newsdaily24

update रहें…हर दम, हर पल

लखनऊ (शैली सक्सेना)। ठंड बढऩे से ब्लड प्रेशर (बीपी) से ग्रसित मरीजों में वृद्धि हो रही है। सावधानी नहीं बरतने पर ब्रेन हेमरेज या लकवा मारने की आशंका रहती है। चिकित्सक कहते हैं कि सावधानी नहीं बरतने से ठंड से दिमाग की धमनियों में रक्त का थक्का बनने लगता है। इससे रक्त का प्रवाह अवरुद्ध होने लगता है। ऐसे में ब्रेन हेमरेज होने की आशंका बढ़ जाती है। मोटापा, ज्यादा तैलीय पदार्थ खाने, नमक का ज्यादा सेवन करने, शारीरिक श्रम नहीं करने, तनाव में रहने आदि से बीपी होने की संभावना बढ़ जाती है। अचानक बीपी बढऩे से ब्रेन हेमरेज होता है। इससे मरीज लकवा का शिकार भी हो जाता है। इससे सोचने, बोलने में परेशानी हो सकती है।

स्ट्रोक के लक्षण: स्ट्रोक होने के पूर्व चेहरा, हाथ, पैर अचानक सुन्न हो जाता है। बोलने या समझने में परेशानी होने लगती है। एक या दोनों आंखों से देखने में परेशानी होने लगती है, चक्कर आदि आने लगते हैं या शरीर संतुलन में नहीं रहता।

क्या सावधानी बरतें: तैलीय पदार्थ नहीं खाएं, नमक की मात्रा पांच ग्राम से भी कम खाएं, व्यायाम करें, ज्यादा वजन है तो कम करें।

बीपी के मरीज क्या करें: ठंड के मौसम में सुबह बाहर नहीं निकलें, गर्म कपड़ा पहने रहें, ज्यादातर धूप में रहें, ठंडा पानी नहीं पीएं, गुनगुने पानी से स्नान करें, चिकित्सक की सलाह पर दवा खाएं। बीच में दवा खाना छोडऩे से ब्रेन हेमरेज होने की संभावना बढ़ जाती है।

बीपी के मरीज गर्म पानी और सेंधा नमक का सेवन करें तो दुरुस्त रहेगी सांस, बरतें ये सावधानी

Livehindustan

दिल के मरीजों में सबसे ज्यादा दिक्कत ब्लड प्रेशर की होती है। सर्दी में खून और सांस की नली सिकुड़ जाती हैं। ऐसे में ब्लड प्रेशर और सांस को नियंत्रित रखना बहुत जरूरी है। ब्लड प्रेशर के मरीज सेंधा नमक का खाने में सेवन करें। इससे ब्लड प्रेशर नियंत्रित रहेगा। साथ ही सांस के मरीज कफ न बने, इसके लिए चावल, दही, उड़द की दाल, शुगर वाली चीजों के सेवन से बचें। दिल के मरीज गर्म पानी से नहाएं और भाप की सिंकाई करें। इससे खून की नली फूल जाती है, जिससे दिल में खून का आपूर्ति नियमित तरीके से जारी रहती है।

सोंठ, काली मिर्च, तुलसी का मिश्रण फायदेमंद: मड़ियांव स्थित आयुर्वेद चिकित्सालय की डॉ. तृप्ति आर. सिंह ने बताया कि सोंठ, काली मिर्च, तुलसी के पत्ते को तीन-चार लीटर पानी में पका लें। फिर उसे छानकर रख लें और दिन भर उसको पियें। इससे कफ नहीं बनेगा। कफ न बनने से सांस और दिल की बीमारी की दिक्कत से बचा जा सकता है। पूरी सर्दी ऐसा करने से दिक्कत नहीं होती।

Posted in

Leave a comment