व्यापारियों ने की लोहिया पथ पर रोड जाम करने की कोशिश
लीज खत्म होने पर LDA की कड़ी कार्रवाई
सहारा बाजार खाली कराने पहुंची टीम का जबरदस्त विरोध
लखनऊ, 20 जून 2025: राजधानी में पॉलिटेक्निक चौराहे के पास स्थित सहारा बाजार को खाली कराने पहुंची LDA की टीम को व्यापारियों के जबरदस्त विरोध का सामना करना पड़ा। लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) ने लीज समाप्त होने और शर्तों के उल्लंघन के चलते इस बाजार को अपने कब्जे में लेने की कार्रवाई शुक्रवार को शुरू की। कार्रवाई के दौरान कई दुकानदारों ने विरोध किया, नोकझोंक की और कुछ ने तो खुद ही सामान में तोड़फोड़ कर दी।

LDA के अधिकारियों ने दुकानों पर ताले डाल दिए और व्यापारियों से कहा कि उन्हें एक-एक चाबी दी जाएगी, लेकिन व्यापारी लिखित आश्वासन की मांग पर अड़े रहे कि भविष्य में उन्हें दोबारा आवंटन मिलेगा। मौके पर पुलिस फोर्स और वकीलों की मौजूदगी में जोनल अधिकारी देवांश त्रिवेदी की टीम ने बाजार को सील करने की प्रक्रिया शुरू की। कुछ व्यापारी लोहिया पथ पर रोड जाम करने की कोशिश भी करने लगे, लेकिन पुलिस ने स्थिति संभाल ली।

150 में से संचालित हो रही केवल 11 दुकानें
LDA के अनुसार, 4741 वर्गमीटर में फैले इस व्यावसायिक भूखंड की लीज 1987 में सहारा इंडिया को 30 वर्षों के लिए दी गई थी, जो 2017 में समाप्त हो गई। तय समय में लीज का नवीनीकरण नहीं किया गया और कई नियमों का उल्लंघन भी पाया गया। निरीक्षण में सामने आया कि 150 दुकानों में से केवल 11 संचालित हो रही थीं, जबकि बाकी या तो बंद थीं या अव्यवस्थित।एलडीए की प्रवर्तन टीम ने मौके पर मुनादी कर दुकानदारों को सूचित किया है कि वे जगह खाली कर दें। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया कि अब बाजार को सील कर पूरी तरह कब्जे में लिया जाएगा।

2017 में खत्म हो गई थी लीज
गोमती नगर में वेव मॉल के पास ही एलडीए का कॉम्प्लेक्स व जमीन है। इसे प्राधिकरण ने वर्ष 1987 में 30 साल की लीज पर सहारा हाउसिंग कार्पोरेशन को दिया था। यह लीज तो 2017 में खत्म हो गई थी। इसके बाद अब तक इसका नवीनीकरण नहीं कराया गया। लीज की शर्तों के उल्लंघन के आरोप में एलडीए ने बीती 03 मई को सहारा बाजार कॉम्प्लेक्स की लीज का निरस्त कर दिया था। इसके बाद एलडीए की ओर से 18 जून शाम पांच तक का समय दुकानों को खाली करने के लिए दिया था। मौके पर नोटिस भी चस्पा की गई। जिसको लेकर दुकानदारों ने विरोध भी किया। इसके बाद एलडीए की टीम ने उनको एक दिन का मौका खुद कब्जा खाली करने के लिए दिया। शुक्रवार को एलडीए ने खुद दुकानें खाली कराने की प्रक्रिया शुरू की।

सहारा ने लीज के कॉम्प्लेक्स की बेच दीं दुकानें
लीज निरस्त किए जाने और कॉम्प्लेक्स का कब्जा वापस लिए जाने की कार्रवाई के बाद दुकानदारों के होश उड़ गए। गुरुवार को कई दुकानदार एलडीए ऑफिस गए और जिम्मेदार अधिकारियों से मिले। बताया कि उन्होंने दुकानें सहारा से खरीदी हैं। सहारा ने उनको रजिस्ट्री की है। यह देख आधिकारियों के भी होश उड़ गए, क्योंकि उनकी बात सही थी। सहारा ने दुकानदारों को फ्री होल्ड रजिस्ट्री बिना एलडीए की जानकारी के कर दी थी।

लीज के बाद नोटिस अवधि भी पूरी
एलडीए ने इसे लीज पर दिया था। लीज अवधि खत्म हो चुकी है। अब यह सम्पत्ति एलडीए की हो गयी है। नोटिस की अवधि भी पूरी हो गयी है। शुक्रवार को सुबह से सहारा शहर की दुकानों पर एलडीए अपना कब्जा लेना शुरू किया। ~देवांश त्रिवेदी, ओएसडी व जोनल अधिकारी, एलडीए
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