नेताओं के लिए सेवानिवृत्ति की कोई उम्र नहीं..?

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साठ साल में किसी कामगार को नियमित काम करने लायक मानने से इनकार, लेकिन राजनीति में बड़े-बुजुर्ग नेता अपने पद से रिटायर ही नहीं होना चाहते..!!

नेताओं के लिए सेवानिवृत्ति की कोई उम्र नहीं..?

जिसे एक बार सत्ता का चस्का लग जाता है वह जीते जी उस पद को छोड़ना नहीं चाहता..!!

पुरानी पीढ़ी की नई पीढ़ी की लड़ाई है! जिसे एक बार सत्ता का चस्का लग जाता है वह जीते जी उस पद को छोड़ना नहीं चाहता और नई पीढ़ी के लिए मार्ग प्रशस्त नहीं करना चाहता! छोटे से संगठन से लेकर बड़ी-बड़ी संस्थाओं और राजनीतिक पार्टियों का यही हाल है। बड़े-बुजुर्ग लोग अपने पद से रिटायर ही नहीं होना चाहते! व नई पीढ़ी को अपरिपक्व समझते हैं! जब तक नई पीढ़ी आगे नहीं आएगी दायित्व नहीं संभालेगी, जिम्मेदारी नहीं संभालेगी तब तक उन्हें अनुभव कैसे प्राप्त होगा! आज नेताओं के लिए सेवानिवृत्ति की कोई उम्र नहीं है! वह रिटायर होना ही नहीं चाहते और युवा पीढ़ी को आगे आने नहीं देना चाहते तो कैसा चलेगा? आज जरूरत है नेताओं और मंत्रियों के लिए एक उम्र सीमा निर्धारित की जानी चाहिए! अगर कोई ज्यादा बुद्धिमान और जरूरी है तो उन्हें पार्टी में मार्गदर्शक मंडल में लिया जा सकता है! जीवन के चौथेपन में प्रवेश कर चुके नेताओं को भी राजनीति का मोह त्यागने की आदत डाल लेनी चाहिए! हालत यह है कि जीवन के अंतिम दौर में पहुंचे नेता भी देश के संचालन का निर्देशन करते रहते हैं और दूसरी ओर अट्ठावन या साठ साल में किसी कामगार को नियमित काम करने लायक मानने से इनकार कर दिया जाता है।

कानपुर में ट्रैक्टर-ट्राली पलटने से 27 की मौत

कानपुर। घाटमपुर क्षेत्र के भीतरगांव के भदेउना गांव के पास अनियंत्रित होकर ट्रैक्टर-ट्राली पलटने से 27 लोगों की मौत हो गई। आधा सैकड़ा गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटी है।

जानकारी के अनुसार, कोरथा गांव निवासी ग्रामीण एक मुंडन संस्कार में फतेहपुर गए थे। वहां से लौटते समय ट्रैक्टर ट्राली पानी भरे में खंती जा गिरी। घटना के बाद भयंकर चीख पुकार मच गई। आधे घंटे तक ट्राली बाहर नहीं निकाली जा सकी। इस कारण पानी के अंदर ही अधिकतर लोगों की मौत हो गई। समाचार लिखे जाने तक शवों को बाहर निकाला जा रहा है। घायलों को भीतरगांव सीएचसी में भेजा गया है।  पुलिस ने आसपास से 15 एम्बुलेंस मंगाई हैं। डीएम और एडीजी जोन भी भीतरगांव के लिए रवाना हो गए।

मौके पर पुलिस और प्रशासन के उच्च अधिकारी पहुंच रहे हैं। बताया जा रहा है कि ट्रैक्टर में करीब 50 लोग सवार थे। 27 लोगों की मौत हो गई है। मृतकों में कई बच्चे और महिलाएं भी शामिल हैं। पुलिस प्रशासन के अफसर मौके पर पहुंच रहे हैं और रेस्क्यू अभियान जारी है।

आईपीएस प्रताप गोपेन्द्र की पुस्तक 1857 के अमर नायक राजा जयलाल सिंह का विमोचन

आईपीएस प्रताप गोपेन्द्र की पुस्तक 1857 के अमर नायक राजा जयलाल सिंह का विमोचन

1857 की क्रांति के अग्रणी नायक थे राजा जयलाल सिंह :- शिवमूर्ति

लखनऊ: 1857 की क्रांति के अमर नायक राजा जयलाल सिंह की वीर गाथाओं पर आधारित पुस्तक का विमोचन शनिवार को बलरामपुर गार्डन में आयोजित 19वें राष्ट्रीय पुस्तक मेला में किया गया। अतरौलिया नरेश राजा जयलाल सिंह महान वीरांगना एवं अवध की बेगम हज़रत महल की अवध सेना के सेनापति थे जिन्होंने अंग्रेजों के खिलाफ छापामार युद्ध की पद्धति का इख्तियार कर दुश्मनों के छक्के छुड़ाए।

1857 के अमर नायक राजा जयलाल सिंह पुस्तक के लेखक आईपीएस प्रताप गोपेन्द्र ने क्रांतिकारी जयलाल सिंह का जीवन परिचय देते हुए बताया कि 1857 की क्रांति के कई ऐसे अमर नायक हुए जिनको इतिहास ने भुला दिया मगर उनके योगदान को कमतर करके कभी भी आंका नहीं जा सकता है। राजा जयलाल सिंह भी उसी पंक्ति के अग्रणी नायक में शुमार हैं, जिनके बिना अवध में हुई 1857 की क्रांति की गाथा अधूरी रहेगी। प्रताप ने बताया कि अंग्रेजों ने अवध के नवाब वाजिद अली शाह को उनकी गद्दी से बेदखल कर डाला, लेकिन उनकी बेगम हज़रत महल ने ईस्ट इंडिया कंपनी की नाक में दम करने में कोई कसर नहीं छोड़ी। उन्होंने 1857 के संग्राम में अंग्रेजों के साथ सबसे लंबे वक्त तक जंग लड़ी जो उनके सेनापति रहे राजा जयलाल सिंह की बदौलत ही संभव हो सका।

विशिष्ट अतिथि लखनऊ विश्वविद्यालय के इतिहास विभाग के पूर्व विभागाध्यक्ष प्रमोद कुमार ने राजा जयलाल सिंह के संघर्षों की फेहरिस्त को आगे बढ़ाते हुए बताया कि इतिहास और इतिहासकारों ने 1857 की क्रांति के कई नायकों के साथ इंसाफ नहीं किया है। विभिन्न आर्काइव्ज में उनके बलिदानों के किस्से मौजूद हैं मगर उन्हें संकलित करने की जद्दोजहद कोई नहीं करना चाहता है। ऐसे में तमाम इतिहासकारों को प्रताप जैसे ब्यूरोक्रेट्स से सीख लेनी चाहिए।

वरिष्ठ साहित्यकार शिवमूर्ति ने अपने वक्तव्य में प्रताप गोपेन्द्र के साहित्य की प्रशंसा करते हुए कहा कि दलित, पिछड़ों और अल्पसंख्यकों के नायकों के साथ सबसे ज्यादा भेदभावपूर्ण रवैया इख्तियार किया गया ऐसे में इन वर्ग के लोगों को जागृत होकर अपने असली महापुरुषों की पहचान स्वयं करते हुए अपने समाज में जागरूकता फैलानी चाहिए। उन्होंने कहा कि राजा जयलाल सिंह कुर्मी क्षत्रिय थे। वह बेहतरीन तलवारबाज थे और कुशल रणनीतिकार भी। यही वजह है कि गिनती के सैनिक होने के बावजूद उन्होंने लंबे समय तक अंग्रेजों को शहर में प्रवेश नहीं करने दिया। 

चौरी चौरा, भील विद्रोह और अवध का किसान विद्रोह के लेखक एवम प्रसिद्ध इतिहासकार सुभाष कुशवाहा ने 1857 की क्रांति पर प्रकाश डालते हुए कहा कि हज़रत महल ने चिनहट जंग के बाद 5 जून, 1857 को अपने 11 साल के बेटे बिरजिस क़द्र को अवध का ताज पहनाया। इस लड़ाई का नतीजा ये रहा कि अंग्रेज़ों को लखनऊ रेजिडेंसी में शरण लेने को मजबूर होना पड़ा। ताजपोशी की पूरी रस्म राजा जयलाल सिंह के नेतृत्व में अदा की गई। उन्होंने बताया कि आज के केडी सिंह बाबू स्टेडियम के ठीक सामने स्थित राजा जयलाल सिंह पार्क ही वह जगह थी, जहां पर बिरजिस कद्र की ताजपोशी की गई थी। युद्धकौशल और रणनीति बनाने में माहिर राजा जयलाल सिंह पर ही यह जिम्मेदारी थी कि वह कहा और कितनी टुकड़ी तैनात करें, जिससे नगर के भीतर अंग्रेज प्रवेश न कर सकें। अंत में जयलाल सिंह को अंग्रेजों द्वारा मुकदमा चलाकर फांसी दे दी गई।

अंत में मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित डीजी सीबीसीआईडी आईपीएस विजय कुमार ने प्रताप गोपेन्द्र की प्रशंसा करते हुए कहा कि एक ब्यूरोक्रेट्स द्वारा अपने व्यस्त प्रोफेशनल दिनचर्या से समय निकालकर स्वतंत्रता आंदोलन जैसे संवेदनशील विषय पर पुस्तक लिखना बेहद ही तारीफ ए काबिल है। कार्यक्रम में पूर्व आईएएस हीरालाल, राजकमल प्रकाशन से मनोज कुमार पांडेय आदि लोग उपस्थित थे।

मंडलायुक्त ने कानूनगो व लेखपालों को लगाई कड़ी फटकार

लखनऊ। बख्शी का तालाब लखनऊ पर मंडलायुक्त डा. रौशन जैकब के नेतृत्व में संपूर्ण समाधान संपन्न हुआ। संपूर्ण समाधान तहसील दिवस पर हजारों की संख्या में शिकायती पत्र लेकर शिकायतकर्ता पहुंचे, ज्यादातर शिकायती पत्र जमीन पर अवैध कब्जा, नहर पर कब्जा व अन्य शिकायती पत्र को लेकर मंडलायुक्त डॉ रौशन जैकब ने लेखपाल एवं कानूनगो को कड़ी फटकार लगाते हुए शिकायतों का निस्तारण करने का निर्देश दिया। वहीं कई शिकायती पत्र आवास ना मिलने, शौचालय ना मिलने एवं मनरेगा कार्य में फर्जी नाम चढ़ाकर पैसा निकालने को लेकर शिकायती पत्र अधिकारियों को प्राप्त हुए।

मंडलायुक्त ने कहा कि शिकायती पत्र पर अगर कड़ी कार्यवाही कर दी जाए तो दोबारा तहसील दिवस पर शिकायत लेकर किसान नहीं आएंगे। हर अधिकारी को शिकायत पत्र पर कड़ी कार्यवाही कर उसका निस्तारण करना चाहिए। मंडलायुक्त ने कई मामलों को लेकर कानूनगो व लेखपालों को कड़ी फटकार लगाई। इस मौके पर कई उच्च अधिकारी मौजूद रहे। लखनऊ मंडलायुक्त रौशन जैकब एडीएम (एफ/आर) एसडीएम क्षिप्रा पाल, एसपी ग्रामीण ह्रदेश कुमार, क्षेत्राधिकारी बीकेटी नवीना शुक्ला व खंड विकास अधिकारी पूजा सिंह सहित अन्य अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।

सराहना: फाँसी के फंदे से लटकी महिला की पुलिस ने बचाई जान

बिजनौर। झगड़े की सूचना पर पहुंची सिविल लाइन पुलिस ने घर में बहू को पंखे पर लटकने के दौरान बचा लिया। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस द्वारा फाँसी के फंदे से महिला को उतराने का लाइव वीडियो भी वायरल हुआ है।

सिविल लाइन चौकी प्रभारी गौरव चौधरी ने बताया कि मंगलवार की शाम उनको सूचना मिली, कि नजीबाबाद मार्ग स्थित काकरान वाटिका के पास प्रगति विहार में झगड़ा हो रहा है। वह अन्य पुलिसकर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे, तो उनको आता देख एक पक्ष मौके से फरार हो गया। तभी किसी ने बताया कि पीटने वाले युवक की पत्नी फांसी पर लटक गई है। दरोगा गौरव चौधरी, सिपाही अचिन चौधरी, शुभम सरोहा, महिला सिपाही फिरमिल दौड़कर महिला के कमरे में पहुंचे, तो देखा कि महिला फांसी के फंदे पर झूल रही थी । सिपाही अचिन व शुभम ने तुरंत ही महिला को पैरों से पकड़कर ऊपर उठाया और पास में खड़े एक व्यक्ति ने कैंची से फांसी वाले कपड़े को काट दिया। पलिसकर्मियों ने देखा कि महिला का शरीर गर्म है, तभी आसपास में खड़े एक व्यक्ति ने महिला के सीने को दबाना शुरू किया और एक ने मुंह से महिला को सांस दिया। महिला कुछ होश में आई, तो पुलिस कर्मियों ने उसको एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां महिला का उपचार चल रहा है। चिकित्सकों के मुताबिक महिला की हालत में सुधार है।

इस पूरे मामले की किसी ने वीडियो बना ली, जो शुक्रवार की शाम से सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। चौकी प्रभारी गौरव चौधरी ने बताया कि किरतपुर थाने के गांव छितावर निवासी ईशांत उर्फ संजू की दो साल पहले कोतवाली नगर के गांव हमीदपुर निवासी रामेंद्र की पुत्री निक्की के शादी हुई थी। दोनों की दूसरी शादी थी। शादी के कुछ दिनों बाद से ही दोनों में विवाद चल रहा था। घटना वाले दिन भी निक्की के भाई ईशांत को घर के बाहर पीट रहे थे। इसी झगड़े की सूचना किसी ने पुलिस को दी थी। निक्की के पिता रामेंद्र की तहरीर पर ईशांत के खिलाफ दहेज के लिए मारपीट आदि धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई है।

जनपद स्तरीय 50वीं बाल विज्ञान प्रदर्शनी में छात्राओं का सम्मान

जनपद स्तरीय 50वीं बाल विज्ञान प्रदर्शनी में छात्राओं को किया सम्मानित

स्वास्थ्य और स्वच्छता पर सिदरा ने पाया दूसरा स्थान

बिजनौर। राज्य विज्ञान शिक्षा संस्थान (उ० प्र०) प्रयागराज द्वारा आयोजित जनपद स्तरीय 50वीं बाल विज्ञान प्रदर्शनी 2022 – 23 में प्रथम व द्वितीय आने वाली छात्राओं को प्रमाण पत्र देकर सम्मानित करते हुए उत्साहवर्धन किया गया।
आरजेपी इंटर कॉलेज में 50 वीं बाल विज्ञान प्रदर्शनी का दो दिवसीय आयोजन किया गया। इसमें केपीएस कन्या इंटर कॉलेज बिजनौर के बच्चों ने विज्ञान से संबंधित मॉडल प्रस्तुत किए। इस अवसर पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, जिला पंचायत राज अधिकारी सतीश कुमार ने अवलोकन किया। अध्यापक संवर्ग में कुमारी प्रियंका गौतम ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। वहीं विज्ञान मॉडल में प्रकृति प्रथम, दिव्यांशी भारद्वाज प्रथम, सालीहा सिद्दीकी द्वितीय, नादा नाज प्रथम, तनु चौधरी द्वितीय, नेहा द्वितीय, आस्था द्वितीय, सीदरा द्वितीय, एनी तोमर ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। विज्ञान मॉडल निर्देशन में कुमारी प्रियंका गौतम, श्रीमती पूनम शर्मा, श्रीमती वंदना गुप्ता, कुमारी शुभांशी, कुमारी सौम्या आदि का सहयोग रहा। प्रधानाचार्य श्रीमती संगीता गुप्ता ने बच्चों का उत्साहवर्धन किया और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।

नवीं के छात्र की निर्मम हत्या, हड़कंप


धामपुर। नगीना मार्ग स्थित एक सुनसान आम के बाग में एक छात्र की गला काटा हुआ शव बरामद हुआ है। शव के पास ही शराब की टूटी हुई बोतल, बीयर सहित अन्य चीजें भी बरामद हुई हैं। छात्र का शव मिलने की सूचना पर पुलिस क्षेत्राधिकारी तथा कोतवाली प्रभारी निरीक्षक भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे तथा शव को कब्जे में लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है।
ग्राम मंधोरा मौजा स्थित एक बाग में एक छात्र का गला कटा हुआ शव दिखाई देने पर जंगल में घास काटने गए किसी ग्रामीण ने सूचना कोतवाली पुलिस को दी। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक माधो सिंह बिष्ट मौके पर पहुंच गए तथा शव की शिनाख्त कराने का प्रयास किया। सूचना पर पुलिस क्षेत्राधिकारी इंदु सिद्धार्थ भी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गई। बताया जाता है कि नेशनल हाईवे से करीब 200 मीटर अंदर बाग में छात्र का शव रक्त रंजित हालत में पड़ा हुआ था। शराब तथा बीयर की बोतल भी इसके पास ही पड़ी हुई थी। आशंका जताई जा रही है कि शराब की बोतल तोड़ कर छात्र की गला काटकर हत्या की गई है। पुलिस क्षेत्राधिकारी इंदु सिद्धार्थ ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। सूचना पर नगीना पुलिस क्षेत्राधिकारी सुमित शुक्ला भी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए तथा हत्या के संदर्भ में जानकारी ली।

मौके से मिला परिचय पत्र, हत्या के खुलासे को पुलिस ने जुटाए सबूत
शिनाख्त करने के प्रयास के दौरान छात्र के पास मौजूद स्कूल बैग में से एक परिचय पत्र बरामद हुआ। उस पर एमएम इंटर कॉलेज नगीना के कक्षा नौ ए के छात्र रोहित पुत्र सुभाष लिखा हुआ था। उस पर मोबाइल नंबर भी दर्ज था। मौके से छात्र का स्कूल बैग भी बरामद हुआ, जिसमें किताबें सहित अन्य चीजे भी थी। पुलिस की फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से कई सबूत भी जुटाए। पुलिस क्षेत्राधिकारी इंदु सिद्धार्थ ने मौके से ही नगीना पुलिस को घटना की सूचना दी। इसी सूचना के आधार पर नगीना पुलिस क्षेत्राधिकारी सुमित शुक्ला भी धामपुर घटनास्थल पर पहुंचे। छात्र की हत्या की कारणों को तलाशने को पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। उधर देर शाम एसपी दिनेश कुमार ने घटना स्थल पहुँच कर मामले की जानकारी की !

हत्याकांड के खुलासे को टीम गठित पुलिस अधीक्षक डॉ दिनेश कुमार ने देर रात बताया कि मृतक 15 वर्षीय रोहित पुत्र सुभाष की शिनाख्त कर ली गई है। हत्याकांड के खुलासे के लिए कई टीमों का गठन किया गया है। उन्होंने हत्याकांड के जल्द ही खुलासे की बात कही है।

खबर का असर: रसगुल्ले की फैक्ट्री पर छापेमारी

खबर का असर: रसगुल्ले की फैक्ट्री पर छापेमारी

बिजनौर। पुलिस और प्रशासन ने संयुक्त कार्यवाही कर मण्डावर में छेना एवं रसगुल्ले बनाने की फैक्ट्री ओम फूड प्रोडेक्ट पर आकस्मिक छापामारी की। सैम्पल भरने के साथ ही परीक्षण के लिए खाद्य विश्वलेषक प्रयोगशाला भेजा गया है।

उप जिलाधिकारी सदर मोहित कुमार, पुलिस क्षेत्राधिकारी नगर अनिल कुमार सिंह, खाद्य सुरक्षा अधिकारी बिजनौर एवं संजय कुमार प्रभारी निरीक्षक थाना मण्डावर द्वारा थाना मण्डावर क्षेत्रान्तर्गत ग्राम शहवाजपुर, तहसील व जिला बिजनौर में संचालित छेना एवं रसगुल्ले बनाने की फैक्ट्री ओम फूड प्रोडेक्ट पर आकस्मिक छापामारी की गई। मौके पर खाद्य सुरक्षा अधिकारी द्वारा रसगुल्ले एवं छेना का सैम्पल भरा गया, सैम्पल को खाद्य विश्वलेषक प्रयोगशाला भेजा गया है। उप जिलाधिकारी सदर मोहित कुमार ने बताया कि भविष्य में भी समय-समय पर इसी प्रकार की छापेमारी की कार्यवाही जारी रहेगी।

गौरतलब है कि 28 सितंबर 2022 को दैनिक दिव्य विश्वास ने पेज सात पर किसानों की समस्याओं को प्रमुखता से प्रकाशित किया था।

इसी क्रम में आगामी नवरात्रि / दशहरा पर्व के अवसर पर आम जन मानस को सुरक्षित, मिलावट रहित खाद्य / पेय पदार्थ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के गठित दल ने छापामारी अभियान चलाया। इस दौरान उमंग डेयरी ग्राम गैंडाजूड स्योहारा, रईस मिष्ठान भण्डार नूरपुर, न्यू क्वालिटी स्वीट हाउस रेस्टोरेण्ट, अतीस मिष्ठान मण्डार नूरपुर तिराहा बिजनौर पर दबिश दी। इस दौरान 03 दूध, 01 खोआ, 01 मावा, 01 छेना, रसगुल्ला के नमूने जनपद बिजनौर के विभिन्न स्थानों से संग्रहित कर शुद्धता की जांच हेतु खाद्य प्रयोगशाला भेजे गये। पंकज कुमार सहायक आयुक्त खाद्य ग्रेड-2 एवं श्री संजीव सिंह मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी बिजनौर के नेतृत्व में शामिल टीम में खाद्य सुरक्षा अधिकारी रामवीर सिंह, यज्ञदत्त आर्य, अनुपम यादव, जितेन्द्र कुमार सम्मलित रहे।

CMO के बाबुओं पर नहीं किसी का काबू

CMO के बाबुओं पर नहीं किसी का काबू। सीएमओ कार्यालय के भ्रष्टाचार से त्रस्त फार्मेसिस्ट एशोसिएशन ने किया प्रदर्शन। हर काम के बदले वसूलते सुविधा शुल्क।

बिजनौर। वेतन रोके जाने से नाराज फार्मेसिस्ट एशोसिएशन ने सीएमओ कार्यालय पर धरना प्रदर्शन किया। उन्होंने सीएमओ से वेतन दिलाने की मांग की। फार्मेसिस्ट एशोसिएशन ने कार्यालय के बाबुओं पर मनमानी करने हर काम के बदले सुविधा शुल्क मांगने का भी आरोप लगाया। धरना प्रदर्शन के चलते सीएमओ ने फार्मासिस्टो के रुके सभी भुगतान करने के आदेश दिये। इसके बाद फार्मेसिस्ट एशोसिएशन का धरना समाप्त हो गया। एशोसिएशन के जिलाध्यक्ष राजेश कुमार रवि के नेतृत्व में संजय कुकरेती महामन्त्री, ईश्वरी प्रशाद सिंह, दीपक कुमार, विक्रांत बहादुर, अभय कुमार, भारत भूषण, निपेन्द्र कुमार आदि मौजूद रहे।

भूपेंद्र चौधरी ने दिया दीपक गर्ग मोनू को आशीर्वाद

भूपेंद्र चौधरी ने दिया दीपक गर्ग मोनू को आशीर्वाद बिजनौर आगमन पर भाजपा कार्यालय पर प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी ने जिला मीडिया प्रभारी एवं सभासद नगर पालिका परिषद बिजनौर दीपक गर्ग मोनू को आशीर्वाद प्रदान किया।

कृषक उत्पादक संगठनों के दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम

कृषक उत्पादक संगठनों के दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम बिजनौर। महात्मा विदुर सभागार कलक्ट्रेट में गठित कृषक उत्पादक संगठनों के दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ जिलाधिकारी उमेश मिश्रा एवं निदेशक सामाजिक वानिकी नजीबाबाद मनोज शुक्ला द्वारा दीप प्रज्वलन कर किया गया.

इस अवसर पर उप कृषि निदेशक गिरीश चंद्र, जिला कृषि अधिकारी डॉ अवधेश मिश्र, जिला उद्यान अधिकारी जितेंद्र कुमार, जिला गन्ना अधिकारी पीएन सिंह, जिला परियोजना समन्वयक (डास्प) डॉ कर्मवीर सिंह, कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ केके सिंह, विषय वस्तु विशेषज्ञ योगेंद्र प्रताप सिंह योगी एवं जनपद के कृषक उत्पादक संगठनों के चेयरमैन, सीईओ व सचिव तथा जनपद के अग्रणी कृषक कोर कमेटी के सदस्य उपस्थित रहे. इस अवसर पर जिलाधिकारी द्वारा कृषक उत्पादक संगठनों के प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए आह्वान किया गया कि सभी कृषक उत्पादक संगठन जनपद में बाजार की मांग के अनुसार क्लस्टर के रूप में गुणवत्ता युक्त उत्पादों का उत्पादन करें तथा क्लस्टर के अंदर ही उत्पादित उत्पादों के प्रसंस्करण, ब्रांडिंग, पैकेजिंग व विपणन का कार्य सक्षम लोगों से लिए जाने की आवश्यकता है. यदि हमारे किसान कृषक उत्पादक संगठन के माध्यम से एक हो जाएं, उनका एक विचार व एक उद्देश्य हो तो हम एक दूसरे का सहयोग लेने व समन्वय स्थापित करने में सफल होंगे. फिर हमारा दूसरा लक्ष्य होना चाहिए कि हम बाजार की मांग के अनुसार गुणवत्ता युक्त एवं विपणन योग्य उत्पाद का उत्पादन करें तथा उत्पादित उत्पादों का अधिक से अधिक एवं लाभकारी मूल्य प्राप्त करने हेतु विपणन का कार्य योग्य और निपुण हाथों में देना होगा साथ ही इन उत्पादों के प्रसंस्करण व मूल्य संवर्धन की तकनीक भी हमें सीखनी होगी. इन सब कार्यों के लिए निश्चित रूप से पूंजी की आवश्यकता होगी और जो भी कृषक उत्पादक संगठन अथवा क्लस्टर उक्त कार्य करने के लिए तैयार है तो जिला प्रशासन संबंधित विभाग सहयोग करने के लिए कटिबद्ध है. जनपद में गन्ना, खाद्यान, दलहनी व तिलहनी फसलो, सब्जियों, मसाले, जड़ी-बूटी व फूलों की असीम सम्भावनाएं है.

जिला कृषि अधिकारी डॉ अवधेश मिश्र के द्वारा उक्त कार्यक्रम का संचालन करते हुए जिलाधिकारी, निदेशक सामाजिक वानिकी नजीबाबाद एवं अन्य अधिकारियों तथा कृषि उत्पादक संगठन के प्रतिनिधियों का स्वागत करते हुए इस प्रशिक्षण की विषय वस्तु, उद्देश्य व महत्व से अवगत कराया गया. इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के मुख्य प्रशिक्षक डॉ जेपी शर्मा, महाप्रबंधक, शील बायोटेक द्वारा कृषक उत्पादक संगठन के गठन, संगठनात्मक ढांचे, आवश्यकता एवं महत्व के बारे में विस्तार से प्रस्तुतीकरण के माध्यम से अवगत कराया गया. योगेंद्र प्रताप सिंह कृषक उत्पादक संगठन की भूमिका एवं लाभ तथा भविष्य की संभावनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई. डॉ. केके सिंह द्वारा प्राकृतिक खेती तथा कृषि विज्ञान केंद्र पर प्राकृतिक खेती पर आयोजित ट्रायल एवं नवरत्न हरी खाद तथा रवि फसलों की बायोफोर्टीफाइड प्रजातियों एवं उसके महत्व के बारे में बताया गया. डॉ. सोबन, निदेशक मंडावर कृषक उत्पादक संगठन द्वारा कृषक उत्पादक संगठनों के निर्यात के क्षेत्र में संभावना, देय सुविधाएं, विभिन्न निर्धारित मानक व शर्तें, पैकेज फॉर ग्रांटिंग तथा परिवहन के संबंध में बताया गया. अंत में उप कृषि निदेशक गिरीश चंद्र द्वारा क्लस्टर अप्रोच के आधार पर खेती के महत्व और लाभ, प्रसंस्करण व वैल्यू एडिशन पर प्रकाश डालते हुए प्रथम दिवस के प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन किया गया.

ढ़ाई लाख के इनामी आदित्य राणा को लेकर पुलिस रही हलकान

ढ़ाई लाख के इनामी आदित्य राणा को लेकर पुलिस रही हलकान। आदित्य के गांव में आने की अफवाह पर दौड़ी पुलिस

  • चार दिन पूर्व गांव राणानंगला में आदित्य के परिवार में हुए एक कार्यक्रम में आने की थी अफवाह
  • आदित्य एक माह पूर्व बिजनौर पेशी से लौटते समय शाहजहांपुर से हुआ था फरार

स्योहारा। परिवार में हुए एक कार्यक्रम में आदित्य के आने की अफवाह पर एसओजी व पुलिस ने गाँव पहुँच कर परिजनों से पूछताछ की। पुलिस ने मात्र अफवाह होने की जानकारी होने पर राहत की साँस ली। एक माह बीत जाने के बाद भी पुलिस आदित्य को तलाश नहीं कर सकी है, जबकि डीजीपी ने आदित्य पर ढाई लाख रुपए का इनाम भी रख दिया है।
23 अगस्त को थाना शिवालाकला के एक मुक़दमे में बिजनौर कोर्ट में पेशी से लौटते समय शाहजहांपुर स्थित एक खाने के ढाबे से आदित्य राणा पुलिस कस्टडी से फरार हो गया था। इसके बाद से कुख्यात आदित्य राणा के गाँव राणानांगला में पुलिस बल तैनात कर दिया गया था। आदित्य की तलाश में जैसे जैसे दिन बढ़ते गए वैसे वैसे ही पुलिस द्वारा आदित्य पर ईनाम भी बढ़ता गया। आदित्य की कोई भी सूचना देने पर अब डीजीपी ने ढ़ाई लाख रुपए का ईनाम घोषित कर दिया है। एसओजी टीम को सूचना मिली कि आदित्य राणा परिवार में जन्मे एक बच्चे के कार्यक्रम में शामिल होने गाँव राणानंगला आया हुआ है, जिस पर एसओजी टीम व पुलिस ने गाँव पहुँच कर परिजनों से कई घंटे पूछताछ की। बाद में पता चला कि आदित्य राणा के गाँव आने की खबर कोरी अफवाह है, जिस पर पुलिस ने राहत की साँस ली। थाना प्रभारी निरीक्षक राजीव चौधरी का कहना है कि आदित्य राणा के गाँव में पुलिस फ़ोर्स 24 घंटे तैनात है। उसकी गिरफ़्तारी के लिए पुलिस लगी हुई है। गांव आने की सूचना अफवाह है।

मरीजों के लिए वरदान साबित होगा “द हीलर्स हॉस्पिटल”:भूपेंद्र चौधरी

बिजनौर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी का मां कालिका मंदिर के निकट स्थित “द हीलर्स हॉस्पिटल” में संचालक मंडल की डॉक्टरों की टीम ने बुके देकर स्वागत किया। उसके बाद उन्होंने विधिवत रूप से अस्पताल हॉस्पिटल का फीता काटकर और दीप प्रज्जवलित कर उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि यह अस्पताल मरीजों के लिए वरदान साबित होगा।

उद्घाटन के बाद प्रदेश अध्यक्ष ने संचालक मंडल के डॉक्टर प्रकाश, डा. भवानी शंकर, डॉक्टर सीमा चौधरी, डॉक्टर सिद्धार्थ सिंह, डॉक्टर नंदन कुमार, डॉक्टर श्वेता, डॉक्टर निधि अग्रवाल, डॉक्टर विकास कुमार, डॉक्टर बीना सिंह डा. राजीव सिंह, डॉक्टर दीपक गोयल, डॉक्टर नीरज चौधरी, डा. हरी राज सिंह तोमर, डॉ राहुल भार्गव आदि के साथ वार्ता की। संचालकों ने प्रदेश अध्यक्ष को अस्पताल में होने वाले इलाज की उपलब्धियां बताई। प्रदेश अध्यक्ष ने सभी संचालकों को शुभकामनाएं दीं।

डॉक्टर नीरज चौधरी ने बताया कि अस्पताल में मेरठ व दिल्ली जैसा इलाज अब हमारे शहर की जनता को बिजनौर में ही मिल सकेगा। उन्हें मेरठ दिल्ली जाने के झंझट से छुटकारा मिलेगा। कई घटनाओं में मरीज मेरठ व दिल्ली जाते समय रास्ते में ही दम तोड़ देते थे, अब उन लोगों को सही समय पर इलाज करके उनकी जान बचाई जा सकती है। यह जनपद वासियों के लिए एक संजीवनी का काम करेगा।अस्पताल में डाक्टर की टीम मरीजों को बेहतर से बेहतर उपचार देकर उन्हें शीघ्र ही स्वस्थ करने का प्रयास करेगी। अभी तक जनपद में कोई बड़ा अस्पताल नहीं था। यह देखते हुए उन्होंने व उनके साथी डॉक्टरों ने इस अस्पताल को बनाकर लोगों की जिंदगी बचाने का संकल्प लिया है।

डॉक्टर राजीव सिंह ने बताया कि अगर मरीज को सही समय पर बेहतर इलाज मिल जाए तो उसकी जिंदगी बच जाती है। यह अस्पताल लोगों की जान बचाकर एक कीर्तिमान स्थापित करेगा। डॉ प्रकाश ने बताया कि हमने ढाई सौ बेड का अस्पताल बनाकर तैयार किया है, जो हर परिस्थिति में मरीजों की सेवा करता रहेगा। डॉ विकास कुमार ने कहा कि एक ही अस्पताल में हर बीमारी का इलाज किया जाएगा, जिससे मरीजों को इधर-उधर परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। डॉ सीमा चौधरी ने बताया कि अस्पताल की ओर से बुधवार को फ्री कैंप लगाया जा रहा है ऐसे कैंप लगाकर मरीजों की सेवा जारी रहेगी।

कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष साकेंद्र प्रताप सिंह, धामपुर विधायक अशोक राणा, नहटौर विधायक ओम कुमार, पूर्व सांसद राजा भारतेंद्र सिंह, पूर्व ब्लाक प्रमुख विनोद राठी, रालोद के पूर्व विधायक चौधरी सुखबीर सिंह, रालोद के पूर्व सांसद मुंशी रामपाल सिंह, किसान नेता चौधरी दिगंबर सिंह, पूर्व विधायक चांदपुर कमलेश सैनी, किसान नेता चौधरी राजेंद्र सिंह, किसान नेता अतुल कुमार, भाजपा नेता विनय राणा, कुंवर दीप देशवाल, अवधेश कुमार एड., पंकज चौधरी, असीम चौधरी, जतिन चौधरी, आशीष तोमर, ऋषभ काकरान, सौरभ काकरान, गौरव चौधरी, अनंत चौधरी, निपेंद्र प्रधान, खान जफर सुलतान, सभासद जुल्फिकार बेबी, वसीक अहमद, राजा आदि शामिल रहे। कार्यक्रम का संचालन जयवीर राठी ने किया।

एक चपरासी का ट्रांसफर नहीं कर सकते डिप्टी सीएम: सुनील साजन

लखनऊ। प्रदेश के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के एक बयान के बाद यूपी की राजनीतिक सियासत गर्म हो गई है. डिप्टी सीएम मौर्य ने कहा कि सपा 25 साल तक सत्ता में नहीं आएगी. उनके बयान पर पूर्व एमएलसी और सपा नेता सुनील सिंह साजन ने पलटवार किया है. सुनील सिंह ने कहा कि जनता ने केशव मौर्य को किस तरह हराया, वो डर अभी उनके अंदर बैठा है. वह अवसाद और डिप्रेशन में हैं. वह अपने विभाग की भी फाइल नहीं देख पा रहे हैं. सपा नेता ने कहा मौर्या एक चपरासी का ट्रांसफर करने की भी स्थिति में नहीं हैं.

ओपी राजजभर पर साधा निशाना
सुनील सिंह ने कहा कि पिछड़ों पर लगातार अत्याचार हो रहा है और केशव मौर्या जो पिछड़ों का चेहरा बनकर इस सरकार में उप मुख्यमंत्री बने हैं. वह बाकी सब बातें तो बोलते हैं लेकिन सरकार के खिलाफ तब नहीं बोलते जब पिछड़ों का आरक्षण उनसे छीना जा रहा है. उन पर मुकदमे लादे जा रहे. केशव मौर्य को समझ जाना चाहिए कि उनका भविष्य बीजेपी में नहीं है. ओपी राजभर की सावधान यात्रा पर सुनील साजन ने कहा की सावधान यात्रा निकाली है, तो किस से सावधान रहना है? वह कहते हैं हम पिछड़ों की बात करते हैं, तो पिछड़ों का सबसे ज्यादा दुश्मन बीजेपी है. दलितों का उत्पीड़न सबसे ज्यादा बीजेपी सरकार में हो रहा. वो स्पष्ट करें कि सावधान किस से रहना है क्योंकि खुद तो बीजेपी से जा मिले, जो पिछड़ों और दलितों का दुश्मन है. लोग भी समझ गए कि अब ओपी राजभर से ही सावधान रहने की जरूरत है.

