केरल में कोरोना विस्फोट! लगातार पांचवें दिन 20 हजार से अधिक केस आए सामने

तिरुवनंतपुरम (एजेंसियां)। केरल में कोरोना वायरस के बेतहाशा मामले सामने से देश में तीसरी लहर आने के संकेत मिल रहे हैं। शनिवार को यहां लगातार पांचवे दिन कोविड-19 से संक्रमण के 20 हजार से अधिक नए मामले सामने आए। हालांकि मृतकों की संख्या में कमी आई है। संक्रमण दर भी गिर कर 12.31 प्रतिशत हो गई है।

केरल में शुक्रवार को 100 संक्रमितों की मौत हुई थी जबकि संक्रमण दर (जांचे गए कुल नमूनों के अनुपात में संक्रमित) भी 13.61 प्रतिशत दर्ज हुए। देश में भी बीते चार दिनों से लगातार चालीस हजार से अधिक कोरोना केस आ रहे हैं। भारत के कोरोना केसों में 50 फीसदी योगदान केरल का बताया गया है। 

केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीणा जॉर्ज के अनुसार शनिवार को राज्य में कोरोना वायरस से संक्रमण के 20,624 नए मामले आए। इन्हें मिलाकर राज्य में अब तक संक्रमित हुए मरीजों की संख्या 33,90,761 हो गई है। वहीं, पिछले 24 घंटों में 80 मरीजों की मौत के साथ राज्य में महामारी से जान गंवाने वालों की संख्या 16,781 तक पहुंच गई है।

मंत्री ने बताया कि गत 24 घंटे के दौरान 16,865 मरीज संक्रमण मुक्त हुए जिन्हें मिलाकर अब तक 32,08,969 मरीज इस महामारी को मात दे चुके हैं। वहीं 1,64,500 मरीज उपचाराधीन हैं। राज्य सरकार की विज्ञप्ति के अनुसार सबसे अधिक 3474 नए मरीज मिलने के साथ ही मलप्पुरम सबसे अधिक प्रभावित है। इसके अलावा त्रिशूर में 2693, पलक्कड में 2209, कोझिकोड में 2113, एर्णाकुलम में 2072, कोल्लम में 1371, कन्नूर में 1243, अलाप्पुझा में 1120, कोट्टयम में 1111 और तिरुवनंतपुरमें में 969 और लोगों के संक्रमित होने की पुष्टि हुई है। 

नए मरीजों में 98 स्वास्थ्य कर्मी और 112 राज्य के बाहर से आने वाले लोग शामिल हैं। गत 24 घंटे के दौरान 1,67,579 नमूनों की जांच की गई। इस समय राज्य के विभिन्न जिलों में 4,55, 078 लोगों को निगरानी में रखा गया है, जिनमें से 28,438 संदिग्ध मरीज संस्थागत पृथकवास या अस्पताल में भर्ती हैं। सरकार की विज्ञप्ति के अनुसार राज्य के 678 इलाकों में संक्रमण दर 10 प्रतिशत से अधिक है। केरल में आज यानी 1 अगस्त को भी कंप्लीट लॉकडाउन है।

लॉक डाउन again? 10 राज्यों को पाबंदियों पर विचार की सलाह

नई दिल्ली। कई राज्यों में कोरोना वायरस के नए मामलों और पॉजिटिविटी रेट में बढ़ोतरी के बाद नई रणनीति तैयार हो रही है। केंद्र सरकार ने संबंधित राज्यों से प्रतिबंधों को फिर से लागू करने पर विचार करने के लिए कहा है। कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने शनिवार को 10 राज्यों के साथ एक हाई लेवल बैठक की। स्वास्थ्य सचिव ने केरल, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तमिलनाडु, ओडिशा, असम, मिजोरम, मेघालय, आंध्र प्रदेश और मणिपुर के प्रतिनिधियों से कहा कि पिछले कुछ हफ्तों में 10 प्रतिशत से अधिक की पॉजिटिविटी रेट रिपोर्ट करने वाले सभी जिलों को सख्त प्रतिबंधों पर विचार करने की आवश्यकता है।मंत्रालय ने कहा कि इस स्तर पर किसी भी तरह की ढिलाई से इन जिलों में स्थिति बिगड़ सकती है।

46 जिलों में 10 प्रतिशत से अधिक पॉजिटिविटी रेट– बैठक में भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) के महानिदेशक डॉ.बलराम भार्गव ने कहा कि प्रतिदिन 40000 नए मामले के साथ समझौते करने की जरूरत नहीं है। भारत में लगभग 46 जिले 10 प्रतिशत से अधिक पॉजिटिविटी रेट रिपोर्ट कर रहे हैं और 53 जिले ऐसे हैं जो कि खतरे की ओर बढ़ रहे हैं। यहां पॉजिटिविटी रेट 5 से 10 प्रतिशत के बीच है। कोरोना के नए मामलों में बढ़ोतरी को देखते हुए मंत्रालय की ओर से इन राज्यों को 4 प्वाइंट में दिशा-निर्देश दिए गए हैं। 

4 प्वाइंट में दिशा-निर्देश- पहला यह है कि जहां ज्यादा मामले सामने आ रहे हैं, वहां काबू करने के प्रयास और निगरानी रखी जाए। दूसरा, मामलों की मैपिंग, संपर्कियों का पता लगाना और नियंत्रण क्षेत्रों को परिभाषित करना है। तीसरा निर्देश ग्रामीण इलाकों में स्वास्थ्य के बुनियादी ढांचे को बढ़ाना और बाल चिकित्सा देखभाल पर ध्यान देना है। चौथा निर्देश है कि मौत पर नजर रखने के साथ ही गणना करना।

10 राज्यों में 80 प्रतिशत से अधिक सक्रिय मामले होम आइसोलेशन में- मंत्रालय ने कहा कि इन 10 राज्यों में 80 प्रतिशत से अधिक सक्रिय मामले होम आइसोलेशन में हैं। इन लोगों पर नजर रखने की जरूरत पर जोर देते हुए मंत्रालय ने कहा कि इन मरीजों की निगरानी के लिए समुदाय, गांव मोहल्ला, वार्ड आदि के स्तर पर स्थानीय निगरानी होनी चाहिए ताकि यह पता लग सके कि कहीं उनको अस्पताल में भर्ती कराने की जरूरत तो नहीं है। 

कमिश्नर के कुत्ते को घर घर ढूंढ रही पुलिस

कमिश्नर साहब का कुत्ता हुआ गुम। खोजने में जुटा पूरा पुलिस प्रशासन। लाउडस्पीकर पर ऐलान कर घर-घर की जा रही तलाशी।

अजब: कमिश्नर साहब का कुत्ता हुआ गुम, खोजने में जुटा पूरा पुलिस प्रशासन- लाउडस्पीकर पर ऐलान कर घर-घर की जा रही तलाशी

गुजरांवाला (एजेंसी)। कई वर्ष पहले भारत के उत्तर प्रदेश से खबर आई थी कि सपा नेता आजम खान की भैंस चोरी होने पर एफआईआर दर्ज की गई। पुलिस ने लंबे समय तक जांच जारी रखने के बाद चोर को गिरफ्तार भी किया। अब ऐसी ही खबर पाकिस्तान के गुजरांवाला से आई है। यहां के कमिश्नर जुल्फिकार अहमद गुमान के पालतू कुत्ते को ढूंढने के लिए पूरा पुलिस प्रशासन जुट गया है। इतना ही नहीं घर-घर तलाशी के अलावा जगह-जगह लाउडस्पीकर से लापता कुत्ते को लेकर घोषणाएं तक हो रही हैं।

कुत्ते की खोज में लाउडस्पीकर से एलान

पाकिस्तान के मीडिया की खबर के मुताबिक कमिश्नर का कुत्ता मंगलवार को लापता हुआ था। इसके बाद उन्होंने पूरे प्रशासन को उसे खोजने में लगा दिया। कमिशनर ने जगह-जगह रिक्शे पर लाउडस्पीकर के जरिए लापता कुत्ते की खोज के लिए घोषणाएं करवाई और अपने नीचे काम करने वालों को यह आदेश दिया है कि किसी भी कीमत पर कुत्ते को खोज निकालें।

वीकेंड लॉकडाउन पालन कराने को पुलिस ने बरती सख्ती

बिना मास्क मिले १४८ लोगों से वसूला जुर्माना

बिजनौर (एकलव्य बाण समाचार)। वीकेंड लॉकडाउन सख्ती से लागू कराने के लिए पुलिस को सड़कों पर खासी मशक्कत करनी पड़ी। जिले की सड़कों और चौराहों पर पुलिस ने चेकिंग कर बिना वजह घर से निकलने वाले लोगों को फटकारा। साथ ही बिना मास्क घूम रहे 148 लोगों से जुर्माना भी वसूला। साथ ही वीकेंड लॉक डाउन में घर पर ही रहने की अपील की।

रविवार को सुबह से ही पुलिस ने जिले भर में पुलिस ने चेकिंग शुरू कर दी। जिला मुख्यालय पर शक्ति चौराहा समेत कई स्थानों पर पुलिस ने चेकिंग की। पुलिस सड़कों पर निकले लोगों से बाहर घूमने की वजह पूछती रही और जरूरी काम से जाने वाले लोगों को निकलने देती रही। बिना वजह घूम रहे युवकों को पुलिस ने खूब फटकार लगाई। वहीं मास्क नहीं लगाए पाए गए लोगों से जुर्माना वसूल किया गया। जिले भर में 148 लोगों से जुर्माना वसूल किया गया। शनिवार को पुलिस ने 125 लोगों के चालान काटे थे।
इसके अलावा कस्बों और शहरों में खुली हुई इक्का-दुक्का दुकानों को पुलिस ने बंद कराया। इसके अलावा सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने की पुलिस ने लोगों को हिदायत दी।

