
🙏बुरा मानो या भला🙏 बा अदब-बा नसीब, बे अदब-बदनसीब- मनोज चतुर्वेदी फ़िल्म “लावारिस” में अमज़द खान साहब का एक डायलॉग था- “औलाद अगर न हो तो मां-बाप को दुःख होता है, अगर होकर मर जाये तो बहुत दुःख होता है, और अगर ज़िंदा रहे लेकिन नालायक़ निकल जाए तो मां-बाप की जिंदगी नासूर बन जाती […]
बा अदब-बा नसीब, बे अदब- बदनसीब- मनोज चतुर्वेदी
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