आजम खान ने बनाई साजिश करने वालों से दूरी
आजम खान के गनर लौटाने पर सुनील साजन ने कहा कि आजम साहब का लगातार उत्पीड़न हो रहा है, अन्याय हो रहा है और यह पुलिस कर रही है. जब सरकार, पुलिस प्रशासन मिलकर उनका नुकसान करना चाहते हैं, फर्जी मुकदमे लिख रहे हैं, जेल भेजना चाहते हैं तो पुलिस पर कैसा भरोसा? जब वहीं पुलिस साजिश कर रही है तो उन्होंने साजिश करने वालों से अपनी दूरी बना ली है.

नीतीश ने दिया है बीजेपी को हटाने का फार्मूला
बिहार के सीएम नीतीश कुमार और अपना दल कमेरावादी की कृष्णा पटेल की मुलाकात पर सुनील साजन ने कहा कि नीतीश कुमार ने बिहार से एक फार्मूला दिया है, बीजेपी को हटाने का. वह लगातार बीजेपी और उसकी नीतियों के खिलाफ जो लोग हैं और संविधान को मानने वाले समाजवादी विचारधारा के उन सब से मुलाकात कर रहे हैं. नीतीश कुमार से भी सपा के रिश्ते अच्छे हैं और कृष्णा पटेल हमारे गठबंधन में हैं, यह राजनीतिक मुलाकात है. वह सारे लोग एक प्लेटफार्म पर आ रहे हैं, जिन्हें मिलकर 2024 में दिल्ली से बीजेपी का सफाया करना है.

होटल मालिक की हसीन बीवी, लुटेरा नौकर और बेचारे IG साहब…

साभार…

ये वाकया 90 के दशक का है। उत्‍तर प्रदेश के पुलिस महकमे में उन दिनों कानपुर के एक आईजी साहब बड़े मशहूर थे। उनके कारनामे लोग खूब चटखारे लेकर सुनते और सुनाया करते थे। उन्‍हीं दिनों एक इंस्‍पेक्‍टर साहब भी अपनी ईमानदारी और तेज दिमाग के लिए बेहद चर्चित थे। नाम था एसएस लौर। एक बार तत्‍कालीन डीजीपी से इंस्‍पेक्‍टर लौर की मुलाकात हुई। इस दौरान डीजीपी ने कहा – ‘आईजी साहब तुम्‍हारी बड़ी तारीफ करते हैं। क्‍या तुम वाकई इतना अच्‍छा काम करते हो।’ यह सुनकर इंस्‍पेक्‍टर लौर हंसने लगे। उन्‍होंने कहा – ‘आईजी साहब मेरी तारीफ क्‍यों करते हैं, ये बात मैं आपको नहीं बता सकता।’ पर डीजीपी साहब तो पीछे ही पड़ गए। बोले – ‘तुम्‍हें बताना ही पड़ेगा। जब तक बताओगे नहीं यहां से जाने नहीं दूंगा।’ अब इंस्‍पेक्‍टर लौर की मजबूरी बन गई। उन्‍होंने जब पूरी बात बताई तो डीजीपी साहब हंसते-हंसते लोटपोट हो गए। जाते समय कहा – ‘मुझे तो बता दिया पर आगे किसी और को न बताना।’ हालांकि ये किस्‍सा कभी मीडिया की सुर्खी नहीं बनी पर धीरे-धीरे पूरे पुलिस महकमे में फैल गई। जो भी सुनता था, पेट पकड़कर हंसने लगता था। 78 साल के सुरेंद्र सिंह लौर अब डीएसपी के पद से रिटायर हो चुके हैं। अपनी 40 साल की नौकरी में वे जिस भी थाने में तैनात रहे, अपने काम से लोगों को कायल बना लेते थे। कई बार ऐसा भी हुआ जब उनका ट्रांसफर होने पर लोग सड़कों पर उतर आए। एक यूट्यूब चैनल चलाने वाले पत्रकार उस्‍मान सैफी ने कानपुर के आईजी (इंस्‍पेक्‍टर जनरल ऑफ पुलिस) के कारनामों को लेकर एसएस लौर से लंबी बातचीत की है। लौर साहब ने जो किस्‍सागोई की है, उसे पढ़कर आपके होठों पर भी मुस्‍कुराहट तैर जाएगी। आइए आपको बताते हैं वो कहानी… 

मंडी के दुकानदारों से वसूली करता था दबंग


कानपुर का एक थाना है जूही। बतौर इंस्‍पेक्‍टर यहां एसएस लौर की तैनाती होती है। उनके पास आसपास के लोग आकर एक ही शिकायत करते थे। उनकी शिकायत थी कि स्‍थानीय मंडी में एक दबंग शख्‍स के चलते वे काफी परेशान हैं। वे यह भी बताते थे कि दबंग कानपुर जोन के आईजी का बहुत खास आदमी है। वह उन लोगों से अवैध वसूली करता है। इंस्‍पेक्‍टर लौर इस उधेड़बुन में फंस जाते हैं कि इस समस्‍या से कैसे निजात पाया जाए। एक दिन इंस्‍पेक्‍टर साहब भेष बदलकर मंडी जाते हैं। वह कुर्ता-धोती पहन लेते हैं ताकि आम आदमी नजर आएं। उनके आसपास सादी वर्दी में कई पुलिसवाले रहते हैं। एसएस लौर उस दंबग शख्‍स के पास पहुंचते हैं और दुआ-सलाम करते हैं। कहते हैं- ‘मेरे पास कोई काम नहीं है। अगर कोई काम दिला सकें तो बड़ी मेहरबानी होगी।’ उस शख्‍स ने कहा- ‘तुम क्‍या कर सकते हो।’ लौर बोले- ‘आपके पास जो भी काम हो मुझे दे दीजिए।’ दबंग ने कहा- ‘इस समय सावन का महीना चल रहा है। बेलपत्रों की बड़ी मांग है। इसलिए तुम ये काम कर लो। इसके बदले तुम्‍हें हर रोज मुझे 20 रुपये देने पड़ेगे।’ जब लौर ने पूछा-‘ 20 रुपये किस बात के लिए।’ तो दबंग ने कहा- ‘इस मंडी में ऐसे ही वसूली होती है। ऐसा कोई आढ़ती, दुकानदार और फल विक्रेता नहीं जो हर रोज मुझे पैसा न देता हो।’

लोग हो गए इंस्‍पेक्‍टर लौर के तेज दिमाग के कायल


दबंग व्‍यक्ति का इतना कहना ही था कि इंस्‍पेक्‍टर लौर ने उसके हाथ पकड़ लिए। यह देखते ही आसपास सादी वर्दी में खड़े पुलिसकर्मी तुरंत दौड़कर आते हैं। पुलिसवाले उस दबंग के हाथ में हथकड़ी डालते हैं और भरी मंडी में उसे पैदल लेकर चलते हैं। कहते हैं कि कानपुर की ये मंडी उस जमाने में एशिया की सबसे बड़ी मंडी थी। पुलिस दबंग को जूही थाने लेकर आती है। इसी बीच, इंस्‍पेक्‍टर लौर के पास आईजी का फोन आ जाता है। वे कहते हैं- ‘अरे लौर साहब, आप किसको पकड़ कर ले आए हैं। ये हमारे बहुत खास आदमी हैं। इनको छोड़ दीजिए।’ इस पर लौर कहते हैं- ‘ये आपके खास आदमी तो हैं पर वहां भरी मंडी में सबके सामने चिल्‍लाकर बता रहे थे कि अभी हाल ही में आईजी साहब की बेटी की शादी हुई थी। उसमें उन्‍होंने ढेर सारी सब्जियां और फल भिजवाई थी।’ यह सुनकर आईजी साहब को गुस्‍सा आ गया। बोले- ‘उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज करो और जेल भेज दो।’ तो देखा न आपने। इंस्‍पेक्‍टर एसएस लौर ने किस तरह एक चाल चली जिसमें वह पूरी तरह कामयाब हो गए। पूरी मंडी के लोग उस दबंग से परेशान थे। उसके जेल जाने से हर किसी ने राहत की सांस ली। अपने इस काम से इंस्‍पेक्‍टर लौर आम जनता में बेहद लोकप्रिय हो गए।

फिर कानपुर के होटल में हो जाता है कांड


कुछ दिनों बाद कानपुर में एक कांड हो जाता है। शहर के बड़े होटल में लूट की वारदात हो जाती है। होटल का मालिक जूही थाने में पहुंचा। उसने बताया कि चोर लाखों के जेवरात के साथ नकदी भी लूट ले गया है। इस पर इंस्‍पेक्‍टर एसएस लौर कहते हैं- आप लिखित में शिकायत दे दीजिए। हम पता लगाते हैं।’ शिकायत देने में होटल मालिक को तीन दिन का समय लग जाता है। जांच पड़ताल में पता चलता है कि इस लूट के पीछे होटल मालिक के घर में काम करने वाले एक नौकर का ही हाथ है। नौकर मौका पाकर लाखों रुपये और जेवर वगैरह बांधकर फरार हो गया था। अब पुलिस के सामने उस नौकर को पकड़ना बड़ी चुनौती बन गई। दिन बीतते गए पर नौकर का कुछ पता नहीं चल पा रहा था। लोगों का दबाव बढ़ता जा रहा था कि इतने बड़े होटल में चोरी हुई है और पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठी हुई है।

होटल मालिक की बीवी के खूबसूरती के चर्चे थे आम


एसएस लौर बताते हैं कि उस होटल मालिक की बीवी बहुत सुंदर थी। उसकी खूबसूरती के चर्चे पूरे शहर में आम थे। एक दिन इंस्‍पेक्‍टर लौर के पास फिर आईजी साहब का फोन आ जाता है। कहते हैं- ‘जल्‍द से जल्‍द मेरे ऑफिस आइए।’ इंस्‍पेक्‍टर लौर ऑफिस पहुंचे। वहां उन्‍होंने देखा कि आईजी के साथ एक बेहद खूबसूरत महिला बैठी हुई है। वह कोई और नहीं बल्कि होटल मालिक की बीवी थी। इंस्‍पेक्‍टर लौर को समझते देर न लगी कि उन्‍हें क्‍यों तलब किया गया है। इंस्‍पेक्‍टर लौर के वहां पहुंचते ही आईजी साहब डांटना शुरू कर देते हैं। कहते हैं- ‘आप अपना काम ठीक से नहीं कर रहे हैं। इतने दिन हो गए पर अब तक चोरी करने वाले नौकर को नहीं पकड़ पाए हैं। जल्‍द से जल्‍द उसे अरेस्‍ट करिए, नहीं तो मैं आपका ट्रांसफर कर दूंगा।’ आईजी का रौद्र रूप देखकर इंस्‍पेक्‍टर लौर हर तरफ अपना जाल बिछा देते हैं। आखिरकार तीन-चार दिन बाद ही लुटेरा नौकर पुलिस के चंगुल में फंस जाता है। नौकर से पूछा जाता है कि आखिर उसने चोरी क्‍यों की। इस पर नौकर जो बताता है उसे सुनकर इंस्‍पेक्‍टर के कान खड़े हो जाते हैं।

नौकर को कमरे में बुलाती थी मालिक की बीवी


नौकर ने बताया कि वह होटल मालिक की बीवी से तंग आ चुका था। वह रोज रात को जब मालिक सो जाया करता था, उसे अपने कमरे में बुला लिया करती थी। एक दिन उसने इस बला से छुटकारा पाने का प्‍लान बनाया और लाखों रुपये और जेवरात समेटकर चंपत हो गया। इसी दौरान नौकर एक चौंकाने वाली बताता है। वह इंस्‍पेक्‍टर लौर से कहता है-‘साहब, आपने मेरा कसूर तो देख लिया पर आईजी साहब को कौन दंड देगा। वह भी तो आए दिन होटल मालिक की बीवी से मिलने आते हैं और उसके साथ रात बिताते हैं।’ यह सब सुनकर इंस्‍पेक्‍टर पसोपेश में पड़ जाते हैं कि अब करें तो क्‍या करें? इसी बीच, उनके पास आईजी का फोन आ जाता है। वह पूछते हैं- ‘आरोपी गिरफ्तार हुआ या नहीं।’ इंस्‍पेक्‍टर लौर कहते हैं- ‘हां, वह चोर को पकड़ने के बेहद करीब पहुंच चुके हैं।’ आईजी साहब कहते हैं- ‘मुझे इन सारी बातों से मतलब नहीं। मुझे वह चोर हर हाल में चाहिए।’ अब इंस्‍पेक्‍टर लौर नौकर को अपनी गाड़ी में बैठाते हैं और सीधे आईजी के ऑफिस धमक पड़ते हैं। इत्‍तेफाक से उस दिन वहां उनका बेटा भी मौजूद था। इंस्‍पेक्‍टर लौर कहते हैं- ‘मैं चोरी करने वाले नौकर को पकड़कर लाया हूं। वह आपके सामने बताएगा कि उसने चोरी कैसे और क्‍यों की। अगर आपको एतराज न हो तो बेटे को कमरे से बाहर भेज दीजिए।’ आईजी साहब अपने बेटे को विभागीय कामों का हवाला देते हुए बाहर भेज देते हैं।

नौकर की बात सुन कुर्सी से उछल पड़े आईजी
इंस्‍पेक्‍टर लौर नौकर को आईजी के कमरे में ले आते हैं। चोर बताता है कि उसके और होटल मालिक की बीवी के बीच अफेयर था। फिर वह आईजी की तरफ इशारा कर कहता है-‘आप भी तो उससे मिलने आया करते थे और रात बिताया करते थे। वह मुझसे भी शारीरिक संबंध बनाती थी और आपसे भी। इसी बात से नाराज होकर ही मैंने लाखों रुपये चुराए थे और भाग गया था।’ इतना सुनते ही आईजी साहब को काटो तो खून नहीं। वह स्प्रिंग की तरह अपनी कुर्सी से उछल पड़े। नौकर से बोले- ‘अब ये बात किसी को पता नहीं चलनी चाहिए। ये बात सिर्फ तुमको, मुझको और इंस्‍पेक्‍टर लौर तक ही सीमित रहनी चाहिए।’ आईजी साहब इंस्‍पेक्‍टर लौर से बड़ी मिन्‍नतें करते हैं। कहते हैं- ‘अगर ये बात बाहर किसी को पता चल गई तो बड़ी बदनामी हो जाएगी।’ इस पर इंस्‍पेक्‍टर बोलते हैं- ‘साहब, आजकल मीडिया वालों से कुछ भी छिपा पाना बहुत मुश्किल होता है पर मैं कोशिश करूंगा।’

और आईजी साहब जपने लगे इंस्‍पेक्‍टर लौर के नाम की माला


बस, अब क्‍या था। इस कांड के बाद आईजी साहब इंस्‍पेक्‍टर लौर के नाम की माला जपने लगे। वह अपने जोन में आने वाले जिलों चाहे इटावा या हो मैनपुरी, पुलिस अफसरों की हर छोटी-बड़ी मीटिंग में इंस्‍पेक्‍टर लौर की तारीफ करते नहीं थकते थे। कहते थे- ‘सुरेंद्र सिंह लौर जैसा इंसान मैंने अपनी जिंदगी में नहीं देखा। वह बहुत ईमानदारी से काम करते हैं। उनके काम करने का तरीका बहुत शानदार होता है।’ इंस्‍पेक्‍टर लौर की तारीफ करने के पीछे आईजी साहब का जो मकसद था, वह यही था कि कहीं वे उनकी पोल न खोल दें। इसलिए जब यूपी के डीजीपी ने यह किस्‍सा सुना तो उनके मुंह से भी बेसाख्‍ता हंसी फूट पड़ी। उन्‍होंने इंस्‍पेक्‍टर लौर से कहा- ‘भाई ये बात किसी और को मत बताना। नहीं तो आईजी साहब की बड़ी बदनामी हो जाएगी।’

एमएलसी, नगर पालिका चुनाव में प्रत्याशी खड़े करेगी भाजपा: भूपेंद्र चौधरी

2024 के चुनाव सहित नगर निकाय और एमएलसी चुनाव में अपने प्रत्याशी खड़े करेगी बीजेपी। प्रदेश अध्यक्ष ने थपथपाई जिला पंचायत अध्यक्ष साकेंद्र प्रताप की पीठ।
जिला पंचायत अध्यक्ष साकेंद्र प्रताप का बढ़ा कद।

बिजनौर। बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी ने बिजनौर जिले के एक दिवसीय कार्यक्रम के दौरान जिला पंचायत कार्यालय भवन का शुभारंभ करते हुए फीता काटा। साथ ही पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस पहुंचकर 2024 के चुनाव सहित नगर निकाय और एमएलसी चुनाव को लेकर बड़ी बात कही। प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि एमएलसी, नगर पालिका के चुनाव को लेकर बीजेपी अबकी बार अपने प्रत्याशी खड़े करेगी। साथ ही साथ अबकी बार नगर निकाय के चुनाव में बीजेपी सभी सीटों पर जीत दर्ज करेगी।

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी बिजनौर के पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस पर पहुंचे और वहां पर प्रेस वार्ता की। प्रेस वार्ता के दौरान भूपेंद्र चौधरी ने 2024 के चुनाव को लेकर कहा कि बीते विधानसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश में बीजेपी ने ऐतिहासिक जीत हासिल की थी। साथ ही साथ अबकी बार 2024 में भी बीजेपी उत्तर प्रदेश के सभी 80 सीटों पर जीत हासिल करने का काम करेगी। 2019 में हुए लोकसभा चुनाव में बीजेपी ने 70 सीटों पर उत्तर प्रदेश में अपना कब्जा किया था। साथ ही साथ बीजेपी सबका साथ सबका विकास के साथ काम कर रही है। हाल फिलहाल में ही नगर पालिका निकाय चुनाव सहित एमएलसी के चुनाव होने हैं, जिसमें कि बीजेपी हर वार्ड में प्रत्याशी उतारकर नगर निकाय को जीतने का काम करेगी। वहीं सरकार द्वारा चल रही सभी जन कल्याणकारी योजनाओं के बारे में जनता के बीच जाकर योजनाओं की जानकारी देने का काम करेगी। बीजेपी के सभी कद्दावर नेता जनता के बीच जाकर प्रदेश सरकार व केंद्र सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं के आधार पर 2024 के लोकसभा चुनाव में जनता से वोट मांगने की अपील करेंगे। इसके बाद प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी जिला पंचायत कार्यालय पहुंचे। उन्होंने वहां पर बने नए भवन का लोकार्पण किया। अध्यक्ष ने जिला पंचायत अध्यक्ष साकेंद्र प्रताप की पीठ थपथपाई और हर प्रकार से सहयोग का भरोसा दिलाया।

BJP प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी ने किया यूपी की 80 सीट जीतने का दावा

ब्रेकिंग न्यूज़, दिव्य विश्वास

बिजनौरभाजपा प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी पहुंचे बिजनौर।
PWD गेस्ट हाऊस में प्रदेश अध्यक्ष ने की प्रेस वार्ता।
2024 लोकसभा चुनाव में यूपी की 80 सीट जीतने का किया दावा।


MLC व नगर निकाय चुनाव में हर वार्ड में भाजपा उतारेगी कैंडीडेट-भूपेंद्र चौधरी।
जन~जन तक सरकार की कल्याणकारी योजनाओं को दी जाएगी जानकारी-भूपेंद्र चौधरी।

युवा पत्रकार भूपेंद्र निरंकारी के बड़े पुत्र वैभव कुमार का सम्मान

बिजनौर। नागरिक अधिकार एवं विकास समिति बिजनौर के तत्वाधान में वीरा इंजीनियरिंग कॉलेज में स्वर्गीय श्री आत्म प्रकाश गुप्ता जी की स्मृति में हुए मेधावी छात्र सम्मान समारोह सन 2022 का आयोजन किया गया।

इस अवसर पर युवा पत्रकार भूपेंद्र निरंकारी के बड़े पुत्र वैभव कुमार को इसी वर्ष हुई कक्षा 12 की बोर्ड परीक्षा में डीएवी इंटर कॉलेज विदुर कुटी रोड बिजनौर में कॉलेज टॉप करने पर प्रशस्ति पत्र व शील्ड देकर सम्मानित किया गया। मालूम हो कि वैभव कुमार ने कक्षा 10 डीएवी इंटर कॉलेज से टॉप की थी और विद्यालय में प्रथम स्थान प्राप्त किया था।

एक छोटी सी लौंग खत्म कर सकती है जिंदगी की उथल-पुथल

एक छोटी सी लौंग खत्म कर सकती है आपकी जिंदगी की उथल-पुथल, जानें चमत्कारिक उपाय…

ग्रह-नक्षत्रों की दशा और दिशा का प्रभाव हर व्यक्ति पर पड़ता है. ज्योतिष शास्त्र में कई ऐसे उपाय बताए गए हैं, जिनके इस्तेमाल से ग्रहों को शांत किया जा सकता है. छोटी सी लौंग ना सिर्फ सेहत के लिए फायदेमंद है बल्कि इससे जुड़े ज्योतिष उपाय भी विशेष लाभ दिलाते हैं. धन लाभ, संकटों से छुटकारा पाने और भाग्य को मजबूत करने के लिए लौंग के टोटके बहुत उपयोगी माने जाते हैं. जानिए लौंग से जुड़े कुछ खास टोटके और उपायों के बारे में-

लौंग के टोटके से राहु-केतु का बुरा प्रभाव कम किया जा सकता है. कुंडली में राहु-केतु दोष है तो आपको हर शनिवार को लौंग का दान करना चाहिए


शिवलिंग पर भी अर्पित कर सकते लौंग~

आप शिवलिंग पर भी लौंग अर्पित कर सकते हैं. 40 दिनों तक लगातार ऐसा करने से सारे बुरे प्रभाव खत्म होते हैं.


घर से बाहर निकलते वक्त मुंह में रखें दो लौंग~

काम से बाहर जा रहे हैं तो घर से बाहर निकलते वक्त मुंह में दो लौंग रखकर निकलें. अपने इष्टदेव का ध्यान करते हुए उस कार्य में सफलता के लिए प्रार्थना करें. ऐसा करने से आपको उस कार्य में सफलता मिल सकती है.
हनुमान दीपक में डालें लौंग


हनुमान दीपक में डालें लौंग~

सफलता नहीं मिले तो मंगलवार को हनुमानजी की मूर्ति पर चमेली के तेल का दीपक जलाएं. दीपक में दो लौंग डाल दें और इसके बाद हनुमान चालीसा का पाठ और आरती करें. ऐसा लगातार 21 मंगलवार तक करने से आपको मेहनत का फल मिलेगा.

आर्थिक तंगी होगी दूर~
घर में आर्थिक तंगी रहती है तो माता लक्ष्मी को गुलाब के फूलों के साथ दो लौंग भी पूजा में अर्पित करें. इसके अलावा एक लाल रंग के कपड़े में 5 लौंग और 5 कौड़ियों बांधकर तिजोरी या फिर अलमारी में रख दें. ऐसा करने से मां लक्ष्मी की कृपा होती है और घर में धन का आगमन होता है.

उधार पैसे वापस लाने के लिए~
अगर कोई व्यक्ति आपके द्वारा दिए गए पैसे वापस करने में आनाकानी कर रहा है तो अमावस्या या फिर पूर्णिमा के दिन रात के समय 21 लौंग कपूर में रखकर जला दें और मां लक्ष्मी का ध्यान करते हुए हवन कर लें. ऐसा करने से राहु केतु का दुष्प्रभाव कम हो जाएगा.

बीएलओ ने एसडीएम को दी देख लेने की धमकी

लापरवाह बीएलओ ने दी एसडीएम को देख लेने की धमकी, रिकॉर्डिंग हुई वायरल। मतदाता कार्य में रुचि न लेने पर एसडीएम किशनी ने बीएलओ को किया था फोन। एसडीएम के मतदाता पुनरीक्षण कार्य में रुचि न लेने की बात कहने पर भड़का बीएलओ। बीएलओ ने एसडीएम को जमकर दी धमकी, कार्रवाई करने पर एसडीएम को अंजाम भुगतने की दी चेतावनी। बीएलओ का नाम पवन कुमार बताया जा रहा है।

मैनपुरी। एसडीएम किशनी राम नारायण को बीएलओ द्वारा धमकी देने की ऑडियो वायरल हुई है। मामला संज्ञान में आने के बाद जिलाधिकारी ने बीएलओ को निलंबित करने के साथ ही जांच शुरू करा दी है।

दरअसल एसडीएम किशनी राम नारायण ने बीएलओ पवन कुमार को मतदाता पुनरीक्षण कार्य में प्रगति जानने के लिए फोन किया था। बातचीत के दौरान एसडीएम ने मतदाता पुनरीक्षण कार्य में रुचि न लेने की बात कह दी तो बीएलओ भड़क उठा। बीएलओ ने एसडीएम को जमकर धमकी दी। यही नहीं कार्रवाई करने पर एसडीएम को अंजाम भुगतने की चेतावनी भी दे डाली। पवन कुमार बीएलओ सहायक अध्यापक बताया गया है। दोनों के बीच की बातचीत का ऑडियो वायरल होने के बाद प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया। जिलाधिकारी ने तत्काल प्रभाव से बीएलओ पवन कुमार को निलंबित करने के साथ ही जांच शुरू करा दी है।

चांदपुर पुलिस ने दबोचा नशीले पदार्थों का तस्कर

बिजनौर। थाना चांदपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने नशीले पदार्थ तस्करी करने वाले अभियुक्त को भारी मात्रा में नशीले पदार्थ के साथ गिरफ्तार कर लिया है।

एसपी दिनेश सिंह ने बिजनौर में नशीले पदार्थों की बिक्री करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने को निर्देशित किया हुआ है। जनपद भर की पुलिस अपने स्तर पर कार्रवाई कर भी रही है। इसी क्रम में थाना चांदपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने चलूंगा के दौरान धनौरा फाटक के पास से अभियुक्त राजन उर्फ राजू को भारी मात्रा में नशीले पदार्थों के साथ गिरफ्तार कर लिया।

एसपी ग्रामीण राम अर्ज ने प्रेस वार्ता कर घटना का खुलासा करते हुए बताया कि अभियुक्त को गिरफ्तार कर जेल भेजा रहा है और अन्य विधिक कार्रवाई कराई जा रही है।

बिजनौर पुलिस ने पकड़े 3 शातिर वाहन चोर

बिजनौर। पुलिस ने वाहन चोर गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए चोरी की 7 मोटरसाइकिल और अवैध शस्त्रों सहित 3 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह के निर्देश पर बिजनौर में अपराध और अपराधी के विरूद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना कोतवाली शहर पुलिस को बड़ी सफलता मिली। पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर चैकिंग के दौरान चांदपुर चुंगी सिरधनी रोड से तीन अभियुक्त जाहिद, शोएब और सानू को गिरफ्तार कर लिया। उनकी निशानदेही पर चोरी की 7 मोटर साइकिल व अवैध शस्त्र बरामद किए गए हैं। पुलिस का कहना है कि शातिर चोर जनपद बिजनौर के विभिन्न थाना क्षेत्रों से मोटरसाइकिल चोरी कर बेचने का कार्य करते हैं। एसपी सिटी डा. प्रवीण रंजन सिंह ने बताया कि तीनों अभियुक्तों को जेल भेजा रहा है और अन्य विधिक कार्रवाई कराई जा रही है।

बिजनौर में दिनदहाड़े एक और मकान से लाखों की चोरी

इस बार फिर निशाना बना व्यापारी। इससे पहले मेडिकल स्टोर से भी हो चुकी है दिनदहाड़े चोरी की वारदात। हाथ पर हाथ धरे बैठी है पुलिस।

बिजनौर। जिला मुख्यालय पर चोरों का दुस्साहस इतना बढ़ चुका है कि नई बस्ती के अंदर कुछ ही दिनों के अन्तराल पर एक और व्यापारी के घर में लाखों की चोरी को अंजाम दे डाला।

मोहल्ला नई बस्ती में व्यापारी अमित अरोड़ा अपने परिवार के साथ रहते हैं। घर के दूसरे हिस्से में उनके भाई प्रसून अरोड़ा भी रहते हैं। रविवार को उनकी माता संगीता अरोड़ा घर पर मौजूद थी। दोपहर 2:30 बजे वह ताला लगाकर नजदीक ही स्थित आश्रम में चली गईं। शाम 4 बजे घर लौटने पर उनको घर का ताला टूटा मिला। अंदर सभी कमरों, अलमारियों और लाॅकर का ताला टूटा हुआ था और सामान अस्तव्यस्त था। अमित अरोड़ा ने थाना शहर कोतवाली में वारदात की तहरीर दी है। तहरीर के अनुसार चोर घर में रखे अस्सी हजार की नकदी और लाखों की ज्वेलरी ले गए।

व्यापरियों ने जताया रोष
दिनदहाड़े चोरी की वारदात पहली बार नहीं है। कुछ ही दिन पहले नई बस्ती निवासी व्यापारी चिराग अग्रवाल के घर को भी चोरों ने ऐसे ही निशाना बनाया था। उस वारदात का खुलासा करने में पुलिस अभी तक नाकाम रही है। व्यापारियों ने चोरी की वारदातों पर रोष जताते हुए शीघ्र खुलासे की मांग की है।

इससे पहले शुक्रवार शाम साढ़े चार बजे गंज तिराहा नूरपुर रोड स्थित दिनेश मेडिकल स्टोर से ₹20 हजार और कीमती दवाइयां चोरी हो गई। बुलाने पर जाटान पुलिस चौकी से कांस्टेबल संदीप चौधरी और पंकज चौधरी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल पर छूटी चोरों की बाइक को उठाकर चौकी ले गए। इस बीच चोरों में से एक अपनी बाइक लेने वहां पहुंचा तो जनता के सहयोग से उसे पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया। पीड़ित ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उसकी तहरीर अपने पास रख कर मनमुताबिक दूसरी लिखवा ली।

मुख्यमंत्री के विरुद्ध अशोभनीय टिप्पणी करने वाले राशन डीलर को बचाने में लगा है पूर्ति विभाग

बिजनौर। मुख्यमंत्री के विरुद्ध अशोभनीय टिप्पणी करने वाले राशन डीलर को बचाने में लगा है पूर्ति विभाग बिजनौर। नगीना तहसील क्षेत्र के गाँव तुखमापुर हरवंश के ग्रामीणों ने भाजपा जिलाध्यक्ष को प्रेषित पत्र में राशन डीलर द्वारा प्रति यूनिट एक किलो कम राशन दिये जाने का आरोप लगाते हुए उक्त डीलर के विरुद्ध कार्यवाही कराये जाने की मांग की है।
जानकारी के अनुसार दिये गए प्रार्थना पत्र में कहा गया है कि सपा समर्थक राशन डीलर इमरान ने विभाग से मिलीभगत करके गाँव तुखमापुर हरवंश के हिन्दू मजदूरों व भाजपा कार्यकर्ताओं के नाम से बने राशनकार्ड कटवा दिये हैं। जब इस सम्बन्ध में राशन डीलर इमरान की शिकायत शपथ पत्रों के साथ उपजिलाधिकारी नगीना तथा जिलाधिकारी बिजनौर को की गई कि राशन डीलर प्रति यूनिट एक किलो कम दे रहा है तथा हमारे राशनकार्ड भी कटवा दिये गये हैं। इस शिकायत पर कोई कार्यवाही नहीं की गई है। शिकायतकर्ता ग्रामीणों की मांग है कि भ्रष्ट राशन डीलर की दुकान बर्खास्त कर उसके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाए। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि राशन डीलर इमरान ने मुख्यमंत्री योगी जी के विरुद्ध भी अशोभनीय टिप्पणी की है, जिसकी रिकार्डिंग भी हमारे पास मौजूद है।
गौरतलब है कि जिले में राशन डीलरों द्वारा राशन कम दिये जाने का मामला बिजनौर दौरे पर आये प्रभारी मन्त्री के सामने भी उठ चुका है जिस पर मन्त्री द्वारा इस मामले में कार्यवाही करने का भरोसा भी दिया गया था पर कोई कार्यवाही नहीं की गई। ये भी कडुवी सच्चाई है कि मुख्यमंत्री हर विषय पर गम्भीर प्रयास करते दिखाई देतें है, वहीं मन्त्री खानापूर्ति कर जनशिकायतों को गम्भीरता से नहीं लेते हैं। राशन कम वितरण किये जाने की जानकारी जिला प्रशासन को होने के बावजूद कोई कार्यवाही नहीं की जाती है। सप्लाई विभाग भ्रष्टाचार का पर्याय बन चुका है, जहां शिकायत होने पर राशन डीलर को बचाने का खेल शुरू हो जाता है। कम राशन वितरण की बंदरबांट में प्रति माह लाखों का खेल किया जाता है जिसमें सभी के हाथ काले हैं, इसलिए विभाग के साथ ऊपर तक शिकायत पर लीपापोती कर दी जाती है। आम व्यक्ति आखिर इस व्यवस्था के कारण टूट हार थक घर बैठ जाता है भुक्तभोगी ग्रामीणों का कहना है कि इस विवशता को भ्रष्टाचार मुक्त सरकार ही महसूस कर सकती है।

दहेज हत्या के आरोपी सिपाही को बचा रही पुलिस!