यूपी में आज से 3 और जिले अनलॉक, नोएडा-गाजियाबाद समेत 11 में कोरोना कर्फ्यू

लखनऊ

यूपी में कोरोना संक्रमण के मामलों में कमी को देखते हुए प्रदेश सरकार ने को नई गाइडलाइंस जारी करते हुए प्रदेश के 55 जिलों में साप्ताहिक बंदी जारी रखने के साथ सुबह 7 बजे से शाम 7 बजे तक बाजारों को खोलने की अनुमति दे दी थी। लेकिन सोमवार को कोरोना के नए आंकड़े आने के बाद प्रयागराज, देवरिया समेत 6 अन्य जिलों को कोरोना कर्फ्यू से मुक्त कर दिया गया। वहीं मंगलवार को तीन जिले और जुड़ जाने से अब लिस्ट में 64 जिले शामिल हो गए हैं। 

इन 3 और जिलों को किया गया मुक्त

गाजीपुर, जौनपुर और लखीमपुर खीरी को कोरोना कर्फ्यू से मुक्त कर दिया गया है। इन तीनों जिलों में 2 जून से अनलॉक की प्रक्रिया शुरू होगी। रविवार को जारी हुई नई गाइडलाइंस में उन शहरों में लॉकडाउन जारी रखने के निर्देश दिए गए थे, जहां ऐक्टिव केस 600 से ज्यादा हैं। गाजीपुर, जौनपुर और लखीमपुर खीरी में कोरोना के सक्रिय मामले 600 के अंदर आने के बाद यहां भी बुधवार सुबह 7 बजे से छूट दी जाएगी। कोविड प्रोटोकॉल के तहत दुकानें शाम 7 बजे तक खुल सकेंगी। इससे पहले सोमवार को सामने आए आंकड़ों के बाद सोनभद्र, देवरिया, बागपत, प्रयागराज, बिजनौर और मुरादाबाद को भी कोरोना कर्फ्यू से मुक्त कर दिया गया। 

अभी इन 11 जिलों में जारी रहेगी पाबंदी 

लखनऊ, मेरठ, सहारनपुर, वाराणसी, गाजियाबाद, गौतम बुद्ध नगर, बरेली, गोरखपुर, मुजफ्फरनगर, बुलंदशहर, झांसी। 

नोएडा-गाजियाबाद में कब मिल सकती है छूट

31 मई की रिपोर्ट के मुताबिक गौतम बुद्ध नगर में कोरोना के 68 नए मामले सामने आए। वहीं 181 लोगों को डिस्चार्ज किया गया। यानी संक्रमित लोगों के मुकाबले तीन गुना लोग ठीक हुए। आंकड़ों के हिसाब से नोएडा में ऐक्टिव केस 1073 हैं। ठीक होने की यही रफ्तार रही तो अगले हफ्ते तक नोएडा में कोरोना कर्फ्यू खुलने की उम्मीद है। वहीं गाजियाबाद की बात करें तो यहां अभी 1688 ऐक्टिव केस हैं। 31 मई के आंकड़ों के मुताबिक यहां 47 नए केस सामने आए और 123 मरीज ठीक हो गए। इस लिहाज से यहां लॉकडाउन हटने में अभी एक हफ्ते से ज्यादा वक्त लग सकता है।

आज से नई गाइडलाइंस जारी

बिजनौर जिलाधिकारी रमाकांत पांडे की ओर से जिले में 1 जून से अगले आदेश तक कोविड-19 के तहत दुकानों के खुलने, यात्रा करने, शादी समारोह, वगैरा में शामिल होने व अन्य गतिविधियों की इन शर्तों के साथ छूट दी जाती है

(1)-दिनांक 01-06-2021 से शर्तो के अधीन शाम 7, बजे से सुबह 7, बजे तक रात्रिकालीन कर्फ्यू लागू रहेगा।

(2)-शनिवार व रविवार को साप्ताहिक बन्दी/कोरोना कर्फ्यू लागू रहेगा।

(3)-जनपद में दुकानें/बाजार सुबह 7, बजे से शाम 7, बजे तक कोविड कन्टेनमेंट जोन को छोड़कर खोलने की अनुमति सप्ताह में 5 दिन की होगी व शनिवार तथा रविवार साप्ताहिक बन्दी रहेगी।

(4)-दुकान/बाजार के साथ सुपर मार्केट को मास्क की अनिवार्यता, दो गज की दूरी एवं सैनिटाइजर की व्यवस्था के साथ खोलने की अनुमति होगी।

(5)-कोरोना अभियान में जुडे फन्टलाईन सरकारी विभागों में पूर्ण उपस्थिति रहेगी एवं शेष सरकारी कार्यालय 50, प्रतिशत उपस्थिति के साथ खुलेगें एवं जो 50 प्रतिशत कर्मी रहेगें, उनको रोटेशन से बुलाया जायेगा।

(6)-निजी कम्पनियों के कार्यालय भी मास्क की अनिवार्यता दो गज की दूरी व सेनेटाईजर के प्रयोग की गाइड लाइन्स के साथ खुलेगें।

(7)-निजी कम्पनियाँ वर्क फाम होम की व्यवस्था को लागू करना प्रोत्साहित करेगी।

(8)-प्रत्येक निजी कम्पनी में कोविड हेल्प डेस्क की स्थापना की अनिवार्यता होगी।

(9)-औद्योगिक संस्थान खुले रहेगें एवं इन संस्थाओं में कार्यरत कर्मियों को अपने आईडी कार्ड या इकाई के प्रमाण-पत्र के आधार पर आने जाने की अनुमति प्रदान की जायेगी।

(10)-प्रत्येक औद्योगिक इकाई में कोविड हेल्प डेस्क की स्थापना की अनिवार्यता होगी।

(11)-सब्जी मण्डियां पहले की तरह खुली रहेंगी।

(12)-प्रत्येक सब्जी मण्डी स्थल में कोविड हेल्प डेस्क की स्थापना की अनिवार्यता होगी।

(13)-रेस्टोरेंट से होम डिलीवरी की केवल अनुमति होगी।

(14)-इसके अलावा हाई-वे व एक्सप्रेस-वे के किनारे ढाबे तथा ठेले/खोमचे वालों को खोलने की अनुमति, दो गज की दूरी व मास्क के साथ होगी।

(15-कन्टेनमेंट जोन को छोड़कर शेष स्थानों/जोन में धर्मस्थलों के अन्दर एक बार में एक स्थान पर 05 से अधिक श्रद्धालु ना हों।

(16)-दोपहिया वाहनों को निर्धारित सीट क्षमता के अनुसार चलने की अनुमति होगी तथा 03 पहिया वाहन आटो रिक्शा में चालक के साथ अधिकतम दो यात्री, बैटरी चालित ई-रिक्शा में चालक सहित 03 व्यक्ति एवं चार पहिया वाहनों पर केवल 04 व्यक्तियों के बैठने की अनुमति होगी।

(17)-मांस, मछली व अंडे की दुकानों को पर्याप्त साफ-सफाई तथा सेनेटाईजेशन का ध्यान रखते हुए बंद स्थान अथवा ढके हुए खोलने की अनुमति होगी। खुले में कोई मांस, मछली व अंडे ना बेचे जाए।

(18)-जिम, सिनेमा, शॉपिंग मॉल, कोचिंग सेंटर, स्वीमिंग पुल, पूरी तरह से बन्द रहेंगे।

(19)-शादी समारोह व अन्य समारोह में लोगों की मौजूदगी बन्द रहेगी, इसके अलावा अन्य स्थानों पर सिर्फ़ 5, लोगो की मौजूदगी कोरोना गाइडलाइन के मुताबिक रहेगी।

(20)-कोचिंग संस्थान, सिनेमा, जिम, स्वीमिंग पूल, क्लब्स एवं शापिंग मॉलस पूर्णत बन्द रहेगें।

(21)-जनपद में समस्त सरकारी व निजी निर्माण कार्य, कोविड-19 प्रोटोकाल का अनुपालन करते हुए अनुमन्य होगें।

(22)-शादी समारोह व अन्य आयोजनों में व्यक्तियों की उपस्थिति बन्द स्थानों अथवा खुले स्थानों पर एक समय में अधिकतम 25 आमन्त्रित अतिथियों को मास्क की अनिवार्यता, दो गज की दूरी, सेनेटाईजर का उपयोग एवं कोविड-19 प्रोटोकाल के अनुसार अन्य सावधानियों के साथ अनुमति होगी।

(23)-आयोजन/समारोह स्थलों पर आमंत्रित अतिथियों के बैठने की व्यवस्था में दो गज की दूरी, साफ-सफाई एवं सेनेटाईजेशन की समुचित व्यवस्था के साथ प्रोटोकाल का अनुपालन की पूरी जिम्मेदारी आयोजकों की होगी।

(24)-राजस्व व चकबन्दी न्यायालय कोविड-19 के प्रोटोकॉल यथा मास्क की अनिवार्यता व सेनेटाईजर व दो गज की दूरी के सिद्धान्त का अनुपालन करते हुए खोले जायेगें।

