भी दिखाई नहीं देगी।

जब भी आपको यह चैट देखनी होगी तो आपको WhatsApp चैट में सबसे नीचे स्क्रॉल करना होगा, जहां आपको Archived का विकल्प मिलेगा। इस पर टैप कर आपको Archive की हुई चैट मिल जाएगी। अगर आप इसे Unarchive करना चाहते हैं तो इसे टैप कर होल्ड करें और ऊपर दिए गए Archive आइकन को एक बार फिर टैप कर दें। इससे आपकी चैट Unarchive हो जाएगी।

——

jio की बादशाहत बरकरार: औसत 4G download speed में लगातार top

jio की बादशाहत बरकरार: औसत 4जी download speed में लगातार top

upload speed में वोडाफोन आगे

नई दिल्ली। रिलायंस जियो ने एक बार फिर औसत 4जी डाउनलोड स्पीड में पिछले तीन वर्ष से अधिक से चला आ रहा अपना वर्चस्व बनाये रखा है। ट्राई द्वारा औसत गति की गणना माईस्पीड एप्लिकेशन की सहायता से एकत्र रियल टाइम आंकड़ों के आधार पर की जाती है।

भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) के नवंबर माह के आंकड़ों के मुताबिक जियो की औसत डाउनलोड स्पीड 20.8 एमबीपीएस मापी गई जो अक्तूबर के मुकाबले 3.0 एमबीपीएस अधिक है। अक्तूबर में रिलायंस जियो की 4जी डाउनलोड स्पीड 17.8 एमबीपीएस थी। पिछले तीन वर्षों से भी अधिक समय से रिलायंस जियो डाउनलोड स्पीड के मामले में लगातार नंबर वन 4जी ऑपरेटर बना हुआ है।

ट्राई के अनुसार नवंबर में भारती एयरटेल के प्रदर्शन में मामूली सुधार देखा गया। एयरटेल की औसत 4जी डाउनलोड स्पीड अक्तूबर के 7.5 एमबीपीएस के मुकाबले नवंबर में 8 एमबीपीएस रही। एयरटेल के मुकाबले रिलायंस जियो की स्पीड 2.5 गुना से भी अधिक है।

वोडाफोन और आइडिया सेल्युलर ने अपने कारोबार का हालांकि विलय कर लिया है और अब वोडाफोन आइडिया के रूप में काम कर रहे हैं पर ट्राई दोनों के आकंड़े अलग अलग प्रर्दशित करता है। वोडाफोन और आइडिया नेटवर्क की औसत 4 जी डाउनलोड स्पीड में पिछले माह के मुकाबले मामूली अंतर देखने को मिला। जहां वोडाफोन की स्पीड सुधर कर नवंबर में 9.8 एमबीपीएस हो गई वहीं आइडिया की स्पीड गिरकर 8.8 एमबीपीएस पर जा पहुंची। वोडाफोन और आइडिया दोनों की स्पीड नवंबर में एयरटेल से कुछ अधिक रही पर जियो के मुकाबले आधी से भी कम मापी गई।

अपलोड स्पीड में वोडाफोन अव्वल

नवंबर में 6.5 एमबीपीएस के साथ वोडाफोन औसत 4 जी अपलोड स्पीड में सबसे ऊपर रहा। दूसरे नंबर पर आइडिया रहा, उसकी अपलोड स्पीड 5.8 एमबीपीएस रही। वहीं रिलायंस जियो और एयरटेल की नवंबर माह में औसत अपलोड स्पीड क्रमश: 3.7 और 4 एमबीपीएस नापी गई।

———–

40 मिनट तक ठप रहीं जीमेल और यूट्यूब सर्विसेस

करीब 40 मिनट तक बंद रहीं जीमेल और यूट्यूब सर्विसेस

दोनों के 380 करोड़ से ज्यादा यूजर्स



नई दिल्ली। दुनियाभर में गूगल की सर्विसेस सोमवार शाम करीब 40 मिनट तक क्रैश रहीं। लॉगइन और एक्सेस में परेशानी भारतीय समय के मुताबिक, शाम करीब 5.26 बजे शुरू हुई और शाम 6.06 पर री-स्टोर हुईं। इस दौरान गूगल की 19 सर्विसेस ठप रहीं। गूगल ने अभी तक इस परेशानी पर कोई कमेंट नहीं किया है।

यह सर्विसेज रहीं ठप-
जीमेल, यूट्यूब, कैलेंडर, ड्राइव, डॉक्स, शीट्स, स्लाइड्स, साइट्स, ग्रुप्स, हैंगआउट्स, चैट, मीट, वॉल्ट, करन्ट्स, फॉर्म्स, क्लाउड सर्च, कीप, टास्क, वॉइस।

यह चलती रहीं-
गूगल सर्च इंजन और मैप।

क्लाउड, ड्राइव और डॉक्स जैसी सर्विसेस भी क्रैश-
ब्रिटेन के मिरर अखबार के मुताबिक, दुुनिया में 54% लोग यूट्यूब को एक्सेस नहीं कर सके। 42% लोग वीडियो नहीं देख पाए और 3% लोग लॉगइन ही नहीं कर पाए। इसके अलावा जीमेल पर 75% लोग लॉगइन नहीं कर पाए और 15% लोग वेबसाइट ही एक्सेस नहीं कर पाए। इसके अलावा 8% लोगों को मैसेज नहीं रिसीव हुए। गूगल की हैंगआउट, गूगल फॉर्म, गूगल क्लाउड, गूगल ड्राइव, गूगल डॉक्स की सर्विसेस भी क्रैश हो गई हैं। इससे पहले 20 अगस्त को भी गूगल की सभी सर्विसेस क्रैश हो गई थीं।

जीमेल के 180 करोड़ यूजर-
दुनियाभर में जीमेल के करीब 180 करोड़ से ज्यादा यूजर्स हैं। उसके पास 2020 में ईमेल सर्विस का 43% मार्केट शेयर है। वहीं, 27% लोग फोन से ईमेल करते हैं। ईमेल के एक्सेस के लिए 75% से ज्यादा लोग फोन का यूज करते हैं। 2020 में हर दिन 306.4 बिलियन ईमेल सेंड और रिसीव्ड किए गए हैं।

यूट्यूब के 200 करोड़ से ज्यादा यूजर्स- यूट्यूब ने कहा कि हम दुनियाभर में आई इस परेशानी के बारे में जानते हैं और हमारी टीम लगातार इस पर नजर बनाए हुए है। जल्द ही इस संबंध में आपको अपडेट किया जाएगा।

——–