बिजनौर। दो दिन पहले पति और ससुराल वालों की प्रताड़ना से विवाहिता की मौत के मामले में आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर दर्जनों ग्रामीणों के साथ परिजन थाने पहुंचे। उन्होंने सीओ और कोतवाल से मिलकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।

कोतवाली शहर के तिमरपुर के रहने वाले सुनील कुमार की बेटी तनु चौधरी की शादी 11 साल पहले नूरपुर के गांव नंगली पथवारी के रहने वाले विशाल पत्र जयपाल के साथ हुई थी। आरोपी पति विशाल यूपी पुलिस में कांस्टेबल है और वह रामपुर में तैनात है। मृतका के परिजनों का आरोप है कि तनु के ससुराल वाले उसे बहुत प्रताड़ित करते थे और उसके साथ मारपीट भी करते थे, साथ ही दहेज की मांग करते थे। इसी प्रताड़ना के चलते 24 सितंबर को उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई थी। पोस्टमार्टम हाउस पर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर परिजनों ने काफी हंगामा किया। तब पुलिस ने परिजनों की तहरीर पर पति विशाल, ससुर जयपाल, ज्योति, पूनम और देवेश के खिलाफ धारा 498 ए 323, 328 और 302 का केस दर्ज कर लिया था। मृतका के भाई मानवेन्द्र चौधरी परिजनों और दर्जनों ग्रामीणों के साथ कोतवाली पहुंचे। शहर कोतवाली और सीओ ऑफिस पहुंचकर सीओ से मिलकर आरोपियों के खिलाफ जल्द कार्रवाई की मांग की। शहर कोतवाली प्रभारी रविंद्र वशिष्ठ ने बताया कि तहरीर के आधार पर केस दर्ज कर लिया गया है। साक्ष्य संकलन की कार्रवाई की जा रही है, जांच जारी है।

अब बिजनौर में “एक युद्व-नशे के विरुद्ध”


जिला बिजनौर को नशा मुक्त बनाने के लिए “एक युद्व-नशे के विरुद्ध। जिला प्रशासन ने छेड़ा अभियान, समाज के सभी वर्गाें में अभियान को सफल बनाने एवं जनांदोलन का रूप देने के लिए करें सहयोग, नशा जहां एक ओर सामाजिक बीमारी है वहीं दूसरी और अपराध को प्रेरित करने का मुख्य कारक -जिलाधिकारी उमेश मिश्रा
जिले को नशा मुक्त बनाने में सभी का सहयोग अपेक्षित, पुलिस द्वारा नशे का अवैध करोबार करने वालों के विरूद्व अभियान संचालित, अवैध नशे का करोबार करने वाले तथा नशा करने वालों के सम्बन्ध में व्हाट्सऐप नम्बर 8650601010 फोन अथवा मैसेज कर जानकारी कराएं उपलब्ध-पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह

बिजनौर। जिलाधिकारी उमेश मिश्रा ने कहा कि नशा मानसिक बीमारी है, नशा करने वाला व्यक्ति मन और शरीर दोनों से बीमार होता है, जो न केवल स्वयं अपने लिए बल्कि अपने परिवार और समाज के लिए भी समस्याग्रस्त होता है। उन्होंने कहा कि नशा मुक्त एवं स्वस्थ समाज निर्माण के लिए सभी को सामुहिक प्रयास करने होंगे और जन आंदोलन के रूप में इस बुराई को खत्म करने के लिए एकजुट होकर कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि नशा जहां एक ओर सामाजिक बीमारी है वहीं दूसरी और अपराध के प्रेरित होने का मुख्य कारक है। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी विशेष रूप से छात्र एवं छात्राओं को इस मानसिक बीमारी से बचाने के लिए जागरूक एवं उनकी काउंसलिंग करने तथा उनके लिए स्वस्थ एवं स्वच्छ वातावरण सृजित करने की आवश्यकता है।

जिलाधिकारी उमेश मिश्रा कलक्ट्रेट स्थित महात्मा विदुर सभागार में स्वास्थ्य एवं शिक्षा विभाग के सहयोग से आयोजित नशा मुक्ति गोष्ठी की अध्यक्षता करते हुए अपने विचार व्यक्त कर रहे थे।
जिलाधिकारी ने बताया कि जिला प्रशासन के सहयोग से पुलिस विभाग द्वारा “एक युद्व-नशे के विरूद्व” स्लोगन के साथ नशीली दवाओं के दुरूपयोग और अवैध तस्करी के खिलाफ नशा मुक्ति जन जागृति अभियान शुरू किया गया है, जो बिजनौर को नशा मुक्त जिला बनाने के लिए जन सहभागिता के साथ संचालित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस आंदोलन में समाज के सभी वर्गाें को शामिल किया गया है ताकि उसे जन आंदोलन का रूप प्रदान किया जा सके। उन्होंने कहा कि नशा एक बीमारी है तथा नशा करने वाला मानसिक बीमारी से ग्रस्त है। उन्होंने कहा कि समाज में नशे की प्रवृति बढ़ती जा रही है, जिसके कारण युवा पीढ़ी को शारीरिक, मानसिक, आर्थिक व सामाजिक रूप से हानि पहुंच रही है। उन्होंने कहा कि नशे पर काबू पाकर न केवल अपराध कम किये जा सकते हैं, साथ ही समाज प्रगति के पथ पर अग्रसर हो सकता है। उन्होंने कहा कि जिला बिजनौर के लोगों को कर्तव्य के साथ-साथ समाज को नशा मुक्त करने हेतु सजग प्रहरी की भूमिका निभानी होगी।
उन्होंने बेसिक शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिये कि वह सभी विद्यालयों व कॉलेजों में नशे से होने वाले दुष्प्रभावों के बारे में पोस्टर, निबंध व स्लोगन प्रतियोगिता का आयोजन करें और अच्छा प्रदर्शन करने वाले छात्र एवं छात्राओं को पुरूस्कृत करें। यह भी कहा कि स्कूल एवं कॉलेजों द्वारा अभिभावकों को भेजे जाने वाले मैसेज में बच्चों को नशे से बचाने के लिए स्लोगन एवं चेतावनी भेजें और उन्हें अपने बच्चों के बैग चैक करने के लिए प्रेरित करें कि उसमें व्हाईट फ्लूड तो नहीं है, क्योंकि छात्र एवं छात्राओं द्वारा उसका प्रयोग नशे के लिए किया जा रहा है। उन्होंने व्हईटनर का दुरूपयोग रोकने के लिए बुक सेलर्स को निर्देश दिए कि बिना अभिभावकों के किसी भी बच्चे को व्हईटनर न दें और कोई दवाई विक्रेता बिना डाक्टर के दवाई के पर्चे के बिना युवाओं को सिरिंज न बेचें। उन्होंने जिला विद्यालय निरीक्षक को निर्देश दिये कि सभी स्कूल व कॉलेजों के प्रधानाचर्याें को निर्देशित करें कि अभिभावकों के साथ बैठक करें तथा नशे से होने वाले दुष्प्रभावों के बारे में उन्हें बताएं।

श्री मिश्रा ने मुख्य चिकित्साधिकारी को निर्देश दिए कि वर्तमान में संचालित संचारित अभियान के अंतर्गत होने वाली बैठकों में नशा मुक्ति अभियान को सफल बनाने के लिए घर-घर भ्रमण वाली टीमों को उक्त सम्बन्ध में आवश्यक प्रशिक्षण उपलब्ध कराएं ताकि वे जन सामान्य को जागरूक और सचेत करने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका अदा कर सकें।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक ने बताया कि जिले को नशा मुक्त बनाने में सभी का सहयोग अपेक्षित है। उन्होंने कहा कि पुलिस द्वारा नशे का अवैध करोबार करने वालों के विरुद्ध अभियान संचालित है तथा इसी के साथ युवा पीढ़ी को नशामुक्त करने के लिए काउंसलिंग की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी तथा आवश्यकतानुसार नशा मुक्ति केन्द्र अथवा सुधारगृह में भेजा जा सकता है। उन्होंने जन सामान्य का आह्वान किया कि नशे का करोबार करने वाले तथा नशा करने वाले व्यक्ति के सम्बन्ध में व्हाट्सऐप नम्बर 8650601010 फोन अथवा मैसेज करके उनके बारे में जानकारी उपलब्ध कराई जा सकती है। उन्होंने आश्वस्त करते हुए कहा कि उक्त नम्बर पर सम्पर्क करने वाले व्यक्ति के सम्बन्ध में जानकारी गोपनीय रखी जाएगी।

इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह, अपर जिलाधिकारी वि0/रा0 अरविंद कुमार सिंह, अपर पुलिस अधीक्षक डा0 प्रवीण रंजन, मुख्य चिकित्साधिकारी डा0 विजय कुमार गोयल, बेसिक शिक्षा अधिकारी जयकरण यादव, सहित डाक्टर्स, अधिवक्ता, व्यापारी संगठन, लायंस एवं रोटरी क्लब के प्रतिनिधि सहित अन्य संभ्रांत लोग उपस्थित थे।

टिक-टॉक प्रेमी पुलिस कर्मी की सीओ ने निकाली गर्मी

टिक-टॉक प्रेमी पुलिस कर्मी की सीओ ने निकाली गर्मी बिजनौर। चांदपुर थाने में तैनात पुलिस कर्मी के टिक-टॉक प्रेम की गर्मी सीओ ने निकाल दी है। वर्दी पहनकर फिल्मी गानों की रील बनाकर वीडियो वायरल करने वाले को अब घर बैठना होगा। दरअसल चांदपुर थाने में तैनात मुख्य आरक्षी पुष्पेन्द्र कुमार पर आरोप था कि वह वर्दी पहन कर थाने में ड्यूटी के दौरान अलग अलग फिल्मी गानों की रील बना कर सोशल मीडिया साइट टिक-टॉक पर अपलोड करता है। मामला सीओ के दरबार में आया तो जांच शुरू हुई। अंततः परिणाम यह निकला कि मुख्य आरक्षी पुष्पेन्द्र कुमार पुलिस विभाग की छवि धूमिल करने के साथ-साथ उच्चाधिकारीगण के आदेशों की अवहेलना एवं अनुशासनहीनता को प्रदर्शित करता है। इस कारण आज दिनांक 25 सितम्बर 2022 को पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह ने उक्त मुख्य आरक्षी को तत्काल प्रभाव से निलम्बित कर दिया है।

ये है पुलिस विभाग की आख्या___

नाम – पुष्पेन्द्र कुमार
पद – मुख्य आरक्षी
पीएनओ – 052021897
तैनाती – थाना चांदपुर
क्षेत्राधिकारी चांदपुर, जनपद बिजनौर द्वारा प्रस्तुत जांच आख्या दिनांकित 25.09.2022 के माध्यम से संज्ञानित तथ्य कि थाना चांदपुर, जनपद बिजनौर पर ड्यूटी के दौरान थाना कार्यालय में बावर्दी बैठकर अलग-अलग कई फिल्मी गानों पर रील बनाकर पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश के परिपत्र संख्याः 08/2017 दिनांकित मार्च 28, 2017 व परिपत्र संख्याः 53/2018 दिनांकित 04.10.2018 में निहित निर्देशों को दरकिनार करते हुए इसकी सोशल मीडिया पर टिक-टॉक की वीडियो वायरल होने का कृत्य पुलिस विभाग की छवि धूमिल करने के साथ-साथ उच्चाधिकारीगण के आदेशों की अवहेलना एवं अनुशासनहीनता को प्रदर्शित करता है। अतः आज दिनांक 25 सितम्बर 2022 को पुलिस अधीक्षक महोदय द्वारा उक्त मुख्य आरक्षी को तत्काल प्रभाव से निलम्बित किया जाता है।

वरिष्ठ नागरिक परिषद की महत्वपूर्ण बैठक में अहम फैसले

बिजनौर। वरिष्ठ नागरिक परिषद, पश्चिमी उत्तर प्रदेश बिजनौर की मासिक बैठक  पं. शिवराम शर्मा की अध्यक्षता में उनके शिवाशीष, नई बस्ती, बी 14, बिजनौर स्थित निवास पर नरेश कुमार अग्रवाल सेवानिवृत्त प्रोफेसर वर्धमान कॉलेज बिजनौर के संचालन व लेखा सिंह सेवानिवृत जज के संरक्षण मे आयोजित हुई। बैठक का शुभारंभ गायत्री मंत्र एवं ॐ प्रार्थना के संयुक्त पाठ के साथ हुआ। सर्वप्रथम अध्यक्ष ने सभी उपस्थित सदस्यों का स्वागत एवं अभिनन्दन किया। अध्यक्ष ने गत बैठक 27.08.2022 की कार्यवाही सभी सदस्यों के समक्ष रखी। सभी सदस्यों ने सर्वसम्मति से कार्यवाही का अनुमोदन एवं पुष्टि की। सभी सदस्यों ने अपने अपने विचार रखे तथा कविता पाठ भी किया। बैठक में सभी सदस्यों ने एक दूसरे को शारदीय नवरात्रों की शुभकामनाएं और बधाई दी। साथ ही माता रानी से सभी के अच्छे स्वास्थ्य, सुख-समृद्धि एवं आनंदमय जीवन व्यतीत करने हेतु प्रार्थना की। बैठक में शिवराम शर्मा, धर्मवीर शर्मा, बी.आर. मेहरा, नरेश कुमार अग्रवाल, श्रीमती हीरा देवी, श्रीमती आदेश कुमारी शर्मा, डा. राजेन्द्र कुमार शर्मा, लेखा सिंह आदि उपस्थित रहे। बैठक को सफल बनाने में प्रथमा यू.पी.ग्रामीण बैंक में कार्यरत राजीव कुमार शर्मा का विशेष योगदान रहा। बैठक का समापन सामूहिक प्रार्थना एवं शांति पाठ के साथ हुआ। अन्त में अध्यक्ष ने सभी सदस्यों का आभार व्यक्त किया।

बेइंतहां इंतजार: झालू हृदयानंद क्रीड़ा स्थल पर लटका ताला खुलेगा कब?

झालू हृदयानंद क्रीड़ा स्थल को आमजन ने की सुचारू कराने की मांग

लाखों रुपए की लागत से तैयार क्रीड़ा स्थल बना शो पीस

बिजनौर। झालू नगर के प्राईवेट बस स्टैंड के निकट स्थित पंडित हृदयानंद क्रीड़ा मैदान बदहाल स्थिति में है। मिनी स्पोर्ट स्टेडियम का निर्माण खेलकूद व्यायाम आदि के लिए हुआ था। बताया जाता है कि सरकारी मशीनरी की सुस्त नीति से मिनी स्टेडियम का निर्माण आठ वर्ष बाद भी सरकारी फाइलों में उलझा हुआ होने से पूरा नहीं हो पाया है। वर्तमान में कीड़ा स्थल पर ताला लटका हुआ है। बुजुर्ग, युवा, महिलाए, छोटे-छोटे बच्चे क्रीड़ा स्थल में व्यायाम, खेलकूद के अभ्यास से वंचित है।

सरकारी फाइलों में फंसा मामला:
कस्बा झालू में बस स्टैंड के समीप स्थित पंडित हृदयानंद क्रीड़ा स्थल का निर्माण सरकारी फाइलों में फंसने से अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहा है। मिनी स्पोर्ट्स स्टेडियम का निर्माण समय सीमा के अंतर्गत होने के लिए हुआ था। इसके बावजूद समय सीमा समाप्त होने के उपरांत भी मिनी स्पोर्ट्स स्टेडियम का आज तक निर्माण पूरा नहीं हो पाया। लाखों रुपए की लागत से बना मिनी स्पोर्ट्स स्टेडियम शो पीस बनकर रह गया है। मॉर्निंग वॉक पर निकलने वाले बुजुर्गों महिलाओं व बच्चों को स्टेडियम के गेट पर ताला लगा देखकर निराश होकर लौटना पड़ता है। मिनी स्पोर्ट्स स्टेडियम में खेलकूद के लिए लगाई गई सामग्री भी धूल चाट रही है। वहीं मिनी स्पोर्ट्स स्टेडियम में खेल के मैदान के साथ-साथ व्यायाम व छोटे बच्चों के लिए खेलकूद की सामग्री का भी निर्माण कराया गया, जिससे बुजुर्ग महिलाएं छोटे-छोटे बच्चे खेल मैदान में योग व्यायाम दौड़ अभ्यास से वंचित हो रहे हैं।

इस मामले में पुष्पेंद्र अग्रवाल, उमेंद्र अग्रवाल, सुमन, सुनीता, मोहम्मद जावेद, बीना, संध्या, रचित अग्रवाल, इति, सौरभ अग्रवाल, बलवंत वैशाली देवी सुधा, रामपाल सिंह, प्रदीप आदि का कहना है कि मॉर्निंग वॉक के लिए सुबह के समय से ही सड़कों पर वाहनों का अधिक आवागमन होने से प्रदूषण व सड़क हादसे हो जाते हैं जिसके चलते हम सुरक्षा की दृष्टि से पंडित हृदयानंद क्रीड़ा स्थल के अंदर मॉर्निंग वॉक, व्यायाम, योगा आदि करने के लिए जाने का प्रयास करते हैं तो क्रीड़ा स्थल के मेन गेट पर ताला लगा देख कर हमें निराश होकर लौटना पड़ता है। उन्होंने प्रशासन से शीघ्र ही हृदयानंद क्रीड़ा स्थल का उद्घाटन कर शुरू करने की मांग की है।

साजन सिंह एडवोकेट का कहना है कि सरकारी मशीनरी के सुस्त रवैया के कारण हृदयानंद कीड़ा स्थल का अभी तक प्रारंभ ना होना दुर्भाग्यपूर्ण है।

डॉ शुजाउद्दीन ने बताया कि वह वॉलीबॉल के खिलाड़ी रह चुके हैं। सन 1985 में बॉलीबॉल टूर्नामेंट में जिला स्तर पर ट्रॉफी जीती थी। तब के समय में भी खिलाड़ियों को खेलने के लिए कस्बा झालू में मैदान उपलब्ध नहीं थे, और आज भी खिलाड़ियों को खेलने के लिए इधर उधर मैदानों में जाना पड़ता है। इस कारण खिलाड़ियों में खेल के प्रति रुचि कम हो रही है।

डॉक्टर जीसी राय बंगाली ने बताया कि वह फुटबॉल खिलाड़ी रह चुके हैं। झालू में मिनी स्टेडियम न चलने से खिलाड़ियों की प्रतिभा पर अंकुश लग रहा है। उन्होंने प्रशासन से स्टेडियम को शीघ्र चालू करने की मांग की।

अख्तर हुसैन का कहना है कि लगभग पिछले 35 वर्षों से क्रिकेट खेल रहे हैं। झालू में स्पोर्ट्स स्टेडियम न होने से खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा को उजागर करने में बहुत परेशानी पड़ती है। वह अनेक बार नगर पंचायत प्रशासन से मिनी स्पोर्ट्स स्टेडियम को शीघ्र चालू करने की मांग कर चुके हैं।

झालू निवासी शादाब नजर वर्तमान में एयरपोर्ट्स में एयर फोर्स में तैनात हैं तथा एयरफोर्स की तरफ से रणजी ट्रॉफी में खेल रहे हैं। उनके भाई खालिद परवेज व शरीक परवेज बताते हैं कि उनके भाई शादाब नजर को झालू में खेल का मैदान न होने के कारण अभ्यास करने में बहुत कठिनाई का सामना करना पड़ता था। अभ्यास करने के लिए जिला मुख्यालय पर स्टेडियम में जाना पढ़ता था।

एडवोकेट साजन सिंह

कमजोर लोगों को नीचा दिखाना और उनके साथ बदसलूकी…!!

कुछ बड़े लोग कमजोर लोगों को नीचा दिखाते और उनके साथ करते बदसलूकी…!!

जो दूसरों के घर का सहारा बनते उनकी इज्जत और मान सम्मान से नहीं होना चाहिए खिलवाड़

काम के एवज में मिलना चाहिए उन्हें सम्मान और मेहनताना..!

समानता और बराबरी की बात अब सिर्फ कागजी..!!

तस्लीम बेनकाब, मुजफ्फरनगर

कभी गार्ड को थप्पड़ मारना, कभी घर मे काम करने वाली महिला व बच्ची के साथ दुर्व्यवहार और मारपीट, कभी गंदी मानसिकता का ओछापन दिखाते हुए काम करने वाली महिलाओं के साथ छेड़छाड़ करना…ऐसी ही कुछ घटनाएं लगातार हमारे कथित सभ्य समाज पर प्रश्नचिह्न खड़े करती हैं! हमें यह सोचने की जरूरत है कि क्या एक गरीब व्यक्ति का मान सम्मान नहीं होता। काम के एवज में चंद पैसे देने वाले कुछ बड़े घरों के लोग कमजोर लोगों को नीचा दिखाने और उनके साथ बदसलूकी करने में तनिक देर नहीं लगाते, जबकि उन्हें पता होता है कि घर की सुरक्षा से लेकर साफ सफाई तक सब यही कामगार करते हैं। क्या यह एक आभिजात्य अहं की वजह से होता है? क्या इस तरह कुंठाओं के रहते कोई खुद के सभ्य होने का दावा कर सकता है? देखा जाए तो यह सामंती मानसिकता का परिचायक है!आज कल बहुत सारे घरों में नौकर रखने का चलन तो बढ़ रहा है लेकिन बिना किसी सुविधा के कम वेतन पर काम कराया जाता है। यहां तक कि कई बार बंधुआ मजदूर बना कर लोगों को रखा जाता है। घरेलू कामकाज को आज भी अन्य कामों की तरह नहीं समझा जाता। यहां तक कि समाज में भी इस काम को कोई इज्जत नहीं दी जाती और इस काम की आड़ में सबसे ज्यादा किसी का शोषण होता है तो वे महिला मासूम बच्चे कामगार हैं। उनका आर्थिक और कई बार शारीरिक, दोनों तरह से शोषण किया जाता है।

भले ही सरकार ने घरेलू कामगार महिलाओं के अधिकारों के लिए कानून बना रखा हो पर इसे व्यवहार में आज तक लागू नहीं किया गया। आज भी समाज में घरेलू कामगारों की दयनीय स्थिति बनी हुई है, जबकि अगर ये कामगार घरों में काम करना बंद कर दें तो बड़े बड़े घरों और कोठियों में रहने वालों की सहज जिंदगी में आफत आ जाए। इन बड़े घरों के बच्चे समय से न स्कूल पहुंचेंगे और न नौकरी पेशा वाले लोग काम पर। जिस काम से तकरीबन कई करोड़ महिलाएं, बच्चे और जवान जुड़े हुए हों और वह दलित वंचित तबके से आते हों, उनके साथ उच्च-कुलीन वर्ग के लोग ऐसा व्यवहार करते हैं। यह सब उस संवैधानिक ढांचे वाले देश की स्थिति है, जहां बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर ने समानता और बराबरी की बात कही थी। चलिए एक दफा बराबरी के सपने अलग देखते हैं लेकिन किसी का हक मारना और उससे काम करवाने के बाद उसे ही प्रताड़ित करना कहां का न्याय है और ऐसे बर्ताव का स्रोत क्या है? कहते हैं कि मानव सेवा ही माधव सेवा है। ऐसे में सेवा करते नहीं बनता तो कोई बात नहीं लेकिन जो दूसरों के घर का सहारा बनते हैं उनकी इज्जत और मान-सम्मान से खिलवाड़ नहीं होना चाहिए और उनके काम के एवज में सम्मान और मेहनताना मिलना चाहिए। इसे सुनिश्चित करने का काम सरकार और सभ्य समाज दोनों का है।

जयंती विशेष (24 सितंबर): जपो निरन्तर एक ज़बान, हिंदी, हिंदू, हिंदुस्तान…

जयंती विशेष (24 सितंबर)

जपो निरन्तर एक ज़बान, हिंदी, हिंदू, हिंदुस्तान..

भारतेंदु युग के प्रमुख स्तंभ पंडित प्रताप नारायण मिश्र की अल्प आयु में पिता की मृत्यु के चलते औपचारिक पढ़ाई तो बहुत नहीं हो पाई लेकिन स्वाध्याय के बल पर वह पत्रकारिता और साहित्य के प्रकांड पंडित बने। परवर्ती साहित्यकारों और संपादकों में तो उनके प्रति सम्मान का भाव था ही पूर्ववर्ती साहित्यकार भी उनके पांडित्य से प्रभावित रहा करते थे।
24 सितंबर 1856 को जन्मे पंडित प्रताप नारायण मिश्र के जन्म स्थान को लेकर साहित्यकारों में कुछ मतभेद हैं। आचार्य रामचंद्र शुक्ल और डॉ सुरेश चंद्र शुक्ल ने उनके जन्म स्थान के रूप में कानपुर को मान्यता दी है। इनका मत है कि पंडित प्रताप नारायण के पिता पंडित संकटा प्रसाद मिश्र को परिवार पालन के लिए 14 वर्ष की अल्पायु में कानपुर आना पड़ा। इसलिए उनका (प्रताप नारायण) जन्म कानपुर में ही हुआ होगा लेकिन अपने संपादन में ‘प्रताप नारायण मिश्र कवितावली’ प्रकाशित करने वाले नरेश चंद्र चतुर्वेदी और डॉ शांति प्रकाश वर्मा उनका जन्म उन्नाव जनपद के बैजेगांव (अब बेथर) ही मानते हैं। ‘भारतीय साहित्य के निर्माता प्रताप नारायण मिश्र’ पुस्तक में रामचंद्र तिवारी लिखते हैं-‘मिश्रा जी का जन्म बैजेगांव में हुआ हो या ना हुआ हो उनकी रचनाओं में गांव का अंश कुछ अधिक ही है।’

मासिक पत्र ब्राह्मण का प्रकाशन :
भारतेंदु हरिश्चंद्र की परंपरा जारी रखने के लिए आर्थिक कठिनाइयों के बाद भी पंडित प्रताप नारायण मिश्र ने मार्च 1883 में ब्राह्मण नाम से मासिक पत्र प्रकाशित करना शुरू किया। ब्राह्मण के प्रथम अंक में अपना उद्देश्य स्पष्ट करते हुए उन्होंने लिखा था-‘अंतः करण से वास्तविक भलाई चाहते हुए सदा अपने यजमानों (ग्राहकों) का कल्याण करना ही हमारा मुख्य कर्म होगा’। 550 रुपए का घाटा सहकर वह 7 वर्षों तक ब्राम्हण का निरंतर प्रकाशन करते रहे। इसके बाद प्रकाशन का दायित्व खड्गविलास प्रेस बांकीपुर के मालिक बाबू रामदीन सिंह को सौंप दिया।

हिंदी के लिए पूर्णत: समर्पित:
पंडित प्रताप नारायण मिश्र हिंदी के बहुत बड़े हिमायती थे। अपने मासिक पत्र ब्राह्मण में हिंदी को लेकर वह जब का लेख लिखते रहते थे। एक बार समकालीन प्रकाशन ‘फतेहगढ़ पंच’ ने उनकी हिंदी पक्षधरता के खिलाफ लेख प्रकाशित किया। इस पर उनका गुस्सा बढ़ गया। उन्होंने फतेहगढ़ पंच के लेख के जवाब में ब्राह्मण में कई महीने तक लिखा। दोनों के बीच कई महीने विवाद चलता रहा। उसी बीच उन्होंने हिंदी पर एक कविता लिखी, जो काफी चर्चित हुई-

चहहु जो सांचे निज कल्यान, तो सब मिलि भारत संतान
जपो निरंतर एक ज़बान -हिंदी, हिंदू, हिंदुस्तान
तबहि सुधरिहे जन्म-निदान; तबहिं भलो करिहे भगवान

मसखरी की मिसालें :
प्रताप नारायण मिश्र स्वभाव से मस्त मौला थे। मसखरे थे। नाटकों में अभिनय भी करते थे। कानपुर की सड़कों पर वह लावनी गाते हुए कभी रिक्शे पर कभी पैदल निकलते थे। फागुन में इकतारा लेकर वह उपदेशपूर्ण, हास्य, होली, कबीर और पद आदि भी गाते थे। वह सांस बंद कर के घंटों तक मुर्दा से पड़े रहते थे। अपने कान एक या दोनों उन्हें हिलाते या फड़काते थे। तब उनके दूसरे अंग स्थिर रहते थे। उनकी मसखरी की मिसालें भी खूब चर्चित हैं।
एक बार नाटक में उनको स्त्री का रूप लेना था। मूछों का मुंड़ाना जरूरी था। भक्ति भाव से अपने पिता के सामने हाजिर हुए और बोले यदि आप आज्ञा दीजिए तो इनको (मूंछों) मुड़वा डालूं। मैं अनाज्ञाकारी नहीं बनना चाहता।’ पिता ने हंसकर आज्ञा दे दी। इसी तरह एक बार कानपुर म्युनिसिपिलटी में इस बात पर विचार हो रहा था कि भैरव घाट में मुर्दे बहाए जाएं या नहीं। चर्चा के बीच किसी ने कहा कि जले हुए मुर्दे की पिंडी यदि इतने इंच से अधिक न हो तो बहाई जाए। दर्शकों में प्रताप नारायण भी मौजूद थे। वह तत्क्षण खड़े होकर बोले- ‘अरे दैया रे दैया! मरेउ पर छाती नापी जाई!’ इस पर खूब जोर के ठहाके लगे।
ऐसा ही एक किस्सा पादरी से बातचीत का है। पादरी ने व्यंग्य पूर्ण लहजे में कहा-आप गाय को माता कहते हैं। उन्होंने कहा- हां। पादरी बोला तो बैल को आप चाचा कहेंगे। इस पर उनका जवाब था- बेशक रिश्ते से क्या इंकार है? पादरी ने तंज कसते हुए कहा-हमने तो 1 दिन अपनी आंखों से एक बार को महिला खाते देखा था। मिश्र जी ने कहा- अजी साहब, वह इसाई हो गया होगा! हिंदू समाज में ऐसे भी बैल होते हैं।’ पादरी मुंह लटका कर चला गया।

लावनी सुनकर कन्नौज के कसाइयों ने छोड़ दी थी गोहत्या:

पंडित प्रताप नारायण मिश्र गोरक्षा के बहुत बड़े हिमायती थे। कई कविताओं में उन्होंने गोरक्षा पर जोर दिया। अपने निबंध में महावीर प्रसाद द्विवेदी लिखते हैं-‘सुनते हैं कानपुर में जो इस समय गौशाला है उसकी स्थापना के लिए प्रयत्न करने वालों में प्रताप नारायण भी थे। एक बार स्वामी भास्कर आनंद के साथ वह कन्नौज गए और गौ रक्षा पर व्याख्यान दिया। व्याख्यान में एक लावनी कही-

बां-बां करि तृण दाबि दांत सों, दुखित पुकारत गाई है

आचार्य द्विवेदी अपने निबंध में लिखते हैं- मिश्र जी की इस लावनी में करुण रस का इतना अतिरेक था कि मुसलमानों तक पर इसका असर हुआ और एक आध कसाइयों ने गौ हत्या से तौबा कर ली थी।

38 बरस में पूरी हो गई जीवन यात्रा:
अपने दैनंदिन जीवन में सदैव अस्त व्यस्त रहने वाले पंडित प्रताप नारायण मिश्र अक्सर बीमार रहा करते थे। इसी के चलते 38 वर्ष की कम उम्र में 1894 में उन्होंने अपनी जीवन यात्रा पूरी की। अपने इस छोटे से जीवन में उन्होंने साहित्य की हर विधा में लिखा। रामचंद्र तिवारी के अनुसार, प्रताप नारायण ग्रंथावली में उनके 190 निबंध और प्रताप नारायण मिश्र कवितावली में छोटी बड़ी 197 कविताएं संग्रहीत हैं। उन्होंने हिंदी गद्य को समृद्ध किया। उनके गद्य में लोक प्रचलित मुहावरे और कहावतें की भरमार है। डॉ शांति प्रकाश वर्मा ने उनके गद्य से छांटकर मुहावरे और कहावतों का पूरा कोष ही तैयार कर दिया। मुहावरा कोष लगभग 110 प्रश्न का है और कहावतें कुल 16 पृष्ठों में। मिश्रा जी ने अपने लेखों में संस्कृत की जिन सूक्तियों और श्लोकों का उदाहरण दिया है, उनकी संख्या 220 है। उर्दू और फारसी की सूक्तियां कुल 66 हैं। (‘भारतीय साहित्य के निर्माता प्रताप नारायण मिश्र’ लेखक-रामचंद्र तिवारी, पृष्ठ-68)
उनके निधन पर पूर्ववर्ती साहित्यकार बालकृष्ण भट्ट ने असमय निधन पर प्रताप नारायण मिश्र के प्रताप का उल्लेख कुछ यूं किया था-‘प्रातः स्मरणीय बाबू हरिश्चंद्र को जो हिंदी का जन्मदाता कहे तो प्रताप मिश्र को नि:संदेह उस स्तन अधन्या दूध मोहि बालिका का पालन पोषण करता कहना पड़ेगा क्योंकि हरिश्चंद्र के उपरांत उसे अनेक रोग दोष से सर्वथा नष्ट न हो जाने से बचा रखने वाले यही देख पड़े’।
आचार्य महावीर प्रसाद द्विवेदी ने 1906 की सरस्वती में एक निबंध ‘पंडित प्रताप नारायण मिश्र’ लिखा था। वह लिखते हैं-‘मैं कोई संदेह नहीं कि प्रताप नारायण में प्रतिभा थी और थोड़ी नहीं बहुत थी। विधता होने से कविता शक्ति में कोई विशेषता नहीं आ सकती उल्टे हानि चाहे उससे कुछ हो जाए। प्रताप नारायण की कविता में प्रतिभा का प्रमाण अनेक जगह मिलता है। आचार्य रामचंद्र शुक्ल ने भारतेंदु युग के प्रमुख निबंधकार प्रताप नारायण मिश्र और बालकृष्ण भट्ट जी की एक साथ चर्चा करते हुए लिखा है-‘पंडित प्रताप नारायण मिश्र और पंडित बालकृष्ण भट्ट ने हिंदी गद्य साहित्य में वही काम किया है जो अंग्रेजी गद्य साहित्य में एडिसन और स्टील ने किया था’। (हिंदी साहित्य का इतिहास- पृष्ठ 467)

∆ गौरव अवस्थी
रायबरेली/ उन्नाव

प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की शाखाओं पर लटके रहे ताले

बिजनौर। देश भर में आल इंडिया रीजनल रूरल बैंक इम्पलाइज एसोसिएशन के आह्वान पर ग्रामीण बैंकों में शुक्रवार हड़ताल रही। इसी के समर्थन में बिजनौर जिले में भी प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक की शाखाओं पर ताले लटके रहे। उप्र ग्रामीण बैंक इम्पलाइज यूनियन एवं प्रथमा यूपी ग्रामीण आफिसर्स एसोसिएशन बिजनौर इकाई ने प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक क्षेत्रीय कार्यालय पर योगेन्द्र पाल सिंह, स्वतन्त्र वीर सिंह, दिनेश चौहान, राजीव कुमार शर्मा एवं संजय कुमार शर्मा की अगुआई और गिरीश त्यागी के संचालन में धरना प्रदर्शन कर अपनी मांगों के समर्थन में एकजुट हो‌ कर अपनी आवाज बुलंद की और भारत सरकार को संबोधित ज्ञापन वरिष्ठ क्षेत्रीय प्रबंधक राजकुमार सिंह को सौंपा। प्रमुख मांगों में निजी करण का विरोध, ग्रामीण बैंकों में प्रस्तावित पूंजी अंश निवेश संबंधी आईपीओ( प्रारम्भिक सार्वजनिक प्रस्ताव) का विरोध, कम्प्यूटर इंक्रीमेंट, प्रवर्तक बैंकों के समान भत्ते और सुविधाएं, सभी को सर्वोच्च न्यायालय के आदेशानुसार पेंशन, राष्ट्रीय ग्रामीण बैंक की स्थापना, प्रवर्तक बैंक स्टाफ की उनके बैंक में वापसी, सफाई कर्मियों की स्थाई नियुक्ति आदि अनेक मुद्दे शामिल हैं।

धरने में शिवकुमार सिंह, प्रदीप श्योरान, राघवेन्द्र सिंह अत्री, अनुज शर्मा लोकेंद्र सिंह, दीपक चौधरी, नीरज कुमार, सुरेंद्र पाल सिंह, यशपाल सिंह, उदयराज, दीपा रावत, मधुकुमारी, शाहिद मुल्तानी, अमित कुमार, पवन कुमार, विश्वास शर्मा, अंकित कुमार, गोविंद सिंह, जोगेन्दर सिंह, प्रदीप कुमार, फिरोज कुमार, देवेंद्र सिंह, रामकिशन शर्मा, रोहिताश‌, युसुफ खान, सुमित पंवार, मामराज सिंह, राहुल देशवाल शामिल रहे। बिजनौर जिले इस हड़ताल से लगभग 75 करोड़ का कारोबार प्रभावित हुआ। ग्राहकों को बैंकिंग हड़ताल काफी दिक्कत का सामना करना पड़ा।

नशे के विरूद्ध चलाया जा रहा विशेष अभियान ”नया सवेरा”

नशा करने वालों को नशे की रात से निकालकर उनके जीवन में ”नया सवेरा” साकार करना एवं नई सुबह का अवतरण करना है उद्देश्य। मेडिकल स्टोर संचालकों से किया नशे की इस प्रवृत्ति पर रोक लगाने में पुलिस की मदद करने का अनुरोध।

बिजनौर। रिजर्व पुलिस लाइन में नशे के विरूद्ध चलाए जा रहे ”नया सवेरा” अभियान के दृष्टिगत जनपद में संचालित मेडिकल स्टोर संचालकों के साथ संवाद गोष्ठी की गई।

गोष्ठी में पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह ने कहा कि नया सवेरा अभियान का उद्देश्य नशा बेचने वालों को चिन्हित करते हुए उनकी गिरफ्तारी सुनिश्चित करना है तथा नशे के प्रति संवेदनशील रवैया अपनाते हुए समाज व समुदाय का सहयोग लेते हुए नशा करने वालों को नशे की रात से निकालकर उनके जीवन में ”नया सवेरा” का साकार करना एवं नई सुबह का अवतरण करना है। समाज में नशे की प्रवृत्तियां तेजी से बढने के कारण यह हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है कि जो युवा इस नशे के दलदल में फंसे है उन्हें चिन्हित कर इस दलदल से निकालने/सुधारने का काम करेंगे।

मेडिकल स्टोर संचालकों से अनुरोध: एसपी ने कहा कि अधिकतर युवा इंजेकशन/टेबलेट जैसी नशे की दवाएं मेडिकल स्टोर से खरीदते हैं। मेडिकल स्टोर पर दवाई बेचने वालों से आग्रह किया कि ऐसे युवाओं को चिन्हित करें तथा ऐसी दवा जो नशे के लिए उपयोग किये जाते हैं, उन्हें विक्रय न करें। उन्होंने सभी मेडिकल स्टोर संचालकों से अनुरोध किया कि नशे की इस प्रवृत्ति पर रोक लगाने में पुलिस की मदद करें।

नशा ही ले जाता है अपराध की दलदल में…उन्होंने कहा कि नशा मनुष्य को दलदल में ले जाता है और उससे अपराध कराता है और उस अपराध से हम सभी प्रभावित होते हैं। ये नशा ही है जो उसे अपराध के कुचक्र में फंसाता है।’’

मौजूद रहे 300 मेडिकल स्टोर संचालक: गोष्ठी में जनपद बिजनौर के विभिन्न थाना क्षेत्रों से करीब 300 मेडिकल स्टोर संचालकों द्वारा प्रतिभाग किया गया। कई मेडिकल स्टोर संचालको द्वारा अपने विचार रखे गए तथा पुलिस द्वारा नशे के विरूद्ध चलाई जा रही मुहीम को सफल बनाने के लिए प्रतिबद्धता जताई गई। अपर पुलिस अधीक्षक नगर डॉ. प्रवीन रंजन सिंह मौजूद रहे।

चेला नंबर वन- छुटभैया ने फेल किया; मेरा रंग दे बसंती चोला

चेला नंबर वन- छुटभैया ने फेल किया; मेरा रंग दे बसंती चोला http://www.targettv.live/?p=1913

चेला नंबर वन- छुटभैया ने फेल किया; मेरा रंग दे बसंती चोला

वो खुद माहिर है रंग बदलने में… । जी हां, सोलह आने सच है ये बात। कुछ समय पहले तक राष्ट्रीय स्तर के जनप्रतिनिधि का चेला बनकर सत्ता की मलाई चाटने वाला नई राह पर है। अब वह प्रदेश स्तर के (…और की और के) खास नुमाइंदों को पछाड़ कर चेला नंबर वन बन चुका है। वैसे भी पहली वाली घरवाली को छोड़कर निचली वाली को हमराह बनाकर खासी रकम बटोर रहा है। शहर में गंदगी फैली रहे, लेकिन अपने लिबास की चकमक का खासा ध्यान रखना आदत में शुमार है।