(रमाकान्त पाण्डेय) जिलाधिकारी, बिजनौर। 31-05-2021 आदेश अनुसार

प्रदेश के छह और जिले हुए कोरोना कर्फ्यू मुक्त

प्रदेश के छह और जिले हुए कोरोना कर्फ्यू मुक्त
मुरादाबाद, देवरिया, बागपत, प्रयागराज, सोनभद्र में एक्टिव केस 600 से नीचे पहुंचे
अब सिर्फ यूपी के 14  जिलों में आंशिक कोरोना कर्फ्यू

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में 6 और जिले कोरोना कर्फ्यू से मुक्त हो गए हैं। बिजनौर, मुरादाबाद, देवरिया, बागपत, प्रयागराज, सोनभद्र जिलों में कुल एक्टिव केस 600 से नीचे आ गए हैं। इन सभी जिलों में वीकेंड और नाइट कर्फ्यू लागू रहेगा। अब आंशिक कोरोना कर्फ्यू सिर्फ यूपी के 14  जिलों में ही रहेगा।
इससे पहले रविवार को योगी सरकार की जारी नई गाइडलाइन में 55 जिलों में कोरोना कर्फ्यू में छूट दी गई थी। गाइडलाइन में कहा गया कि 1 जून से यूपी के 600 केस से नीचे वाले जिलों में सुबह 7 से शाम 7 बजे तक कोरोना कर्फ्यू में कुछ शर्तों के साथ ढ़ील दी जाएगी। शनिवार-रविवार साप्ताहिक बंदी के साथ नाइट कर्फ्यू जारी रहेगा। 

इन्हें मिलेगी छूट
गाइडलाइन के अनुसार सब्जी मंडी पहले की तरह खुली रहेंगी। रेस्टोरेंट्स को केवल होम डिलीवरी की अनुमति दी जाएगी। धर्म स्थलों के अंदर एक बार में एक स्थल पर पांच से अधिक श्रद्धालु को अनुमति नहीं मिलेगी। अंडे मांस और मछली की दुकानों को पर्याप्त साफ-सफाई तथा सैनिटाइजेशन का ध्यान रखते हुए बंद स्थान या ढ़के होने पर खोलने की अनुमति दी गई है। इसके अलावा पूरे प्रदेश में गेहूं क्रय केन्द्र और राशन की दुकानें खुली रहेंगी। कोचिंग संस्थान, सिनेमा, जिम स्वीमिंग पूल क्लब एवं शॉपिंग मॉल पूरी तरह बंद रहेंगे।

यहां कर्फ्यू बरकरार
गाइडलाइन के अनुसार मेरठ, लखनऊ, सहारनपुर, वाराणसी, गाजियाबाद, गोरखपुर, मुजफ्फरनगर, बरेली, गौतमबुद्धनगर, बुलंदशहर, झांसी, लखीमपुर खीरी , जौनपुर, गाजीपुर जिलों में एक दिन पहले 600 से अधिक केस मिले हैं। इनमें से कुछ जिले ऐसे हैं, जहां पर दो हजार से ज्यादा एक्टिव केस हैं। इसके चलते इन जिलों में कोरोना कर्फ्यू को बरकरार रखा गया है।
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बंद रही शराब की दुकानों का कोटा व लाइसेंस फीस माफ करे सरकार

बंद रही शराब की दुकानों का कोटा व लाइसेंस फीस माफ करे सरकार

आबकारी विभाग के उच्च अधिकारियों से शराब एसोसिएशन ने की मांग

प्रतिनिधिमंडल उच्च अधिकारियों से मिलकर अपनी समस्याओं को कराएगा अवगत

लखनऊ। शराब विक्रेता वेलफेयर एसोसिएशन ने प्रदेश सरकार से लॉकडाउन में बंद रहे शराब की दुकानों की लाइसेंस फीस और निर्धारित कोटा माफ करने की मांग की है। एसोसिएशन के महामंत्री कन्हैयालाल मौर्या, उपाध्यक्ष विकास श्रीवास्तव ने संयुक्त रूप से बताया कि कोरोना महामारी के चलते प्रदेश सरकार द्वारा घोषित कोरोना कर्फ्यू में प्रदेश भर की शराब की दुकानें बंद रहीं। शराब की दुकानों का खुलने का समय भी कम होने के कारण निर्धारित मासिक कोटा उठान में लाइसेंस धारकों को समस्या हो रही है। श्री मौर्य ने बताया कि शहरों में कामगार मजदूरों की उपस्थिति ना के बराबर होने के कारण गांव की अपेक्षा शहरों में शराब की बिक्री घट गई है। इस कारण लाइसेंस धारक अपना निर्धारित कोटा नहीं उठा पा रहे हैं। लाइसेंस फीस व कोटा उठाने में छूट देने के लिए आबकारी विभाग के उच्च अधिकारियों को पत्र प्रेषित किया गया है। एक प्रतिनिधिमंडल उच्च अधिकारियों से मिलकर अपनी समस्याओं को अवगत कराएगा।

कारोबारियों में नीरज जयसवाल, शिव कुमार जायसवाल, शंकर कनौजिया, नितिन जायसवाल, सचिन जयसवाल, धर्मेंद्र सिंह, संजय, रमेश जायसवाल, सुभाष जायसवाल, मनीष जायसवाल, जय जायसवाल मीडिया प्रभारी देवेश जायसवाल ने भी कोटा और लाइसेंस फीस में छूट देने की मांग की है।

लॉक डाउन का उल्लंघन करने वालों से सख्ती से निपट रही मलिहाबाद पुलिस

लॉक डाउन का उल्लंघन करने वालों से सख्ती से निपट रही मलिहाबाद पुलिस

लखनऊ। सरकार द्वारा जारी लॉकडाउन की गाइडलाइंस का पालन करने के लिए मलिहाबाद पुलिस लगातार सख्ती के साथ पेश आ रही है । मलिहाबाद थाना प्रभारी चिरंजीवी मोहन के नेतृत्व में कस्बा इंचार्ज कुलदीप सिंह द्वारा कस्बे में चेकिंग अभियान चलाकर लॉकडाउन का पालन करने की अपील की जा रही है। अभियान के दौरान लॉकडाउन का पालन ना करने वाले दुकानदारों को भविष्य के लिए चेतावनी देने के साथ ही जुर्माना वसूला गया।

शीतल ज्वैलर्स सीज: मलिहाबाद थाना प्रभारी चिरंजीवी मोहन ने बताया कि लॉक डाउन का उल्लंघन करने के आरोप में 40 लोगों का चालान करके 4000 का जुर्माना वसूला गया।
इसके साथ ही शीतल ज्वैलर्स की दुकान सीज करके 188 का मुकदमा भी पंजीकृत किया गया।

यूपी में 31 मई तक बढ़ा लॉक डाउन

पहले थे कयास यूपी में खत्म होगा लॉकडाउन! 24 मई के बाद खुल सकते हैं बाजार!

लखनऊ। उत्तरप्रदेश में 24 मई के बाद बाजार खोले जाने के कयासों पर विराम लग गया है। सरकार ने एक बार फिर इसे एक सप्ताह के लिए 31 मई तक बढ़ा दिया है। लॉकडाउन में पहले की तरह सख्ती बरकरार रहेगी।

अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश अवस्थी ने जानकारी देते हुए बताया कि 31 मई की सुबह 7 बजे तक आंशिक कोरोना कर्फ्यू बढ़ा दिया है। इस दौरान टीकाकरण, औद्योगिक गतिविधियों, चिकित्सा कार्य आदि जैसी आवश्यक सेवाएं निर्बाध रूप से जारी रहेंगी।

इससे पहले सूत्रों का कहना था कि सरकार के आला अधिकारी इस पक्ष में है कि अर्थव्यवस्था को बचाने के लिए बाजारों को खोलना जरूरी है। ऐसे में माना जा रहा था कि सरकार बाजार खोलने का निर्णय ले सकती है। हालांकि, इस दौरान बढ़ते ब्लैक फंगस के मामले को लेकर भी सरकार सक्रिय है। इसके बावजूद बाजार खुलने के पूरे आसार जताए जा रहे थे। आईआईटी कानपुर के विशेषज्ञों ने भी बाजार को खोलने की बात कही थी। जानकारों का कहना था कि प्रदेश में अब बंदी की आवश्यकता नहीं है।

20 लाख रिटेल कारोबारियों की बढ़ गई परेशानी
प्रदेश में करीब 20 लाख से ज्यादा से रिटेल कारोबारी है। इस दौरान करोड़ों का काम प्रभावित होने लगा है। लॉकडाउन के दौरान ऑनलाइन कंपनियां को पूरी तरह से कारोबार करने की छूट थी, लेकिन इसकी वजह से रिटेल को बड़ा नुकसान होने लगा था। रिटेल सेक्टर से जुड़े अलग-अलग संगठनों ने इसको लेकर सीएम को ट्वीट भी किया था। हालांकि उसमें बाजार खोलने की बात न हो कर ऑनलाइन पर रोक लगाने की मांग की थी।

कोरोना काल में आरसी फाउंडेशन और एसजी किचेन द्वारा संचालित कम्युनिटी किचन बना गरीबों का सहारा,

कोरोना काल में आरसी फाउंडेशन और एसजी किचेन द्वारा संचालित कम्युनिटी किचन बना गरीबों का सहारा

लखनऊ। लॉकडाउन में गरीब लोगों को खाने-पीने की दिक्कत को देखते हुए आरसी फाउंडेशन और एसजी किचेन द्वारा संयुक्त रूप से कम्युनिटी किचन चलाया गया। कम्युनिटी किचन में बनाके गए खाने को लंच पैकेट में पैक कर हजारों लोगों तक पहुंचाया जा रहा है।

