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बेसिक शिक्षा परिषद द्वारा संचालित विद्यालयों में प्रथम चरण में कक्षा-3 से 5 में डेस्क-बैंच विहीन छात्र-छात्राओं के लिये डेस्क-बेंच की आपूर्ति हेतु वित्त विभाग ने दी स्वीकृति

सात लाख बच्चों को अब जमीन पर बैठकर नहीं करनी पड़ेगी पढ़ाई, बेसिक शिक्षा विभाग ने जारी किया बजट, जल्द होगी आपूर्ति

14,452 परिषदीय वि‌द्यालयों के लिए डेस्क-बेंच हेतु प्रति फर्नीचर (थ्री सीटर) लागत रुपए 7,172/- की दर से प्रथम चरण में धनराशि जारी

सात लाख बच्चों को पढ़ने के लिए मिलेंगी डेस्क बैंच

लखनऊ। प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों के बच्चे अब जमीन में बैठकर पढ़ाई नहीं करेंगे। बेसिक शिक्षा विभाग ने इसके लिए अभियान चलाकर फर्नीचर (डेस्क-बेंच) की व्यवस्था सुनिश्चित करने की प्रक्रिया शुरू की है। पहले चरण में 130 करोड़ से 14452 विद्यालयों में फर्नीचर की आपूर्ति की जाएगी। इससे इन विद्यालयों में पढ़ रहे कक्षा तीन से पांच के 763117 विद्यार्थियों के लिए फर्नीचर की व्यवस्था हो जाएगी।

प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों में कई जगह पर अवस्थापना सुविधाओं की कमी है। इसे देखते हुए विभाग की ओर से विभिन्न स्तर पर कवायद की जा रही है। एक तरफ जहां स्मार्ट क्लास आदि की सुविधा बढ़ाई जा रही है। वहीं भवन निर्माण आदि के कार्य भी किए जा रहे हैं। इसी क्रम में अब उन विद्यालयों में फर्नीचर की भी व्यवस्था की जा रही है। जहां के बच्चे इसके अभाव में जमीन में बैठकर पढ़ाई करते हैं।

दरअसल वित्तीय वर्ष 2024-25 में बेसिक शिक्षा विभाग के अनुदान संख्या-71 के प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक विद्यालयों में अवस्थापना सुविधाओं के विकास के उप मद संख्या-24 वृहद् निर्माण कार्य मद के एकमुश्त बजट व्यवस्था के सापेक्ष प्रदेश के चिन्हित 14,452 परिषदीय प्राथमिक वि‌द्यालयों के लगभग 7,63,117 छात्र-छात्राओं हेतु 2,59,180 फर्नीचर (डेस्क-बेंच) हेतु प्रति फर्नीचर (थ्री सीटर) इकाई लागत रुपए 7,172/- की दर से प्रथम चरण में प्रथम किश्त के रूप में वांछित बजट रुपए 1,30,11.87272 लाख मात्र (रुपए एक सौ तीस करोड़ ग्यारह लाख सत्तासी हजार दो सौ बहत्तर मात्र) की वित्तीय स्वीकृति प्रदान करते हुए जनपदवार धनराशि अवमुक्त करने का अनुरोध किया गया था। इस पर राज्यपाल द्वारा जनपदवार विवरण एवं वित्तीय फॉट के अनुसार धनराशि व्यय करने की स्वीकृति निर्धारित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन प्रदान की गई है।

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