ये जो “के” और “की” हैं, इनका का खेल भी अजब गजब बताया जाता है। जब यूपी की सर्वेसर्वा मैडम जी थीं, तब “के” साहब को उनकी औकात हिंदी में याद दिलाई गई थी। जलेबियों के लिए बहुत ज्यादा मशहूर चौराहे पर मैडम जी के जिला स्तर के पदाधिकारी के गाड़ी चालक ने सरेआम उनकी मां-बहनों को बेहतरीन अंदाज में याद करते हुए बीच सड़क से चलता कर दिया। फिर एक दौर ऐसा भी आया कि बिल्ली के भाग्य से छींका फूटा। “के” साहब के ऐसे पंख निकले कि नेतागिरी को एक नया अंजाम दे डाला।

मोदी जी की भी लानत_मनानत करते हैं “की” के ये “के”: ये भी बिलकुल सौ फीसदी सच है कि “की” के ये “के” देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भी ऊपर खुद को मानते हैं। एक मामले में उनके दर पर पहुंचे खबरनवीस के सामने वो तो हत्थे से ही उखड़ गए। दोनों ही महानुभावों को उनकी नीतियों को लेकर जमकर गरियाने लगे।

…और रही बात छुटभैया की…तो मजाल है कि कोई उनके सामने “चूं” तक कर सके। कुछ ही साल में जलेबियां तार कर रंक से राजा बने “भाई जी” के दर पर सलाम बजाते भले ही शुगर का मरीज बन जाए, परवाह नहीं। लोगों की हैल्थ की फ़िक्र करने वाले भीमकाय की हैल्थ को भी जमकर चट कर डाला। यही नहीं फोटो प्रेम भी रग-रग में घुसा है उनकी। मीडिया के कैमरों की आंखों में कैद होने के लिए कूद कर भइया जी खुद को किसी न किसी प्रकार फिट कर ही लेते हैं।

अब कुछ दर बदर की भी…: इन सब के मास्टर माइंड फिलहाल दर बदर भटकते हुए चापलूसों को दरकिनार कर सर्वेसर्वा बन बैठे हैं। आसमान और पाताल के बीच इनका खेल बखूबी चल रहा है।

राम नाम जपना, पराया माल अपना की तर्ज पर वीर तुम बढ़े चलो अभियान अभी जारी है। …और वो पिछले वाले जाने कहां गए वो दिन को याद कर मन मसोसे बैठे हैं।

SBI काकोरी ने उपलब्ध कराई राइफल शूटिंग टीम को खेल किट

लखनऊ। प्रदेश स्तरीय माध्यमिक विद्यालयीय राइफल शूटिंग प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने बाबू त्रिलोकी सिंह इंटर कॉलेज, काकोरी की 6 सदस्यीय टीम जायेगी। प्रतियोगिता का आयोजन जनपद मेरठ में 25 से 27 सितंबर तक किया जा रहा है। इस टीम का पूर्ण खर्च भारतीय स्टेट बैंक काकोरी के द्वारा वहन किया जा रहा है। यह जानकारी भारतीय स्टेट बैंक काकोरी की शाखा प्रबंधक सुश्री निहारिका शिवम मिश्रा ने दी। उन्होंने अच्छे प्रदर्शन की शुभकामनाएं देते हुए टीम को खेल किट उपलब्ध कराई।

जहां एक तरफ भारत सरकार एवं राज्य सरकार खेलों के उत्थान के लिए अनेक प्रकार के खेलों का आयोजन कर रही है, वहीं भारतीय स्टेट बैंक, शाखा-काकोरी के द्वारा प्रदेश स्तर में प्रतिभाग करने वाली इस टीम का पूर्ण खर्च वहन करना एवं खिलाड़ियों को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करना एक सराहनीय कदम है। भारतीय स्टेट बैंक काकोरी की शाखा प्रबंधक सुश्री निहारिका शिवम मिश्रा ने प्रदेश स्तर पर प्रतिभाग करने वाली टीम को अच्छे प्रदर्शन की शुभकामनाएं देते हुए खेल किट उपलब्ध कराई। उन्होंने खिलाड़ियों के बेहतर भविष्य के लिए आगे भी इस प्रकार की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की। भारतीय स्टेट बैंक शाखा काकोरी की इस पहल के लिए विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ राजकुमार सिंह ने शाखा प्रबंधक को धन्यवाद दिया एवं उनके इस कदम की भूरी भूरी प्रशंसा की। इस अवसर पर शारीरिक शिक्षा एवं खेलकूद विभाग के विभागाध्यक्ष एवं टीम के कोच हिमांशु शुक्ला, विद्यालय के वरिष्ठ प्रवक्ता सुनील कुमार, रजनीकांत दीपक, विनोद कुमार वर्मा, अरुण कुमार पांडे, अरविंद वर्मा,नीरज कुमार, प्रदीप बाजपेई, ममता सिंह, राजीव रतन सिंह, मनोज श्रीवास्तव आदि गणमान्य भी उपस्थित थे।

नगीना तहसील में 17 गावों की 60 हजार बीघा सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे

NGT व हाईकोर्ट के आदेशों को कमिश्नर ने किया दरकिनार? एनजीटी व हाईकोर्ट के आदेशों को दरकिनार कर कमिश्नर ने दिया स्थगन आदेश। योगी सरकार भूमाफियाओं पर कर रही कड़ी कार्रवाई, वहीं भाजपा नेता दे रहे हैं संरक्षण। कमिश्नर मुरादाबाद पर आदेश की अवहेलना का मामला हाईकोर्ट में है विचाराधीन।

बिजनौर। नगीना तहसील में 17 गावों की हजारों बीघा सरकारी जमीन पर चले आ रहे अवैध कब्जे के मामले में एसडीएम कोर्ट के फैसले के विरुद्ध कमिश्नर मुरादाबाद ने स्टे कर 3 अक्टूबर तक यथास्थिति बनाये रखने के आदेश दिए हैं।

60 हजार बीघा सरकारी भूमि पर है कब्जा: गौरतलब है कि एसडीएम नगीना ने उक्त जमीनों पर अवैध कब्जा मानते हुए एनजीटी व हाईकोर्ट के आदेश के अनुपालन में खातेदारों के नाम निरस्त कर मूल श्रेणी जंगल, नदी आदि के नाम दर्ज करने के आदेश जारी किये थे।
महत्वपूर्ण तथ्य है कि लगभग 60 हजार बीघा भूमि पर, जो कि सरकारी है पर स्थानीय लोग वर्षों से काबिज हैं। ये प्रकरण एनजीटी व हाईकोर्ट में में जा चुका है, जहाँ इस भूमि को सरकारी मानते हुए अवैध कब्जे हटाये जाने के आदेश जारी हो चुके हैं। मजेदार तथ्य है कि हाईकोर्ट में कमिश्नर मुरादाबाद के विरुद्ध इस मामले में कोर्ट की अवहेलना का मामला भी विचाराधीन है, जिसमें मुख्य पार्टी कमिश्नर मुरादाबाद ही है, क्योंकि कोर्ट के आदेश अवैध कब्जे हटाए जाने व कब्जाने वालों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश का पालन नहीं किया गया है, उस के बावजूद कमिश्नर मुरादाबाद द्वारा कोढ़ में खाज कहावत चरितार्थ करते हुए एसडीएम नगीना के कब्जे हटाए जाने के आदेश को स्टे प्रदान कर हाईकोर्ट के आदेश को दरकिनार कर दिया गया है। यही नहीं स्टे की कार्यवाही कर मुरादाबाद कमिश्नर ने एनजीटी के आदेश को भी ताक पर रख दिया है।

नगीना एसडीएम इससे पूर्व ग्राम मुर्तजा बाद, हल्लोवाली, तथा शंकरपुर के तीन ग्रामों की लगभग 25 हजार बीघा जमीन अवैध कब्जे से हटाकर सरकारी भूमि में दर्ज भी करा चुके हैं। इन तीनों ग्रामों की जमीन जंगल, झाडी़, नदी राजस्व अभिलेखों में दर्ज होने के बावजूद एनजीटी देहली व  हाईकोर्ट इलाहाबाद के भूमि को मूल श्रेणी में दर्ज करते हुए दोषी अधिकारियों, कर्मचारियों तथा हितपद व्यक्तियो के विरुद्ध क्रिमनल केस दर्ज करने के आदेशों के विपरीत कमिश्नर मुरादाबाद ने सरकारी भूमि व सरकार के विरुद्ध ही स्टे पारित कर दिया जबकि कमिश्नर को सरकारी सम्पति की रक्षा का मुख्य दायित्व होता है।

गौरतलब है कि जमींदारी उन्मूलन एक्ट लागू होने के पहले तत्कालीन राजस्व विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत के चलते ग्राम तेलीवाडा़, राजपुर कोट, शंकरपुर, मुर्तजापुर, हल्लोवाली, कादरगंज, मदपुरी, चंपतपुर चकला व सुलेमान शिकोहपुर के जंगल में लगभग 24,050 बीघा में फैली नदियों, झाडि़यों एवं सार्वजनिक सरकारी भूमि को 1360 फसली में राजस्व रिकॉर्ड में लोगों के नाम दर्ज कर दिये गये थे।

बसपा सांसद की शिकायत पर नहीं सुनवाई: इस मामले में किशन चंद व बसपा सासंद गिरिशचंद ने अधिकारियों से शिकायत की थी पर कोई सुनवाई नहीं हुई। इस पर इस मामले में किशन चंद द्वारा इलाहाबाद हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की गई थी। हाईकोर्ट के आदेश पर चकबंदी कमिश्नर की अध्यक्षता में गठित कमेटी ने मामले की जांच कर तथ्यों को सही मानते हुए राजस्व अभिलेखों को सही करने की आख्या दी थी। इससे पहले तत्कालीन जिला प्रशासन ने भी इस मामले की जांच कराईं थी, जिसमें 17 गाँव की जंगल, रास्तों, नदी की लगभग 60 हजार बीघा सरकारी जमीन को वर्ष 1953 में कूट रचित प्रविष्टि के आधार पर खतौनी फसली वर्ष 1359 में एक लाइन का आदेश करके कुंवर चन्द्रभान सिंह के नाम करना पाया गया था। इसके बाद इन जमीनों के बैनामे होते रहे, तथा ये सरकारी भूमि अन्य लोगों के नाम पर की जाती रही।
एनजीटी देहली की पूर्ण पीठ ने 8 जून 2021 को याची किशन चंद बनाम राज्य सरकार में सुनवाई करते हुए जमीन पर काबिज लोगों को बेदखल कर उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश दिये थे। इस मामले में एसडीएम नगीना शैलेन्द्र कुमार की कोर्ट ने सुनवाई कर उक्त सरकारी भूमि पर काबिज लोगों को नोटिस जारी किये थे। भूमि से कब्जा हटाने की कार्यवाही शुरू होने पर क्षेत्रीय लोगों ने बढ़ापुर  विधानसभा के भाजपा विधायक सुशांत सिंह के दरबार में जाकर गुहार लगाई, जिसके बाद इस मामले में राजनीति शुरू हो गई। सत्तासीन सरकार के विधायक वोट बैंक को साधने के प्रयास में लगे दिखाई दिये तथा अवैध कब्जा धारियों की ऊपर तक पैरवी भी की जबकि मुख्यमंत्री अवैध कब्जे व भूमाफियाओं के विरुद्ध अभियान छेड़ अवैध कब्जे हटवाने में लगे हुए हैं।

सूत्रों की मानें तो इस अवैध कब्जों में बड़े बड़े नाम शामिल हैं, जो प्रभावशाली भूमिका में होने के कारण कई दशक से हजारों बीघा सरकारी भूमि पर काबिज हैं, वहीं करोड़ों अरबों की जमीन बेच भी चुके हैं, जो इन अवैध कब्जाधारियों की आड़ लेकर अपने को सुरक्षित करने तथा इस प्रक्रिया को आगे बढाने में लगे हुए हैं, देखना है कि योगी सरकार इन भू माफियाओं से सरकारी जमीन से कब्जा हटाने के लिए कार्यावाही करेगी या ये मामला राजनीति की भेंट चढे़गा?

महिला सुरक्षा बिजनौर पुलिस के लिए सर्वोपरि: एसपी दिनेश सिंह

मिशन शक्ति की सफलता को लेकर पुलिस विभाग तत्पर: एसपी दिनेश सिंहएसपी सिटी प्रवीण रंजन सिंह ने भी सभी महिला पुलिस कर्मचारियों व थानाध्यक्षों को दिए टिप्स।

बिजनौर। मिशन शक्ति कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए पुलिस लाइन सभागार में विशेष आयोजन किया गया। इसमें जिले भर की महिला पुलिसकर्मियों व महिला थानाध्यक्षों ने भाग लिया। इस दौरान सभी महिलाओं को सुरक्षा और समय से इंसाफ दिलाने के लिए प्रदेश सरकार की मंशानुरूप सभी थानों में हो रहे कार्य के संबंध में जानकारी हासिल की गई।

मिशन शक्ति कार्यक्रम को लेकर एसपी दिनेश सिंह ने सभी मिशन शक्ति महिला पुलिसकर्मी से कार्यक्रम के बारे में जाना। साथ ही सभी थानों में महिला पुलिस कर्मियों द्वारा महिलाओं की सुरक्षा व्यवस्था व कानून व्यवस्था को देखते हुए मिशन कार्यक्रम चलाने से संबंधित बातचीत की गई।

सभी मिशन शक्ति कर्मियों को महिला थानाध्यक्ष द्वारा जागरूक करने का भी काम किया गया। एसपी सिटी प्रवीण रंजन सिंह ने भी इसे उत्तर प्रदेश सरकार का प्राथमिक मिशन बताते हुए सभी महिला पुलिस कर्मचारियों व महिला थानाध्यक्षों को टिप्स दिए। किसी भी महिला को जल्द से जल्द कैसे न्याय मिले इसके लिए सभी इस कार्यक्रम से जुड़े, पुलिसकर्मी महिलाओं को टिप्स दिए गए। एसपी ने बताया कि मिशन शक्ति कार्यक्रम को सुचारू रूप से चलाने के लिए बिजनौर जिले की पुलिस तत्पर है। इस मिशन की प्रमुखता को देखते हुए जो भी कमियां हैं, उसको सुधारने के लिए गोष्ठी का आयोजन किया गया।

शासनादेश उद्यान मुरादाबाद मण्डल उप निदेशक के ठेंगे पर!

उप निदेशक उद्यान मुरादाबाद मण्डल नहीं मानते शासनादेश! कहीं तैनाती, कहीं संबद्धता और कहीं से वेतन का चल रहा खेल।

मुरादाबाद। उप निदेशक उद्यान मुरादाबाद मण्डल, मुरादाबाद एस०के०गुप्ता द्वारा संबद्धिकरण/स्थानान्तरण के  नियम की खुलकर धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। कहीं तैनाती, कहीं संबद्धता और कहीं से वेतन का खेल चल रहा है। 

बताया गया है कि उप निदेशक उद्यान मुरादाबाद मण्डल, मुरादाबाद एस०के०गुप्ता ने मुरादाबाद मण्डल में लिपिक वर्ग में कार्यरत दो कर्मचारियों को उनके वर्तमान तैनाती स्थान से स्थानान्तरित कर दिया था। तत्काल प्रभाव से लागू करने वाले आदेश में कहा गया कि देवाशीष वर्मा कनिष्ठ सहायक द्वारा जिला उद्यान अधिकारी मुरादाबाद के कार्यों के साथ-साथ वर्तमान में किये जा रहे कार्यालय उप निदेशक उद्यान मुरादाबाद के कार्यों का सम्पादन भी किया जायेगा। इसके लिये उन्हें कोई अतिरिक्त वेतन/भत्ता देय नहीं होगा। इसी प्रकार अरूण कुमार कनिष्ठ सहायक को जिला उद्यान अधिकारी कार्यालय मुरादाबाद से जिला उद्यान अधिकारी कार्यालय संभल के लिए कर दिया गया। उनका वेतन अग्रिम आदेशों तक वेतन मांग पत्र के आधार पर यथावत जिला उद्यान अधिकारी मुरादाबाद द्वारा आहरित किया जायेगा। आदेश में यह भी कहा गया कि संबंधित अधिकारी उक्त कर्मचारियों को नवीन तैनाती स्थान पर योगदान करने हेतु तत्काल कार्यमुक्त करना सुनिश्चित करें। इस आदेश के बावजूद अरुण कुमार ने आज तक भी संभल कार्यालय में अपना योगदान नहीं दिया गया है और उसके विरुद्ध भी कोई कार्रवाई आज तक नहीं की गई है।

…और भी हैं कई कहानी! इसी प्रकार बताया गया है कि श्यामकुमार पिछले सात वर्ष से एक ही जनपद में तैनात हैं। हरजीत सिंह सहायक संख्याधिकारी लगभग 27 साल से उप निदेशक कार्यालय में बिना पद के दूसरे पद का वेतन आहरण करा रहे हैं। माली श्यामपाल लगभग 20 साल से उपनिदेशक का खाना बना रहा है। उक्त तीनों पर भी संबद्धिकरण/स्थानान्तरण का नियम लागू नहीं हो रहा है।

क्या है शासनादेश!- निदेशालय उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण उत्तर प्रदेश, उद्यान भवन लखनऊ द्वारा दिनांक 13 मई 2022 को उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग, उ०प्र० के अन्तर्गत निदेशालय एवं फील्ड में से सम्बद्ध अन्यत्र सम्बद्ध अधिकारी / कर्मचारी की सम्बद्धता को निरस्त करते हुए उन्हें उनकी मूल तैनाती स्थान पर कार्य किये जाने हेतु आदेशित किया गया है। इस पर 23 मई 2022 को निदेशक आरके तोमर ने आदेश पारित कर निदेशालय तथा मण्डल स्तर से लिपिक संवर्ग में पूर्व में अन्यत्र कार्यालय / जनपद में सम्बद्ध किये गये समस्त कर्मचारियों की सम्बद्धता तत्काल प्रभाव से निरस्त करते हुए उन्हें उनकी मूल तैनाती स्थान पर कार्य किये जाने हेतु आदेशित किया। साथ ही कहा कि उपरोक्त आदेशों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करते हुए कृत कार्यवाही की आख्या यथाशीघ्र निदेशालय को उपलब्ध कराई जाए।

10 दिन की दुल्हन के हत्यारोपी पति, ससुर पुलिस के हत्थे चढ़े

बिजनौर। बढ़ापुर के भोगपुर निवासी नीलम हत्याकांड मामले में पुलिस ने नामजद आरोपी पति बिंदर उर्फ बलविंदर और उसके ससुर गुरनाम को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों को न्यायालय के सामने पेश किया गया। कोर्ट ने दोनों को जेल भेज दिया। मामले के आरोपी सास और देवर फरार हैं। पुलिस उनकी तलाश में जुटी हुई है।

प्रेम विवाह की दु:खद परिणति।  डोली उठने के 10 दिन बाद ही दुनिया से विदा हो गई थी दुल्हन दहेजलोभी ससुरालियों ने विवाहिता को जहर देकर उतारा था मौत के घाट।

गौरतलब है कि बढ़ापुर थाना क्षेत्र के गांव भोगपुर निवासी जरनैल सिंह पुत्र गुरबचन सिंह की बेटी नीलम कौर का विवाह 9 सितम्बर 2022 को गांव के ही बिंदर सिंह पुत्र गुरनाम सिंह के साथ हुआ था। जरनैल सिंह ने थाने में दी तहरीर में बताया था कि बेटी की शादी में उसने अपनी क्षमता के अनुसार दान दहेज दिया था। इसके बावजूद शादी के एक दिन बाद ही उसकी बेटी के ससुराल वाले दहेज में दो लाख रुपए नगद और बुलेट मोटरसाइकिल की मांग करने लगे। आरोप है कि दहेज की मांग पूरी न होने पर उसकी बेटी नीलम कौर को लगातार प्रताड़ित किया जाने लगा। रविवार शाम नीलम के पति बिंदर सिंह, देवर सोनू सिंह, ससुर गुरनाम सिंह व सास गुरमीत कौर चारों ने मिलकर उसे जहर देकर मार डाला। घटना की सूचना पड़ोसी ने फोन कर उन्हें दी। जब उन्होंने मौके पर जाकर देखा तो उनकी बेटी का शव घर के बाहर आंगन में चारपाई पर पड़ा था और ससुराल पक्ष के सभी लोग फरार हो चुके थे।

पुलिस ने मृतका के पिता की तहरीर के आधार पर उक्त चारों आरोपियों के विरुद्ध मु.अ.सं. 208/22 धारा 498A/304B भादवि व धारा 3/4 दहेज प्रतिषेध अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। साथ ही मृतका के शव को पंचनामा भरने के बाद पीएम के लिये भेज दिया। उधर बताया गया है कि पत्नी नीलम की मृत्यु हो जाने के बाद उसके पति बिंदर सिंह ने भी जहर का सेवन कर लिया। परिजन उपचार के लिये उसे काशीपुर ले गए थे। बताया गया है कि नीलम और बिंदर के बीच प्रेम संबंध चल रहे थे। जानकारी होने पर परिजनों ने आपसी सहमति पर दोनों का विवाह कर दिया था।

प्रशासनिक के स्थान पर न्यायालय के आदेशों को दें प्राथमिकता: डीएम लखनऊ

लखनऊ। गुरुवार को कलक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी सूर्य पाल गंगवार द्वारा लखनऊ बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों के साथ परिचायात्मक बैठक आहूत की गई। बैठक में बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों व जिला स्तरीय अधिकारियों द्वारा एक दूसरे को अपना परिचय दिया गया। जिलाधिकारी द्वारा बताया गया कि प्रशासनिक आदेशों के स्थान पर न्यायालय के आदेशों को प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि पैमाईश सम्बंधित प्रकरणों को धारा 24 के अंतर्गत उप जिलाधिकारी न्यायालय में वाद दाखिल कराते हुए पैमाईश कराई जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों से सदभावपूर्ण वार्तालाप किया जाये, जिससे आपसी समान्जस बनाया जा सकें। साथ ही वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से भी समय-समय पर मीटिंग करने की व्यवस्था को सुनिश्चित किया जाए। सभी अधिकारीगण व अधिवक्तागण राजस्व के अंग है।

जिलाधिकारी ने कहा कि सभी अधिकारियों द्वारा दैनिक कार्यो का समय अवधि में निस्तारण किया जाए, सभी कोर्ट में दैनिक कार्य हो, तहसीलों में पैमाइश आदि के कार्यो का निस्तारण समय से हो, ताकि कोई समस्या उत्पन्न न हो। कोर्ट में वादों का समयबद्ध निस्तारण करनें की व्यवस्था की जाये और प्रशासनिक दयत्वों को निभाते हुए रेगूलर कार्ट की जाये। समस्त अधिवक्तागण तथ्यात्मक रुप से कोर्ट में वाद प्रतिवाद करने के लिए प्रतिबद्ध हों तथा नियमों के आधार पर पक्ष प्रस्तुत किया जाये, जिसके लिए अपने जूनियर के माध्यम से तथ्यों को कोर्ट में पेश किया जाये ताकि कोर्ट के वादों का निस्तारण नियमानुसार गुण्वत्तापूर्ण तथा सही समय पर किया जा सके। बाद में जिलाधिकारी द्वारा बार एसोसिएशन के कार्यालय भवन का भी निरीक्षण किया गया। बैठक में अपर जिलाधिकारी प्रशासन, अपर जिलाधिकारी नगर पूर्वी, अपर जिलाधिकारी एल0ए0 प्रथम, अपर जिलाधिकारी एल0ए0 द्वितीय, समस्त अपर नगर मजिस्ट्रेट, अध्यक्ष बार एसोसिएशन, उपाध्यक्ष बार एसोसिएशन, महामंत्री बार एसोसिएशन सहित समस्त बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों द्वारा प्रतिभाग किया गया।

डाक्टर के तबादले को लेकर छिड़ा घमासान!

एबीवीपी को दबाने की कोशिश में भाजपा पदाधिकारी। घेराव के बाद सीएमओ ने किया था अवैध उगाही के आरोपी डॉक्टर व स्टाफ का तबादला। डाक्टर का तबादला निरस्त कराने के लिए पैरवी में उतरे भारतीय जनता पार्टी के जिला स्तर के नेता।

बिजनौर। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के धरना, प्रदर्शन के बाद प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नजीबाबाद पर छात्र छात्राओं से फिटनेस सर्टिफेकेट के नाम पर अवैध वसूली के आरोप में हटाए गए डाक्टर की पैरवी में मुख्य संगठन भारतीय जनता पार्टी के पदाधिकारी उतर आए हैं? इसे लेकर मुख्य चिकित्सा अधिकारी को पत्र लिखा गया था। यही नहीं विश्वनीय सूत्रों का तो यहां तक दावा है कि इस मामले को लेकर भाजपा जिला अध्यक्ष और संघ के नेताओं तक से संपर्क साधा जा रहा है।

दरअसल प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नजीबाबाद पर छात्र छात्राओं से फिटनेस सर्टिफेकेट के नाम पर अवैध वसूली का आरोप अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता लगा रहे थे। तमाम धरना, प्रदर्शन तथा घेराव के बाद सीएमओ ने आरोपी डॉक्टर संदीप का स्थानांतरण पीएचसी मंडावली, फार्मेसिस्ट ब्रजेश कुमार का सीएचसी समीपुर और वार्ड ब्वॉय शुभम का स्थानांतरण सीएचसी समीपुर कर दिया। इससे पहले डाक्टर संदीप अपने राजनैतिक आकाओं की शरण में पहुंचे। तब भारतीय जनता पार्टी के जिला मंत्री बलराज त्यागी ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को अपने लैटर हेड पर पत्र लिख कर जबरदस्त तरीके से पैरवी की।

क्या लिखा था डाक्टर की पैरवी में? भारतीय जनता पार्टी के जिला मंत्री बलराज त्यागी ने 14 सितंबर को मुख्य चिकित्सा अधिकारी को अपने लैटर हेड पर पत्र लिख कर जबरदस्त तरीके से पैरवी की। उन्होंने लिखा कि संदीप ईमानदार अच्छे कर्तव्यनिष्ठ डाक्टर हैं, जो मरीजों को व उनके साथ आने वालों को संतुष्ट रखते हैं। अपना कार्य पूर्ण मिष्ठा और ईमानदारी से करते आ रहे हैं। वर्तमान में भी प्राथमिक स्वास्थ केन्द्र नजीबाबाद पर पूर्ण निष्ठा से सेवा दे रहे थे। इनको प्राथमिक स्वास्थ केन्द्र पर ही बने रहने दिया जाए, जिससे कि जनसामान्य को और अधिक लाभ मिल सके। इसके साथ ही उन्होंने डा. संदीप के अब उज्वल भविष्य की कामना भी की।

फाइल चित्र

गौरतलब है कि 23 अगस्त 2022 को एबीवीपी नजीबाबाद के नगर मंत्री विनायक गुप्ता ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नजीबाबाद पर छात्र छात्राओं से फिटनेस सर्टिफेकेट के नाम पर अवैध वसूली का आरोप लगाते हुए दोषी डाक्टर और कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग करते हुए दो दिन का अल्टीमेटम दिया था। साथ ही अवैध रूप से वसूली गई रकम छात्र छात्राओं को वापस करने की मांग भी की। इस मामले में कुछ भी न होने पर पीएचसी पर धरना प्रदर्शन भी किया। आखिरकार फिर भी सुनवाई न होने पर 19 सितंबर को बिजनौर पहुंच कर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के प्रांत सह संयोजक फार्मा विजन अभिषेक त्यागी के नेतृत्व में सुधांशु चौहान जिला संयोजक बिजनौर, रॉयल अहलावत, अनमोल चौहान, बंटी चौहान, शानू त्यागी, उज्जवल चौहान, हर्षित त्यागी, आकाश राठी, मुकुल राजपूत आदि सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने सीएमओ का घेराव किया। इसके बाद सीएमओ ने उसी दिन आरोपी डॉक्टर संदीप का स्थानांतरण पीएचसी मंडावली, फार्मेसिस्ट ब्रजेश कुमार का सीएचसी समीपुर और वार्ड ब्वॉय शुभम का स्थानांतरण सीएचसी समीपुर कर दिया। अब इस मामले को लेकर तगड़ी राजनीति शुरू हो गई है। सूत्रों का कहना है कि तबादला निरस्त कराने के लिए भाजपा जिला अध्यक्ष और संघ के नेताओं तक से संपर्क साधा जा रहा है।

सक्सेना जी ने तो कटा लिया चालान, लेकिन अब सो रही पुलिस!

गाड़ी पर जाति लिखवाने पर करनी थी कार्रवाई।
UP में ‘Saxena Ji’ के नाम दिसंबर 2020 में कटा था पहला चालान। पीएएमओ के निर्देश के बाद यूपी सरकार ने गाड़ियों पर जाति या धर्मसूचक स्टिकर लगाने पर लगाया था प्रतिबंध।

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में गाड़ियों पर जातिसूचक शब्द लिखवाने पर कड़ी कार्रवाई ठंडे बस्ते में गई है। दिसंबर 2020 में किसी भी गाड़ी पर जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करने पर रोक लगा दी गई थी। इस नए आदेश के अनुपालन में प्रदेश का पहला चालान राजधानी में कानपुर के “सक्सेना जी” की गाड़ी का काटा गया था। पीएएमओ के निर्देश के बाद यूपी सरकार ने गाड़ियों पर जाति या धर्मसूचक स्टिकर लगाने पर प्रतिबंध लगा दिया था।

बताया गया है कि महाराष्ट्र के एक शिक्षक ने उत्तर प्रदेश में कार, बाइक, ट्रक, ट्रैक्टर और ई-रिक्शा पर जाति सूचक शब्द लिखे होने का मामला उठाते हुए प्रधानमंत्री कार्यालय में शिकायत की थी। उन्होंने इसे सामाजिक खतरा बताया था।शिकायत का संज्ञान लेते हुए पी.एम.ओ. ने उत्तर प्रदेश सरकार को कार्यवाही करने के आदेश दिए। आदेश का संज्ञान लेते हुए उत्तर प्रदेश के अपर परिवहन आयुक्त ने धारा 177 के तहत कार्यवाही करने के आदेश जारी किए। तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक सुजीत दुबे के मुताबिक थाना नाका हिन्डोला अंतर्गत दुर्गापुरी मेट्रो स्टेशन चेक पोस्ट पर वाहनों की चेकिंग कर रहे सब इंस्पेक्टर दीपक कुमार अशोक ने कार पर लिखे ‘जाति सूचक’ शब्द पर पहला चालान किया।

क्या कहा था पुलिस आयुक्त ने?
पुलिस आयुक्त डीके ठाकुर के अनुसार एक वैन नाका थाना क्षेत्र से होकर कानपुर की ओर जा थी। इस पर नंबर कानपुर का दर्ज होने के साथ ही पीछे शीशे पर “सक्सेना जी” लिखा था। इस दौरान एसआई दीपक कुमार ने वाहन चेकिंग अभियान के तहत गाड़ी को रोका और चालान कर दिया।

वीडियो भी हुआ था वायरल
लखनऊ में वाहनों पर जातिसूचक शब्द लिखे जाने पर कार्रवाई का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। इस वीडियो में एक पुलिस कर्मी पहले नए आदेश को गाड़ी चालक को समझता है जिसकी गाड़ी पर ‘सक्सेना जी’ लिखा होता है, फिर कहता है कि वह उसकी गाड़ी का चालान कर रहा है। इसके बाद पुलिसकर्मी 500 रुपए का चालान काट देता है।

पूरे प्रदेश में नियमों की अनदेखी: फिलहाल पूरे उत्तर प्रदेश में यातायात के नियमों की अनदेखी की जा रही है। वाहन चालक खुलेआम कानून की धज्जियां उड़ाते हुए घूम रहे हैं, लेकिन विभाग उदासीन है।

ब्लॉक प्रमुखी जीतने को खर्च किए ₹3 करोड़, वायरल ऑडियो पर शिकायत

अलीगंज ब्लॉक प्रमुख रेखा शाक्य के पति डॉ. अशोक रतन शाक्य के कथित वायरल ऑडियो को लेकर अधिकार सेना के राष्ट्रीय संयोजक रिटायर्ड आईपीएस अमिताभ ठाकुर ने शासन में शिकायत की है। साथ ही इसे लेकर सोशल मीडिया पर अपना एक वीडियो भी उन्होंने जारी किया है। यह भी कहा गया कि ब्लॉक प्रमुख चुनाव जीतने के लिए तीन करोड़ रुपये खर्च किए हैं।

ब्लॉक प्रमुख पति के कथित वायरल ऑडियो पर अमिताभ ठाकुर ने की शिकायत
एटा। अलीगंज ब्लॉक प्रमुख रेखा शाक्य के पति डॉ. अशोक रतन शाक्य के कथित वायरल ऑडियो को लेकर अधिकार सेना के राष्ट्रीय संयोजक अमिताभ ठाकुर ने शासन में शिकायत की है। साथ ही इसे लेकर सोशल मीडिया पर अपना एक वीडियो भी उन्होंने जारी किया है। हालांकि ब्लॉक प्रमुख के पति इसे अपना ऑडियो मानने से इनकार कर रहे हैं।

भाजपा विरोधी, यादव और मुसलमानों को नहीं देंगे कोई काम: ब्लॉक प्रमुख की फोन कॉल का कथित ऑडियो सोमवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इसमें फोन पर उनकी बात कानपुर नगर के रवि द्विवेदी से होती है। बातचीत के दौरान ब्लॉक प्रमुख पति के नाम से व्यक्ति कहता है कि हम भाजपा विरोधी, यादव और मुसलमानों को कोई काम नहीं देंगे। साथ ही अभद्र भाषा का प्रयोग भी किया गया।

जांच कराकर कार्रवाई की मांग: यह भी कहा गया कि ब्लॉक प्रमुख चुनाव जीतने के लिए तीन करोड़ रुपये खर्च किए हैं। इसी को लेकर अमिताभ ठाकुर ने मुख्यमंत्री सहित पीएमओ, गृह मंत्रालय, आयकर विभाग व ईडी के अधिकारियों को शिकायत भेजी है। कहा है कि मामला काले धन और कर चोरी से जुड़ा है और आपराधिक कृत्य का मामला है। इस पर जांच कराकर कार्रवाई की जानी चाहिए।

एक यूनिट पर आधा किलो अनाज कम दे रहे हैं राशन डीलर

डीलरों व विभाग की मिलीभगत से राशन वितरण प्रणाली चढ़ी भ्रष्टाचार की भेंट

बिजनौर। जिले में राशन वितरण में धांधली की शिकायतें आने के बावजूद कोई सुधार होता नहीं प्रतीत हो रहा है।  राशन डीलर एक यूनिट पर आधा किलो अनाज कम दे रहे हैं कुछ राशन डीलरों ने नाम न  बताने की शर्त पर बताया कि उन्हें वितरण के लिए आवंटन अनाज प्रति कुन्टल पांच किलो पहले ही कम मिलता है ऊपर से विभाग को भी चढ़ावा चढाना होता है अगर हम पूरा देंगे तो हमें घर बैठना होगा।

गौरतलब है कि कोरोना के समय महिने में दो बार राशन का वितरण किया गया जिसमें भारी घपला किया गया। इसी के चलते ये राशन वितरण राशन डीलरों की बड़ी आय का जरिया बन गया। अधिकांश डीलरों ने मनमाने ढंग से वितरण किया, राशन लेने वाली जनता ने भी कोई शिकायत इसलिए नहीं की कि राशन डीलर नाराज न हो जाये। अब सरकार ने फ्री राशन की योजना बन्द कर दी है तभी से राशन डीलरों ने कटौती करना शुरू कर दिया है।  इस बारे में जिला पूर्ति अधिकारी से जानकारी की गई तो उन्होंने, हम क्या कर सकते हैं कहकर विवशता जता दी।  राशन कम देने का मामला बिजनौर दौरे पर आये प्रभारी मन्त्री के सामने भी उठ चुका है जिस पर जांच कराने की बात कह मन्त्री द्वारा भी औपचारिकता निभा दी गई। राशनकार्ड में भी डीलरों द्वारा हेराफेरी कर राशन का गोलमाल किया जा रहा है कई माह से राशनकार्ड बनवाने के लिए भटक रहे शरीफ ने बताया कि मेरा राशनकार्ड बिना किसी जानकारी के एक साल पहले केन्सिल कर दिया गया था ये जानकारी राशन डीलर से मिली तभी से दो बार आनलाइन आवेदन किया पर अब बताया गया है कि ये राशनकार्ड चालू है तथा इस पर राशन भी दिया जा रहा है। अब शरीफ विभाग के चक्कर काट रहे हैं कि उनके नाम पर कौन किस डीलर से राशन ले रहा है। सूत्रों की माने तो ये सब गोलमाल डीलर व विभाग के बीच का है जो पहले से ही बड़ी संख्या में उपभोक्ता को गफलत में रख राशन डकार जाते हैं। सरकार ने भले ही आनलाइन सब व्यवस्था कर दी है पर घपलेबाज तू डाल डाल, मैं पात पात, की कहावत चरितार्थ कर अपना उल्लू सीधा करने में कामयाब हैं।