एसजी किचन के हाजी सैफ ने बताया कि हमारे यहां कम्युनिटी किचन में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए भोजन का निर्माण कराकर लंच पैकेट पैक करके विभिन्न जगहों पर जरूरतमंदों को बांटा जाता है।

विगत 15 दिन से भवानीगंज, ऐशबाग, राजाजीपुरम, चारबाग, आलमबाग, गोमती नगर, 1090 चौराहा, शाहमीना शाह चौक, कैरियर मेडिकल कॉलेज, एरा मेडिकल कॉलेज, वसंत कुंज योजना की दलित बस्ती और दुबग्गा में टीम के विभिन्न सदस्यों द्वारा बांटा जाता है ।

सामाजिक संस्था द आरसी फाउंडेशन के संस्थापक डॉ. मानवेंद्र प्रताप सिंह यादव ने बताया कि आरसी फाउंडेशन की टीम इस उद्देश्य के साथ काम कर रही है कि कोई भी व्यक्ति भूखा ना सोए। हमारी संयुक्त कम्युनिटी किचन में लोगों के लिए रोज खाना बनता है।

एसजी ग्रुप के अध्यक्ष सैफ हसनैन, सौरभ श्रीवास्तव, उसामा खान, शानू, पप्पू और आरसी फाउंडेशन के संरक्षक शिव कुमार यादव, अमर सिंह यादव, पुष्पा यादव, शालू यादव, सूर्यांश यादव, उज्जवल यादव पूर्व पार्षद प्रत्याशी, जीशान, शफीक, राहुल यादव आदि के सहयोग से यह कार्यक्रम लगातार चलाया जा रहा है।

बड़े बड़ों के रिश्तेदार, सब कुछ माफ!

बिजनौर। एक तरफ कोरोना, उसकी वजह से लॉक डाउन। नियम सबके लिए, लेकिन बड़े बड़ों के रिश्तेदार के लिए सब कुछ माफ! कम से कम फोटोज से तो यही जाहिर हो रहा है। सोशल डिस्टेंसिग दरकिनार कर दुकानदारी का जज़्बा कोई इनसे सीखे।

बड़े व्यापारी, बड़े पत्रकार को रिश्तेदार बताने वाले इस ठेले वाले को परमिशन सम्भवतः इसी कारण मिली हुई है। जनपद मुख्यालय के सिविल लाइंस क्षेत्र में नीलकमल वाली रोड के बाहर ठेले वाले का सामान पड़ोस के ही खोके में रखा रहता है। बताया जाता है कि कुछ पुलिस कर्मी यहां आते रहते हैं। इसी कारण गर्मी भी वाजिब लगती है।

कॉकटेल पार्टी: BJP नेता व 10 पत्रकारों पर केस

लखनऊ। हापुड़ नगर के एक प्लाजा में कोविड-19 के चलते लाकडाउन के बावजूद कॉकटेल पार्टी कर रहे लोगों पर सिटी कोतवाली पुलिस ने कार्यवाही की है। पुलिस ने होटल मालिक सहित 10 पत्रकार व कुछ अन्य अज्ञात लोगों पर एफआईआर दर्ज कर कार्यवाही शुरू कर दी है।

जानकारी के अनुसार सिटी कोतवाली क्षेत्र के रेलवे रोड स्थित आरके प्लाज़ा में रविवार रात एक बीजेपी नेता ने कोविड महामारी के नियमों को ताक पर रखकर पत्रकारों को कॉकटेल पार्टी के लिए निमंत्रण दिया था। इस पार्टी से संबंधित वीडियो दिनभर सोशल मीडिया पर घूमते रहे।

पुलिस ने बताया कि यह आयोजन सुयांश वशिष्ठ ने किया था। होटल मालिक अजय कंसल हैं। महामारी के चलते सोशल डिस्टेंसिंग कानून लागू होने के बावजूद होटल में आयोजन कैसे करवा दिया गया।पुलिस ने होटल मालिक अजय कंसल व 10 पत्रकारों व अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्यवाही शुरू कर दी है। इस मामले में बीजेपी नेता सुयांश वशिष्ठ ने अपने ऊपर लगाए गए आरोपो को निराधार बताते हुए साजिश के तहत फ़ंसाए जाने का जवाबी आरोप लगाया है। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के अध्यक्ष शक्ति ठाकुर ने कहा कि मामला उनके संज्ञान में आया है। कोरोना महामारी में पार्टी करना व कोविड-19 के नियमों का उल्लंघन करना गलत है।उन्होंने कहा कि पत्रकारों पर कार्यवाही न कर कार्यक्रम का आयोजन करने वाले व होटल मालिक पर सख्त कार्यवाही करनी चाहिए। उन्होंने बताया कि पत्रकारों को प्रेस कॉन्फ्रेंस की सूचना देकर बुलाया गया था। हापुड़ एसपी नीरज कुमार जादौन ने बताया कि कोरोना महामारी में पार्टी करने वाले लोगों पर कार्यवाही की जाएगी। मामले की पुलिस जांच कर रही है। निर्दोष लोगों पर कार्यवाही नहीं होगी। कोविड-19 महामारी नियम तोड़ने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। ऐसे लोगो को चिन्हित कर पुलिस कार्यवाही करेगी।

युवती व युवक से मोबाइल लूटा

बिजनौर। कोरोना को लेकर जारी लॉकडाउन के दौरान भी उचक्के सक्रिय हैं। एक युवती तथा युवक से उनके मोबाइल लूट कर उचक्के फरार हो गए। दोनों पीड़ितों ने पुलिस को तहरीर दी है।

कोरोना को लेकर जारी लॉकडाउन के बावजूद बदमाशों की सक्रियता में कोई कमी नहीं आई है। दवा लेकर लौट रही युवती समता से उचक्कों ने सीकेआई चौराहे के समीप मोबाइल लूट लिया। युवती के अनुसार उसके एंड्रायड मोबाइल की कीमत साढ़े 12 हजार रुपए है। उधर गुरुद्वारे के समीप अख्तर से बाइक सवार दो उचक्कों ने मोबाइल लूट लिया। घटना के वक़्त मोबाइल पर बात करते हुए जा रहा था। अख्तर के मुताबिक उसके एंड्रायड मोबाइल की कीमत दस हजार रुपए है। दोनों पीड़ितों ने पुलिस को तहरीर दे ढ़ि है। अभी तक पुलिस मोबाइल लूटने वालों को पकडऩे में कामयाब नहीं हो सकी है। 

ऑड-ईवन फॉर्मूले से चलाई जाएं ई-रिक्शा: फहीम अख्तर

समाजसेवी फहीम अख्तर ने की मांग, ऑड-ईवन फॉर्मूले से चलाई जाएं ई-रिक्शा

बिजनौर। समाजसेवी फहीम अख्तर उर्फ राजा ने प्रशासन से मांग की है कि गरीब रिक्शा वालों की समस्याओं को देखते हुए। ई-रिक्शा को पूरी तरीके से बंद ना करके ऑड-ईवन फॉर्मूले से चलाई जाएं। फहीम का कहना है कि गरीब रिक्शा चालक रिक्शा चलाकर अपने परिवार का भरण पोषण करता है। कोरोना महामारी से हर कोई परेशान है। इस बार इस महामारी से मरने वालों की संख्या दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। परंतु गरीब कि रोजी रोटी का साधन उसे छीन लिया जाता है तो उसके परिवार और वह महामारी से ना मार कर भुखमरी से मर जाएगा। ई-रिक्शा बंद होने से उन लोगों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है, जिनके पास या तो इलाज के पैसे हैं या फिर एंबुलेंस का किराया देने के, यदि ऐसे लोग एंबुलेंस में अपने मरीजों को हॉस्पिटल तक ले जाते हैं तो एक हजार से 15 सौ रुपए किराया उनको देना पड़ता है, जबकि ई रिक्शा में ले जाने पर मात्र 50 रुपए ही किराया देना पड़ता है। हालांकि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गरीबों को बड़ी राहत देते हुए उनको मासिक भत्ता देने की घोषणा की है। इस भत्ते से गरीबों को काफी हद तक राहत मिलेगी। परंतु यह भत्ता परिवार के पालन पोषण के लिए पर्याप्त नहीं है और देखा जाए तो अभी यह सिर्फ घोषणा की गई है। गरीबों के खाते तक इस भत्ते को पहुंचने के लिए अभी 10 से 15 दिन का समय लगेगा। ऐसे में 10 से 15 दिन रोजमर्रा की आवश्यकता को पूरा करने के लिए इनको काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। ऐसे में यदि ई रिक्शा को ऑड-ईवन फॉर्मूले से चलने की परमिशन मिल जाती है। गरीब रिक्शा वालों को अपने परिवार का भरण पोषण करने के लिए पर्याप्त रकम मिल जाएगी। प्रशासन को गरीब रिक्शा वालों के परिवार वालों के बारे में सोच कर कोई उचित समाधान निकालना चाहिए।

लॉक डाउन में नहीं दिखता पहले जैसा नजारा बेतकल्लुफ होकर घूमते लोग

बेतकल्लुफ होकर घूमते लोग। सोशल डिस्टेंसिंग तार तार। लॉक डाउन में नहीं दिखता पहले जैसा नजारा।

बिजनौर। कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए लगाया गया लॉकडाउन विफल साबित हो रहा है। पिछली बार की तरह इस बार कई स्थानों पर पुलिस पिकेट न होने और बल्लियां न लगी होने के चलते लोग बेखौफ होकर घूम रहे हैं। सोशल डिस्टेंसिंग तो तार तार हो ही रही है।  लगभग पूरे जनपद का यही हाल है। 

विदित हो कि विगत वर्ष कोरोना संक्रमण के दौरान एक भी केस आने पर उस क्षेत्र को पूरी तरह सील कर दिया जाता था। बाजार किसी भी कीमत पर नहीं खुलने दिया जाता था। बाजार के मुख्य प्रवेश मार्गों पर बल्लियां लगाकर पुलिस तैनात कर दी जाती थी। लोग वहां से गुजरने में भी झिझकते थे। मुख्य सडक़ें ही नहीं, गली मोहल्ले भी वीरान से नजर आते थे। इस बार ऐसा कुछ नहीं दिखाई दे रहा। सब जगह रौनक है। लॉकडाउन लगा होने के बावजूद लोग बाजारों में बेखौफ घूम रहे हैं। दुकानदार भी अपना कारोबार कर रहे हैं। कोई दुकान के अंदर से व्यापार कर रहा है तो कुछ खुलेआम सुबह-शाम दुकान खोल रहा है। लॉकडाउन का असर कहीं दिखाई ही नहीं दे रहा। लोग सुबह और शाम बेखौफ होकर बाजार में खरीदारी कर रहे हैं। वहीं इससे सबसे अधिक प्रभावित मध्यम वर्ग के लोग हो रहे हैं। किराना परचून, शराब, फल-सब्जी की दुकान बाजारों में ही नहीं बल्कि मोहल्लों में भी खुल रही हैं।

रविवार को पुलिस दिखी कुछ सख्त- बिजनौर। जिला मुख्यालय पर रविवार को पुलिस कुछ सख्त नजर आई। शक्ति चौक पर चारों तरफ से आने जाने वाले वाहन चालकों को रोक कर कारण पूछा गया। लॉक डाउन के दौरान सडक़ पर निकलने का जो सही कारण नहीं बता सके, उन्हें हिदायत दी गई। वहीं कुछ के चालान भी काटे गए। चौपहिया, दुपहिया वाहनों के अलावा पैदल गुजरने वालों से भी पूछताछ की गई। कई वाहन चालक दूर से ही पुलिस को देख या तो वापस मुड़ लिए या फिर समीप की गलियों में घुस गए। 

पटरी दुकानदारों, दिहाड़ी मजदूरों को एक माह के लिए भरण पोषण भत्ता

लखनऊ। कोविड-19 से उत्पन्न परिस्थितियों में गरीबों और जरूरतमंदों को राहत पहुंचाने के लिए सरकार द्वारा अन्त्योदय एवं पात्र गृहस्थी श्रेणी के राशनकार्ड धारकों को तीन माह के लिए प्रति यूनिट तीन किलो गेहूं और दो किलो चावल निःशुल्क उपलब्ध कराया जाएगा। वहीं पटरी दुकानदारों, दिहाड़ी मजदूरों को एक माह के लिए 1000 रुपए भरण पोषण भत्ता दिया जाएगा। इसी के साथ प्रदेश में कक्षा 9 से 12 वीं और विश्वविद्यालयों में ऑनलाइन कक्षाएं 20 मई से शुरू की जाएंगी।

गौरतलब है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में शनिवार को हुई वर्चुअल कैबिनेट बैठक में प्रदेश में लागू आंशिक कोरोना कर्फ्यू को सोमवार 24 मई की सुबह 7 बजे तक बढ़ा दिया गया है। प्रदेश में 30 अप्रैल से कर्फ्यू लागू है। शुरू में इसे 3 मई तक लागू रहना था, लेकिन बाद में इसकी अवधि 6 मई तक बढ़ा दी गई थी। बाद में इसे और विस्तार देते हुए 10 मई तक कर दिया गया था और बढ़ाकर 17 मई किया गया। यूपी में आंशिक कोरोना कर्फ्यू का असर यह हुआ कि कोरोना के सक्रिय मामलों में 60 हजार की कमी आ गई है। उत्तर प्रदेश सरकार 18 से 44 साल के लोगों का कोविड वैक्सीनशन कराने के लिए तेजी से काम कर रही है।

खुशखबरी: कोरोना की दूसरी लहर पर लगा ब्रेक!

खुशखबरी: कोरोना की दूसरी लहर पर लगा ब्रेक! लॉकडाऊन और सख्त प्रतिबंधों से कोरोना की दूसरी लहर पर लगा ब्रेक! आने लगी संक्रमण दर में कमी।

नई दिल्‍ली। देश में कोरोना की दूसरी लहर धीमी पड़ने लगी है। केंद्र सरकार ने शनिवार को राहत भरी खबर दी कि देश में कोरोना के संक्रमित मरीजों की संख्‍या तेजी से कम हो रही है। वहीं सरकार ने चेतावनी दी है कि ब्लैक फंगस यानी म्यूकरमाइकोसिस से बचने की जरूरत है।

इसके कारण कोरोना से होने वाली मौत का आंकड़ा बढ़ रहा है। केंद्र सरकार ने कहा कि कोरोना संक्रमण को लेकर स्थिति स्थिर हो रही है। हम यह भी सुनिश्चित करने की दिशा में काम करेंगे कि कोरोना वायरस का तांडव आगे और स्थिर हो और संक्रमण के मामलों में तेजी से गिरावट दर्ज की जाए। मंत्रालय के मुताबिक, पिछले सात दिन में (8 से 14 मई) के बीच 36 राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों में से 22 राज्यों में नए मामलों में गिरावट दर्ज की गई है। हरियाणा, महाराष्ट्र, गुजरात और छत्तीसगढ़ में नए कोरोना मामलों में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। इनमें से 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में नए मरीजों में 10 फीसदी से अधिक की गिरावट दर्ज की गई है। दिल्ली में पिछले सात दिनों में नए मामलों में 39 फीसदी की गिरावट आई। छत्तीसगढ़ में 31 फीसदी, उत्तर प्रदेश में 29 फीसदी, बिहार में 27 फीसदी, महाराष्ट्र और मध्यप्रदेश में 21 फीसदी और झारखंड 20 फीसदी तक की गिरावट दर्ज की गई है।

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि देश में शुक्रवार से सक्रिय मामलों में कमी आ रही है, जबकि ठीक होने वाले मरीजों की संख्या में वृद्धि हुई है। राज्यों में लगे सख्त प्रतिबंधों और लॉकडाऊन के कारण संक्रमण दर में कमी आने लगी है।

नीति आयोग के सदस्य डॉ. वीके पॉल ने कहा कि ब्‍लैक फंसग की रोकथाम के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि मधुमेह को नियंत्रित करें क्योंकि इससे मृत्यु दर का जोखिम बढ़ जाता है। यह तब अधिक होता है जब कोविड मरीजों को स्टेरॉयड दिए जा रहे हों। स्टेरॉयड को जिम्मेदारी से दिया जाना चाहिए। ब्‍लैक फंगस के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं और कई राज्‍यों में 400 से 500 केस सामने आ चुके हैं।डॉ. वीके पॉल ने कहा कि इस बीमारी से कैसे लड़ना है इसके बारे में अभी हमें ज्‍यादा जानकारी नहीं है। ये एक उभरती हुई समस्‍या है और ICMR ने डेटा एकत्र करना शुरू कर दिया है। हमने राज्यों से इस पर नजर रखने को भी कहा है।

…अब फिर एक हफ्ते बढ़ा लॉक डाउन

लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में शनिवार को वर्चुअल माध्यम से संपन्न मंत्रिमण्डल की बैठक में प्रदेश में लागू आंशिक कोरोना कर्फ्यू को सोमवार 24 मई सुबह 07 बजे तक विस्तारित करने का निर्णय लिया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि आंशिक कोरोना कर्फ्यू के माध्यम से प्रदेश में कोविड संक्रमण को नियंत्रित करने में बड़ी मदद मिल रही है। इसके दृष्टिगत इसकी अवधि को बढ़ाया जा रहा है। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार पूर्व से ही कोविड-19 की निःशुल्क जांच एवं उपचार की सुविधा उपलब्ध करा रही है। इसके अलावा, निःशुल्क कोरोना वैक्सीनेशन कार्य भी प्रदेश में संचालित किया जा रहा है। इसके अन्तर्गत भारत सरकार द्वारा 45 वर्ष से अधिक आयु के लोगों तथा राज्य सरकार द्वारा 18 से 44 वर्ष आयु वर्ग के लोगों का निःशुल्क टीकाकरण कराया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड-19 से उत्पन्न परिस्थितियों में गरीबों और जरूरतमन्दों को राहत पहुंचाने के लिए राज्य सरकार द्वारा अन्त्योदय एवं पात्र गृहस्थी श्रेणी के राशनकार्ड धारकों को 3 माह के लिए प्रति यूनिट 3 किलो गेहूं तथा 2 किलो चावल निःशुल्क उपलब्ध कराया जाएगा। इस प्रकार, प्रति यूनिट 5 किलो निःशुल्क खाद्यान्न जरूरतमन्दों को मिलेगा। इससे प्रदेश की लगभग 15 करोड़ जनसंख्या लाभान्वित होगी। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार समाज के गरीब और कमजोर वर्गों को हर सम्भव राहत और मदद उपलब्ध कराने के लिए कृतसंकल्पित है। उन्होंने शहरी क्षेत्रों में दैनिक रूप से कार्य कर अपना जीविकोपार्जन करने वाले ठेला, खोमचा, रेहड़ी, खोखा आदि लगाने वाले पटरी दुकानदारों, दिहाड़ी मजदूरों, रिक्शा/ई-रिक्शा चालक, पल्लेदार सहित नाविकों, नाई, धोबी, मोची, हलवाई आदि जैसे परम्परागत कामगारों को एक माह के लिए 1,000 रुपए का भरण-पोषण भत्ता प्रदान किए जाने के निर्देश दिए। इससे लगभग 01 करोड़ गरीबों को राहत मिलेगी। विज्ञापन