दो झोलाछाप डाक्टर के क्लीनिक सील


बिजनौर। तमाम फजीहतों औऱ शिकायतों के बाद जागे स्वास्थ्य विभाग का सरकारी चाबुक अब लगातार झोलाछाप डॉक्टरो पर चलता नज़र आ रहा है। इसी क्रम में तमाम शिकायतों के बाद सीएमओ के आदेश पर सीएचसी प्रभारी डॉ विशाल दिवाकर व उनकी टीम स्योहारा के ग्राम मेवाजठ पहुंची। यहां चर्चित फर्जी व नशे के सौदागर के नाम से विख्यात झोलाछाप डॉ मतलूब अली और डॉ सत्यम की क्लिनिक को सील कर दिया। स्वास्थ्य विभाग की इस कार्यवाही के बाद क्षेत्र के बाकी फर्जी चिकित्सकों में अफरातफरी मची हुई है।

कब्जामुक्त नहीं हो पा रहे स्वास्थ्य विभाग के भवन

नजीबाबाद (बिजनौर)। स्वास्थ्य विभाग में दो साल पहले गैर जनपद हुए ट्रांसफर के बाद अधिकारियों की ओर से बार-बार नोटिस जारी करने के बाद भी आवास खाली नहीं हो रहे है। बताया जाता है कि सरकारी अस्पतालों के आवास पर उन चिकित्सकों ने अभी तक अपना अवैध कब्जा कर रखा है, जिनका कई साल पहले यहां से गैर जनपद या दूसरे स्थान पर ट्रांसफर हो चुका है। यहां तक कि खुद प्रभारी चिकित्सा अधिकारी के आवास पर कई साल पहले ट्रांसफर हुए डॉक्टर का कब्जा चल रहा है, जबकि इस दौरान कई प्रभारियों की नियुक्ति हो चुकी है। सरकारी अस्पतालों के आवास पर एक दूसरे को देख कर धड़ल्ले से अवैध कब्जे का खेल चल रहा है। बार-बार नोटिस जारी होने के बाद भी कब्जाधारियों पर कोई असर होता हुआ दिखाई नहीं दे रहा है। इसके चलते नजीबाबाद तबादला होकर आए अन्य चिकित्सा अधिकारियों को आवास के लिए परेशान होना पड़ रहा है। विगत दिनों पूर्व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर आए सीएमओ विजय गोयल से सरकारी आवासो पर अवैध कब्जे की शिकायत की गई थी, जिस पर सीएमओ ने नोटिस देकर शीघ्र सरकारी आवासो खाली करने को कहा था लेकिन कई नोटिसों के बाद भी सरकारी आवास खाली नहीं हो पा रहे हैं। तीन दिन पूर्व सम्पूर्ण समाधान दिवस पहुंचे डीएम उमेश मिश्रा के सामने मीडियाकर्मियों ने यह मुद्दा उठाया था। डीएम ने सीएमओ को सख्त आदेश करते हुए कहा था कि कब्जा करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाए और पुलिस का सहारा लेकर आवासों को कब्जा मुक्त कराया जाये। डीएम उमेश मिश्रा के आदेश के बाद भी सरकारी आवास कब्जा मुक्त ना होने से स्वास्थ्य विभाग को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं।

सीएमओ की कार्यशैली पर उठ रहे सवाल

नजीबाबाद। बार-बार नोटिस जारी करने के बाद भी सरकारी आवास को कब्जा मुक्त ना करने पर अभी तक कोई भी मुकदमा दर्ज नहीं हुआ है, जबकि सीएमओ की ओर से मुकदमा दर्ज करने की बात कही गई थी। सवाल उठ रहे हैं कि कहीं इसके पीछे खुद सीएमओ का तो मौन समर्थन हासिल नहीं है, जिसकी बदौलत सरकारी आवास कब्जा मुक्त नहीं हो पा रहे हैं।

गौवंशों की सेवा के लिए प्रिंस चौधरी ने लगाया कैंप

बिजनौर। भाजपा नेता प्रिंस चौधरी ने गौवंशों की सेवा का बीड़ा उठाया है। इसके लिए उनके गोल बाग स्थित कैम्प कार्यालय पर सुविधा उपलब्ध कराई गई है। उन्होंने बताया कि किसी किसान भाई की गौमाता को लिम्पी रोग या उसके लक्षण हों, तो तुरंत गोल बाग स्थित उनके कैम्प कार्यालय पर सम्पर्क करें। इसके साथ ही उन्होंने सर्वसाधारण से अपील की है कि यदि आपको जंगल में या अपने आसपास कोई गौमाता लिम्पी बीमारी से ग्रसित दिखाई दे तो कृपया उनके मो० नं० 6396117230, 9412567870 पर सूचित कर इस पुण्य कार्य में सहयोग प्रदान करें। भाजपा नेता ने कहा कि वह सुख-दुःख की हर घड़ी में सभी सम्मानित क्षेत्रवासियों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हैं।

डाक विभाग की 12वीं राज्य स्तरीय डाक टिकट प्रदर्शनी ‘यूफिलेक्स–2022’ की तैयारियां

डाक विभाग द्वारा 12वीं राज्य स्तरीय डाक टिकट प्रदर्शनी ‘यूफिलेक्स–2022’ का 15 से 17 अक्टूबर, 2022 तक आयोजन

डाक टिकट प्रदर्शनी ‘यूफिलेक्स–2022’ के संबंध में चीफ पोस्टमास्टर जनरल के.के सिन्हा ने जारी की विशेष बुकलेट

आजादी के अमृत काल में डाक टिकटों के माध्यम से भारत की समृद्धि, संस्कृति एवं विरासत में उत्तर प्रदेश के योगदान को प्रदर्शित करेगा ‘यूफिलेक्स–2022’

लखनऊ। आजादी के अमृत महोत्सव के क्रम में उत्तर प्रदेश डाक परिमण्डल द्वारा 12वीं राज्य स्तरीय डाक टिकट प्रदर्शनी ‘यूफिलेक्स–2022’ का आयोजन 15 अक्टूबर से 17 अक्टूबर, 2022 तक ललित कला अकादमी, अलीगंज, लखनऊ में किया जाएगा। उत्तर प्रदेश परिमण्डल के चीफ पोस्टमास्टर जनरल कौशलेन्द्र कुमार सिन्हा ने इस प्रदर्शनी के आयोजन के संबंध में विशेष बुकलेट जारी करते हुए बताया कि इस प्रदर्शनी में उत्तर प्रदेश के तमाम डाक टिकट संग्रहकर्ताओं द्वारा भारत एवं विश्व के विभिन्न अनूठे व मूल्यवान डाक टिकटों का प्रदर्शन किया जाएगा। गौरतलब है कि पिछली राज्य स्तरीय डाक टिकट प्रदर्शनी आठ वर्ष पूर्व वर्ष 2014 में आयोजित की गयी थी।

चीफ पोस्टमास्टर जनरल श्री कौशलेन्द्र कुमार सिन्हा ने कहा कि डाक टिकट किसी भी देश के सांस्कृतिक एवं सामाजिक जीवन की वास्तविक झांकी प्रस्तुत करते हैं। ‘यूफिलेक्स–2022’ में आजादी के अमृत काल में डाक टिकटों के माध्यम से भारत की समृद्धि, संस्कृति एवं विरासत में उत्तर प्रदेश के योगदान को भी प्रदर्शित किया जायेगा। प्रदर्शनी के तीनों दिवसों पर उत्तर प्रदेश के विभिन्न ऐतिहासिक स्थलों, स्मारकों, विरासतों, साहित्य, कला, संस्कृति इत्यादि पर विशेष आवरण और विरूपण भी जारी किये जायेंगे। श्री सिन्हा ने कहा कि प्रदर्शनी में युवाओं और स्कूली बच्चों के अंदर एक अभिरुचि के रूप में फिलेटली को विकसित करने हेतु फिलेटलिक वर्कशॉप, पेन्टिंग, क़्विज और अन्य तमाम गतिविधियों का आयोजन किया जायेगा। डाक टिकटों पर अपनी और अपने प्रियजनों की फोटो छपवाने की सुविधा हेतु हेतु ‘माई स्टैम्प’ का विशेष काउंटर भी लगाया जायेगा।

चीफ पोस्टमास्टर जनरल श्री सिन्हा ने बताया कि ‘यूफिलेक्स–2022’ के आयोजन हेतु विभिन्न कमेटियाँ गठित की गई हैं। चीफ पोस्टमास्टर जनरल जहां आयोजन समिति के अध्यक्ष होंगे, वहीं पोस्टमास्टर जनरल कानपुर कर्नल एस. एफ. एच. रिजवी स्टीयरिंग और ज्यूरी/अवार्ड कमेटी, महाप्रबंधक (वित्त) राजेंद्र प्रसाद ट्रेड और वालंटियर कमेटी, पोस्टमास्टर जनरल वाराणसी कृष्ण कुमार यादव पब्लिकेशन, पब्लिसिटी व डिजाइनिंग कमेटी, पोस्टमास्टर जनरल आगरा राजीव उमराव यूथ प्रोग्राम और एलॉटमेंट, प्रदर्शनी, तकनीकी व सुरक्षा कमेटी, पोस्टमास्टर जनरल लखनऊ विवेक कुमार दक्ष रिसेप्शन, हॉस्पिटलिटी, सेरेमोनियल व प्रोग्राम कमेटी के अध्यक्ष होंगे।

तारीख पर तारीख को लेकर भिड़े दो पक्ष

एसडीएम कोर्ट में भिड़ते दो पक्ष

बिजनौर। पंचायत चुनाव में कथित तौर पर फर्जी वोट डलवा कर जीतने वाले पक्ष के खिलाफ एसडीएम बिजनौर कोर्ट में पिटिशन डालने वाले पक्ष और विपक्ष के पैरोकारों में तारीखों को लेकर भिड़ंत हो गई। जमकर बवाल हुआ, हाथापाई तक की नौबत आ गई। मामला सुर्खियों में बना हुआ है।

जानकारी के अनुसार पंचायत चुनाव में पराजित प्रत्याशी की ओर से विजयी प्रत्याशी के खिलाफ फर्जी वोट डलवाने की शिकायत एसडीएम बिजनौर कोर्ट में डाली गई थी। मंगलवार को दोनों पक्ष के पैरोकार एसडीएम बिजनौर कोर्ट पहुंचे।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार पराजित पक्ष चाहता था कि तारीख जल्दी की मिले, जबकि दूसरा पक्ष देरी की चाहता था। बस इसी को लेकर दोनों पक्ष भिड़ गए। कोर्ट के अंदर ही तीखी बहस और नोंकझोंक हो गई।

आखिर क्या है मामला? ग्राम पंचायत चुनाव में ग्राम कंभौर में आकेंद्र पाल सिंह की पत्नी शोभना और पूर्व प्रधान ओमवीर सिंह की पत्नी रेनू भाग्य आजमाने को उतरी थीं। चुनाव परिणाम आया तो रेनू ने शोभना को 18 वोट से पराजित कर दिया। आकेंद्र पाल सिंह का कहना है कि उनकी पत्नी शोभना को फर्जी वोट डलवा कर हराया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि जीतने वाले पक्ष ओमवीर सिंह ने लगभग आधा सैकड़ा फर्जी वोटर बनवा कर चुनाव में धांधली की। फर्जी वोटर ग्राम खासपुरा, गंगौड़ा, बिजनौर शहर के मोहल्ला जाटान, कांशीराम कालोनी आदि में रहते हैं और उनके वहां भी वोट हैं। अर्थात उक्त लोग दो जगहों पर वोटर हैं। जुलाई में पराजित पक्ष शोभना की तरफ से एसडीएम बिजनौर कोर्ट में पिटिशन डाली गई। तब से लगातार कई तारीखें लग चुकी हैं।

राजनैतिक आका के दम का दम: दो का कर दिया काम, अब रह गया है एक और…

इसे राजनैतिक आका के दम का दम ही कहा जाएगा कि बिजनौर के पॉश एरिया सिविल लाइंस फर्स्ट में पेट्रोल पंप के सामने युवक की जान लेने की कोशिश करने हमलावरों के हौसले बुलंद हैं। एसआरएस मॉल के सामने पुलिस चेकपोस्ट के बराबर में एक अन्य युवक को भी जमकर पीटने वाले कहते घूम रहे हैं कि दो का कर दिया काम, अब रह गया है एक और…। उधर मुखबिरी करने वाले को भी फंसने का अंदेशा हुआ तो उसने भी सारे घोड़े खोल लिए।

बिजनौर। पुलिस की हीलाहवाली के चलते जिला मुख्यालय के पॉश एरिया सिविल लाइंस फर्स्ट में इंटीरियर डेकोरेटर पर दिनदहाड़े जानलेवा हमले के आरोपी छुट्टा घूम रहे हैं।राजनैतिक आका की शरण में पहुंचने के बाद जहां हमलावर अपने बुलंद हौसलों के साथ किसी नई वारदात को अंजाम देने की फिराक में हैं, वहीं पुलिस भी हाथ पर हाथ धरे बैठी है।

14 सितंबर को कृष्णा सेंट्रल प्लाजा के सामने महावीर स्कूल व पेट्रोल पंप के बाहर दिल्ली से आए युवक की जान लेने की कोशिश की गई। युवक जन्मदिन मनाने अपने घर आया हुआ है। कुछ ही देर बाद हमलावरों ने एसआरएस मॉल के सामने पुलिस चेकपोस्ट के बराबर में एक अन्य युवक को जमकर पीटा। थाना शहर कोतवाली पुलिस ने घायल युवकों का मेडिकल कराया और हमलावरों की तलाश शुरू कर दी। दिनदहाड़े हुई दोनों घटनाओं से पुलिस की कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिन्ह लग रहा है।

गौरतलब है कि दिल्ली में रहकर इंटीरियर डेकोरेशन का काम करने वाला सजल कुमार 14 सितंबर को जन्मदिन होने के कारण अपने घर ग्राम कम्भौर आया हुआ था। सजल ने अपने मित्रों को बर्थडे पार्टी के तौर पर कुल्फी खिलाने के लिए सिविल लाइंस प्रथम स्थित महावीर स्कूल व पेट्रोल पम्प (कृष्णा सेंट्रल प्लाजा के सामने) बुलाया। इसी दौरान कम्भौर के ही एक युवक ने सजल से बातचीत की और मोबाइल फोन पर किसी से बात करने लगा। कुछ ही देर में जमालपुर, चौकपुरी व छोइया नंगली निवासी कुछ युवक अपने 5-6 साथियों के साथ वहां पहुंचे और सजल को और जान से मारने की नीयत से मारपीट शुरू कर दी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एक महिला पुलिस कांस्टेबल ने बीचबचाव की कोशिश की, लेकिन हमलावर उसे भी झटक कर आराम से फरार हो गए। महिला पुलिस कांस्टेबल ने उक्त घटना की वीडियो भी अपने मोबाइल फोन से बना ली। वहीं पेट्रोल पंप व अन्य सीसीटीवी कैमरों में घटना कैद हो गई है। यही नहीं उक्त वारदात को अंजाम देने के कुछ ही देर बाद हमलावरों ने एसआरएस मॉल के सामने पुलिस चेकपोस्ट के बराबर में एक अन्य युवक को जमकर पीटा। पुलिस को दी गई तहरीर में शुभम निवासी जमालपुर, मयंक चौधरी निवासी चौकपुरी व तरुण चौधरी निवासी छोइया नंगली व 5-6 अन्य अज्ञात पर घटनाओं का आरोप लगाया गया। सूचना पर थाना शहर कोतवाली पुलिस ने जिला संयुक्त चिकित्सालय में घायल युवकों का मेडिकल कराया और हमलावरों की तलाश शुरू कर दी। दिनदहाड़े हुई दोनों घटनाओं से पुलिस की कार्यप्रणाली पर लगा प्रश्नचिन्ह अब भी बरकरार है।

रहस्यमई महिला पुलिस कांस्टेबल: जानकारों का कहना है कि घटना के वक्त मौजूद एक महिला पुलिस कांस्टेबल ने बीचबचाव की कोशिश की, लेकिन हमलावर उसे भी झटक कर फरार हो गए। महिला पुलिस कांस्टेबल ने उक्त घटना की वीडियो भी अपने मोबाइल फोन से बना ली। इसके बावजूद उसने अब तक थाना चौकी पुलिस को घटना की बाबत कोई जानकारी नहीं दी ही।

राजनैतिक आका का हमलावरों को अभयदान: सूत्रों का कहना है कि मामले में राजनैतिक आका ने हमलावरों को अभयदान दे दिया है। उन्हें पूरा विश्वास दिलाया गया है कि पुलिस कुछ भी नहीं बिगाड़ सकती। इसलिए वे अब और भी ज्यादा खूंखार होकर नई वारदात को अंजाम देने की फिराक में शिकार की तलाश कर रहे हैं। वैसे राजनैतिक आका भी कृष्ण जन्म भूमि में अंदर बाहर के खेल से बखूबी परिचित हैं।

सफाई कर्मियों का काम कर रहे नौनिहाल

सरकार द्वारा चलाया जा रहा है स्वच्छता पखवाड़ा। पहले ही दिन सोशल मीडिया पर वायरल हुआ स्कूल के बच्चों द्वारा कूड़ा डालने का वीडियो। कस्बा झालू के इस मामले के प्रकाश में आने पर संभ्रांत नागरिकों में रोष व्याप्त है।

बिजनौर। कस्बा झालू के रामलीला मैदान के निकट एक प्राथमिक विद्यालय के बच्चों द्वारा स्कूल के अन्दर से डस्टबिन में कूड़ा भर कर बाहर डालने का वीडियो वायरल होने से नगर व शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया। नगरवासियों ने मामले की शिकायत विभागीय अधिकारियों से शिकायत करने का निर्णय लिया है।
झालू के मोहल्ला रामलीला मैदान के निकट एक प्राथमिक विद्यालय स्थित है। सोमवार को प्राथमिक विद्यालय के कुछ बच्चों द्वारा डस्टबिन से स्कूल के समीप कूड़ा डालने का वीडियो वायरल होने से नगरवासियों में आक्रोश पैदा हो गया। मोहित कुमार, डॉ कावेंद्र सिंह, ज्ञानेश्वर, शिवा आदि नगरवासियों ने मामले की शिकायत विभागीय उच्च अधिकारियों से करने की बात कही है। प्राथमिक विद्यालय के प्रधानाचार्य समबील हसन का कहना है कि स्कूल में सफाई कर्मचारी ना होने व मुख्यमंत्री के आदेशानुसार स्वच्छता पखवाड़े के अंतर्गत स्कूल में सफाई कराई जा रही है जिस कारण बच्चों से कूड़ा उठाया गया है।

सीएम ने कहा है बच्चों से करा सकते हैं सफाई? इस संबंध में प्रधान अध्यापक से जानकारी की गई तो उल्टा चोर कोतवाल को डांटे वाली कहावत सामने आ गई। हेड मास्टर सम्बिल हसन का कहना था कि विद्यालय में सफाई कर्मचारी नहीं है। स्कूल में स्वच्छता पखवाड़ा दिवस मनाया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का भी कहना है कि स्कूल में बच्चों से सफाई करा सकते हैं। वहीं  स्कूल के आसपास रहने वाले लोगों ने नाम ना छापने की शर्त बताया कि बच्चों से हर दिन सफाई कराने का कार्य लिया जाता है।

जापान की तर्ज पर होगा काम: बीएसए

बेसिक शिक्षा अधिकारी जयकरन यादव ने बताया कि सभी विद्यालयों में स्वच्छता पखवाड़ा मनाया जा रहा है। हमारे डीजी साहब के भी आदेश हैं कि स्कूल के स्टाफ तथा बच्चे सफाई कार्य में सहयोग कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि जापान के मॉडल पर यहां भी कार्य होना है। पिछले दिनों बिजनौर आए मुख्यमंत्री जी की भी यही मंशा थी। इसके बावजूद सिर्फ बच्चों द्वारा कूड़ा डालने की वीडियो पर बोले कि स्टाफ के साथ ही बच्चों से भी काम कराया जा सकता है। वायरल वीडियो में सिर्फ बच्चे ही दिखने की वजह ये है कि किसी ने इतनी ही क्लिप डाली है।

चांदपुर पुलिस के हत्थे चढ़े 3 शातिर चोर

चांदपुर पुलिस ने किया शातिर चोर गिरोह का पर्दाफाश। चोरी के 31 मोबाइल फोन,7 बैटरी, चोरी के तार, आभूषण व अवैध शस्त्र बराम

बिजनौर। पुलिस ने तीन शातिर चोर गिरोह का भंडाफोड़ किया है। उनके कब्जे से चोरी के 31 मोबाइल फोन,7 बैटरी, चोरी के तार, आभूषण व अवैध शस्त्र बरामद किए गए हैं। जनपद बिजनौर के थाना चांदपुर क्षेत्र में शातिर चोर चोरी की घटना को अंजाम देकर मौके से फरार हो जाते थे। मंगलवार को स्वाट/सर्विलांस टीम व थाना चांदपुर पुलिस ने शातिर चोर गैंग गिरोह का भंडाफोड़ किया।

एसपी ग्रामीण राम अर्ज ने पुलिस लाइंस में प्रेस वार्ता कर घटना का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि अभियुक्त गुलजार, रामपाल, अजय सैनी को चोरी के 31 मोबाइल फोन, 07 बैट्री, चोरी के तार, आभूषण व अवैध शस्त्रों सहित गिरफ्तार किया गया है। प्रेस कांफ्रेंस में सीओ चांदपुर सुनीता दहिया तथा इंस्पेक्टर भी मौजूद थे।

तहसीलकर्मियों ने दलित की जमीन कर दी दूसरों के नाम!

बिजनौर। सरकारी कर्मचारियों के खेल भी निराले हैं। कभी भी, कहीं भी और कुछ भी कर दें, पता नहीं। बाप बड़ा न भइया, सबसे बड़ा रुपैया के सिद्धांत पर ही होता है काम। ऐसा ही एक मामला प्रकाश में आया है। तहसील बिजनौर के  तीन लेखपालों व एक राजस्व निरीक्षक ने भारी भरकम रकम डकार कर करोड़ों की जमीन पर अन्य लोगों का कब्जा करा दिया।

पीड़िता ऊषा के अनुसार उसके दादा छज्जू सिंह पुत्र ज्ञाना निवासी ग्राम फिरोजपुर मान्डू परगना दारानगर तहसील व जिला बिजनौर, अनुसूचित जाति से चमार थे। उनके एकमात्र पुत्र तेजा सिंह उर्फ तेजपाल थे। तेजा सिंह ऊषा के पिता थे। ऊषा के दादा द्वारा छोड़ी गई आराजी काश्त उसकी माता व भाई के नाम बतौर वारिस आनी चाहिए थी। आरोप है कि विरेन्द्र पाल लेखपाल, पवन लेखपाल, सहजराम लेखपाल व प्रमोद कुमार सैनी राजस्व निरीक्षक ने कागजात में हेराफेरी करके फर्जी तरीके से पीड़िता की पुश्तैनी जमीन अन्य व्यक्तियों के नाम कर दी।

कागजात में हेराफेरी कर जमीन की दूसरों के नाम- महिला ने आरोप लगाया कि उक्त सरकारी कर्मचारियों ने कागजात में हेराफेरी कर उसकी दादिलाही जमीन प्रमोद, आमोद पुत्रगण जसबन्त सिंह निवासी मौ0 नई बस्ती-14 निकट करबला थाना को0 शहर जिला बिजनौर, चेतन पुत्र प्रीतम निवासी ग्राम लखपत नगर थाना कोतवाली शहर जिला बिजनौर, नौबहार, महावीर, सोहन, मोहन पुत्रगण मूला निवासी ग्राम मुन्डूपुर थाना-को०शहर जिला बिजनौर, बलजोर पुत्र गिरवर निवासी ग्राम लक्खीवाला थाना-को०शहर जिला बिजनौर, बलवीर पुत्र गरीबा निवासी ग्राम लक्खीवाला थाना को०शहर जिला बिजनौर, राजीव, संजीव पुत्रगण मुनेशवर, नीरज पुत्र तपेशवर नि०गण ग्राम  पृथ्वीपुर थाना को०शहर जिला बिजनौर के नाम कर दी। पीड़िता ने बताया कि उसके दादा व पिता ने अपनी आराजी काश्त का बैनामा कभी भी किसी के नाम नहीं किया।

आखिर क्या है मामला? छज्जू सिंह पुत्र ज्ञाना के खसरा सं0- 72/1, 173/1, 50/6, 52/1, 53, 54/1, 95/1, 109/1 में 9 बीघा पक्की यानी 27 बीघा जमीन थी। मौजा दारानगर बी0ए0 परगना दारानगर तहसील व जिला बिजनौर में खसरा नं0- 336, 337 में आम का बाग भी उनके हिस्से में ही था। छज्जू सिंह व उनके पुत्र तेजा सिंह उर्फ तेजपाल की मृत्यु के बाद उक्त जमीन उनके पुत्रों के नाम बतौर वारिसान दर्ज होनी थी। आरोप है कि सरकारी कर्मचारियों व आरोपित ग्रामीणों ने आपस में हमसाज होकर  कागजात में हेराफेरी करके छज्जू पुत्र ज्ञाना नाम का फायदा उठाकर महिला की पुश्तैनी जमीन छज्जू सैनी पुत्र गरीबा निवासी ग्राम लक्खीवाला के नाम करवा दी। पीड़िता व परिजनों को इस बात की भनक तक न हुई कि आरोपियों ने माल कागजात में हेराफेरी करके उपरोक्त व्यक्तियों के नाम दर्ज कर दिये हैं। जब ऊषा ने अपनी आराजी काश्त की नकल ली, तब मामला सामने आया।

काम के बदले मांगी रिश्वत- पीड़िता ने बताया कि इस बात को लेकर वह राजस्व निरीक्षक प्रमोद कुमार से मिली तो उसने दादा व पिता द्वारा छोड़ी गई जमीन उसकी मां व भाइयों के नाम करने की एवज में 50 हजार रुपए मांगे। इस बात की शिकायत उच्च अधिकारियों से की तो उक्त सभी उससे रंजिश रखने लगे। यह भी आरोप है कि अधिकारियों ने भी कोई सही कार्यवाही आज तक नहीं की।

घर में घुसकर पीटा, तोड़फोड़- 06 जुलाई 2020 को सुबह 7 बजे प्रमोद, आमोद, चेतन, महावीर, सोहन, मोहन व विरेन्द्र पाल, सहजराम, बलजोरा, प्रमोद कुमार सैनी, संजीव, नीरज और राजीव, बलवीर ने ऊषा की उसके घर में घुसकर जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए जमकर पिटाई की। इस दौरान हमलावर उच्च अधिकारियों से शिकायत करने पर उसके भाइयों को जान से मारने की धमकी देते रहे। उन्होंने उसके घर के सामान को तोड़फोड़ कर तहसनहस कर दिया। शोर सुनकर पहुंचे नरेश, निधि व बहुत से लोगों ने उस को बचाया।

पुलिस अधीक्षक को सौंपा कोर्ट का आदेश: पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह को प्रार्थना पत्र देकर अवगत कराया कि उसने अपनी रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए उपरोक्त मुल्जिमान के विरूद्ध थाना कोतवाली शहर बिजनौर को एक प्रार्थना पत्र दिया था, लेकिन उस पर कोई कार्यवाही नहीं हुई। तत्कालीन पुलिस अधीक्षक बिजनौर को भी प्रार्थना पत्र दिया लेकिन उस भी कोई कार्यवाही नहीं हुई। इसके बाद न्यायालय में एडीजे कोर्ट नं- 2 बिजनौर परिवाद सं.- 36/20 उषा बनाम प्रमोद आदि दायर किया था। इस पर न्यायालय ने दिनांक 05-04-2022 को उपरोक्त प्रमोद, आमोद, चेतन, नौबहार, महावीर, सोहन, मोहन, बलजोरा, बलवीर, राजीव, संजीव व नीरज को धारा-323, 504, 506 आई.पी.सी. व 3/1 द,ध, एस०सी०/एस०टी० एक्ट में तलब किया था। वहीं विरेन्द्र पाल लेखपाल, पवन लेखपाल, सहजराम लेखपाल व प्रमोद कुमार सैनी राजस्व निरीक्षक को यह कहते हुए तलब नहीं किया कि धारा-197 सीआरपीसी के अन्तर्गत लोक सेवक के विरूद्ध राज्य सरकार से पूर्व में अनुमति प्राप्त किये जाने के पश्चात ही अभियोग लाया जा सकता है। पीड़िता ने उपरोक्त आदेश के विरूद्ध उच्च न्यायालय में उपरोक्त मुल्जिमान को अभियुक्त बनाने के लिए याचिका अन्तर्गत धारा-482 याचिका सं0-22288/2022 उषा बनाम राज्य सरकार 16 आदि दायर की थी। इस पर उच्च न्यायालय इलाहाबाद ने दिनांक 28-07-2022 को अपनी रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए पुलिस अधीक्षक बिजनौर के समक्ष प्रार्थना पत्र देने हेतु निर्देशित किया है। इसके अलावा पुलिस अधीक्षक को भी प्रार्थिनी के प्रार्थना पत्र पर अभियोग पंजीकृत कराने हेतु आदेशित किया गया है।

एसपी ने दिए जांच के आदेश: पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह ने सीओ सिटी को पीड़िता ऊषा के प्रार्थना पत्र पर जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने को निर्देशित किया है।

आरोपियों में खलबली: महिला के प्रार्थना पत्र तथा कोर्ट के आदेश की भनक लगते ही आरोपियों में खलबली मच गई है। अब वे जोड़तोड़ की कोशिश में जुट गए हैं। एक तहसील कर्मी प्रमोद कुमार सैनी ने बताया कि बैनामा वर्ष 1960 में हो चुके थे, तब से दो चकबंदी भी निकल चुकी हैं। किसी के भी द्वारा इस मामले में कोई यथोचित पैरवी नहीं की गई।

छुट्टा घूम रहे हैं इंटीरियर डेकोरेटर पर दिनदहाड़े जानलेवा हमले के आरोपी!

छुट्टा घूम रहे हैं इंटीरियर डेकोरेटर पर दिनदहाड़े जानलेवा हमले के आरोपी। राजनैतिक आका की शरण में पहुंचे हमलावर। बिजनौर के पॉश एरिया सिविल लाइंस फर्स्ट में हुई थी वारदात। पेट्रोल पंप के सामने की थी युवक की जान लेने की कोशिश। हमलावरों ने एसआरएस मॉल के सामने पुलिस चेकपोस्ट के बराबर में एक अन्य युवक को भी जमकर पीटा। गांव के ही एक युवक पर है मुखबिरी का शक। 

बिजनौर। पुलिस की हीलाहवाली के चलते जिला मुख्यालय के पॉश एरिया सिविल लाइंस फर्स्ट में इंटीरियर डेकोरेटर पर दिनदहाड़े जानलेवा हमले के आरोपी छुट्टा घूम रहे हैं। राजनैतिक आका की शरण में पहुंचने के बाद जहां हमलावर अपने बुलंद हौसलों के साथ किसी नई वारदात को अंजाम देने की फिराक में हैं, वहीं पुलिस भी हाथ पर हाथ धरे बैठी है।

14 सितंबर को कृष्णा सेंट्रल प्लाजा के सामने महावीर स्कूल व पेट्रोल पंप के बाहर दिल्ली से आए युवक की जान लेने की कोशिश की गई। युवक जन्मदिन मनाने अपने घर आया हुआ है। कुछ ही देर बाद हमलावरों ने एसआरएस मॉल के सामने पुलिस चेकपोस्ट के बराबर में एक अन्य युवक को जमकर पीटा। थाना शहर कोतवाली पुलिस ने घायल युवकों का मेडिकल कराया और हमलावरों की तलाश शुरू कर दी। दिनदहाड़े हुई दोनों घटनाओं से पुलिस की कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिन्ह लग रहा है।

जानकारी के अनुसार दिल्ली में रहकर इंटीरियर डेकोरेशन का काम करने वाला सजल कुमार 14 सितंबर को जन्मदिन होने के कारण अपने घर ग्राम कम्भौर आया हुआ था। सजल ने अपने मित्रों को बर्थडे पार्टी के तौर पर कुल्फी खिलाने के लिए सिविल लाइंस प्रथम स्थित महावीर स्कूल व पेट्रोल पम्प (कृष्णा सेंट्रल प्लाजा के सामने) बुलाया। इसी दौरान कम्भौर के ही एक युवक ने सजल से बातचीत की और मोबाइल फोन पर किसी से बात करने लगा। कुछ ही देर में जमालपुर, चौकपुरी व छोइया नंगली निवासी कुछ युवक अपने 5-6 साथियों के साथ वहां पहुंचे और सजल को और जान से मारने की नीयत से मारपीट शुरू कर दी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एक महिला पुलिस कांस्टेबल ने बीचबचाव की कोशिश की, लेकिन हमलावर उसे भी झटक कर आराम से फरार हो गए। महिला पुलिस कांस्टेबल ने उक्त घटना की वीडियो भी अपने मोबाइल फोन से बना ली। वहीं पेट्रोल पंप व अन्य सीसीटीवी कैमरों में घटना कैद हो गई है। यही नहीं उक्त वारदात को अंजाम देने के कुछ ही देर बाद हमलावरों ने एसआरएस मॉल के सामने पुलिस चेकपोस्ट के बराबर में एक अन्य युवक को जमकर पीटा। पुलिस को दी गई तहरीर में शुभम निवासी जमालपुर, मयंक चौधरी निवासी चौकपुरी व तरुण चौधरी निवासी छोइया नंगली व 5-6 अन्य अज्ञात पर घटनाओं का आरोप लगाया गया। सूचना पर थाना शहर कोतवाली पुलिस ने जिला संयुक्त चिकित्सालय में घायल युवकों का मेडिकल कराया और हमलावरों की तलाश शुरू कर दी। दिनदहाड़े हुई दोनों घटनाओं से पुलिस की कार्यप्रणाली पर लगा प्रश्नचिन्ह अब भी बरकरार है।

रहस्यमई महिला पुलिस कांस्टेबल: जानकारों का कहना है कि घटना के वक्त मौजूद एक महिला पुलिस कांस्टेबल ने बीचबचाव की कोशिश की, लेकिन हमलावर उसे भी झटक कर फरार हो गए। महिला पुलिस कांस्टेबल ने उक्त घटना की वीडियो भी अपने मोबाइल फोन से बना ली। इसके बावजूद उसने अब तक थाना चौकी पुलिस को घटना की बाबत कोई जानकारी नहीं दी ही।

राजनैतिक आका का हमलावरों को अभयदान: सूत्रों का कहना है कि मामले में राजनैतिक आका ने हमलावरों को अभयदान दे दिया है। उन्हें पूरा विश्वास दिलाया गया है कि पुलिस कुछ भी नहीं बिगाड़ सकती। इसलिए वे अब और भी ज्यादा खूंखार होकर नई वारदात को अंजाम देने की फिराक में शिकार की तलाश कर रहे हैं। वैसे राजनैतिक आका भी कृष्ण जन्म भूमि में अंदर बाहर के खेल से बखूबी परिचित हैं।

एक करोड़ रुपए तक का प्राप्त करें ऋण

खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड द्वारा प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम। एक करोड़ रुपए तक का प्राप्त करें ऋण।

बिजनौर। उ.प्र. खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड द्वारा प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम का क्रियान्वयन किया जा रहा है। उक्त योजना के अन्तर्गत ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्र के बेरोजगार व्यक्त्यिों के लिए निर्माण क्षेत्र में धनराशि रुपया 25.00 लाख के स्थान पर धनराशि रुपया 50.00 लाख तक साथ ही सेवा क्षेत्र के लिए धनराशि रू0 10.00 लाख के स्थान पर रू0 20.00 लाख तक बैंकों के माध्यम से ऋण लेकर रोजगार शुरू कर सकते हैं।

जिला ग्रामोद्योग अधिकारी कुंवर सेन ने बताया कि योजनान्तर्गत व्यवसायिक गतिविधियां प्रतिबन्धित थीं, किन्तु अब उत्पादन से जुड़ी रिटेल शॉप/ट्रेडिंग पर ऋण हेतु बजट का 10 प्रतिशत की सीमा तक व्यवस्था कर दी गई है। योजनान्तर्गत पूर्व में स्थापित इकाईयों द्वारा निर्मित उत्पाद खादी उत्पादन तथा खादी ग्रामोद्योग आयोग द्वारा प्रमाणित उत्पादों के आउटलेट खोले जाने के लिये धनराशि रुपया 20.00 लाख तक ऋण की व्यवस्था कर दी गई है।