कम्युनिटी किचन के माध्यम से भोजन की व्यवस्था की जाए    

मुख्यमंत्री ने कहा कि आंशिक कोरोना कर्फ्यू के दौरान जरूरतमन्दों के लिए कम्युनिटी किचन के माध्यम से भोजन की व्यवस्था जारी रखी जाए। आवश्यक एवं अनिवार्य सेवाओं को यथावत संचालित किया जाए। उन्होंने बेसिक शिक्षा को छोड़कर, अन्य सभी स्तर की शिक्षण संस्थाओं में 20 मई से ऑनलाइन क्लास का संचालन प्रारम्भ किए जाने के निर्देश दिए। राज्य सरकार श्रमिकों के कल्याण के लिए कृतसंकल्पित है। प्रदेश के सभी श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करने के लिए 2 योजनाएं संचालित की जा रही हैं। दुर्घटना में दुर्भाग्यवश किसी श्रमिक की मृत्यु अथवा दिव्यांगता हो जाने पर 2 लाख रुपए के सुरक्षा बीमा कवर तथा 5 लाख रुपए तक के स्वास्थ्य बीमा कवर की व्यवस्था इन योजनाओं के माध्यम से की गई है।  

लॉक डाउन में दुकानदारी: शटर तोड़ कर अंदर घुसे पुलिस प्रशासनिक अधिकारी

शामली। लॉक डाउन के बावजूद शटर गिरा कर दुकानदारी करने के आरोप में मशहूर बंसल रेडीमेड गारमेंट्स की दुकान सील कर दी गई।

लॉकडाउन के चलते जिलाधिकारी द्वारा कुछ दुकानों को खोलने की छूट दी गई है, लेकिन ईद के चलते कुछ दुकानदार ग्राहकों को सामान बेचने में जुटे रहे। इसी क्रम में सूचना के आधार पर एसडीएम सदर व सीओ सदर को सूचना मिली कि एमएसके रोड पर स्थित बंसल रेडिमेड गारमेंट्स की दुकान का शटर बंद है, लेकिन दुकान के अंदर कई ग्राहक मौजूद हैं। सूचना पर अधिकारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए।

बाथरूम में बंद थे ग्राहक- अधिकारियों द्वारा माइक से दुकानदार को शटर खोलने के लिए कहा गया। 2 घंटे बीतने के बाद भी अंदर से कोई जवाब ना मिलने पर दुकान का ताला तोड़ा गया। अंदर जाकर देखा तो सभी ग्राहकों को बाथरूम में बंद किया हुआ था। अधिकारियों द्वारा दंडात्मक कार्यवाही करते हुए अतुल बंसल और कपिल बंसल का धारा 151 में चालान काटने के साथ ही 188/269/270 महामारी अधिनियम के तहत कार्रवाई कर दुकान को सील कर दिया गया।

साभार-C24न्यूज़ ब्यूरो टीम & iNDiA अलर्ट सिटीजन राईटर्स टीम अलीशा कुरेशी

11 दिन बाद दुकानें खुलते ही सुरा प्रेमियों का धावा

लखनऊ। कोरोना संक्रमण के कारण प्रदेश में जारी कोरोना कर्फ्यू के दौरान आवश्यक वस्तुओं की श्रेणी में शराब को भी शामिल किया गया है।

प्रदेश में 11 दिन से बंद शराब की दुकानें मंगलवार को कुछ जिलों में खोली गई। इस दौरान वहां पर भारी भीड़ उमड़ी।  सूत्रों का कहना है कि जिलों में शराब की दुकानों को खोलने का फैसला सभी जिलाधिकारियों पर छोड़ दिया गया है।

यही वजह है कि कई शहरों में मंगलवार से शराब की दुकानें खोल दी गईं हैं। कई जगह पर इनको सुबह 10 बजे से दोपहर एक बजे तक खोले जाने का निर्देश है तो कुछ जगहों पर दोपहर 12 बजे से शाम को छह बजे तक का समय है। कानपुर में शराब की दुकान खोलने का समय सुबह 10 बजे से शाम 7 बजे तक तय किया गया है। राजधानी लखनऊ सहित अन्य जिलों में दुकानें बुधवार से खुलेंगी। जिन शहरों में आज शराब की दुकानें खुली हैं, वहां पर लम्बी लाइन लगी है। देशी के साथ ही विदेशी शराब की दुकानों पर लोग कोविड प्रोटोकॉल का पालन नहीं कर रहे।

लॉक डाउन पालन कराने सड़क पर उतरी पुलिस

पुलिस ने क्षेत्र में चलाया सघन चैकिंग अभियान
-दुपहिया पर ट्रिपल राइडिंग, बिना हैलमेट व मास्क पर किए ई-चालान
-पुलिस ने चौपहिया वाहन चालकों की भी लगायी जमकर क्लास
बिजनौर। सरकार की ओर से प्रदेश भर में वैश्विक महामारी को लेकर जारी किए गए लॉकडाउन का पालन कराने के लिए नजीबाबाद पुलिस ने कमर कस ली है। इसके चलते पुलिस ने सघन चैकिंग अभियान चलाकर दुपहिया व चौपहिया वाहनों में सवार लोगों के आवागमन का कारण पूछा तथा बिना हैल्मेट, ट्रिपल राइडिंग व चौपहिया वाहनों में निर्धारित से अधिक लोगों के सवार पाए जाने पर ई-चालान किए।
सोमवार को पुलिस ने क्षेत्र में विभिन्न स्थानों पर लॉकडाउन के दौरान वाहनों पर सवार होकर घूमने वाले लोगों की जमकर क्लास लगायी। नगर के रेलवे स्टेशन मार्ग पर सराय चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक अमित कुमार ने बाइक पर ट्रिपल राइडिंग करने वाले युवाओं के वाहन का ई चालान किया। कोतवाल दिनेश गौड़ ने ध्वनि विस्तारक यंत्र से उद्घोषणा कर लोगों को घरों में ही रहने की अपील की। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि अकारण सडक़ों पर घूमते पाए जाने वाले लोगों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। उधर पुलिस ने चौपहिया वाहनों की भी सघन चैकिंग की। वाहन में निर्धारित सवारियों से अधिक पाए जाने पर वाहनों के चालान किए।

दूसरे जिले में आवागमन को बनवाएं ई-पास

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में कोरोना संक्रमण की चेन तोड़ने के प्रयासों की कड़ी में 17 मई तक कोरोना कर्फ्यू बढ़ा दिया गया है। रविवार को इससे संबंधित आदेश जारी किए गए। नई गाइडलाइन के अनुसार एक जिले से दूसरे जिले में जाने के लिए लोगों को ई-पास बनवाना होगा।

किन्हें है छूट- किसी कंपनी या कारखाने में काम करने वाले, चिकित्सा और आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति से संबंधित परिवहन, डॉक्टर, नर्स, पैरामेडिकल स्टाफ, अस्पताल के अन्य कर्मचारी, मेडिकल शॉप और व्यवसाय से जुड़े लोगों को भी छूट दी गई है। मेडिकल इमरजेंसी, दूरसंचार सेवा, डाक सेवा, प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक, इंटरनेट मीडिया से जुड़े कर्मचारियों को ई-पास बनाने की आवश्यकता नहीं है। वे अपने संस्थान का आई-कार्ड दिखाकर आवनगमन कर सकते हैं।

ई-कॉमर्स को भी छूट के कारण ऑनलाइन पोर्टल्स के माध्यम से प्राप्त आवश्यक सामान के लिए ऑर्डर दिया जा सकता है।

आवेदन करने के लिए शासन की वेबसाइट rahat.up.nic.in पर जाएं, फिर rahat.up.nic/epass पर जाकर आवेदन भर दें।

घर पर ऑक्सीजन पाने के लिए प्रशासन ने की व्यवस्था

घर पर ऑक्सीजन पाने के लिए प्रशासन ने की व्यवस्था डीएम ने एसडीएम को बनाया नोडल अधिकारी 

बिजनौर। जनपद  में होम आइसोलेशन के मरीजों तथा अन्य बीमारियों से पीडि़त ऐसे मरीजों, जो कि अपने घर पर ही चिकित्सा प्राप्त कर रहे हैं और उनको ऑक्सीजन की आवश्यकता है, उनको ऑक्सीजन उपलब्ध कराए जाने हेतु जिला प्रशासन की ओर से व्यवस्था बनाई गई है। जिलाधिकारी रमाकांत पांडेय ने बताया कि इसके लिए हेल्प लाइन नम्बर 01342-262295 तथा मोबाईल नंबर 9454416928 निर्धारित किये गए हैं। यह 24&7 क्रियाशील रहेगें। ऑक्सीजन की व्यवस्था के लिए विक्रमादित्य सिंह मलिक, आईएएस उपजिलाधिकारी / ज्वाईन्ट मजिस्ट्रेट बिजनौर को नोडल अधिकारी नामित किया गया है। नियमानुवार एक समय में एक से अधिक ऑक्सीजन सिलेण्डर की रिफलिंग एक व्यक्ति को नहीं उपलब्ध नहीं करायी जाएगी। घर पर उपयोग के लिए ऑक्सीजन चिकित्सक, जिनका नाम, पता मोबाईल नंबर पर्चे पर स्पष्ट रूप से अंकित होगा, के स्पष्ट परामर्श पर ही उपलब्ध हो सकेगी। ऑक्सीजन गैस सिलेण्डर (रिफलिंग) प्राप्त करने हेतु आवश्यक दस्तावेज भी निर्धारित हैं। इनमें आधार कार्ड की छायाप्रति, चिकित्सक द्वारा जारी दवाई का पर्चा (प्रेस्क्रिप्शन),ऑक्सीजन सैचुरेशन लेवेल रिपोर्ट एवं कोरोना टेस्ट रिपोर्ट शामिल हैं। इन दस्तावेजों की फोटो हेल्पलाइन नम्बर द्वारा बताए गए मोबाइल नम्बर पर व्हाट्सएप के माध्यम से प्रेषित करनी होगी।  उसके पश्चात उपरोक्त अभिलेख पूरे होने की स्थिति में नोडल अधिकारी द्वारा निर्णय लेते हुए स्पलायर (रिफिलर) को ऑक्सीजन उपलब्ध कराने के लिए निर्देश दिए जाएंगे। तीमारदारों को मोबाईल पर सूचित किया जायेगा। नोडल आफिसर तथा सप्लायर / रिफिलर द्वारा इसका रिकार्ड रखा जाएगा।

शराब कारोबारियों ने दुकानें खोलने की रखी मांग

शराब कारोबारियों ने दुकानें खोलने की रखी मांग।

शराब एसोसिएशन ने प्रदेश के मुख्यमंत्री को लिखा मांग पत्र।

100 करोड़ से अधिक का हो रहा है रोजाना यूपी को नुकसान।

लखनऊ (9 मई 2021) शराब विक्रेता वेलफेयर एसोसिएशन ने प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से बंद पड़ी शराब की दुकानों को खोलने की मांग की है। उनका कहना है कि शासनादेश में लॉक डाउन के दौरान दुकान बंद रखने का कोई स्पष्ट आदेश नहीं है। बंदी से यूपी को रोजाना एक सौ करोड़ रुपए से अधिक का नुकसान हो रहा है।

एसोसिएशन के महामंत्री कन्हैयालाल मौर्या ने बताया प्रदेश में पंचायत चुनाव के पहले से कोरोना महामारी के कारण घोषित लॉक डाउन कर्फ्यू में शराब की दुकानें बंद हैं। शराब की दुकानें बंद करने का शासन द्वारा शासनादेश में कोई उल्लेख नहीं किया गया है और ना ही आबकारी विभाग के अधिकारियों द्वारा लाइसेंस धारकों को दुकान बंद करने का कोई आदेश दिया गया है। इससे शराब लाइसेंस धारकों में असमंजस की स्थिति बनी हुई है। पूरे प्रदेश से शराब कारोबारी दुकानें खोलने की मांग प्रदेश सरकार से कर रहे हैं। श्री मौर्य ने बताया कि रोजाना 100 करोड़ से ज्यादा का नुकसान यूपी में हो रहा है। शराब की दुकानें बंद होने से निर्धारित मासिक कोटा और लाइसेंस फीस की चिंता सता रही है। प्रदेश के मुख्यमंत्री, आबकारी सचिव तथा आबकारी आयुक्त को पत्र लिखकर शराब की दुकानें खोलने की मांग रखी गई है। पत्र पर एसोसिएशन के पदाधिकारी कन्हैयालाल मौर्या, उपाध्यक्ष विकास श्रीवास्तव, नीरज जायसवाल, शंकर कनौजिया, नितिन जायसवाल, जय जायसवाल शिवकुमार, देवेश जायसवाल के हस्ताक्षर हैं।

UP में लॉकडाउन 17 मई तक बढ़ा

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में पूर्व से जारी कोरोना लॉकडाउन को 17 मई तक बढ़ा दिया गया है। अब सारी पाबंदियां 17 मई तक पूर्व की भांति जारी रहेंगी। इस अवधि में ईद का त्योहार भी है, हालांकि उस दिन में सारे प्रतिबंध लागू होंगे। कोरोना वायरस के संक्रमण की चेन को तोड़ने के लिए सरकार ने प्रदेश में पाबंदियों के साथ लॉकडाउन लगाने का फैसला किया था। पूर्व में लॉकडाउन को 10 मई तक बढ़ाया गया था, जिसे अब 7 दिन और बढ़ाया गया है।

सीएम से बैठक के बाद अपर मुख्य सचिव ने बताया कि सारे प्रतिबंधों को 17 मई की सुबह 7 बजे तक जारी रखा जाएगा। इस दौरान आवश्यक सेवाओं के लिए ही लोगों को मूवमेंट की इजाजत दी जाएगी। यूपी में 30 अप्रैल से ही कोरोना लॉकडाउन लगा हुआ है और लगातार सरकार इसकी मियाद को बढ़ा रही है।

14 मई को ईद पर भी रहेंगे प्रतिबंध
14 मई को यूपी में ईद का त्योहार भी है, ऐसे में सरकार ने यह फैसला किया है कि किसी तरह का खतरा ना लेते हुए प्रतिबंध को 17 मई तक बढ़ाया जाएगा। सरकार के फैसले के बाद समस्त जिलों के अधिकारियों को इस संबंध में सूचना भेज दी गई है।

गौरतलब है कि पंचायत चुनाव के बाद गांवों में संक्रमण तेजी से पांव पसार रहा है। कर्फ्यू हटाने पर गांवों में संक्रमण में और तेजी आ सकती है। कोई खतरा न लेते हुए लॉकडाउन बढ़ाने का फैसला लिया गया है। यूपी में 30 अप्रैल के बाद से ही आंशिक कोरोना कर्फ्यू है। इसका असर यह हुआ कि कोरोना के सक्रिय मामलों में 60 हजार की कमी आ गई है।

योगी सरकार ने प्रदेश में 29 अप्रैल को शुक्रवार शाम आठ बजे से मंगलवार सुबह सात बजे तक लॉकडाउन करने का निर्णय लिया था और फिर तीन मई को दो दिन के लिए इसे और बढ़ा कर गुरुवार (6 मई) सुबह सात बजे तक कर दिया। इसके बाद 5 मई को इसकी मियाद सोमवार मतलब 10 मई सुबह सात बजे तक कर दी, जिसके एक दिन पहले ही लॉकडाउन 17 मई सुबह सात बजे तक के लिए बढ़ा दिया गया।

वहीं प्रदेश सरकार ने मॉस्क न पहनने वालों पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। बिना मास्क के बाहर निकलने वालों पर पहली बार एक हजार रुपये जुर्माना लिया जाएगा। दूसरी बार 10 गुना ज्यादा जुर्माना देना होगा। प्रदेश सरकार ने कोरोना प्रोटोकॉल कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए हैं।

लखनऊ में सौभाग्य लॉन से 600 पेटी किंगफिशर बीयर बरामद

लखनऊ। जानकीपुरम थाना अंतर्गत सौभाग्य लॉन से करीब 600 पेटी किंगफिशर बीयर बरामद।

घटनास्थल पर आईपीएस प्राची सिंह मौजूद एसीपी अलीगंज व प्रभारी निरीक्षक जानकीपुरम बृजेश सिंह भारी पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर मौजूद।

लॉकडाउन में बेचने के लिए एक लॉन में इकट्ठा की गई थी 600 पेटी किंगफिशर की बियर।

भारी मात्रा में सेक्टर 2 जानकीपुरम स्थित सौभाग्य लॉन से बीयर बरामद।

नार्थ जोन पुलिस की बड़ी कार्रवाई भारी मात्रा में बीयर बरामद।

विजय जुलूस निकालते साथियों संग नप गए प्रधान जी

विजय जुलूस निकालते विजयी प्रधान समेत पांच गिरफ्तार

बिजनौर। नवनिर्वाचित ग्राम प्रधान को अपने साथियों के साथ विजय जुलूस निकलना उस समय भारी पड़ गया जब पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज करते हुए पांच लोगों का चालान कर दिया। बताया जाता है कि थाना क्षेत्र के ग्राम तुखमापुर के नवनिर्वाचित ग्राम प्रधान सरफराज अंसारी अपने समर्थकों के साथ विजय जुलूस निकाल रहे थे। विरोधियों ने यह जानकारी थाना प्रभारी निरीक्षक कृष्ण मुरारी दोहरे को दे दी। इस पर वह उप निरीक्षक सुभाष धनगर, सिपाही मोहित, हरीश चौधरी को साथ लेकर तुरंत गांव पहुंचे और मालूमात की। मामला सही पाए जाने पर आरोपी ग्राम प्रधान समेत पांच लोगों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध आईपीसी  की धारा 188/269/270 तथा  महामारी अधिनियम के अंतर्गत मुकदमा पंजीकृत कर चालान कर दिया।

UP: बढ़ते कोरोना संकट के बीच 2 दिन बढ़ा लॉक डाउन!