ट्रांसपोर्ट वाहनों पर भी वित्त पोषण: उन्होंने बताया कि पूर्व में ट्रांसपोर्ट वाहनों पर वित्त पोषण के लिए योजना में कोई प्रावधान नहीं था किन्तु अब निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष 10 प्रतिशत अनुदान धनराशि ट्रांसपोर्ट  वाहनों कैब, वैन आदि के क्रय पर व्यय की जा सकती है। यह योजना सभी प्रकार के पब्लिक सेक्टर, कोआपरेटिव, क्षेत्रीय ग्रामीण एवं आरबीआई द्वारा नियंत्रित सभी प्रकार के शिडयूल्ड प्राइवेट, कॉमर्शियल, प्राइवेट बैंक में लागू होगी।

नवीनीकृत की गयी योजना: नवीनीकृत की गयी योजना के अन्तर्गत ग्रामीण क्षेत्र के लाभार्थियों को 25-35 प्रतिशत तथा शहरी क्षेत्र के लाभार्थियों हेतु 15-25 प्रतिशत तक की मार्जिन मनी अनुदान प्रदान करने का प्रावधान है। द्वितीय ऋण हेतु तीन वर्षों के उपरान्त सफल इकाईयों को विस्तार हेतु धनराशि रुपया 1.00 करोड़ तक का ऋण एवं 15 प्रतिशत अनुदान का प्रावधान है।

आवेदन करें ऑनलाईन: जिला ग्रामोद्योग अधिकारी कुंवर सेन ने बताया कि आवेदन ऑनलाईन kviconline.gov.in/pmegpeportal/ पोर्टल पर जाकर किया जा सकता है। योजना के अन्तर्गत आवेदक की उम्र 18 वर्ष से अधिक होनी चाहिये साथ ही आवश्यक प्रपत्र यथा पासपोर्ट साइज फोटो, आधार कार्ड, जाति प्रमाण पत्र शैक्षिक योग्यता, प्रोजेक्ट रिपोर्ट, ग्राम प्रधान द्वारा प्रमाणित अनापत्ति प्रमाण पत्र आदि अपलोड करना अनिवार्य है। इच्छुक ग्रामीण व शहरी क्षेत्र के व्यक्ति उक्त योजनान्तर्गत अधिक जानकारी हेतु जिला ग्रामोद्योग कार्यालय बिजनौर से मो.-9412657090, 9927090066 तथा 9411044303 पर सम्पर्क कर सकते हैं।

यूपी पुलिस का ताबड़तोड़ अभियान

लखनऊ (एजेंसी)। पुलिस महानिदेशक देवेन्द्र सिंह चौहान व अपर पुलिस महानिदेशक कानून व्यवस्था प्रशांत कुमार के निर्देशन में यूपी पुलिस ने विभिन्न मामलों में 33 अपराधियों को धर दबोचने का काम किया है। यूपी पुलिस द्वारा की गई आज की गिरफ्तारी में 8 बावरिया गैंग का 8 साल से फरार 50 हजारी इनामी बदमाश सहित कई इनामी अपराधी अरेस्ट किये हैं। यूपी पुलिस निरंतर बदमाशों पर ताबडतोड़ कार्रवाई कर उन्हें कारागार में कैद कर रही है।

1.यूपी एसटीएफः एसटीएफ मुख्यालय टीम द्वारा बी-127 सेक्टर-2 नोएडा से फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़ मैक्स लाइफ इंश्योरेंस कंपनी एवं पी.एन.बी.मैट लाइफ इंश्योरेंस के नाम पर धोखाधड़ी करके ग्राहकों से प्रीमियम जमा कराने के नाम पर करोड़ों की ठगी करने वाले गिरोह के सरगना सहित 04 जालसाज अभियुक्तगण अंकित कुमार, सुमित पांडे, आकाश व सागर को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। अभियुक्तगण के कब्जे से 01 लैपटॉप 10 मोबाइल फोन 08 लैंडलाइन फोन 01 मोटरसाइकिल 06 पेज इंश्योरेंस कंपनी डाटा व नगद 6800 बरामद किया गया है।

2. पुलिस कमिश्नरेट गौतम बुद्ध नगरः थाना दनकौर पुलिस द्वारा चेकिंग के दौरान पुलिस मुठभेड़ में अट्टा फतेहपुर के पास से 01 शातिर गौकश अभियुक्त ताजू पुत्र याकूब निवासी अट्टा फतेहपुर थाना दनकौर जनपद कमिश्नरेट गौतमबुध नगर गोली लगने से घायल होकर गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। अभियुक्त के कब्जे से 01 तमंचा कारतूस 01 छुरी, तराजू, लकड़ी का गुटका, रस्सी व गोवंश के अवशेष बरामद किये गये हैं।

3. पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुध नगरः थाना नॉलेज पार्क पुलिस व स्वाट की संयुक्त पुलिस टीम द्वारा टेलीग्राम/ऑनलाइन, डार्क वेब व अन्य वॉलेट एप के माध्यमों से अवैध उच्च कोटि के नशीले पदार्थ (कैलिफोर्निया बेस) व PILL आदि मंगाकर दिल्ली एनसीआर के हॉस्टलों व कॉलेजों में पढ़ने वाले छात्रों को सप्लाई कर अवैध धन अर्जित करने वाले 03 मादक पदार्थ तस्कर अभियुक्तगण- भानु, अधिराज , सोनू कुमार निवासीगण सूरजकुंड जिला फरीदाबाद हरियाणा को एलजी गोल चक्कर आईआईएमटी कॉलेज नॉलेज पार्क मोड़ पर गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। अभियुक्तगण के कब्जे से नशीला (Original grower Califonia weed) कुल वजन 960 ग्राम कीमत 29 लाख रुपए टेबलेट PILl~ MDMA CCSTASY 01 LSD वजन मापने की छोटी इलेक्ट्रॉनिक वेइंग मशीन व सिल्वर धातु की 01 कृश करने/ पाउडर बनाने की डिब्बी बरामद किया गया है।

4. पुलिस कमिश्नरेट गौतम बुध नगरः थाना सेक्टर 63 नोएडा पुलिस द्वारा फर्जी डिग्री बनाने व देने वाले अंतरराज्यीय गैंग के 02 अभियुक्तगण आनंद शेखर निवासी अनीसाबाद जिला पटना बिहार, चिराग शर्मा निवासी कैलाशपुरी बुलंदशहर को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। अभियुक्तगण के कब्जे से 85 फर्जी मार्कशीट/ प्रमाण पत्र 58 लिफाफे फर्जी मार्कशीट 38 खाली लेटर पैड 07 खाली अंकतालिका सीट 08 मुहरे 14 डेक्सटॉप 14 सीपीयू 11 माउस 12 की बोर्ड 42 डेस्कटॉप वायर 01 पेपर कटर 01 हेडफोन 01 कलर प्रिंटर 01 राउटर 01 वाईफाई कनेक्टर 02 इंटरनेट स्विच बॉक्स 33 नोकिया मोबाइल फोन कीपैड 55 सिम भिन्न-भिन्न कंपनियों के बरामद किया गया है।

5. पुलिस कमिश्नरेट गौतम बुध नगरः थाना बीटा-2 पुलिस द्वारा दिनांक 05.09.2022 को मर्चेंट नेवी अधिकारी के घर हुई डकैती की घटना का पर्दाफाश कर 02 महिलाओं सहित पंखिया गैंग के 06 शातिर डकैत अभियुक्तगण- पिंकी ,सीमा, झंकार सिंह ,अमन ,संदीपव राहुल वर्मा को अल्फा -1 कमर्शियल बेल्ट मेट्रो स्टेशन थाना क्षेत्र सूरजपुर से गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। अभियुक्तगण के कब्जे से नगद 20,000 सोने चांदी के जेवरात 01 हैंडीकैम कैमरा व आर्टिफिशियल ज्वेलरी 35 विदेशी मुद्रा आदि महंगे अन्य सामान बरामद किया गया है।

6. पुलिस कमिश्नरेट लखनऊरूः थाना मड़ियांव थाना जानकीपुरम व क्राइम ब्रांच की संयुक्त पुलिस टीम द्वारा नौबस्ता बड़ा खदान से 03 शातिर चोर अभियुक्तगण- इब्राहिम मुन्ना उर्फ इमरान शाहिद निवासी गण धर्मपुर थाना तालगांव जनपद सीतापुर को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है.अभियुक्तगण के कब्जे से 01 लाइसेंसी पिस्टल 32,000 घ् नगद सोने चांदी के जेवरात कीमत 05 लाख 01 मोटरसाइकिल बरामद किया गया है।

7. जनपद बुलंदशहरः थाना डिबाई पुलिस द्वारा मुखबिर की सूचना पर मुरैना नहर पुल अनूपशहर से अलीगढ़ रोड पर चेकिंग के दौरान पुलिस मुठभेड़ में वर्ष 2014 से डकैती में वांछित 50,000 इनामियां बावरिया गैंग का 01 शातिर अभियुक्त कप्तान उर्फ मंगल उर्फ विजय पुत्र दिनेश उर्फ बड़ा बाबरिया निवासी दुर्गापुरी अलापुर थाना जौरा जनपद मुरैना मध्य प्रदेश घायल होकर गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। अभियुक्त के कब्जे से एक तमंचा कारतूस व 01 मोटरसाइकिल बरामद किया गया है।

8. जनपद शाहजहांपुरः थाना बंडा पुलिस द्वारा मुखबिर की सूचना पर नहर कोठी खंडहर से अवैध शस्त्र फैक्ट्री का भंडाफोड़ कर 02 शातिर अवैध शस्त्र निर्माता अभियुक्तगण- बलराम, सरनाम निवासी रसूलपुर थाना बंडा जनपद- शाहजहांपुर को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। अभियुक्तगण के कब्जे से 05 निर्मित तमंचे 02 अधबने तमंचा 03 बॉडी तमंचा की 03 नाल 01 गैस सिलेंडर लोहे की भट्टी व शस्त्र बनाने के उपकरण बरामद किये गये हैं।

9. जनपद शाहजहांपुरः थाना कोतवाली पुलिस द्वारा चेकिंग के दौरान डैम तिराहे के पास से 01 शातिर मादक पदार्थ तस्कर टॉप टेन अभियुक्त चंदन पुत्र ओमप्रकाश निवासी अजीजगंज थाना कोतवाली जनपद शाहजहांपुर को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। अभियुक्त के कब्जे से 160 ग्राम स्मैक अंतरराष्ट्रीय कीमत 64 लाख रुपए की बरामद किया गया है।

10. जनपद प्रतापगढ़ः थाना देल्हुपुर पुलिस व स्वाट की संयुक्त पुलिस टीम द्वारा प्रतापगढ़-प्रयागराज सीमा पर चेकिंग के दौरान 03 शातिर मादक पदार्थ तस्कर अभियुक्तगण कपिल गिरी मनीष सिंह शिवकुमार निवासीगण क्रमशः अमेठी प्रतापगढ़ रायबरेली को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। अभियुक्तगण के कब्जे से 01 कुंतल 35 कि.ग्रा.गांजा 01 डीसीएम गाड़ी 02 मोबाइल फोन 03 मोबाइल कीपैड नगद 2500 01 आधार कार्ड बरामद किया गया है।

11. जनपद गोरखपुरः थाना चिलुआताल पुलिस द्वारा चेकिंग के दौरान पुलिस पर जानलेवा हमले के आरोपी को रामपुर चकबंधा पर अंर्तराज्यीय 01 वांछित गौ तस्कर/ हिस्ट्रीशीटर अभियुक्त जुल्फिकार पुत्र शुकुरूल्लाह निवासी सेमरा हरदो टोला थाना कुबेरस्थान जनपद कुशीनगर गोली लगने से घायल होकर गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है.अभियुक्त के कब्जे से 01 तमंचा कारतूस 01 मोटरसाइकिल बरामद किया गया है।

12. जनपद चंदौलीः थाना इलिया पुलिस व स्वाट की संयुक्त पुलिस टीम द्वारा मुखबिर की सूचना पर बनरसिया माइनर के पास से 03 शातिर वाहन चोर अभियुक्तगण-विजयमल सिंह, पंकज यादव, अभिषेक खरवार निवासीगण फेसुड़ा थाना सैयदराजा जनपद चंदौली को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है.अभियुक्तगण के कब्जे से 09 मोटरसाइकिल 02 मोबाइल फोन बरामद किया गया है।

13. पुलिस कमिश्नरेट वाराणसीः थाना चौक पुलिस द्वारा अंर्तराज्यीय गैंग का 25,000 घ् इनामियां 01 शातिर लुटेरा अभियुक्त मोहम्मद अमजद पुत्र गुल मोहम्मद निवासी मकान नंबर 5 गली नंबर 3 हमीदिया बॉयज गिन्नौरी रोड भोपाल मध्य प्रदेश को मुखबिर की सूचना पर चारबाग रेलवे स्टेशन लखनऊ से गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है।

14. जनपद बदायूंः थाना अलापुर पुलिस द्वारा चेकिंग के दौरान ककराला तिराहे पर 02 मादक पदार्थ तस्कर अभियुक्तगण- फिरोज अहमद, आस्कार हुसैन उर्फ जफर अली निवासीगण महमूदपुर माफी थाना मैनाठेर जिला मुरादाबाद को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है.अभियुक्त गण के कब्जे से 02 किलो अफीम अंतरराष्ट्रीय कीमत 50 लाख रुपए व 01 स्कूटी बरामद किया गया है।

नया गांव हत्याकांड में सभी 8 आरोपी साक्ष्य के अभाव में बरी

बिजनौर। लगभग साढ़े 5 साल पूर्व नया गांव के बहुचर्चित विशाल हत्याकाण्ड के सभी 8 आरोपियों को अदालत ने साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया है।

जानकारी के अनुसार 10 जनवरी 2017 को ग्राम कच्छपुरा व नया गांव के बीच स्थित सरकारी ट्यूबवैल पर नया गांव निवासी संजय के पुत्र विशाल की अज्ञात लोगों ने चाकू से गोदकर व गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस घटना में पेदा निवासी प्रधान अनीस, पूर्व प्रधान इकबाल तथा शमीम, हनीफ, नफीस, इस्तखार, फुरकान व अकबर को नामजद किया गया था। विशाल की हत्या वर्ष 2017 के विधानसभा चुनाव के दौरान बिजनौर में हुई प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चुनावी सभा के दिन ही सभा के थोड़ी देर बाद हुई थी। इस हत्याकाण्ड को राजनीतिक रूप व काफी तूल दिया गया था। तनाव की स्थिति पैदा हो गई थी। मामले की विवेचना सीबीसीआईडी बरेली जोन को दी गई थी। सीबीसीआईडी ने सभी नामजद आरोपियों के खिलाफ न्यायालय में चार्जशीट दाखिल की और सभी अभियुक्तों को जेल जाना पड़ा। अभियुक्त इकबाल, हनीफ और फुरकान करीब तीन साल से जेल में थे।

इस मुकदमे का विचारण अपर जिला सत्र न्यायाधीश डॉ. विजय कुमार के न्यायालय में हुआ। न्यायालय ने आरोपियों के जेल में अधिक समय से होने के कारण त्वरित गति से सुनवाई की। अभियोजन पक्ष के मौके के सभी गवाहों की गवाही के साथ पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर के बयान भी कराये गए। सबूत पक्ष के सभी कागजातों की औपचारिकता को बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं द्वारा स्वीकार कर लेने के बाद अभियोजन के गवाहों व अभियुक्तों के बयान तथा बहस सुनकर अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश डॉ. विजय कुमार ने साक्ष्य के अभाव में सभी अभियुक्तों को निर्दोष मानते हुए बरी कर दिया। अभियुक्तों की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता राजेंद्र कुमार पूर्व अध्यक्ष जिला बार एसोसिएशन तथा जकावत हुसैन एड. ने पैरवी की।

पुलिस हुई सख्त: नूरपुर, नहटौर में अवैध संचालित वाहन सीज

बिजनौर। नूरपुर में पुलिस प्रशासन की संयुक्त टीम ने अवैध खनन व डग्गामार वाहनों के विरुद्ध अभियान चलाया। इस दौरान 6 वाहनों को सीज कर दिया गया। थाना प्रभारी निरीक्षक धीरज सिंह सोलंकी ने बताया कि उपजिलाधिकारी मांगेराम सिंह चौहान के नेतृत्व में अवैध खनन व डग्गामार वाहनों के विरुद्ध बड़ी कार्यवाही की गई। अवैध रूप से खनन से भरे दो ट्रक, दिल्ली जाने वाली दो डग्गामार बसों व दो अन्य वाहनों को पकड़कर सीज कर दिया गया। इस कार्यवाही से अवैध खनन व डग्गामार वाहनों के संचालकों में हड़कम्प मच गया। संयुक्त अभियान में एआरटीओ गौरीशंकर सिंह, सीओ सुनीता दहिया, प्रभारी निरीक्षक धीरज सिंह सोलंकी व पुलिसकर्मी मौजूद रहे।

दूसरी ओर नहटौर पुलिस ने अवैध / अनफिट वाहनों के खिलाफ अभियान चला कर तीन निजी बसों को सीज कर दिया। पुलिस ने तीन निजी बसों को रोककर उन्हें चैक किया तो चालकों के पास वैध प्रमाण-पत्र नहीं मिले। इस पर तीनों निजी बसों को सीज कर दिया गया। उल्लेखनीय है कि पिछले दिनों कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह दो राज्यमंत्रियों के साथ जिले के दौरे पर आए थे। इस दौरान मंत्री धर्मपाल सिंह से अवैध बसों के चलने की शिकायत की गई थी, जिस पर उन्होंने अवैध बसों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिये थे ।

सीओ सिटी व एसओ हल्दौर ने जनता को किया जागरूक

बिजनौर। क्षेत्राधिकारी नगर अनिल कुमार व थानाध्यक्ष हल्दौर उदय प्रताप सिंह द्वारा गोकशी तथा अवैध ड्रग्स के अपराधियों विरुद्ध अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में सीओ सिटी और थानाध्यक्ष ने पुलिस बल के साथ ग्राम अथाई जमरूद्दीन, भवानीपुर ,सोतखेड़ी तथा ग्राम फजलपुर ढाकी में गोष्ठियों का आयोजन किया गया।

इस दौरान ग्रामीणों के साथ गौकशी व अवैध ड्रग्स के अपराध में संलिप्त अपराधियों के विरुद्ध पुलिस को सहयोग व सूचना देने की अपील की गई। इसके अलावा बच्चा चोरी की झूठी अफवाहों से सजग रहने के संबंध में अवगत कराया गया।

हम सभी एक ही ईश्वर की संतान: गुरुदयाल जी

मीडिया प्रभारी भूपेंद्र निरंकारी पत्रकार

बिजनौर। संत निरंकारी मंडल ब्रांच बिजनौर के तत्वाधान में संत निरंकारी सत्संग भवन पर एक साप्ताहिक साध संगत का आयोजन किया गया। इस अवसर पर जसपुर जोन के पूर्व क्षेत्रीय संचालक गुरुदयाल जी ने गुरु गद्दी से साध संगत को निहाल करते हुए कहा कि ईश्वर अंश जीव अविनाशी हम सभी एक ही ईश्वर की संतान हैं। आत्मा अजर अमर अविनाशी है, यह परमात्मा का अंश है। इसीलिए हमें सभी से प्रेम पूर्वक व्यवहार करना चाहिए, जिन्होंने सभी से प्रेम किया है, उन्होंने प्रभु को पाया है क्योंकि प्रेम ईश्वर का ही दूसरा रूप है।

उन्होंने कहा कि हम प्रेम के द्वारा असंभव से असंभव कार्य भी आसानी से कर सकते हैं और प्रेम से ही सभी के दिलों में जगह बना सकते हैं। जो सभी से प्रेम करता है, वही भक्ति कर सकता है, प्रेम का नाम ही भक्ति है, प्रेम स्वयं ईश्वर है। बिना ईश्वर के दर्शन के भक्ति नहीं हो सकती, जिसकी पूजा उसकी पहचान जरूरी है बिना पहचान के भक्ति नहीं हो सकती। इसलिए हमें प्रभु को पहचान कर भक्ति करनी है और बिना स्वार्थ के निस्वार्थ निष्काम भक्ति करनी है। तभी हमारा बेड़ा पार होगा मानव शरीर का मिलना बहुत ही दुर्लभ है। मानव शरीर न जाने हमारे कितने जन्मों के पुण्य कार्य के बाद मिला है मानव शरीर के रहते हैं हम भक्ति कर सकते हैं और मनुष्य योनि में ही हमें मोक्ष की प्राप्ति होगी अन्य योनि में नहीं आज समय की सद्गुरु माता सुदीक्षा जी महाराज हमें इंसान बनने की प्रेरणा दे रही है मानव को हो मानव प्यारा एक दूजे का बने सहारा ना बैर की ना तकरार की आज जरूरत है बस प्यार की प्यार सजाता है गुलशन को और नफरत वीरान करें हम प्रेम से ही सब कुछ पा सकते हैं सद्गुरु माताजी हमें यही संदेश दे रही हैं कि सभी से प्रेम करो वे सभी ने प्रेम की भावना जगा रही हैं।

महात्मा प्रताप सिंह के संचालन में हुई साध संगत में संयोजक महात्मा बाबूराम निरंकारी, संचालक विनोद सिंह एडवोकेट, पूर्व संचालक कृपाल सिंह त्यागी, हल्दौर ब्रांच के मुखी महात्मा मास्टर महेंद्र शर्मा, आसाराम, मीडिया प्रभारी भूपेंद्र निरंकारी पत्रकार, मुकेश, राजवीर सिंह, मदन पाल सिंह, रूपल सिंह, नवनीत, राहुल, राजू, रामानंद, नितिन, रितिक, दीपक खेड़की, अजय कुमार, आशु, सुरेंद्र पाल, लकी, शंकर, मनोज सिंह, दयाराम, डीके सागर, रानी हल्दौर, सोनिया हल्दौर, रेखा हल्दौर, सुशीला, राम जत्ती, अश्विंदर कौर, आशु, किरण, प्रियांशी, सुधा, संध्या, खुशी, अंजलि, गीता, पारुल, सर्वेश, ममता, सोनी व कल्पना आदि सहित निरंकारी मिशन के अनेक अनुयाई उपस्थित रहे।

मोदी के जीवन परिचय से जुड़ी प्रदर्शनी व स्वास्थ्य शिविर का उद्घाटन

बिजनौर। भारतीय जनता पार्टी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जन्मदिवस नगर बिजनौर में सेवा पखवाड़े के रूप में मना रही है। इसी क्रम में आज प्रधानमंत्री के जीवन परिचय व केंद्र सरकार द्वारा जनहित में चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाओं का चित्रण करती हुई प्रदर्शनी एजाज अली हॉल बिजनौर में आयोजित की गई।

प्रदर्शनी का उद्घाटन सदर विधायक बिजनौर श्रीमती सूची चौधरी व वरिष्ठ भाजपा नेता ऐश्वर्य चौधरी मौसम एडवोकेट, सीडीओ पूर्ण बोरा द्वारा किया गया। इस अवसर पर सर्वप्रथम वरिष्ठ सभासद घनश्याम दास गुप्ता ने सदर विधायक श्रीमती सूची चौधरी व ऐश्वर्य चौधरी को बुके भेंट कर उनका स्वागत किया। इस अवसर पर नगर अध्यक्ष संजीव गुप्ता, मनदीप चौधरी, मुकेश अग्रवाल, मानव सचदेवा, राजवीर सिंह, अंकुर गौतम,  आशीष अग्रवाल, विकास अग्रवाल, माया पाल, डॉ नवनीत गर्ग, अक्षय, हनी, अमरीश कुमार, ललित कुमार, जगदीश सैनी, रवि कुमार, धर्मवीर सिंह, कार्तिक बालियान, दिनेश कुमार, राजकुमार वर्मा, सुरेश,भावना शर्मा, पूनम गोयल, विनीता, ललित, मनोज, अवनीश निगम व सूचना विभाग के अधिकारी, कर्मचारी आदि मौजूद रहे।

भाजपा नेता अतुल व पूनम ने किया स्वास्थ्य शिविर का उद्घाटन

बिजनौर। प्रधानमंत्री मोदी जी के जन्मदिवस के अवसर पर मनाये जा रहे पखवाड़ा के अन्तर्गत रविदास नगर में सीएचसी के नि:शुल्क लगाये जा रहे स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का उद्घाटन मुख्य अतिथि भाजपा नेत्री पूनम गोयल ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर भाजपा नेत्री ने कहा कि इस शिविर में सभी नागरिक बिना खर्च किये अपने स्वास्थ्य की जाचं करा सकते हैं। अत: सभी इस शिविर का लाभ उठाएं।  इस मौके पर मेडिकल स्टाफ व भाजपा कार्यकर्ताओं के अलावा मोहल्ले के लोग भी बड़ी संख्या में मौजूद रहे।
इसके अलावा हल्दौर के ग्राम नागंलजट में मुख्यमंत्री आरोग्य मेले का शुभारंभ मुख्य अतिथि भाजपा नेता अतुल कुमार मारवाड़ी ने किया, भाजपा नेता ने मौके पर मौजूद ग्रामवासियों से आरोग्य मेले में स्वास्थ्य की जांच कराने की अपील की तथा प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री की योजनाओं तथा कार्यशैली की प्रशंसा की।

हिंदुओं में कुप्रथा, सामाजिक भेद‌भाव को समाप्त कर एकजुटता पर जोर

हिंदुओं में कुप्रथा, सामाजिक भेद‌भाव को समाप्त कर एकजुटता पर जोरजाति के आधार पर भेदभाव व छुआछूत को समाप्त करने का आह्वान।

बिजनौर। विश्व हिन्दु महासंघ के तत्वाधान में महंत अवेद्यनाथ जी की पुण्य तिथि के अवसर पर स्वयंवर बैंकट हाल में एक सभा का आयोजन किया गया। इस दौरान हिंदुओं में कुप्रथा, सामाजिक भेद‌भाव को समाप्त कर मजबूती के साथ एकजुट रहने का आह्वान किया गया।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि प्रदेश अध्यक्ष भिखारी प्रजापति ने हिन्दू समाज में जाति के आधार पर भेदभाव व छुआछूत को समाप्त करने पर जोर दिया।

प्रदेश मंत्री एवं पूर्व विधायक डा. इंद्रदेव सिंह ने कहा कि यह हमारा सौभाग्य है कि मोदी जी जैसे महान व्यक्ति भारत हमारे देश के प्रधानमंत्री हैं तथा योगी जी जैसी महान आत्मा हमारे प्रदेश के मुख्यमंत्री के रूप में कार्य कर रहे हैं। कार्यक्रम अध्यक्ष डा नवनीत गर्ग, समाजसेवी प्रिंस चौधरी, क्षेत्रीय मंत्री हरजिंदर कौर, जिला प्रभारी  राजेन्द्र चौधरी आदि उपरथित रहे।

प्रधानमंत्री के जन्म दिवस पर जीवन और व्यक्तित्व पर आधारित प्रदर्शनी

प्रधानमंत्री के जन्म दिवस पर जीवन और व्यक्तित्व पर आधारित प्रदर्शनी का सीडीओ पूर्ण बोरा ने किया उद्घाटन। लगाई गई चित्र प्रदर्शनी कहानी भारत के सच्चे सपूत की 02 अक्टूबर 2022 तक मनाया जा रहा सेवा पखवाड़ा।

बिजनौर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 72वें जन्मदिन के अवसर पर छाया चित्र प्रदर्शनी कहानी भारत माँ के सच्चे सपूत की चित्र प्रदर्शनी कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। शुभारंभ जिलाधिकारी उमेश मिश्रा के निर्देशों के अनुपालन में मुख्य विकास अधिकारी पूर्ण बोरा द्वारा विधिवत रूप से फीता काटकर किया गया।

उन्होंने प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए  प्रधानमंत्री के जीवन चरित्र पर आधारित संकलित प्रस्तुतियों की प्रशंसा की। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री के जीवन व्यक्तित्व एवं सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं तथा नीतियों पर आधारित प्रदर्शनी कलक्ट्रेट सभागार में आम जनमानस के दर्शन के लिए 17 सितंबर से 23 सितंबर तक लगी रहेगी। प्रधानमंत्री के जन्म दिवस को सेवा पखवाड़ा के रूप में 17 सितंबर 2022 से 02 अक्टूबर 2022 तक मनाया जा रहा है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन की 72वीं वर्षगांठ के अवसर पर उनके जीवन के विविध पहलुओं से परिचय कराती छाया चित्र प्रदर्शनी कहानी भारत के सच्चे सपूत की का अवलोकन करते हुए अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) अरविंद कुमार सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन की 72वीं वर्षगांठ के अवसर पर आयोजित होने वाली प्रदर्शनी जन सामान्य को उनके जीवन चरित्र के संबंध में बहुमूल्य जानकारी उपलब्ध कराने में सक्षम एवं प्रेरणा स्रोत सिद्ध होगी।

उन्होंने कहा कि विभिन्न प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों, छात्र-छात्राओं को प्रदर्शनी का अवलोकन करना चाहिए। यह प्रदर्शनी प्रधानमंत्री के जीवन परिचय के साथ साथ केन्द्र सरकार की विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाओं, नीतियों एवं उपलब्धियों की जानकारी उपलब्ध कराती है। उन्होंने जिला विद्यालय निरीक्षण एवं जिला बेसिक शिक्षाधिकारी को निर्देश दिए कि वे सभी बोर्ड के प्राथमिक, उच्च प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों व छात्र-छात्राओं को प्रदर्शनी का अवलोकन कराने के लिए विद्यालयों से सम्पर्क कर उन्हें पत्र प्रेषित भी करें।

सावधान! हर गली में दौड़ लगाने वाला है कोबरा…

बिजनौर। अब बारी है चेन स्नैचर्स, चोरों, बदमाशों को सावधान रहने की।… क्योंकि अब हर गली में कोबरा दौड़ लगाने वाला है। दरअसल पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह ने कोबरा मोबाइल बाइक सेटअप की नई शुरुआत की है। एसपी ने पुलिस लाइन से 50 कोबरा बाइक को हरी झंडी दिखाकर नए ड्यूटी चार्ट के साथ रवाना किया। दूसरी ओर देर रात एसपी सिटी डॉ. प्रवीण रंजन सिंह ने एसआरएस चौक पर पहुंचकर सभी कोबरा बाइक पर तैनात पुलिसकर्मी को इकठ्ठा कर चेक किया। साथ ही सतर्कता के साथ ड्यूटी करने के निर्देश दिए।

बिजनौर में अपराध व अपराधियों पर लगाम लगाने के उद्देश्य से एसपी दिनेश सिंह ने कोबरा मोबाइल बाइक को फिर से पुनर्स्थापित किया है। इसी कड़ी में बिजनौर पुलिस लाइन से एसपी ने 50 बाइक को नव निर्धारित ड्यूटी चार्ट देकर आवश्यक दिशा निर्देश दिया। एसपी ने हरि झंडी दिखाकर अलग-अलग थाना क्षेत्रो के लिए रवाना किया।

गलियों में भी होगी निगहबानी

बाइक पर तैनात पुलिसकर्मी अब सड़क और गलियों की निगरानी करेंगे। इसे कोबरा मोबाइल सेटअप की टीम का नाम दिया गया है। डायल 112 के बाद बिजनौर पुलिस का अगला कदम कोबरा मोबाइल सेटअप टीम है। हर बाइक पर दो सिपाही 12 घंटे ड्यूटी करेंगे।

गांव-गांव, शहर शहर बाइक का सायरन बजाते हुए घूमेंगे पुलिसकर्मी

अब से रोजाना पुलिसकर्मी गांव-गांव, शहर शहर बाइक का सायरन बजाते हुए घूमते हुए दिखेंगे। सुबह और शाम के समय अपराध को रोकने के लिए स्कूलों, सर्राफ की दुकान व चौराहों पर कोबरा मोबाइल सेटअप की टीम मुस्तैद रहेगी। बिजनौर में 50 बाइक को एसपी ने ABC कुल 3 लोकेशन स्कीम के तहत बांटा है। पुलिस बाइक के साथ गश्त करने के दौरान क्राइम कंट्रोल करने की उम्मीद जताई जा रही है।

चांदपुर पुलिस ने सकुशल बरामद किया दो माह पूर्व अपहृत 4 वर्षीय बच्चा

थाना चांदपुर पुलिस ने लगभग दो माह पूर्व अपहृत बच्चे को सकुशल किया बरामद। परिजनों के चेहरे पर लौट आईं खुशियां।

बिजनौर। चांदपुर पुलिस ने चार वर्षीय बालक को उसके गायब होने के दो महीने बाद सकुशल बरामद कर लिया है। बच्चे के मिलने के साथ ही परिजनों के चेहरों पर खुशी वापस लौट आई है। फिलहाल पुलिस किसी प्रकार बच्चे से पूछताछ कर आरोपियों का पता लगाने की कोशिश में जुटी हुई है।

गौरतलब है कि 19 जुलाई 2022 को संतोष कुमार पुत्र धनपत निवासी छटटा थाना सरई जिला समरोली मध्य प्रदेश हाल निवासी सराय रफी कस्बा चांदपुर जनपद बिजनौर ने थाने पर सूचना अंकित कराई कि उसका 04 वर्षीय पुत्र रोडवेज बस स्टेण्ड पर जूस पीने गया था, किन्तु वापस नहीं आया। तहरीर के आधार पर थाना चांदपुर पर मु0अ0सं0 543/22 धारा 363 भादवि पंजीकृत किया गया। साथ ही बच्चे की सकुशल बरामदगी हेतु टीमें गठित कर दीं गईं।

वहीं पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण राम अर्ज व क्षेत्राधिकारी चांदपुर के कुशल पर्यवेक्षण में थाना चांदपुर पुलिस द्वारा कस्बा चांदपुर, बिजनौर, मेरठ, मुरादाबाद, हरिद्वार एवं अन्य संभावित स्थानों पर तलाश की गई। इसी के साथ डीसीआरबी व सोशल मीडिया के माध्यम से आसपास के जनपदों को सूचना देते हुए प्रचार प्रसार किया गया। यही नहीं सहज दृश्य स्थानों पर बच्चे के पोस्टर भी अंकित किये गए।

इसी क्रम में पुलिस टीम ने अथक प्रयास से दिनांक 16 जुलाई 2022 को अपहृत बच्चे को रात्रि 10 बजे कस्बा चांदपुर की फीना कालोनी स्थित अबू बकर मस्जिद के पास गली के नुक्कड से सकुशल बरामद कर लिया। बच्चे को पा कर परिजनों के चहरे पर खुशियां लौट आई हैं। वह पुलिस टीम को हार्दिक बधाई दे रहे हैं।

पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक चांदपुर सतीश कुमार राय के अलावा उ0नि0 नितेन्द्र सिंह, मु0अ0 पुष्पेन्द्र बादल, का0 राहुल कुमार व महिला आरक्षी नीलम शामिल रहे।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को दिग्गजों ने दीं जन्मदिन की शुभकामनाएँ


नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज 72 साल के हो गए हैं। भारतीय जनता पार्टी उन के जन्मदिन को खास बनाने के लिए विविध आयोजन कर रही है। पीएम मोदी के जन्मदिन पर सुबह से ही बधाई संदेशों का तांता लग गया है। गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी, दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल समेत विपक्ष के कई दिग्गजों ने भी ट्वीट कर पीएम मोदी को जन्मदिन की बधाई दी है।

केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को एक के बाद एक ट्वीट कर जन्मदिन की शुभकामनाएँ दी हैं। उन्होंने कहा कि देश के सर्वप्रिय नेता व हम सभी के प्रेरणास्त्रोत प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी को जन्मदिवस की शुभकामनाएं देता हूँ और ईश्वर से उनके उत्तम स्वास्थ्य व सुदीर्घ जीवन की कामना करता हूँ। मोदी जी ने अपनी भारत प्रथम की सोच व गरीब कल्याण के संकल्प से असंभव कार्यों को संभव करके दिखाया है। गरीब कल्याण, सुशासन, विकास, राष्ट्र सुरक्षा व ऐतिहासिक सुधारों के समांतर समन्वय से मोदी जी ने माँ भारती को पुन: सर्वोच्च स्थान पर आसीन करने के अपने संकल्प को धरातल पर चरितार्थ किया है। यह एक निर्णयक नेतृत्व और उस नेतृत्व में जनता के अटूट विश्वास के कारण ही सम्भव हो पाया है। एक सुरक्षित, सशक्त व आत्मनिर्भर नए भारत के निर्माता मोदी जी का जीवन सेवा और समर्पण का प्रतीक है। आजादी के बाद पहली बार करोड़ों गरीबों को उनका अधिकार देकर मोदी जी ने उनमें आशा और विश्वास का भाव जगाया है, आज देश का हर वर्ग चट्टान की तरह मोदी जी के साथ खड़ा है। भारतीय संस्कृति के संवाहक मोदी जी ने देश को अपनी मूल जड़ों से जोड़कर विकास के हर क्षेत्र में आगे ले जाने का काम किया है। मोदी जी की दूरदर्शीता व नेतृत्व में आज का यह नया भारत एक विश्वशक्ति बनकर उभरा है, मोदी जी ने वैश्विक नेता के रूप में अपनी पहचान बनाई है, जिसका पूरी दुनिया सम्मान करती है।