लखनऊ। कोरोना के बढ़ते संकट के बीच उत्तर प्रदेश में लॉक डाउन को दो दिन के लिए बढ़ा दिया गया है। अब मंगलवार, बुधवार भी लॉक डाउन रहेगा जो गुरुवार सुबह 7 बजे तक जारी रहेगा। कोरोना वायरस का प्रकोप उत्तर प्रदेश में लगातार जारी है। इसी के चलते प्रदेश सरकार ने पहले वीकेंड लॉक डाउन का ऐलान किया था, लेकिन उसे सोमवार तक बढ़ा दिया था। शुक्रवार शाम से मंगलवार की सुबह तक लॉकडाउन था, लेकिन अब इसी पाबंदी को मंगलवार, बुधवार के लिए लागू कर दिया गया है। इस लॉक डाउन के दौरान किसी भी व्यक्ति का बेवजह बाहर निकलना बंद होगा। बाजार बंद रहेंगे, साप्ताहिक मार्केट नहीं लगेंगी। जरूरी क्षेत्र के लोगों को छूट रहेगी और परिवहन भी जारी रहेगा।

लॉक डाउन उल्लंघन में तुलाराम होटल के 2 कर्मियों का चालान 

लॉक डाउन उल्लंघन में तुलाराम होटल के 2 कर्मियों का चालान। लॉक डाउन उल्लंघन करने, संक्रमण फैलाने सहित महामारी आपदा अधिनियम में मामला दर्ज

बिजनौर। नगीना पुलिस ने लॉक डाउन उल्लंघन करने व संक्रमण फैलाने के मामले में तुलाराम होटल के दो कर्मचारियों के विरुद्ध मामला दर्ज कर उनका चालान कर दिया।

थाना प्रभारी कृष्ण मुरारी दोहरे के अनुसार एसआई योगेश कुमार व सहयोगी पुलिस कर्मियों द्वारा शुक्रवार की रात्रि को लॉक डाउन के चलते चैकिंग की जा रही थी। इस दौरान स्टेशन रोड स्थित तुला राम का होटल खुला व चलता पाया। पुलिस ने मौके पर मौजूद होटल के कर्मचारी अनिल कुमार पुत्र जयप्रकाश निवासी मोहल्ला शाहजाहीर व सोनू पुत्र जयप्रकाश निवासी पंजाबी कॉलोनी नगीना को गिरफ्तार कर लिया तथा उनके विरुद्ध लॉक डाउन उल्लंघन करने, संक्रमण फैलाने सहित महामारी आपदा अधिनियम में मामला दर्ज कर सुसंगत धाराओं में उनका चालान कर दिया।

….लेकिन गलत हो गई दिनांक सूचना!

होने वाला है 17,433 प्रत्याशियों की तकदीर का फैसला

17,433 प्रत्याशियों की तकदीर का फैसला होगा। परिणाम देर रात तक आने की संभावना। करना होगा कोविड प्रोटोकॉल का पूरी तरह पालन।

बिजनौर। त्रिस्तरीय चुनाव में किस्मत आजमाने उतरे लोगों की मतपेटियों में बंद तकदीर का फैसला रविवार को होगा। मतगणना सुबह 8 बजे से शुरु होगी। इस बार मतपेटियों में 17,433 प्रत्याशियों का भाग्य बंद है।

मतगणना को लेकर प्रत्याशियों व उनके समर्थकों की बैचेनी बढ़ती जा रही है। इधर जिला प्रशासन ने मतगणना की पूरी तैयारी कर ली है। सुबह आठ बजे से मतगणना शुरु होगी। बिजनौर में आरजेपी इंटर कालेज के अलावा जिले के सभी ब्लाकों पर निर्धारित समय पर मतगणना शुरु हो जाएगी। नतीजे देर रात तक आने की संभावना है। वहीं कोविड प्रोटोकॉल का पूरी तरह पालन कराया जाएगा। मतगणना स्थल पर सभी की थर्मल स्क्रीनिंग की जाएगी, साथ ही प्रत्येक व्यक्ति को मास्क लगाना अनिवार्य रहेगा। मतगणना स्थल पर सैनिटाइजर की व्यवस्था भी की गई है।निर्वाचन सूत्रों के अनुसार कुल 182 मतगणना कक्ष बनाए गए हैं। इनमें 182 एआरओ की तैनाती की गई है। प्रत्येक कक्ष में तीन मतगणना टेबिल होंगी और प्रत्येक मतगणना टेबिल पर चार कार्मिक की तैनाती होगी। एक शिफ्ट में कुल कार्मिक की संख्या 2184 है। दो शिफ्ट के 4368 कार्मिक लगाए गए हैं। 20 प्रतिशत रिजर्व स्टाफ रखा गया है। विदित हो कि त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में नामांकन पत्रों की जांच और नाम वापसी के बाद मैदान में 17,433 प्रत्याशी रह गए थे। प्रधान पद के लिए 7,498, जिला पंचायत सदस्य पद के 799 ,बीडीसी पद के 5045 और ग्राम पंचायत सदस्य पद के 4091 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला होना है। 

दो दिन की कैद से छूटे लोग दे रहे मौत को दावत

बिजनौर। शुक्रवार शाम से सोमवार सुबह तक जारी लॉक डाउन के चलते दो दिन तक बंद रहे बाजारों के खुलते ही लोग खरीददारी को उमड़ पड़े। सोशल डिस्टेंसिंग के नियम की धज्जियां उड़ायी और काफी संख्या में लोग बिना मास्क लगाए भी घूमते नजर आए।

सरकार ने प्रदेश भर में रात्रि कर्फ्यू और शुक्रवार शाम आठ बजे से सोमवार सुबह छह बजे तक के लिए लॉक डाउन लगा रखा है। इसके चलते वीकएंड में शनिवार और रविवार को बाजार पूरी तरह से बंद रहे। पुलिस व प्रशासन ने भी सरकार की ओर से जारी लॉक डाउन का पालन कराने के लिए कड़ी मशक्कत की। उधर दो दिन से अपने घरों  में बंद बैठे लोग सोमवार को बाजारों के खुलते ही बड़ी संख्या में खरीददारी करने के लिए अपने घरों से निकल पड़े। इस कारण नगर में कई चौराहों पर जहां जाम की स्थिति बनी रही, वहीं कई बाजारों व गलियों में भीड़ बनी रही। इस दौरान भीड़ में शामिल लोगों ने सरकार की ओर से जारी दो गज दूरी वाले सोशल डिस्टेंसिंग के नियम की जमकर धज्जियां उड़ायी। साथ ही भीड़ भरे क्षेत्रों में भी कई लोग बिना मास्क लगाए घूमते नजर आए। पुलिस के त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के मद्देनजर मुरादाबाद व संभल जनपदों में ड्यूटी पर जाने के चलते इस दौरान पुलिसकर्मियों की भी कमी बनी रही। इससे जाम के दौरान कई स्थानों पर लोग आगे निकलने के लिए झगड़ते हुए भी नजर आए। बाजारों में कई दुकानों पर सामान की खरीददारी के लिए ग्राहकों का तांता लगा रहा। लोग सरकार की गाइडलाइन का पालन करना भूलकर पहले सामान खरीदने की होड़ में लगे दिखायी दिए।

ग्राहकों के न आने से जमीन पर आए सब्जियों के दाम

लॉक डाउन के कारण सब्जी मंडी में रही ग्राहकों की कमी

बिजनौर। दो दिन के लिए जारी लॉक डाउन के पहले दिन शनिवार को ग्राहकों के पहुंचने की वजह से कृषि उत्पादन मंडी समिति नजीबाबाद में ग्राहकों का टोटा रहा। मंडी में सब्जियों के ढेर लगे रहे। खरीददार न होने के कारण कारोबारियों को सब्जियां आधे दामों पर बेचने को मजबूर होना पड़ा।

दो दिवसीय लॉक डाउन के पहले दिन का असर कृषि उत्पादन मंडी समिति में फल व सब्जी के आढ़तियों पर दिखाई दिया। अनवार अहमद ने बताया कि मंडी में सब्जियों के ढ़ेर लगे हुए हैं लेकिन सुबह से ही खरीददारों के इंतजार में बैठे हैं। सब्जी व फलों के लिए खरीददारों का टोटा होने के कारण आधे से भी कम दामों पर न रूक पाने वाली हरी सब्जियों को निपटाना पड़ रहा है। हालात ये हैं कि पहाड़ पर सब्जियों की सप्लाई किए जाने को वाहन भी लोड नहीं हो पाए। पहाड़ पर प्रतिदिन सैकड़ों गाडियां सब्जी जाती हैं, जो लॉक डाउन के चलते नहीं जा सकीं। वहीं सडक़ों पर ठेले लगाने वाले सब्जी व फल विक्रेताओं की भी मंडी में आमद कम रही। सब्जी का उठान नहीं होने के कारण मंडी के कारोबारी सब्जी आधे दामों पर बेचने को मजबूर हैं लेकिन इसके बावजूद खरीददार नहीं है। आढ़ती मकसूद ने बताया कि रेहड़ी ठेली लगाने वाले पहले दिन ही डेढ़ गुना माल खरीदकर ले जा चुके हैं। जिनका माल बिकने से बचा हुआ है, उन्हीं लोगों ने फेरी की है।

काफी गिर गए सब्जियों के दाम: शनिवार को सब्जियों के थोक भाव पहले के मुकाबले बहुत गिर गए। मुकर्रम बताते हैं कि शुक्रवार को 35 रुपए प्रति किलो बिकी रही भिण्डी 20 रूपये पहुंच गयी। खीरा आठ रुपए से तीन-चार रुपए प्रति किलो के भाव पर बिका। मिर्ची 150 रुपए प्रति पांच किलो से गिर कर 60 रुपए पहुंच गयी। लौकी  के दाम आठ रुपए प्रति किलो से घटकर पांच रुपए प्रति किलो करने पर भी बिक्री नहीं है। बैंगन पांच रुपए किलो तक बिक गया। टमाटर के दाम 10 रुपए प्रति किलो के मुकाबले पांच रुपए प्रति किलो कर दिए जाने पर भी बिकवाली नहीं है। करीब-करीब यही हाल और सब्जियों का भी हो रहा है।