देश के सर्वप्रिय नेता व हम सभी के प्रेरणास्त्रोत प्रधानमंत्री @narendramodi जी को जन्मदिवस की शुभकामनाएं देता हूँ और ईश्वर से उनके उत्तम स्वास्थ्य व सुदीर्घ जीवन की कामना करता हूँ।
मोदी जी ने अपनी भारत प्रथम की सोच व गरीब कल्याण के संकल्प से असंभव कार्यों को संभव करके दिखाया है।— Amit Shah (@AmitShah) September 17, 2022

गरीब कल्याण, सुशासन, विकास, राष्ट्रसुरक्षा व ऐतिहासिक सुधारों के समांतर समन्वय से @narendramodi जी ने माँ भारती को पुन: सर्वोच्च स्थान पर आसीन करने के अपने संकल्प को धरातल पर चरितार्थ किया है।
यह निर्णायक नेतृत्व और उस नेतृत्व में जनता के अटूट विश्वास के कारण ही सम्भव हो पाया है।— Amit Shah (@AmitShah) September 17, 2022

एक सुरक्षित, सशक्त व आत्मनिर्भर नए भारत के निर्माता @narendramodi जी का जीवन सेवा और समर्पण का प्रतीक है।
आजादी के बाद पहली बार करोड़ों गरीबों को उनका अधिकार देकर मोदी जी ने उनमें आशा और विश्वास का भाव जगाया है।
आज देश का हर वर्ग चट्टान की तरह मोदी जी के साथ खड़ा है।— Amit Shah (@AmitShah) September 17, 2022

भारतीय संस्कृति के संवाहक @narendramodi जी ने देश को अपनी मूल जड़ों से जोड़ हर क्षेत्र में आगे ले जाने का काम किया है।
मोदीजी की दूरदर्शिता व नेतृत्व में नया भारत एक विश्वशक्ति बनकर उभरा है। मोदी जी ने वैश्विक नेता के रूप में अपनी पहचान बनाई है, जिसका पूरी दुनिया सम्मान करती है।— Amit Shah (@AmitShah) September 17, 2022

विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य वालों को मिलेगा उ0प्र0 गौरव सम्मान

बिजनौर। विभिन्न विधाओं एवं कार्य क्षेत्रों यथा-कला व संस्कृति, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी आदि में अपने व्यक्तिगत प्रयासों से उत्कृष्टता के आयाम स्थापित करते हुए राष्ट्रीय एवं अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर गौरव हासिल करने वाले उत्तर प्रदेश के ख्यातिलब्ध महानुभावों को उ0प्र0 गौरव सम्मान से अलंकृत किया जायेगा।

मुख्य विकास अधिकारी बिजनौर पूर्ण बोरा

मुख्य विकास अधिकारी पूर्ण बोरा ने बताया कि निदेशक, संस्कृति निदेशालय द्वारा इस संबंध में अवगत कराया गया है। उन्होंने अधिकारियों को पत्र प्रेषित कर प्रस्ताव उनके कार्यालय में 10 अक्टूबर 2022 तक उपलब्ध कराने के लिये कहा है। उन्होंने बताया कि उ०प्र० गौरव सम्मान विभिन्न क्षेत्रों में प्रदान किया जायेगा। इसमें शास्त्रीय संगीत/लोक संगीत (गायन, वादन, नृत्य)/ललित कलाएं/नाट्य विधाएं/फिल्म व मीडिया, समाजसेवा, समाज कल्याण, युवा कल्याण, महिला कल्याण एवं दिव्यांग कल्याण, कृषि, उद्यान, दुग्ध विकास, गोसेवा, पशुपालन, वन एवं वन्यजीव तथा पर्यावरण संरक्षण आदि, उद्यनिता, कौशल विकास, रोजगार सृजन, स्वावलंबन तथा अन्य क्षेत्रों (यथा शिक्षा, साहित्य, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, खेल इत्यादि के क्षेत्रों में विशिष्ट योगदान करने वाले महानुभाव) जिन्हें स्क्रीनिंग समिति सुपात्र समझे। पुरस्कार हेतु अर्हताओं में उत्तर प्रदेश का मूल निवासी होना चाहिए। विभिन्न विधाओं/कार्य क्षेत्रों के ऐसे राष्ट्रीय एवं अन्तर्राष्ट्रीय स्तर के ख्यातिप्राप्त महानुभाव, जिन्होंने अपनी प्रतिभा, दीर्ध साधना के आधार पर श्रेष्ठ उपलब्धि प्राप्त की हो,बजिन्होंने देश एवं विदेश में उत्तर प्रदेश का नाम रोशन किया हो। राज्य सरकार अथवा भारत सरकार से पूर्व में किसी अन्य राष्ट्रीय/राज्य पुरुस्कार अथवा सम्मान प्राप्त महानुभाव को सामान्यतया इस पुरस्कार की पात्रता परिधि में नहीं रखा जायेगा। उन्होंने पुलिस अधीक्षक, अपर जिलाधिकारी वि/रा, समस्त उप जिलाधिकारी, उप कृषि निदेशक, जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला बेसिक शिक्षाधिकारी व समस्त खण्ड विकास अधिकारियों को पत्र प्रेषित कर पुरस्कार का व्यापक प्रचार-प्रसार कराकर अर्ह महानुभावों के प्रस्ताव उनके कार्यालय में 10 अक्टूबर 2022 तक उपलब्ध कराने के लिये कहा है।

मासिक अपराध गोष्ठी/सैनिक सम्मेलन में एसपी ने कसे पेंच

मासिक अपराध गोष्ठी/सैनिक सम्मेलन में एसपी ने दिये कड़े निर्देश। अपराधों की समीक्षा कर अपराध एवं अपराधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने तथा जनपद में शांति व कानून व्यवस्था सुदृढ़ बनाए रखने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश

बिजनौर। पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह की अध्यक्षता में मासिक अपराध गोष्ठी/सैनिक सम्मेलन का आयोजन किया गया। उन्होंने अपराधों की समीक्षा कर अपराध एवं अपराधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने तथा जनपद में शांति व कानून व्यवस्था सुदृढ़ बनाए रखने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह पुलिस लाइन के सभागार कक्ष में सैनिक सम्मेलन आयोजित किया गया। इस दौरान जनपद के विभिन्न थानों/कार्यालयों/पुलिस लाइन में नियुक्त पुलिसकर्मियों द्वारा अपनी समस्याए रखी गईपुलिस अधीक्षक ने शीघ्र निस्तारण हेतु संबंधित को निर्देशित किया

इसके बाद पुलिस अधीक्षक दिनेश सिंह द्वारा जनपद के सभी राजपत्रित अधिकारी/थाना प्रभारी/शाखा प्रभारियों के साथ मासिक अपराध गोष्ठी की गई। उन्होंने कहा कि सायंकाल के समय बाजारों व भीड भरे स्थानों में प्रतिदिन 01 घन्टा पैदल गश्त करते हुए आमजन से संवाद एवं समन्वय स्थापित कर जनता में मित्र पुलिस का संदेश सुनिश्चित करें। विभिन्न प्रकार के माफियाओं यथा-खनन, शराब, पशु, वन तथा भूमाफियाओं को गैंगस्टर एक्ट के अन्तर्गत चिन्हित करें। उनके विरुद्द प्रभावी निरोधात्मक कार्यवाही करने के साथ सुदृढ अभियोजन की कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। प्रत्येक थाने में टॉप-10 अपराधियों को चिन्हित कर उनके विरुद्ध नियमानुसार प्रभावी कार्यवाही की जाए तथा उन पर निरन्तर दृष्टि रखी जाए। गैंगस्टर एक्ट के अन्तर्गत जब्तीकरण की प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। थाने में आम जनता के लिए स्वच्छ वातावरण स्थापित करते हुए जन सामान्य के बैठने एवं स्वच्छ पेयजल व प्रसाधन आदि की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। थानों में एकत्रित जब्तशुदा वाहनों को अभियान चलाकर उनके शीघ्र निस्तारण की कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। पीआरवी वाहनों की नियमित पेट्रोलिंग की व्यवस्था को और अधिक सुृद्ढ किया जाए । पीआरवी गाडियों के रुट की समय समय पर समीक्षा की जाए। शरारतपूर्ण बयान जारी करने वालों के साथ कडाई से पेश आएं। माहौल खराब करने की कोशिश करने वाले अराजक तत्वों के साथ पूरी कठोरता की जाए। संवेदनशील क्षेत्रों में ड्रोन का उपयोग कर स्थिति पर नजर रखें। पुलिसकर्मियों द्वारा आपरेशनल कार्यों के दौरान बॉडी वार्न कैमरा का इस्तेमाल किया जाए। यातायात नियमों के सम्बन्ध में जागरुकता अभियान चलाया जाए एवं यातायात नियमों का कडाई से पालन किया जाए, जिससे सडक दुर्घटनाओं में कमी आ सके। मादक पदार्थो, अवैध शराब एवं जहरीली शराब के दुर्व्यसन, कारोबार, संचय, निष्कर्षण व परिसंचरण/तस्करी की घटनाओं को रोकने एवं संलिप्त अभियुक्तो के विरुद्ध कठोर कार्यवाही की जाए। जनपदों में स्थित होटल, माल, अस्पताल, स्कूल, आद्योगिक संयत्र, आवासीय मल्टीस्टोरी अपार्टमेन्ट एवं अन्य बडे व्यवसायिक काम्पलेक्स आदि प्रतिष्ठानों में अग्निशमन सुरक्षा के दृष्टिगत नियमानुसार समुचित सुरक्षा ऑडिट कर लिया जाए। आईजीआरएस व अन्य माध्यमों से प्राप्त प्रार्थना पत्रों की समीक्षा की गई तथा लम्बित प्रार्थनापत्रों के गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के निर्देश देते हुए कहा कि प्राप्त शिकायतों के सम्बन्ध में तथ्यात्मक सुस्पष्ट आख्या लगाए व शिकायतकर्ता को संतुष्ट करें। बैंक व लेनदेन वाले स्थानों पर विशेष सतर्कता बरतने, प्रतिदिन बैंक ड्यूटी में जाने वाले कर्मचारियों को ड्यूटी के सम्बन्ध में ब्रीफ करने एवं सभी पुलिसकर्मियों को ड्यूटी के दौरान दृश्यता, गतिशीलता, सजगता एवं सतर्कता बनाये रखने हेतु विशेष जोर दिया गया। आगामी त्योहारों के दृष्टिगत थानों पर समस्त तैयारिया को पूर्ण कर लिया जाए। थानों पर नियुक्त कर्मचारीगणों की प्रत्येक माह गोष्ठी कर उनकी समस्याओं के बार में जानकारी करें तथा उनकी समस्या कर निस्तारण करते हुए उनकी कार्य की समीक्षा की जाए। थानों के सभी अभिलेखों को अद्यावधिक रखा जाए। बीट सूचना का समय से निस्तारण कर शत-प्रतिशत प्रभावी कार्यवाही करना सुनिश्चित करें तथा जेल से छूटने वाले अपराधियों पर सतर्क दृष्टि रखी जाए।

गोष्ठी में समस्त अपर पुलिस अधीक्षक, क्षेत्राधिकारी सहित जनपद के समस्त थाना प्रभारी/शाखा प्रभारी सहित जनपदीय पुलिस के अन्य अधिकारी/कर्मचारीगण उपस्थित रहे।

आज भी हिन्दी की लोकप्रियता है सबसे अधिक – सूर्यमणि

बिजनौर। संस्कार भारती बिजनौर द्वारा हिन्दी दिवस के अवसर पर स्थानीय जैन धर्मशाला में एक विचार एवं कवि गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता समाजसेवी राजकुमार वर्मा जी ने की। कार्यक्रम का शुभारम्भ मुख्य अतिथि चिंगारी सांध्य दैनिक के संपादक डा0 सूर्यमणि रघुवंशी, विशिष्ट अतिथि वरिष्ठ कवयित्री सुमन चौधरी व अन्य अतिथियों ने मां शारदे व भारत भाता के चित्र के सम्मुख दीप प्रज्जवलित कर किया।
कार्यक्रम का आरम्भ कर्मवीर सिंह द्वारा मां शारदे की वन्दना से हुआ। उसके बाद संस्कार भारती के जिलाध्यक्ष दीप अन्जुम ने अतिथियों का स्वागत किया। गोष्ठी में वक्ताओं ने जहां हिन्दी की दिशा एवं दशा पर अपने विचार रखे वहीं कवियों ने हिन्दी के समर्थन, संवर्धन पर सुन्दर काव्य पाठ किया। विशिष्ठ अतिथि सुमन चौधरी ने कहा कि हिन्दी विदेशों में भी खासी लोकप्रिय भाषा है, सरकार को चाहिए कि वो हिन्दी को रोजगारपरक भाषा बनाने पर विचार करे। वहीं मुख्यअतिथि डा0 सूर्यमणि रघुवंशी ने कहा कि वो हिन्दी को लेकर निराश नहीं हैं, आज भी हिन्दी अखबार, हिन्दी चैनल ही सर्वाधिक लोकप्रिय हैं, वहीं अंग्रेजी व अन्य भाषाओं के पत्रों के पाठक हिन्दी की तुलना में बहुत कम हैं। भले ही हिन्दी रोजगार की भाषा न हो मगर बाजार की भाषा अवश्य हैं। आज बडे से बड़े अंतराष्ट्रीय उत्पाद भी हिन्दी में प्रचार करते हैं। अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में राजकुमार वर्मा उर्फ राजू भैया ने सभी रचनाकारों को बधाई देते हुए कहा कि हिन्दी हमारी मातृभाषा है और यह गर्व का विषय है कि हिन्दी के पाठक निरंतर बढ़ रहे हैं, गूगल पर भी हिन्दी भाषा का वर्चस्व है। विचार गोष्ठी का संचालन वरिष्ठ कवि हुक्का बिजनौरी ने किया।
काव्य गोष्ठी का संचालन साहित्यविधा प्रमुख रचना शास्त्री ने किया। इस कार्यक्रम में सर्वश्री शुचि शर्मा, रश्मि जैन, अर्पण राजपूत, मनोरंजन शर्मा, विकास अग्रवाल, कर्मवीर सिंह, गिरीश त्यागी, उमेश भावुक, कृष्ण कुमार पाठक, ओपी परमार, डा०दिग्विजय सिंह, जगदीश जी निरपेक्ष, दीप अंजुम, हुक्का बिजनौरी व डा. अनिल चौधरी आदि ने सुन्दर काव्यपाठ किया। वहीं कार्यक्रम स्थल पर संस्कार भारती के कला समूह की बालिकाओं कु. मनीषा गुप्ता, कु. वितुल व कु. प्रगति ने मनभावन रंगोली बनाकर अतिथियों का मन मोह लिया। कार्यक्रम में संस्कार भारती की ओर से सर्वश्री शिवराज सिंह, अनुज चौधरी, दीपक गुप्ता, लालबहादुर शास्त्री, अरूण श्रीवास्तव, वैभव गुप्ता आदि ने सहयोग किया।

रेलवे स्टेशन पर जैविक उत्पादों के विक्रय हेतु कैनोपी की स्थापना

जैविक उत्पादों के विक्रय हेतु रेलवे स्टेशन पर कैनोपी की स्थापना। पहले दिन बिका ₹1200 का गुड, आटा, चावल व सरसों के तेल। शीघ्र ही नजीबाबाद रेलवे स्टेशन पर भी लगेगा स्टाल। उतराखण्ड, पंजाब, जम्मू व कश्मीर, पश्चिम बंगाल, बिहार व हरियाणा आदि में हो सकेगा प्रचार प्रसार। जिला कृषि अधिकारी डॉ अवधेश मिश्रा ने दी जानकारी।

बिजनौर। कृषि विभाग द्वारा स्थानीय रेलवे स्टेशन पर जैविक उत्पादों के विक्रय हेतु कैनोपी की स्थापना कराई गई है।

जिला कृषि अधिकारी डॉ अवधेश मिश्रा ने उक्त जानकारी देते हुए बताया कि सीएमआई मुरादाबाद से अनुमति प्राप्त करने के उपरान्त एवं जिलाधिकारी द्वारा दिए गए निर्देशों के क्रम में रेलवे स्टेशन बिजनौर पर कैनोपी के माध्यम से जैविक स्टाल का शुभारम्भ किया गया है। जनपद सहित आसपास के जनपदों के साथ-साथ प्रदेश में व प्रदेश के बाहर अन्य जनपदों में जनपद बिजनौर के जैविक उत्पादों का प्रचार प्रसार हो सके। जैविक स्टॉल पर शुक्रवार को लगभग 1200 रुपए के विभिन्न उत्पाद, जिसमें गुड, आटा, चावल व सरसों के तेल का विक्रय किया गया।

जिला कृषि अधिकारी डॉ अवधेश मिश्रा ने बताया कि नजीबाबाद रेलवे स्टेशन पर भी कैनोपी के माध्यम से जैविक उत्पाद विक्रय हेतु जैविक स्टाल लगाने के लिए सीएमआई मुरादाबाद से अनुमति प्राप्त करने की कार्यवाही चल रही है। शीघ्र ही नजीबाबाद रेलवे स्टेशन पर भी जनपद के कृषकों द्वारा उत्पादित जैविक उत्पादों का कैनोपी के माध्यम से विक्रय कराया जाएगा। इसका उद्देश्य है कि जनपद के जैविक उत्पादों का प्रदेश के बाहर यथा उतराखण्ड, पंजाब, जम्मू व कश्मीर, पश्चिम बंगाल, बिहार व हरियाणा आदि में प्रचार प्रसार हो सके।

खुद के सिंबल पर निकाय चुनाव लड़ेगी बीजेपी!

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के नगर निकाय चुनाव बीजेपी अपने सिंबल पर लड़ेगी. नगर निगम में मेयर, पार्षद, नगर पालिका अध्यक्ष पार्षद, वार्ड अध्यक्ष समेत सभी चुनाव बीजेपी अपने ही चुनाव चिन्ह पर लड़ेगी.

महत्वपूर्ण चर्चा- उत्तर प्रदेश में नगर निकाय चुनाव को लेकर लखनऊ में एक दिन पहले ही भारतीय जनता पार्टी की महत्वपूर्ण बैठक हुई थी. संभवतः नगर निकाय के उम्मीदवारों के चयन के पैमानों को लेकर भी चर्चा हुई। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह चौधरी समेत पार्टी के तमाम बड़े नेताओं के अलावा 7 मोर्चों के शीर्ष नेता भी बैठक में पहुंचे। एमएलसी चुनाव पर भी चर्चा हुई. 

मिली थी विधानसभा चुनाव में बड़ी कामयाबी
विधानसभा चुनाव में ग्रामीण इलाकों में संपर्क बढ़ाने के साथ बीजेपी ने शहरी इलाकों में पकड़ कायम रखी थी. अब वह नगर निगमों, नगर पालिकाओं के चुनाव में भी यही प्रदर्शन कायम रखना चाहेगी. पंचायत चुनावों में bjp ने 85 प्रतिशत से ज्यादा सीटें जीतकर बड़ी कामयाबी पाई थी. 

माननीयों की संतानों को टिकट नहीं
नगर निकाय चुनाव को लेकर बीजेपी ने पहले ही स्पष्ट संकेत दे दिया है कि पार्टी के विधायकों और सांसदों के बेटे-बेटियों और अन्य पारिवारिक सदस्यों को टिकट नहीं दिया जाएगा. उनके परिवार का कोई सदस्य निर्दलीय चुनाव लड़ता है तो उन पर ऐक्शन होगा. संगठन को मजबूत बनाने के लिए एक व्यक्ति एक पद का सिद्धांत लागू कराने की तैयारी है, हालांकि बताते हैं कि ये बदलाव नगर निकाय चुनाव के बाद किया जाएगा. 

जल्दी ही सांगठनिक बदलाव
जल्दी ही संगठन में भी बदलाव की तैयारी की जा रही है। अभी परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह प्रदेश उपाध्यक्ष के पद पर भी हैं. नरेंद्र कश्यप पिछड़ा वर्ग प्रदेश अध्यक्ष के साथ मंत्री की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं. बेबी रानी मौर्य राष्ट्रीय महामंत्री के साथ कैबिनेट मंत्री की जिम्मेदारी देख रही हैं. एके शर्मा प्रदेश उपाध्यक्ष के साथ ऊर्जा मंत्री हैं. जेपीएस राठौर प्रदेश महामंत्री के साथ स्वतंत्र प्रभार वाले मंत्री हैं.

इंटीरियर डेकोरेटर समेत दो युवकों पर दिनदहाड़े जानलेवा हमला

बिजनौर के पॉश एरिया सिविल लाइंस फर्स्ट में हुई वारदात। पेट्रोल पंप के सामने दिल्ली से आए युवक की जान लेने की कोशिश। जन्मदिन मनाने अपने घर आया है युवक। कुछ ही देर बाद हमलावरों ने एसआरएस मॉल के सामने पुलिस चेकपोस्ट के बराबर में एक अन्य युवक को जमकर पीटा। गांव के ही एक युवक पर है मुखबिरी का शक। दिनदहाड़े हुई दोनों घटनाओं से पुलिस की कार्यप्रणाली पर लग रहा है प्रश्नचिन्ह

बिजनौर। जिला मुख्यालय के पॉश एरिया सिविल लाइंस फर्स्ट में इंटीरियर डेकोरेटर पर दिनदहाड़े जानलेवा हमले की वारदात हुई। कृष्णा सेंट्रल प्लाजा के सामने महावीर स्कूल व पेट्रोल पंप के बाहर दिल्ली से आए युवक की जान लेने की कोशिश की गई। युवक जन्मदिन मनाने अपने घर आया हुआ है। कुछ ही देर बाद हमलावरों ने एसआरएस मॉल के सामने पुलिस चेकपोस्ट के बराबर में एक अन्य युवक को जमकर पीटा। सूचना पर थाना शहर कोतवाली पुलिस ने घायल युवकों का मेडिकल कराया और हमलावरों की तलाश शुरू कर दी है। दिनदहाड़े हुई दोनों घटनाओं से पुलिस की कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिन्ह लग रहा है।

जानकारी के अनुसार ग्राम कम्भौर पोस्ट सिरधनी निवासी सजल कुमार दिल्ली में रहकर इंटीरियर डेकोरेशन का काम करता है। 14 सितंबर को अपना जन्मदिन होने के कारण अपने घर आया हुआ है। सजल ने अपने मित्रों को बर्थडे पार्टी के तौर पर कुल्फी खिलाने के लिए सिविल लाइंस प्रथम स्थित महावीर स्कूल व पेट्रोल पम्प (कृष्णा सेंट्रल प्लाजा के सामने) बुलाया हुआ था। इसी दौरान कम्भौर के ही एक युवक ने सजल से बातचीत की और मोबाइल फोन पर किसी से बात करने लगा। कुछ ही देर में जमालपुर, चौकपुरी व छोइया नंगली निवासी कुछ युवक अपने 5-6 साथियों के साथ वहां पहुंचे और सजल को और जान से मारने की नीयत से मारपीट शुरू कर दी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एक महिला पुलिस कांस्टेबल ने बीचबचाव की कोशिश की, लेकिन हमलावर उसे भी झटक कर आराम से फरार हो गए। महिला पुलिस कांस्टेबल ने उक्त घटना की वीडियो भी अपने मोबाइल फोन से बना ली। वहीं पेट्रोल पंप व अन्य सीसीटीवी कैमरों में घटना कैद हो गई है। बताया गया है कि उक्त वारदात को अंजाम देने के कुछ ही देर बाद हमलावरों ने एसआरएस मॉल के सामने पुलिस चेकपोस्ट के बराबर में एक अन्य युवक को जमकर पीटा। दूसरी ओर पुलिस को दी गई तहरीर में शुभम निवासी जमालपुर, मयंक चौधरी निवासी चौकपुरी व तरुण चौधरी निवासी छोइया नंगली व 5-6 अन्य अज्ञात पर घटनाओं का आरोप लगाया गया है। सूचना पर थाना शहर कोतवाली पुलिस ने जिला संयुक्त चिकित्सालय में घायल युवकों का मेडिकल कराया और हमलावरों की तलाश शुरू कर दी है। दिनदहाड़े हुई दोनों घटनाओं से पुलिस की कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिन्ह लग रहा है।

प्राइवेट अस्पताल कर्मी युवती की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत

बिजनौर रेफर न कर अपने ही अस्पताल में डॉक्टर ने किया भर्ती। प्राइवेट अस्पताल कर्मी युवती की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत।

बिजनौर। नहटौर में एक फर्जी प्राइवेट अस्पताल में काम करने वाली 16 वर्षीय युवती की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। युवती की मौत से परिवार में कोहराम मच गया है। इससे पहले युवती को सीएचसी में भर्ती कराया गया, जहां से उसे बिजनौर के लिए रेफर किया गया। फर्जी अस्पताल के मालिक ने युवती को बिजनौर रेफर ना करके अपने ही अस्पताल में उपचार शुरू कर दिया जिससे उसकी मौत हो गई हालांकि युवती के परिजनों ने मौत का कारण पेट का दर्द बताया है लेकिन उसकी मौत अभी भी एक रहस्य बनी हुई है।

थाना नहटौर क्षेत्र के हल्दौर मार्ग पर स्थित ध्रुवी हेल्थ केयर सेंटर में नूरपुर मार्ग स्थित एक गांव की युवती काम करती थी। चर्चा है कि युवती का किसी युवक से प्रेम प्रसंग था। मोबाइल फोन पर बात करते हुए युवती को परिजनों ने पकड़ लिया, जिससे तंग आकर युवती ने जहरीले पदार्थ का सेवन कर लिया। युवती के जहर खाने से परिजनों व अस्पताल संचालिका अंजू के हाथ पांव फूल गए।

गंभीर अवस्था में युवती को सीएचसी में भर्ती कराया गया, जहां से डॉक्टर ने हालत नाजुक देखते हुए बिजनौर जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। आरोप है कि फर्जी अस्पताल ध्रुवी हेल्थ केयर सेंटर के संचालक और संचालिका ने बिजनौर रेफर ना करके युवती को अपने ही अस्पताल में उपचार करना शुरू कर दिया। दूसरी ओर हालत बिगड़ता देख डॉ. अंजू के हाथ पांव फूल गए तब उसको बिजनौर जिला अस्पताल के लिए रेफर किया, रास्ते में ही युवती ने दम तोड़ दिया। युवती के परिजनों का कहना है कि पेट दर्द के कारण उसकी मौत हुई है। इस दौरान अस्पताल संचालिका अंजू से बातचीत करने की कोशिश की गई तो वह अस्पताल से नदारद थीं। शहर में युवती की मौत जहर खाने से होने की चर्चा हो रही है, यदि समय रहते इन फर्जी अस्पतालों पर स्वास्थ्य विभाग में कार्यवाही नहीं की तो गंभीर परिणाम देखने को मिल सकते हैं।

विराट कवि सम्मेलन: अर्धरात्रि के बाद तक गूंजती रहीं श्रोताओं की तालियां

विराट कवि सम्मेलन: अर्धरात्रि के बाद तक गूंजती रहीं श्रोताओं की तालियां

बिजनौर। इंदिरा बाल भवन में विराट कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। यह कवि सम्मेलन जिला कृषि औद्योगिक एवं सांस्कृतिक प्रदर्शनी में आयोजित होने वाले कार्यक्रमों की कड़ी में से प्रमुख कार्यक्रम था। विराट कवि सम्मेलन में अर्धरात्रि के बाद तक श्रोताओं की तालियों की गड़गड़ाहट गूंजते रही। कवि सम्मेलन में वीर रस के कवि डॉ हरिओम पवार, गीतकार डॉ विष्णु सक्सेना,श्रृंगार रस की कवियत्री सपना सोनी, डॉ प्रवीण शुक्ला, स्वदेश यादव और सर्वेश अस्थाना को श्रोताओं ने बार बार सुना। कार्यक्रम की शुरुआत से लेकर आखिर तक अतिथिगण व श्रोता जमे रहे।

विराट कवि सम्मेलन का शुभारंभ मां शारदे की प्रतिमा के सम्मुख दीप प्रज्वलित कर किया गया, दीप प्रज्वलित मुख्य अतिथि सदर विधायक श्रीमती सूची चौधरी व वरिष्ठ भाजपा नेता मौसम चौधरी ने किया। कार्यक्रम का संचालन हास्य रस के ख्याति प्राप्त कवि एवं गीतकार डॉ प्रवीण शुक्ला ने किया। कार्यक्रम में शुरुआत गौतम अंगीरा ने की। उन्होंने अट्ठारह सौ सत्तावन की क्रांति और देश की आजादी में शहीदों के योगदान को श्रोताओं तक पहुंचाया और स्वर्ग में पहुंचने पर उनका स्वागत किस रूप में हुआ होगा, उसका काल्पनिक वर्णन किया।

इससे पूर्व श्रृंगार रस की कवियत्री राजस्थान के दौसा से आई सुश्री सपना सोनी ने मां शारदा की वंदना की। मुरादाबाद से आए कवि प्रवीण कुमार राही ने अपने अंदाज में सोता हूं खूब गुदगुदाया और तालियां बजाने पर मजबूर किया।

इसके बाद गाजियाबाद से आए युवा वीर रस के कवि स्वदेश यादव ने लोगों में देशभक्ति का ऐसा जोर का जोश भरा, श्रोता बार-बार उनको सुनने का आग्रह करते रहे। स्वदेश यादव के बाद कार्यक्रम संचालक डॉ प्रवीण शुक्ला ने लखनऊ से पधारे हास्य सम्राट सर्वेश अस्थाना को बुलाया। श्री अस्थाना ने अपने अंदाज में पुलिस पर व्यंग्यात्मक कटाक्ष किए उनके कटाक्ष को सुनकर कई पुलिसकर्मियों ने माला डालकर उनका स्वागत किया। सर्वेश अस्थाना को लोगों ने बार बार सुना। बाद में कार्यक्रम का संचालन कर रहे प्रवीण शुक्ल ने हास्य रस की कई रचनाएं सुनाकर राजनीतिक लोगो पर प्रहार किए, उन्होंने गीतों से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। श्रोता बार बार तालियां बजाते रहे।

राजस्थान के दौसा से आई सपना सोनी ने श्रृंगार रस की कई रचनाएं सुनाई और श्रोताओं को झूमने को मजबूर कर दिया। कार्यक्रम में अलीगढ़ से पधारे गीतकार डॉ विष्णु सक्सेना को श्रोताओं ने इतना उत्साहित किया कि वह कई रचनाएं सुनाने को मजबूर हुए। श्रोताओं ने उनको इतना पसंद किया कि बार-बार खड़े होकर उनके लिए तालियां बजाते रहे। कार्यक्रम के आखिर में डॉ हरिओम पवार को जीभर के सुना गया। श्रोताओं ने उनके मन के अनुसार सुना। श्रोता उनका बार-बार खड़े होकर तालियां बजाकर उत्साहवर्धन करते रहे। बिजनौर के कवि सम्मेलन में संभवत ऐसा पहली बार दिखाई दिया, जब शुरुआत से लेकर आखिर तक मुख्य अतिथि सहित श्रोता अर्द्ध रात्रि के बाद दो बजे तक जमे रहे और कवियों का उत्साह वर्धन करते रहे। कवियों ने भी बिजनौर के कवि सम्मेलन को कोरोना के बाद अब तक का सर्वाधिक सफल कवि सम्मेलन बताया। कार्यक्रम का आयोजन मुख्य रूप से सभासद व भाजपा नेता दीपक गर्ग मोनू ने किया। कार्यक्रम के संयोजक ज्योति लाल शर्मा, राकेश शर्मा, जितेंद्र राजपूत, अनिल गंभीर व कमल कुमार रहे।

5781 गर्भवती महिलाओं की गोदभराई 

गर्भवती महिलाओं को बांटा पुष्टाहार। जनपद के 3173 आंगनबाड़ी केन्द्रों पर प्रथम त्रैमास वाली 5781 गर्भवती महिलाओं की गोदभराई 

बिजनौर। सरकार द्वारा चलाई जा रही बाल विकास एवं पुष्टाहार योजना के अंतर्गत जनपद के 3173 आंगनबाड़ी केन्द्रों पर प्रथम त्रैमास वाली 5781 गर्भवती महिलाओं की गोदभराई की गयी। इस दौरान उन्हें पौष्टिक आहार के महत्व के बारे में बताया गया। सभी आंगनबाड़ी केंद्र के अलावा घरों पर भी गर्भवती को चुनरी उढ़ाकर तथा माथे पर तिलक लगाकर गोद भराई की गई।

सिविल लाइंस प्रथम में गर्भवती महिलाओं को पौष्टिक आहार वितरित करते आंगनवाड़ी कार्यकत्री ऊषा रानी

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ऊषा रानी ने बताया कि केंद्र पर पहुंची गर्भवती महिलाओं के अलावा कई के घरों में जाकर उनकी गोद भराई की गई। महिलाओं को लाल चुनरी ओढ़ाकर माथे पर तिलक लगाकर उनका स्वागत किया गया। गर्भवती महिलाओं को सेब, केला, गुड, चना, नारियल, बतासे, आयरन की गोलियां आदि दी गईं। महिलाओं को आंगनबाड़ी की ओर से बताया गया कि उनको आयरन की गोलियां व गुड चना का रोज़ थोड़ा-थोड़ा सेवन करना है। नवजात शिशु को एक घंटे के अंदर मां का दूध अवश्य पिलाना चाहिए।

सिविल लाइंस प्रथम में गर्भवती महिलाओं को पौष्टिक आहार वितरित करते आंगनवाड़ी कार्यकत्री ऊषा रानी

जिला कार्यक्रम अधिकारी नागेन्द्र मिश्र ने बताया कि जनपद के 3173 आंगनबाड़ी केंद्रों पर गोद भराई कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के दौरान क्षेत्र अंतर्गत गर्भवती महिलाओं की गोद भराई की रस्म की जाती है। मंगलगीत होते हैं, केंद्र को रंगोली से सजाया जाता है। गोद भराई पर महिलाओं को स्वास्थ्य और पोषण के प्रति जागरूक किया जाता है। उन्होंने बताया कि गर्भवती महिलाओं को ज्यादा से ज्यादा हरी सब्जियों का सेवन करना चाहिए। रोज खाने के साथ दही आदि का सेवन करना चाहिए। गर्भवती को दो प्याली दाल अवश्य खाने की सलाह दी गयी। इससे प्रोटीन और आयरन की कमी पूरी होती है। आयरन की गोलियां रात को सोने से एक घंटा पहले खा लेनी चाहिए। यह गोलियां दूध चाय कॉफी से नहीं लेनी, केवल किन्नू संतरा के रस आदि के साथ लेनी चाहिए।

गौरतलब है कि अनुपूरक पुष्टाहार योजना के तहत भारत सरकार द्वारा 0-6 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों के विकास एवं गर्भवती महिलाओं व स्तनपान कराने वाली माताओं के स्वास्थ्य एवं पोषण सम्बन्धित आवश्यकताओं की समग्र रूप से पूर्ति हेतु ‘‘एकीकृत बाल विकास सेवाएं’’ (आईसीडीएस) चलाई जा रही है। योजना के अन्तर्गत लाभार्थियों यथा 06 माह से 06 वर्ष आयु के बच्चों, गर्भवती एवं धात्री माताओं को योजना से लाभान्वित किया जाता है।

आज मिला था हिन्दी को राजभाषा का दर्जा

सतेंद्र चौधरी कम्भौर, बिजनौर (लेखक वरिष्ठ पत्रकार हैं)

देश में राजभाषा हिन्दी को बढ़ावा देने के लिए हर साल 14 सिंतबर को हिन्दी दिवस के रूप में मनाया जाता है. इस दिन को मनाने का मकसद लोगों में हिन्दी भाषा के प्रति जागरूकता लाना है. वैसे तो हमारे देश में कई भाषाएं व बोलियां बोली जाती हैं, लेकिन देश में 77 फीसदी से ज्यादा लोग बोलचाल के लिए सिर्फ हिन्दी का ही इस्तेमाल करते हैं. इसके साथ ही हिन्दी को विश्व में सबसे ज्यादा बोले जाने वाली चौथी भाषा का खिताब भी हासिल है. 

वर्ष 1949 में 14 सिंतबर के दिन ही संविधान सभा द्वारा हिन्दी को राज भाषा का दर्जा दिया गया था. इसके बाद  1953 में राष्ट्रभाषा प्रचार समिति की सलाह पर देश में पहली बार हिन्दी दिवस के मौके पर कार्यक्रमों का आयोजन शुरू किया गया. तभी से हर साल 14 सितंबर को स्कूल, कॉलेज, शिक्षण संस्थानों में हिन्दी दिवस के अवसर पर निबंध प्रतियोगिता, वाद-विवाद प्रतियोगता, कविता पाठ, नाटक समेत अन्य लेखन प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाता है, साथ ही सरकारी दफ्तरों में हिंदी पखवाड़े का भी आयोजन किया जाता है.

भारतीय संविधान के अनुच्छेद 343 के तहत हिंदी को आधिकारिक भाषा के रूप में मान्यता दी गई है. सबसे पहले हिंदी को राज भाषा बनाये जाने का प्रस्ताव साल 1918 में हिन्दी साहित्य सम्मेलन के दौरान महात्मा गांधी द्वारा रखा गया था. 

फारसी भाषा का शब्द है हिन्दी

बहुत ही कम लोगों को ये पता होगा कि हिन्दी खुद एक फासरी शब्द है. जी हां, आप ने सही पढ़ा है हिन्दी शब्द मूलत फासरी भाषा का शब्द है, यह फारसी लोगों द्वारा सिन्धी की जगह पर बोला जाता था. फारसी में ‘स’ वर्ण होता ही नहीं है, वो लोग ‘स’ के जगह पर ‘ह’ का इस्तेमाल करते थे, जिसकी वजह से सिंध-हिन्द हो गया. सिन्धू के क्षेत्र में रहने वाले लोगों को हिन्दू और उनके द्वारा बोली जाने वाली भाषा को हिन्दी कहा जाने लगा.

1900 में हुई थी आज की हिंदी की शुरुआत

भाषाविदों की मानें तो हिन्दी के वर्तमान स्वरूप, जिसमें आज हम पढ़ व लिख रहे हैं; की शुरूआत 1900 ईसवी में हुई थी. खड़ी बोली यानी हिंदी में लिखी गई पहली कहानी इंदुमती थी. इसे किशोरीलाल गोस्वामी ने लिखा था. इसकी हिंदी भाषा काफी हद तक वैसी ही है जैसी आज लिखी और बोली जाती है.

हिन्दी की अनेक बोलियाँ (उपभाषाएँ ) हैं, जिनमें अवधी, ब्रजभाषा, कन्नौजी, बुंदेली, बघेली, हड़ौती, भोजपुरी, हरयाणवी, राजस्थानी, छत्तीसगढ़ी, मालवी, नागपुरी, खोरठा, पंचपरगनिया, कुमाउँनी, मगही, मेवाती आदि प्रमुख हैं. इनमें से कुछ में अत्यन्त उच्च श्रेणी के साहित्य की रचना हुई है. ऐसी बोलियों में ब्रजभाषा और अवधी प्रमुख हैं. यह बोलियाँ हिन्दी की विविधता हैं और उसकी शक्ति भी. वे हिन्दी की जड़ों को गहरा बनाती हैं. हिन्दी की बोलियाँ और उन बोलियों की उप बोलियाँ हैं जो न केवल अपने में एक बड़ी परंपरा, इतिहास, सभ्यता को समेटे हुए हैं वरन स्वतंत्रता संग्राम, जनसंघर्ष, वर्तमान के बाजारवाद के खिलाफ भी उसका रचना संसार सचेत है.

पश्चिमी हिन्दी का विकास शौरसेनी अपभ्रंश से हुआ है. इसके अंतर्गत पाँच बोलियाँ हैं खड़ी बोली, हरियाणवी,  ब्रजभाषा, कन्नौजी और बुंदेली. खड़ी बोली अपने मूल रूप में मेरठ, रामपुर, मुरादाबाद, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, बिजनौर, बागपत के आसपास बोली जाती है. इसी के आधार पर आधुनिक हिंदी और उर्दू का रूप खड़ा हुआ. बांगरू को जाटू या हरियाणवी भी कहते हैं. यह पंजाब के दक्षिण पूर्व में बोली जाती है. कुछ विद्वानों के अनुसार बांगरू खड़ी बोली का ही एक रूप है, जिसमें पंजाबी और राजस्थानी का मिश्रण है. ब्रजभाषा मथुरा के आसपास ब्रजमंडल में बोली जाती है. हिंदी साहित्य के मध्ययुग में ब्रजभाषा में उच्च कोटि का काव्य निर्मित हुआ. इसलिए इसे बोली न कहकर आदरपूर्वक भाषा कहा गया. मध्यकाल में यह बोली संपूर्ण हिंदी प्रदेश की साहित्यिक भाषा के रूप में मान्य हो गई थी, पर साहित्यिक ब्रजभाषा में ब्रज के ठेठ शब्दों के साथ अन्य प्रांतों के शब्दों और प्रयोगों का भी ग्रहण है. कन्नौजी गंगा के मध्य दोआब की बोली है. इसके एक ओर ब्रजमंडल है और दूसरी ओर अवधी का क्षेत्र. यह ब्रजभाषा से इतनी मिलती जुलती है कि इसमें रचा गया जो थोड़ा बहुत साहित्य है, वह ब्रजभाषा का ही माना जाता है. बुंदेली बुंदेलखंड की उपभाषा है. बुंदेलखंड में ब्रजभाषा के अच्छे कवि हुए हैं, जिनकी काव्यभाषा पर बुंदेली का प्रभाव है.

साहित्य; समाज में संस्कारों और संस्कृति का संवाहक – पोस्टमास्टर जनरल कृष्ण कुमार यादव

साहित्य समाज में संस्कारों और संस्कृति का संवाहक – पोस्टमास्टर जनरल कृष्ण कुमार यादव

पोस्टमास्टर जनरल कृष्ण कुमार यादव ने पूर्व शिक्षा अधिकारी राम बचन सिंह यादव की तीन पुस्तकों का किया विमोचन

आजमगढ़ में साहित्य की समृद्ध परम्परा रही है – पोस्टमास्टर जनरल कृष्ण कुमार यादव

आजमगढ़। साहित्य समाज में संस्कारों व संस्कृति का संवाहक है। ऐसे में साहित्यकारों का दायित्व है कि ऐसा लेखन करें जो साहित्य के माध्यम से भारतीय संस्कृति को जन-जन तक पहुंचाए। उक्त उद्गार चर्चित साहित्यकार एवं वाराणसी परिक्षेत्र के पोस्टमास्टर जनरल कृष्ण कुमार यादव ने सेवानिवृत्त उप बेसिक शिक्षा अधिकारी राम बचन सिंह यादव ‘बेराही’ की तीन पुस्तकों – नायाब नायक कर्ण (खंड काव्य), अंतर्बोध (काव्य संग्रह) और असुरवंश बनाम राजवंश (खंड काव्य) का विमोचन करते हुए व्यक्त किया। लाइफ लाइन हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर, आजमगढ़ के सभागार में आयोजित कार्यक्रम में चंद्रजीत सिंह यादव, उप शिक्षा निदेशक, मिर्जापुर मंडल, प्रसिद्ध न्यूरोसर्जन डॉ. अनूप कुमार सिंह, डॉ. गायत्री सिंह, गीता सिंह भी मंचासीन रहे।

पोस्टमास्टर जनरल कृष्ण कुमार यादव ने कहा कि एक तरफ रामायण काल की घटनाओं को सहेजे खंड-काव्य ‘असुरवंश बनाम राजवंश’ तो दूसरी तरफ महाभारत काल के ‘नायाब नायक कर्ण’ के जीवन के अंतर्द्वंदों को सहेजे खंड-काव्य की रचना, वहीं जीवन की तमाम अनुभूतियों व संवेदनाओं को सहेजता काव्य संग्रह ‘अंतर्बोध’ एक कवि के रूप में राम बचन सिंह यादव की आध्यात्मिक व दार्शनिक प्रवृत्ति, सांस्कृतिक विरासत से जुड़ाव, इतिहास बोध का भरपूर ज्ञान और महापुरुषों से युवा पीढ़ी को जोड़ने का सत्साहस दिखाता है। परिस्थिति और ऐतिहासिक चेतना के द्वंद से उबरते हुए उन्होंने लोग-मंगल से जुड़कर युगीन सत्य को भेदकर मानवीयता को खोजने का प्रयत्न किया। श्री यादव ने कहा कि रामायण और महाभारत जैसे महाकाव्यों ने ज्ञान, भक्ति और कर्म की त्रिवेणी प्रवाहित कर भारतीय जनमानस को जागृत किया। इनमें जिन प्रगतिशील मूल्यों व समानता के भावों पर बल दिया है, उसे आज बार- बार उद्धृत करने की जरूरत है।

ऋषियों-मुनियों, क्रांतिकारियों व साहित्यकारों की पावन धरा- आजमगढ़ से जुड़े अपने अनुभवों को साझा करते हुए श्री यादव ने कहा कि तमाम ऋषियों-मुनियों, क्रांतिकारियों व साहित्यकारों की पावन धरा रहे आजमगढ़ में साहित्य की समृद्ध परंपरा रही है। राहुल सांकृत्यायन, अयोध्या सिंह उपाध्याय ‘हरिऔध’, आचार्य चंद्रबली, श्याम नारायण पांडेय,अल्लामा शिब्ली नोमानी, कैफी आजमी जैसे यहाँ के साहित्यकारों ने देश-दुनिया में ख्याति अर्जित की है। आज भी आजमगढ़ के तमाम साहित्यकार न सिर्फ उत्कृष्ट रच रहे हैं बल्कि समाज को एक नई राह दिखा रहे हैं।

पोस्टमास्टर जनरल श्री यादव ने कहा कि सरकारी सेवाओं में रहते हुए भी साहित्य सृजन का कार्य व्यक्ति की दृष्टि को और भी व्यापक बनाता है। शिक्षा व्यक्ति में ज्ञान उत्पन्न करती है तो साहित्य संवेदना की संपोषक है। इसी कड़ी में राम बचन सिंह यादव न केवल एक शिक्षक एवं पथ प्रदर्शक के रूप में रहे, बल्कि साहित्य के विकास एवम उन्नयन में भी महती भूमिका निभाने को तैयार हैं।

उप शिक्षा निदेशक, मिर्जापुर मंडल चंद्रजीत सिंह यादव ने कहा कि राम बचन सिंह यादव की कविताएं पाठक को खुद अपना अंतर्बोध कराती प्रतीत होती हैं। मानवीय मूल्यों के पतन और समाज की वर्तमान स्थिति को उन्होंने अपनी कविताओं में अक्षरक्ष: उतार दिया है।

न्यूरोसर्जन डॉ. अनूप कुमार सिंह ने कहा कि अच्छी पुस्तकें जीवन के लिए टॉनिक का कार्य करती हैं। इनके अध्ययन-मनन से एकाकीपन, निराशा और अवसाद से भी बचा जा सकता है। युवाओं में पुस्तकें पढ़ने की आदत विकसित करनी होगी।

अपनी रचना प्रक्रिया पर राम बचन सिंह यादव ने कहा कि मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम और नायक कर्ण का व्यक्तित्व सदैव से प्रभावित करता रहा है, जिन्होंने तमाम संघर्षों और विपरीत परिस्थितियों के बावजूद भी जीवन में मूल्यों का साथ नहीं छोड़ा। इन पर खंड-काव्य लिखकर अपने को बेहद सौभाग्यशाली समझता हूँ। पिताजी के अंतिम दिनों की अवस्था देखकर भी मुझे जीवन का अंतर्बोध हुआ, जिसे काव्य संग्रह के रूप में परिणित किया।

इस अवसर पर प्रो.आरके यादव, सरोज, ऋषि मुनि राय, मिथिलेश तिवारी, घनश्याम यादव, संजय यादव, आलोक त्रिपाठी, सूर्य प्रकाश सहित तमाम साहित्यकार और गणमान्य जन उपस्थित रहे।

कार्यक्रम का संचालन आरके फार्मेसी सठियांव आजमगढ़ के प्राचार्य डॉ. अभय प्रताप यादव ने तथा आभार ज्ञापन प्रेम प्रकाश यादव ने किया।

हिंदी को राष्ट्रभाषा बनाने के पैरोकार एकमात्र अहिंदी भाषी लक्ष्मी नारायण साहू

संदर्भ हिंदी दिवस-13 सितंबर

हिंदी को राष्ट्रभाषा बनाने के पैरोकार एकमात्र अहिंदी भाषी लक्ष्मी नारायण साहू

हिंदी को राजभाषा या राष्ट्रभाषा बनाए जाने के प्रश्न पर संविधान सभा की तीन दिन तक चली गर्मागर्म बहस में 13 सितंबर की तारीख भी अहम थी। इस प्रश्न पर बहस दो धुरियों पर ही टिकी रही। हिंदी या रोमन अंकों के उपयोग पर पक्ष-विपक्ष में लंबी बहसें हुईं। अलग-अलग प्रांतों के प्रतिनिधियों ने उम्मीद के मुताबिक ही अपने-अपने तर्क और विचार प्रस्तुत किए। पंडित जवाहरलाल नेहरू, सभापति डॉ. राजेंद्र प्रसाद, पंडित रविशंकर शुक्ल सरीखे सदस्यों ने जरूर बीच का रास्ता अपनाया। अधिकतर अहिंदी भाषी प्रतिनिधियों ने भारी मन से हिंदी को राजभाषा स्वीकार करते हुए सभा में आए संशोधन प्रस्तावों पर अन्य भारतीय भाषाओं को लेकर संदेह प्रकट किए लेकिन संविधान परिषद में उड़ीसा प्रांत के प्रतिनिधि लक्ष्मी नारायण साहू एकमात्र अहिंदी भाषी थे जिन्होंने बहुत किंतु-परंतु लगाए बिना हिंदी को राजभाषा के बजाय राष्ट्रभाषा माने जाने की वकालत की। संविधान सभा के वाद-विवाद की सरकारी रिपोर्ट के पृष्ठ संख्या 2144-46 में बहस में भाग लेते हुए लक्ष्मी नारायण साहू के संशोधन और वक्तव्य दर्ज हैं।

उड़ीसा प्रांत के बालासोर में 3 अक्टूबर 1890 को जन्मे लक्ष्मी नारायण साहू ने पांच-पांच विषयों में परास्नातक की परीक्षा पास की। उन्होंने उड़ीसा राज्य के गठन के पहले 1936 में ‘उत्कल यूनियन कॉन्फ्रेंस’ की स्थापना के साथ सहकार, वैतरणी और स्टार आफ उत्कल पत्रों का संपादन भी किया। 1947 में उड़ीसा विधानसभा और संविधान परिषद के सदस्य चुने गए। छुआछूत और महिलाओं की स्थिति में सुधार आंदोलन में भी अपनी अहम भूमिका निभाई। आजादी के बाद उन्हें भारत सरकार ने पद्मश्री सम्मान से सम्मानित किया। 18 जनवरी 1963 को उन्होंने अंतिम सांस ली।

संशोधन प्रस्तावों पर चर्चा के दौरान लक्ष्मी नारायण साहू ने कहा- ‘ कोई सज्जन संशोधन लाए हैं कि बांग्ला भाषा राष्ट्रीय भाषा हो सकती है। तब मैं कहता हूं कि मेरी उड़िया भाषा बंगाली के मुकाबले प्राचीन है। जब उड़िया भाषा, भाषा के रूप में दिखाई दे चुकी थी तब बांग्ला भाषा का जन्म भी नहीं हुआ था। इस तरह दक्षिण के भाई कहेंगे कि उनकी भाषा बहुत प्राचीन है। यह सब ठीक नहीं है। जब भारत को एक राष्ट्र समझते हैं या बनाने की कोशिश करते हैं तो ऑफिशियल लैंग्वेज क्यों? इस (हिंदी) को नेशनल लैंग्वेज भी बना लेना चाहिए। हिंदी भाषा-भाषी देश में ज्यादा तादाद में हैं। इसलिए हिंदी को राष्ट्रभाषा होना ही चाहिए। कुछ लोग कहते हैं कि हिंदी में शब्द भंडार पूर्ण नहीं है तो दूसरी भाषाओं के शब्दों को लेकर हिंदी भाषा की समृद्धि की जानी चाहिए। हिंदी को राष्ट्रभाषा बनाने पर दूसरी प्रांतीय भाषाओं के रास्ते में रुकावट पैदा न हो। सब प्रांतीय भाषाएं अपनी-अपनी जगह उन्नति कर सकें, उनकी प्रगति रुके नहीं इसका भी ख्याल करना चाहिए। जब एक प्रांत और प्रांतीय भाषा दृढ़ हो जाएगी तो राष्ट्रभाषा भी दृढ़ होगी ही।’

राजभाषा के प्रश्न पर संविधान सभा में हुई बहस में कुछ प्रतिनिधियों ने अपना अंग्रेजी का मोह भी प्रकट किया था। ऐसे लोगों को भी आईना दिखाते हुए हिंदी भाषी लक्ष्मी नारायण साहू ने कहा था कि कुछ लोग समझते हैं कि अंग्रेजी नहीं होगी तो हम मर जाएंगे। यह तो ऐसा ही हुआ कि शराब पीना बंद हो जाए तो कुछ लोग मर जाएंगे अगर अंग्रेजी जाने से कुछ थोड़े आदमी मर जाते हैं तो क्या हुआ? हमें तो सारे राष्ट्र और देश हित को ध्यान में रखकर कदम उठाना चाहिए। रोमन में हिंदी लिखे जाने की वकालत करने वाले लोगों को जवाब देते हुए लक्ष्मी नारायण साहू ने कहा था कि ऐसे लोग यह नहीं समझते हैं कि स्क्रिप्ट कैसे बनती है। स्क्रिप्ट तो बनती है भाषा के स्वर से। रोमन कैरेक्टर में हिंदी भाषा को लिखने से वह समझ में नहीं आती और उसमें ठीक-ठीक उच्चारण नहीं कर पाते। इसलिए रोमान स्क्रिप्ट एकदम अग्रहणीय है। वह बहुत भद्दी और उसका साइंटिफिक बेसिस भी नहीं है। देवनागरी से लिखी जाने वाली हिंदी साइंटिफिक है और उसे ग्रहण कर लेना चाहिए।अहिंदी भाषी लक्ष्मी नारायण साहू की इन बातों पर संविधान परिषद के सदस्यों ने अगर गौर किया होता तो आज देश में ‘अंग्रेजी राज’ के बजाय हिंदी और भारतीय भाषाओं का बोलबाला ही होता।

∆ गौरव अवस्थी
रायबरेली

नशीली दवा बेचने में पकड़ा कन्हैया मेडिकल स्टोर स्वामी

बिजनौर। थाना क्षेत्र नगीना नगर में कन्हैया मेडिकल स्टोर पर ड्रग इंस्पेक्टर व पुलिस टीम ने छापा मारा। छापामारी के दौरान मेडिकल स्टोर से भारी मात्रा में नशे के इंजेक्शन व नशे की गोलियां बरामद हुईं। पुलिस ने मेडिकल स्वामी को पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया है। बताया जा रहा है कि पुलिस को कई दिन से सूचना मिल रही थी कि कन्हैया मेडिकल स्टोर पर नशे के इंजेक्शन व कैप्सूल धड़ल्ले से बेचे जा रहे हैं। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए ड्रग इंस्पेक्टर के साथ छापेमारी की।

संविधान सभा में आज ही शुरू हुई थी हिंदी राजभाषा के प्रश्न पर बहस

संदर्भ हिंदी दिवस-1

संविधान सभा में आज ही शुरू हुई थी हिंदी राजभाषा के प्रश्न पर बहस

आज 12 सितंबर है। संविधान सभा में हिंदी को राजभाषा बनाए जाने के तैयार किए गए मसौदे पर आए 300 से अधिक संशोधनों पर दिलचस्प बहस आज ही शुरू हुई थी। हिंदी और अहिंदी भाषी राज्यों के प्रतिनिधियों के बीच गरमागरम यह बहस लोकसभा सचिवालय द्वारा 1994 में प्रकाशित की गई ‘भारतीय संविधान सभा के वाद विवाद की सरकारी रिपोर्ट’ का अहम दस्तावेज है। हिंदी को राज या राष्ट्रभाषा बनाए जाने से जुड़े संशोधनों पर संविधान सभा में हुई बहस में पंडित जवाहरलाल नेहरू, राजर्षि पुरुषोत्तम दास टंडन, मौलाना अबुल कलाम आजाद, डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी, सेठ गोविंद दास, एन गोपालस्वामी आयंगर, अलगू राय शास्त्री, आरबी धुलेकर, मौलाना हसरत मोहानी, वीएन गाडगिल, नजीरउद्दीन अहमद, मौलाना हिफजुररहमान, श्रीमती जी. दुर्गाबाई, डॉ रघुवीर, मोहम्मद इस्माइल, शंकरराव देव, पंडित रविशंकर शुक्ल, रामसहाय, बीएम गुप्ते, रेवरेंड जिरोम डिसूजा, कुलधार चालिया, टीटी कृष्णमाचारी, आरके सिधवा, डॉ. पी सुब्बरायन, बी. दास, डॉ पीए चक्को, काजी सैयद करीमुद्दीन, पंडित गोविंद मालवीय, पंडित लक्ष्मीकांत मैत्र द्वारा पक्ष विपक्ष में प्रस्तुत किए गए तर्क-वितर्क और बहस पृष्ठ संख्या 2055 से 2332 (277 पृष्ठ) में दर्ज है। तमाम सहमति-असहमति के बीच सभा के कुछ सदस्यों ने बीच का रास्ता भी अपनाया था। इनमें पंडित जवाहरलाल नेहरू और संविधान सभा के अध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद प्रमुख थे।
हिंदी को राजभाषा के प्रश्न पर हिंदी और अहिंदी भाषी तो लगभग तमाम वाद-विवाद के बाद सहमत हो गए थे लेकिन विवाद के केंद्र में हिंदी और रोमन अंकों के उपयोग का मसला ही था। अंत में अंग्रेजी अंकों के उपयोग पर सभी की सहमति के साथ राजभाषा का यह मसला 12 सितंबर से शुरू होकर 14 सितंबर 1949 की शाम को समाप्त हुआ था। 3 दिनों में करीब 24 घंटे तक बहस चली। कई संशोधन प्रस्ताव एक से होने की वजह से कुछ लोगों को ही बात रखने का अवसर मिला। कुछ संशोधन प्रस्ताव वापस ले लिए गए और हाथ उठाकर मतों के जरिए हिंदी को राजभाषा, देवनागरी लिपि और रोमन अंकों के उपयोग पर सहमति बनी।

आखिर अंक हैं क्या? संविधान सभा में भाषा के प्रश्न पर हुई इस बहस का समापन करते हुए अध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद ने कहा-‘मैं आश्चर्य कर रहा था कि हमें छोटे से मामले (रोमन अंकों के उपयोग) पर इतनी बहस करने की, इतना समय बर्बाद करने की क्या आवश्यकता है? आखिर अंक हैं क्या? वैसे दस ही तो हैं। इन दस में मुझे याद पड़ता है कि तीन तो ऐसे हैं जो अंग्रेजी और हिंदी में एक से हैं–२, ३ और ०। मेरे ख्याल से चार और है जो रूप में एक से है किंतु उनमें अलग-अलग अर्थ निकलते हैं। उदाहरण के लिए हिंदी का ४ अंग्रेजी के 8 से बहुत मिलता जुलता है। मैं अपने हिंदी के मित्रों से कहूंगा कि वह इसे (दक्षिण भारतीयों की रोमन अंकों के उपयोग के प्रस्ताव) उस भावना से स्वीकार करें। इसलिए स्वीकार करें कि हम उनसे हिंदी भाषा और देवनागरी लिपि स्वीकार करवाना चाहते हैं। मुझे प्रसन्नता है कि सदन ने बहुमत से सुझाव को स्वीकार कर लिया है।

अंकों के उपयोग पर चले वाद विवाद का समापन करते हुए डॉ राजेंद्र प्रसाद ने एक छोटा सा मनोरंजक दृष्टांत भी अपने वक्तव्य में सुनाया-‘हम चाहते हैं कि कुछ मित्र हमें निमंत्रण दें। वे निमंत्रण दे देते हैं। वह कहते हैं, आप आकर हमारे घर में ठहर सकते हैं। उसके लिए आपका स्वागत है, किंतु जब आप हमारे घर आएं तो कृपया अंग्रेजी चलन के जूते पहनिए। भारतीय चप्पल मत पहनिए, जैसे कि आप अपने घर में पहनते हैं। इस निमंत्रण को केवल इस आधार पर ठुकराना मेरे लिए बुद्धिमत्ता नहीं होगी कि मैं चप्पल को नहीं छोड़ना चाहता। मैं अंग्रेजी जूते पहन लूंगा और निमंत्रण को स्वीकार कर लूंगा और इसी सहिष्णुता की भावना से राष्ट्रीय समस्याएं हल हो सकती हैं’

उन्होंने इस बात के साथ अपने वक्तव्य का समापन किया-‘हमारी परंपराएं एक ही हैं। हमारी संस्कृति एक ही है और हमारी सभ्यता में सब बातें एक ही हैं। अतएव यदि हम इस सूत्र (अंग्रेजी अंकों के उपयोग) को स्वीकार नहीं करते तो परिणाम यह होता कि या तो इस देश में बहुत सी भाषाओं का प्रयोग होता या वे प्रांत पृथक हो जाते जो बाध्य होकर किसी भाषा विशेष को स्वीकार करना नहीं चाहते। हमने यथासंभव बुद्धिमानी का कार्य किया है। मुझे हर्ष है। मुझे प्रसन्नता है और मुझे आशा है कि भावी संतति इसके लिए हमारी सराहना करेगी।

∆ गौरव अवस्थी
रायबरेली

अगले सप्ताह होगी अच्‍छी बारिश! जाते जाते मेहरबान होगा मानसून

यूपी में जाते जाते मेहरबान होगा मानसून,अगले सप्ताह होगी अच्‍छी बारिश

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में दक्षिणी-पश्चिमी मानसून विदाई की बेला में मेहरबान हो सकता हैं। अगले सप्‍ताह यूपी में अच्‍छी बारिश होने के आसार हैं। यूपी के कुछ हिस्‍सों में लगातार दो-तीन दिनों तक बारिश हो सकती है।

धान की फसल को फायदा- आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र निदेशक जे.पी.गुप्‍त के मुताबिक मानसून की टर्फ लाइन ऊपर आएगी और यूपी से होकर जाएगी। 14 और 15 सितम्‍बर को पूर्वी और पश्चिमी यूपी में भारी बारिश का अनुमान जताया गया है। उप निदेशक सीपी श्रीवास्‍तव का कहना है कि इस बारिश से धान की फसल को फायदा हो सकता है।

टूटा 35 साल का रिकॉर्ड- यूपी में जून से आठ सितम्‍बर तक 47.7 फीसदी यानी 699.0 मिमी बारिश होनी चाहिए थी, जबकि महज 333.9 मिली बारिश हुई। कृषि उत्‍पादन आयुक्‍त मनोज सिंह का कहना है कि पिछले 35 साल में हर महीने सामान्‍य से कम बारिश हुई है।

मघा के बरसे, माता के परसे- अवधी भाषा के विद्वान और साहित्यकार डा. रामबहादुर मिश्र कहते हैं कि “…का बरखा जब फसल सुखानि।” उन्होंने बताया कि मघा नक्षत्र में इस बार बारिश नहीं हुई जबकि कहावत कही जाती है कि मघा के बरसे, माता के परसे। अर्थात जैसे मां थाली परोसे तो भूख शांत होती है, वैसे ही मघा नक्षत्र में बारिश से धरती तृप्त होती है। उन्होंने कहा कि कास एक किस्म की घास होती है, जब गांवों और खेतों में इसमें फूल आने लगे तो समझ लीजिए कि अब बारिश के आसार नहीं है।

इन जिलों में बारिश कम- 40 फीसदी से कम बारिश वाले 28 जिले है। इसमें मिर्जापुर, हरदोई, बहराइच, उन्नाव, सम्भल, बरेली, बुलंदशहर, मऊ, अमेठी, पीलीभीत, बलिया, शामली, बस्ती, अमरोहा, गोण्डा, रामपुर, संतकबीर नगर, शाहजहांपुर, बागपत, कानपुर देहात, कौशाम्बी, रायबरेली, जौनपुर, चंदौली, कुशीनगर, फरूखाबाद, गौतमबुद्धनगर और गाजियाबाद।

उत्पीड़न से तंग आशा बहुओं व संगिनियों का अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन

बिजनौर। आशा कार्यकत्री वेलफेयर एसोसिएशन के तत्वावधान में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन से जुड़ी आशा बहुओं व आशा संगिनियों ने विभिन्न मांगों व समस्याओं को लेकर कलक्ट्रेट में अनिश्चितकालीन धरना व प्रदर्शन शुरू कर दिया है। इस दौरान जिलाधिकारी को ज्ञापन भी दिया गया।

ज्ञापन में कहा गया कि लगभग 25 सौ की संख्या में आशा बहुएं व आशा संगिनी निरन्तर अपनी सेवा प्रदान कर रही हैं। इसके बावजूद उन्हें हेल्थ वैलनेस सेन्टर का कोई पैसा नहीं मिल रहा है। 2 वर्ष से खसरा बूस्टर व डिलीवरी का पैसा नहीं मिला। अप्रैल से अभी तक माह में आने वाले 2200 रुपए भी नहीं मिले। एक अन्य समस्या यह भी है, जब आशा जिला महिला अस्पताल में मरीज लेकर पहुंचती है तो वहां मरीजों को डराया जाता है कि इसका ऑपरेशन होगा परंतु वह डिलीवरी प्राईवेट अस्पताल में जाकर नॉर्मल हो जाती है। खून कम होने पर मरीजों को बाहर रेफर किया जाता है। वह प्राईवेट में जाकर सही हो जाती है। खून कम होने पर मरीजों के साथ वाली से खून लिया जाता है, वह मरीज को लगाते भी नहीं हैं और खून खराब हो जाता है।

नहीं सुनते सीएमओ- इस सम्बन्ध में मुख्य चिकित्साधिकारी को अवगत कराया गया परन्तु इस पर कोई ध्यान नहीं दिया गया। आशा व आशा संगिनियों पर नसबन्दी का दवाब डाला जाता है। जब कोई नसबन्दी नहीं कराता है या कोई नसबन्दी फेल हो जाने पर आशा बहु व संगिनियों को हटाने की धमकी दी जाती है। आशाओं व संगिनियों ने जिलाधिकारी से जिला अस्पताल का सुधार करने, आशा व आशा संगिनी को समय पर भुगतान देने, आशा का पैसा अलग-अलग न देकर एक साथ दिए जाने, हर पीएचसी पर मांगे जाने वाले कमीशन को रोके जाने की मांग की। प्रदर्शन में जिला अध्यक्ष रेखा पाल, रीना रानी, रीना, यशोदा, गिरजा देवी, महामंत्री शशीबाला, रेखा रानी, पूर्णिमा सहित सैकड़ों आशा व संगिनी मौजूद रहीं।

डॉक्टर समेत 3 पर रेप का केस

दो अलग अलग मामलों में चिकित्सक सहित तीन पर दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज

बिजनौर/स्योहारा। दो अलग अलग मामलों में एक चिकित्सक सहित तीन लोगों पर पुलिस ने दुष्कर्म का मामला दर्ज कर कार्यवाई शुरू कर दी है।
धामपुर निवासी एक महिला ने कोर्ट में तहरीर देकर आरोप लगाया कि वह वर्तमान में स्योहारा से सटे एक गांव में रहती है। धामपुर सुहागपुर स्थित लीलावती अस्पताल के डाक्टर रजनीश कुमार से उनका इलाज चलता रहता है। पीड़िता ने तहरीर में आरोप लगाया कि 14 जून को उसके सीने में दर्द होने पर उसने डाक्टर रजनीश को दिखा कर पांच दिन की दवाई ली और फिर घर पर ही आकर देखने को कहा। 19 जून की दोपहर को डाक्टर रजनीश उसके घर आया और तबीयत देखने के बहाने तमंचे के बल पर उसके साथ दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया। कोर्ट ने पीड़िता की तहरीर पर आरोपी चिकित्सक डा रजनीश के विरुद्ध दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए, जिस पर पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर आरोपी चिकित्सक के विरुद्ध दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कर जाँच शुरू कर दी है।

साथी युवती से ब्लैकमेलिंग- स्योहारा थाना क्षेत्र के एक गाँव निवासी व्यक्ति ने पुलिस अधीक्षक को तहरीर देकर आरोप लगाया कि उसकी 20 वर्षीय पुत्री हरिद्वार के रोशनाबाद स्थित एक फैक्ट्री में पैकिंग का काम करती थी। गांव का ही एक युवक देवेन्द्र भी उसके साथ फैक्ट्री में काम करता था। आरोप है कि युवक देवेन्द्र ने उसकी पुत्री को शादी का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया। क़ुछ समय बाद दोनों गांव आ गये। उसने अपनी पुत्री की शादी के लिए अन्य स्थान पर रिश्ता पक्का किया तो युवक ने उसकी लड़की के अश्लील फोटो दिखाकर रिश्ता तुड़वा दिया। 26 जून को युवक ने उसकी पुत्री को घर के पीछे जंगल में बुलाया और युवक व उसके भाई ने जाति सूचक शब्दों का प्रयोग कर अभद्र व्यवहार किया। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस अधीक्षक बिजनौर ने मुकदमा दर्ज कर कार्यवाई के आदेश दिए।

मुकदमा दर्ज, जांच शुरू- थानाध्यक्ष राजीव चौधरी का कहना है कि पुलिस अधीक्षक के आदेश पर देवेंद्र व गजेन्द्र पुत्रगण ओमप्रकाश निवासी ग्राम सुरानंगला स्योहारा के विरुद्ध दुष्कर्म व एससी एसटी एक्ट की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जाँच शुरू कर दी गयी है।

विद्युत संबंधी समस्याओं के लिए समाधान सप्ताह आज से 19 तक

बिजनौर। विद्युत संबंधी समस्याओं के समाधान के लिए दिनांक 12 सितम्बर से 19 सितम्बर तक प्रतिदिन सुबह 08:00 बजे से रात्रि 08:00 बजे तक शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। इस संबंध में उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन के अध्यक्ष एम देवराज (आईएएस) ने शासकीय पत्र जारी किया है।

पत्र के अनुसार विभाग के आदेश हैं कि हर क्षेत्र में कार्यक्रम के स्थल का पूर्व में प्रचार करना होगा। शिविर सभी 33/11 के0वी0 के उपकेन्द्रों पर अथवा निकटतम बिलिंग केन्द्र पर आयोजित होंगे। उपकेन्द्र के अधीन आने वाले सभी राजस्व गांव / ग्राम पंचायत को एक टाइम टेबल बनाकर 01 सप्ताह के अन्दर आच्छादित करना है।शिविरों में विद्युत उपभोक्ताओं से उनके बकाया विद्युत बिलों का भुगतान प्राप्त करने के साथ ही बिल सम्बन्धित शिकायतों का निस्तारण किया जाएगा। कनेक्शन / लोड बढ़ाने या मीटर लगाने के निवेदन पर त्वरित कार्यवाही की जाएगी। सभी प्रकार के विद्युत संयोजनों (कनेक्शन) से सम्बन्धित प्राप्त होने वाली शिकायतों / समस्याओं का त्वरित निस्तारण किया जाएगा। ट्रान्सफार्मर, फीडर, लोड / वोल्टेज अथवा जर्जर तार जैसी समस्याओं के निवेदन, जिसमें त्वरित समाधान सम्भव हो। घटित होने वाली विद्युत दुर्घटना के कारण होने वाली जनहानि से सम्बन्धित मुआवजा एवं ऐसी समस्याओं को नगण्य किये जाने के उद्देश्य से त्रुटिपूर्ण अधिष्ठापन पर कार्यवाही की जाएगी। विद्युत उपभोक्ताओं के परिसरों पर स्थापित जले / खराब / क्षतिग्रस्त मीटरों को बदलने के साथ-साथ पुराने मीटरों के स्थान पर नवीन मीटर स्थापित कराने का कार्य किया जायेगा। अन्य विद्युत सम्बन्धी समस्याओं से सम्बन्धित निवेदनों एवं सुझाओं पर विचार / कार्यवाही की जाएगी।

समाधान सप्ताह के प्रत्येक दिन सुबह से सायं तक शिविर के आयोजन एवं संचालन की जिम्मेदारी स्थानीय अवर अभियन्ताओं की होगी एवं उपखण्ड स्तर पर उपखण्ड अधिकारी द्वारा अपने दिशा निर्देशन में यह कार्य किया जायेगा। इसकी मानिटरिंग मण्डल स्तर पर मुख्य अभियन्ता ( वि०), जनपद स्तर पर अधीक्षण अभियन्ता, खण्ड स्तर पर अधिशासी अभियन्ता द्वारा किया जायेगा। राज्य स्तरीय मुख्य कार्यालय एवं विद्युत वितरण कम्पनी के अधिकारियों के बीच मानिटरिंग के लिये जिम्मेदारी तय की जायेगी। क्षेत्रों में व्यापक प्रचार प्रसार किया जायेगा एवं किस गाँव के लोगों को सप्ताह के किस दिन आना है इसकी समय सारिणी जन सामान्य को उपलब्ध करायी जायेगी। सम्बन्धित क्षेत्र के ग्राम प्रधान / वार्ड सभासद से सम्पर्क स्थापित करके आयोजित होने वाले शिविर के लिये ग्राम जनों को जानकारी देने हेतु निवेदन किया जायेगा। शिविर आयोजन से सम्बन्धित सम्पूर्ण जानकारी सांसद, विधायक, जिला / ब्लाक पंचायत प्रमुख एवं अन्य जनप्रतिनिधियों को दी जायेगी।